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बच्चे के बयान पर भी हो सकती है सजा-सुप्रीम कोर्ट बच्चे का बयान होना चाहिए विश्वसनीय
बच्चे के बयान पर भी हो सकती है सजा-सुप्रीम कोर्ट बच्चे का बयान होना चाहिए विश्वसनीय

12 साल के बच्चे के बयान के आधार पर उसके पिता की हत्या के मामले में बच्चे की मां को उम्रकैद की सजा सुनाई है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि अगर बच्चे का बयान विश्वसनीय हो तो उस बयान के आधार पर सजा हो सकती है और किसी पूरक साक्ष्य की जरूरत नहीं है। सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति एल नागेश्वर राॅव व न्यायमूर्ति नवीन सिन्हा की खंडपीठ ने उस महिला की सजा को उचित ठहराया है,जिसे उसके पति की हत्या के मामले में दोषी पाया गया था। इस मामले में महिला का बारह साल का बेटा गवाह था,जिसने बताया था कि घटना के समय उसकी मां...

मवेशी मार्केट में गायों को वध के लिए बेचने पर केंद्र ने लगाया बैन जानवरों के व्यापार पर भी लगा प्रतिबंध
मवेशी मार्केट में गायों को वध के लिए बेचने पर केंद्र ने लगाया बैन जानवरों के व्यापार पर भी लगा प्रतिबंध

केंद्र सरकार ने गुरूवार को मवेशी मार्केट में गाय को बध करने के लिए किए जाने वाली बिक्री पर रोक लगा दी है।पर्यावरण एंव वन मंत्रालय ने प्रीवेंशन आॅफ क्रूअल्टी टू एनीमल एक्ट के तहत नए रूल नोटिफाई कर दिए है,जिनके तहत पूरे भारत में एनिमल मार्केट में गाय व भैंसों को वध के लिए बेचने पर रोक लगा दी है।दाॅ प्रीवेंशन आॅफ क्रूअल्टी टू एनीमल (रेगुलेशन आॅफ लाइवस्टाॅक मार्केट) रूल 2017 को पर्यावरण,वन व जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने जारी किया है। जिनके तहत सिर्फ खेत के मालिक ही एनिमल मार्केट में व्यापार कर सकते...

जस्टिस कर्नन अवमानना में दोषी करार सुप्रीम कोर्ट ने 6 महीने जेल की सजा दी
जस्टिस कर्नन अवमानना में दोषी करार सुप्रीम कोर्ट ने 6 महीने जेल की सजा दी

एक अप्रत्यासित फैसले में सुप्रीम कोर्ट ने कोलकाता हाईकोर्ट के जस्टिस सी एस कर्नन को अवमानना के मामले में दोषी करार देते हुए छह महीने कैद की सजा सुनाई है। भारतीय जूडिशियल इतिहास में एेसा पहली बार हुआ है जब सीटिंग हाई कोर्ट के जज को अवमानना मामले में दोषी करार दिया गया हो।चीफ जस्टिस जेएस खेहर की अगुवाई वाली सात सदस्यीय संविधान पीठ ने कहा कि हमारा सर्वसम्मति से यह फैसला है कि जस्टिस सी एस कर्नन ने न्यायपालिका की अवमानना की है। उनके कार्यो से कोर्ट व न्यायिक प्रोसेस की अवमानना हुई है,जो कि काफी...

खराब अंग्रेजी के प्रयोग के कारण सुप्रीम कोर्ट ने रद्द किया हाईकोर्ट का फैसला
खराब अंग्रेजी के प्रयोग के कारण सुप्रीम कोर्ट ने रद्द किया हाईकोर्ट का फैसला

हाई कोर्ट की खराब अंग्रेजी के कारण सुप्रीम कोर्ट ने हाई कोर्ट के फैसले को रद्द कर दिया और केस वापस हाई कोर्ट को भेज दिया है।सुप्रीम कोर्ट ने पिछले दिनों हिमाचल हाईकोर्ट के एक फैसले को रद्द कर दिया क्योंकि इस फैसले में हाईकोर्ट ने काफी पेचीदा अंग्रेजी का प्रयोग कर रखा था।न्यायमूर्ति मदन बी लोकुर व न्यायमूर्ति दीपक गुप्ता की खंडपीठ ने कहा कि वकील की दलीलें सुनने के बाद यह पाया गया है कि इस फैसले के तथ्यों को समझना संभव नहीं है।इसलिए हाईकोर्ट द्वारा दिए गए आदेश को रद्द किया जाता है और इस मामले को...

