उपभोक्ता मामले

Haldirams के एमडी पंकज अग्रवाल के खिलाफ गैर-जमानती वारंट, आदेश का पालन न करने पर कार्रवाई
Haldiram's के एमडी पंकज अग्रवाल के खिलाफ गैर-जमानती वारंट, आदेश का पालन न करने पर कार्रवाई

ज़िला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग, केंद्रीय दिल्ली ने Haldiram's स्नैक्स प्राइवेट लिमिटेड के प्रबंध निदेशक पंकज अग्रवाल के खिलाफ आदेश का पालन न करने पर गैर-जमानती वारंट जारी किया है।यह आदेश 9 अप्रैल 2026 को पारित किया गया। आयोग ने पाया कि संबंधित पक्ष ने न तो आदेश के अनुसार भुगतान किया और न ही सुनवाई के दौरान उपस्थित हुआ।आयोग का कड़ा रुखआयोग की पीठ, जिसमें अध्यक्ष दिव्या ज्योति जैपुरीयार और सदस्य डॉ. रश्मि बंसल शामिल थीं, ने डिक्री होल्डर के आवेदन पर सुनवाई करते हुए पंकज अग्रवाल की गिरफ्तारी के...

निरीक्षण से पहले दोषपूर्ण उत्पाद हटाने पर उपभोक्ता शिकायत सुनवाई योग्य नहीं: दिल्ली राज्य आयोग
निरीक्षण से पहले दोषपूर्ण उत्पाद हटाने पर उपभोक्ता शिकायत सुनवाई योग्य नहीं: दिल्ली राज्य आयोग

दिल्ली राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग (अध्यक्ष जस्टिस संगीता ढींगरा सहगल और सदस्य बिमला कुमारी) ने सैमसंग इंडिया इलेक्ट्रॉनिक्स प्रा. लि. के खिलाफ दायर अपील को खारिज कर दिया। आयोग ने कहा कि जब शिकायतकर्ता ने कथित रूप से खराब रेफ्रिजरेटर को पहले ही नष्ट/बेच दिया, तो उसकी जांच संभव नहीं रही और दोष का सत्यापन नहीं किया जा सकता।आयोग ने जिला उपभोक्ता आयोग के आदेश को बरकरार रखते हुए कहा कि जब उत्पाद ही निरीक्षण के लिए उपलब्ध नहीं है, तो दोष से संबंधित विवाद का निपटारा नहीं किया जा सकता।संक्षिप्त...

यात्री बस संचालक को सड़क पर चलने लायक वाहन देना और सावधानी से सेवा देना ज़रूरी : ज़िला उपभोक्ता आयोग
यात्री बस संचालक को सड़क पर चलने लायक वाहन देना और सावधानी से सेवा देना ज़रूरी : ज़िला उपभोक्ता आयोग

ज़िला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग, एर्नाकुलम ने हाल ही में दो उपभोक्ताओं को मुआवज़ा प्रदान किया, जिन्हें बार-बार बस खराब होने और कथित कर बकाया के कारण चेक-पोस्ट पर रोके जाने से हुई देरी के चलते परीक्षा केंद्र समय पर पहुंचने के लिए टैक्सी किराए पर लेने के लिए मजबूर होना पड़ा।आयोग की पीठ—डी.बी. बीनू (अध्यक्ष), वी. रामचंद्रन और श्रीविद्या टी.एन.—ने कहा कि यात्री परिवहन संचालक का यह स्पष्ट दायित्व है कि वह सड़क-योग्य वाहन उपलब्ध कराए और उचित सावधानी व परिश्रम के साथ सेवा दे। पीठ ने टिप्पणी...

ट्रेन में देरी से प्रवेश परीक्षा छूटी: बस्ती उपभोक्ता आयोग ने रेलवे को दोषी ठहराया, ₹9 लाख मुआवज़ा देने का आदेश
ट्रेन में देरी से प्रवेश परीक्षा छूटी: बस्ती उपभोक्ता आयोग ने रेलवे को दोषी ठहराया, ₹9 लाख मुआवज़ा देने का आदेश

बस्ती जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने Indian Railways को सेवा में कमी (Deficiency in Service) का दोषी ठहराते हुए एक छात्रा की प्रवेश परीक्षा छूटने के मामले में ₹9 लाख मुआवज़ा देने का आदेश दिया है। आयोग में अध्यक्ष श्री अमर जीत वर्मा और सदस्य श्री अजय प्रकाश सिंह शामिल थे।मामले की पृष्ठभूमिशिकायत छात्रा के पिता व प्राकृतिक अभिभावक द्वारा दायर की गई थी। शिकायत के अनुसार, उनकी बेटी को 7 मई 2018 को लखनऊ स्थित जय नारायण पीजी कॉलेज में आयोजित प्रवेश परीक्षा में शामिल होना था। परीक्षा की...