अगर आरोपियों के खिलाफ नहीं बनता है संज्ञेय अपराध तो रद्द हो सकता है केस का वह पार्ट-सुप्रीम कोर्ट
अगर आरोपियों के खिलाफ नहीं बनता है संज्ञेय अपराध तो रद्द हो सकता है केस का वह पार्ट-सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि अगर आरोपियों के खिलाफ मामले की जांच चल रही हो तो इस आधार पर सह आरोपियों के खिलाफ मामला नहीं चल सकता। सह आरोपियों के खिलाफ अगर संज्ञेय अपराध का मामला नहीं बनता तो केस का वह पार्ट रद्द हो सकता है। बेंच ने कहा कि सह-आरोपियों के खिलाफ जांच चल रही है,इस आधार पर याचिकाकर्ताओं को किसी शिकायत के मामले में कष्ट झेलने नहीं दिया जा सकता है।सुप्रीम कोर्ट ने अपने एक संक्षिप्त आदेश में कहा कि अगर कुछ आरोपियों के खिलाफ संज्ञेय अपराध नहीं बनता है तो उनके मामले में प्राथमिकी का एक...

क्रुअल्टी ग्राउंड पर पति को मिला तलाक लेकिन पत्नी को देना होगा 50 लाख गुजारा भत्ता और एक करोड़ का फ्लैट
क्रुअल्टी ग्राउंड पर पति को मिला तलाक लेकिन पत्नी को देना होगा 50 लाख गुजारा भत्ता और एक करोड़ का फ्लैट

पति को क्रुअल्टी ग्राउंड पर तलाक मिला है लेकिन साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिया है कि वह अपनी पत्नी को 50 लाख रूपए व एक करोड़ रूपए मूल्य का एक घर दे। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि पत्नी द्वारा अपने पति के खिलाफ झूठी शिकायतें दायर करना पति के प्रति क्रूरता है।पति ने इस मामले में फैमिली कोर्ट के समक्ष तलाक की अर्जी दायर की थी। जिसमें बताया गया था कि उसकी पत्नी ने उस पर मानहानि करने वाले आरोप लगाए है और उसके खिलाफ झूठी शिकायतें भी दायर की है,जो उसके प्रति क्रूरता है। परंतु उसकी मांग को खारिज कर दिया...

धारा 498 ए में बरी होने से अभियोजन पक्ष आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में एविडेंस एक्ट का लाभ नहीं ले सकताः सुप्रीम कोर्ट
धारा 498 ए में बरी होने से अभियोजन पक्ष आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में एविडेंस एक्ट का लाभ नहीं ले सकताः सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि आरोपी अगर दहेज प्रताड़ना के मामले में बरी हो जाए तो फिर अभियोजन पक्ष एविडेंस एक्ट के तहत अवधारणा के सिद्धांत का लाभ नहीं ले सकता। आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में एविडेंस एक्ट के तहत अवधारणा का लाभ अभियोजन पक्ष लेता है लेकिन प्रताड़ना मामले में अगर आरोपी बरी हो चुका हो तो एविडेंस एक्ट की धारा-113 ए का लाभ अभियोजन पक्ष नहीं उठा सकता।सुप्रीम कोर्ट ने हीरा लाल बनाम स्टेट आॅफ राजस्थान के मामले में कहा है कि किसी पत्नी द्वारा आत्महत्या करने के मामले में अगर ससुराल पक्ष...

बोलने की आजादी,राष्ट्रीयता व राजद्रोहः जस्टिस एपी शाह (एम.एन.राॅय मैमोरियल लेक्चर)
बोलने की आजादी,राष्ट्रीयता व राजद्रोहः जस्टिस एपी शाह (एम.एन.राॅय मैमोरियल लेक्चर)

भूमिका"संकीर्ण,स्वार्थी,छोटी सोची वाली राष्ट्रीयता विश्व के लिए बहुत बड़ी आफत व दुख का कारण बनती है। इसी राष्ट्रीयता की सनक की एक विक्षिप्त या उग्र व अतिशयोक्तिपूर्ण आकृति आज के समय में तेजी से फैल रहा है"।यह बयान एम.एन राॅय ने वर्ष 1942 में दिया था,जो आज के समय से मिल रहा है,विशेषतौर पर उस समय से, जिसमें हम जी रहे है।गुड ईवनिंग जस्टिस चलेमेश्वर,मिस्टर पंचोली व अन्य आदरणीय श्रोताओं। यह मेरे लिए बहुत ही सम्मान की बात है कि आज मैं यहा एम.एन राॅय मैमोरियल लेक्चर देने के लिए आया हूं।एम.एन राॅय एक...

एक अप्रैल से सिर्फ बीएस-चार कंप्लैंट वाले वाहन ही भारत में बनेगे,बिकेंगे और रजिस्टर्ड होगे-सुप्रीम कोर्ट
एक अप्रैल से सिर्फ बीएस-चार कंप्लैंट वाले वाहन ही भारत में बनेगे,बिकेंगे और रजिस्टर्ड होगे-सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने फिर से दोहराया है कि एक अप्रैल 2017 से भारत में सिर्फ बीएस-चार स्टैंडर्ड को पूरे करने वाले वाहन ही भारत में बनेगे,बिकेंगे और रजिस्टर्ड होगे।न्यायमूर्ति मदन बी लोकुर और न्यायमूर्ति दीपक गुप्ता की खंडपीठ ने वाहन उत्पादकों की तरफ से उस अर्जी को खारिज कर दिया है,जिसमें कहा था कि जब तक उनके स्टाॅक में खड़े वाहन बिक नहीं जाते है,तब तक वह एक अप्रैल 2017 से पहले और बाद में भी इन वाहनों को बेचने के हकदार है।29 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने प्रदूषण फैलाने वाले बीएस-तीन कंप्लेंट वाहनों की...

भारत में पहली बारः उत्तराखंड हाईकोर्ट ने गंगा व यमुना नदी को दिया जीवित ईकाई का दर्जा
भारत में पहली बारः उत्तराखंड हाईकोर्ट ने गंगा व यमुना नदी को दिया जीवित ईकाई का दर्जा

उत्तराखंड हाईकोर्ट की दो सदस्यीय बेंच ने घोषित कर दिया है कि गंगा व यमुना,इनकी सहायक नदीयां, प्राकृतिक पानी की धाराएं जीवित ईकाई है और उनको एक कानूनी व्यक्ति का दर्जा दिया जाता है,जिसके तहत इनको एक जीवित व्यक्ति की तरह अधिकार,ड्यूटी व जिम्मेदारी होगी।यह भारत में पहली बार हुआ है और विश्व में दूसरी बार,कि किसी नदी को जीवित ईकाई का दर्जा दिया गया है,जिसके अपने अधिकार व मूल्य होंगे और कानूनी दर्जा मिलेगा।न्यूजीलैंड के नाॅर्थ आईलैंड में स्थित वांगनुई नदी को पहले विश्व में इस तरह का दर्जा मिल चुका है।...

लाॅ कमिशन ने सौंपी 265वीं रिपोर्ट-नाबालिग के गुजारे भत्ते से मिली आय पर छूट देने के संबंध पेश की संभावनाएं
लाॅ कमिशन ने सौंपी 265वीं रिपोर्ट-नाबालिग के गुजारे भत्ते से मिली आय पर छूट देने के संबंध पेश की संभावनाएं

लॉ कमिशन से अनुशंसा की है कि- बच्चे को मिले गुजारे भत्ते की राशि को उसके नाम जमा कराने से ब्याज के तौर पर मिली आय को उसके माता-पिता या गार्जियन की आय में जोड़ देने से छूट देने की जरूरत नहीं है। अगर इस तरह की छूट दे दी गई तो टैक्स से बचने के मामलों में बाढ़ आ जाएगी।सोमवार को लाॅ कमिशन आॅफ इंडिया ने अपनी 265 वी रिपोर्ट सरकार को सौंप दी है। जिसका टाईटल है- नाबालिग के गुजारे भत्ते से मिली आय पर छूट देने के संबंध पेश में संभावनाएं।रिपोर्ट में बताया गया है कि पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने ’पायल मेहता...

2017 एल.एल.एग्जाम-बी.सीआई ने पांच साल के कोर्स की उम्रसीमा बढ़ाकर की 22 साल व तीन साल के कोर्स की उम्रसीमा की 45 साल
2017 एल.एल.एग्जाम-बी.सीआई ने पांच साल के कोर्स की उम्रसीमा बढ़ाकर की 22 साल व तीन साल के कोर्स की उम्रसीमा की 45 साल

एल.एलबी की परीक्षा में उम्रसीमा संबंधी नियम लागू करने के अपने निर्णय पर फिर से विचार कर हुए बार काउंसिल आॅफ इंडिया (बी.सीआई) ने पांच वर्षीय कोर्स के लिए उम्रसीमा बीस साल से बढ़ाकर 22 साल कर दी है और तीन साल के ग्रेजुएट कोर्स के लिए उम्रसीमा 30 साल से बढ़कार 45 साल कर दी है।बुधवार को कोलकाता में बी.सी.आई की जनरल बाॅडी की बैठक हुई थी। जिसमें वर्ष 2017 के शैक्षणिक सत्र के लिए बी.सी.आई ने अंतरिम कदम उठाते हुए यह निर्णय लिया है। परंतु इस मामले में भविष्य के लिए निर्णय लेने का काम बी.सी.आई ने लीगल...

एसिड अटैक के मामले तीस दिन की सजा देने का मामला-सुप्रीम कोर्ट ने हाई कोर्ट को दी नसीहत, साथ ही बढ़ाई दोषी की सजा व पीड़िता के मुआवजे की राशि
एसिड अटैक के मामले तीस दिन की सजा देने का मामला-सुप्रीम कोर्ट ने हाई कोर्ट को दी नसीहत, साथ ही बढ़ाई दोषी की सजा व पीड़िता के मुआवजे की राशि

’जब किसी युवती पर हुए एसिड अटैक जैसे अपराध में तीस दिन की सजा दी जाती है तो यह अपने आप में न्याय को बहिष्कृत करने और अनौपचारिक ढंग से वानप्रस्थ की तरफ भेजने जैसा है’।सुप्रीम कोर्ट ने हैदराबाद हाईकोर्ट के उस आदेश को रद्द कर दिया है,जिसमें एसिड अटैक के मामले में सजा पाए एक दोषी की सजा को घटा दिया था और उसके द्वारा जेल में बिताए गए दिनों को ही पर्याप्त सजा माना था।जस्टिस दीपक मिश्रा व जस्टिस आर.भानूमति की पीठ ने इस मामले में पीड़ित की तरफ से दायर अपील को स्वीकार कर लिया है।क्या है मामलाःमामले की...

निचली जाति के युवक से शादी करने के चलते कर दी थी गर्भवती बेटी की हत्या,सुप्रीम कोर्ट ने दी उम्रकैद की सजा
निचली जाति के युवक से शादी करने के चलते कर दी थी गर्भवती बेटी की हत्या,सुप्रीम कोर्ट ने दी उम्रकैद की सजा

सुप्रीम कोर्ट ने कहाः आरोपी ने अपनी बेटी की हत्या की थी,जो अपनी प्रेग्रन्सी की एडवांस स्टेज पर थी। इसलिए वह आई.पी.सी की धारा 302 के तहत उम्रकैद या फांसी की सजा पाने का हकदार है।कर्नाटक हाईकोर्ट द्वारा एक व्यक्ति को दी गई दस साल कैद की सजा को बढ़ाकर उम्रकैद करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यह एक आॅनर किलिंग का केस है। आरोपी गांधी डोडाबासाप्पा ने इस मामले में अपनी बेटी की हत्या इसलिए कर दी थी क्योंकि उसने निचली जाति के युवक से शादी कर ली थी।निचली अदालत ने इस मामले में आरोपी उसकी बेटी की हत्या के...

बाबरी मस्जिद मामला-भाजपा नेताओं के खिलाफ आपराधिक षड्यंत्र के आरोप फिर से लगाने की मांग वाली सीबीआई की अपील पर फैसला सुरक्षित
बाबरी मस्जिद मामला-भाजपा नेताओं के खिलाफ आपराधिक षड्यंत्र के आरोप फिर से लगाने की मांग वाली सीबीआई की अपील पर फैसला सुरक्षित

गुरूवार को सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई की उस अपील पर फैसला सुरक्षित रख लिया है कि जिसमें भाजपा नेताओं सहित भाजपा के वरिष्ठ नेता एल.के आडवाणी और बीस अन्य के खिलाफ बाबरी मस्जिद मामले में आपराधिक षड्यंत्र के आरोप फिर से लगाने की मांग की है।न्यायमूर्ति पी.सी घोष और न्यायमूर्ति आर नरीमन की खंडपीठ ने इस मामले में लगभग पूरा दिन सीबीआई,आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी व अन्य के वकीलों की दलीलें सुनने के बाद इस मामले में अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है।वहीं सभी पक्षकारों को निर्देश दिया है कि वह मंगलवार तक अपनी...

सरकार की तरफ से दायर होने वाले केसों में की जाए कमीःकानून मंत्रालय ने कहा केंद्र व राज्यों से
सरकार की तरफ से दायर होने वाले केसों में की जाए कमीःकानून मंत्रालय ने कहा केंद्र व राज्यों से

-मामलों पर अच्छे से विचार करने के बाद ही केस दायर किए जाए।-फर्जी मामलों की पहचान की जाए,इनको सही मामलों से अलग किया जाए। ऐसे मामलों को जल्दी से वापिस लेने के लिए या फिर निपटवाया जाए।-वही किसी मामले को सुलझाने के लिए केस दायर करने को आखिरी विकल्प के तौर पर प्रयोग किया जाए।देश की विभिन्न अदालतों में लंबित 3.14 करोड़ मामलों में से लगभग 46 प्रतिशत मामलों में केंद्र सरकार पक्षकार है या राज्य सरकार। कानून मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने केंद्रीय व राज्य मंत्रियों से कहा है कि वह मामलों पर अच्छे से विचार करके...

ड्रग अब्यूज एंड टैªफिकिंग को सीमित करने के लिए ज्यूडिशियल हस्तक्षेप है जरूरी
ड्रग अब्यूज एंड टैªफिकिंग को सीमित करने के लिए ज्यूडिशियल हस्तक्षेप है जरूरी

दो टीनएजर ने इंटरनेशन टैªफिकिंग रैकट के बारे में खुलासा हुआ किया है। तेजसवीटा प्रधान(17 साल) व शिवानी गोंडा (16 साल) स्टूडेंट अगेंस्ट टैªफिकिंग क्लब (एस.ए.टी.सी) के सदस्य है। नेपाल से गायब हुई एक नाबालिग लड़की को दार्जलिंग की एक एनजीओ मैनकाइंड इन एक्शन फाॅर रूरल ग्रोथ (एम.ए.आर.जी) की मदद से दिल्ली में खोजा गया है।जिसके बाद तेजसवीटा व शिवानी ने नाबालिगों को खोजना शुरू कर दिया और एम.ए.आर.जी व पुलिस प्रशासन के निर्देशन में काम करने लग गए। एक इंटरनेशन सैक्स रैकेट ने इस नाबालिग को फंसाया और उसे दिल्ली...