पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट

Punjab Police Rules| राज्य पुलिस अधिकारी को एक महीने से ज़्यादा सश्रम कारावास की सज़ा सुनाए जाने पर बर्खास्तगी के अलावा कोई और सज़ा नहीं दे सकता: पंजाब- हरियाणा हाईकोर्ट
Punjab Police Rules| राज्य पुलिस अधिकारी को एक महीने से ज़्यादा सश्रम कारावास की सज़ा सुनाए जाने पर बर्खास्तगी के अलावा कोई और सज़ा नहीं दे सकता: पंजाब- हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब पुलिस नियम (हरियाणा में लागू) (PPR) की विस्तृत व्याख्या करते हुए एक फैसले में पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने कहा कि राज्य सरकार उन मामलों में सेवा से बर्खास्तगी के अलावा कोई और सज़ा नहीं दे सकती, जहां किसी पुलिस अधिकारी को एक महीने से ज़्यादा सश्रम कारावास की सज़ा सुनाई गई हो। अदालत ने ज़ोर देकर कहा कि नियम ऐसी परिस्थितियों में अनुशासनात्मक प्राधिकारी को कोई विवेकाधिकार नहीं देते।जस्टिस जगमोहन बंसल ने उप-नियम (2) PPR 16.2 (2) का हवाला देते हुए कहा,"यदि किसी रजिस्टर्ड पुलिस अधिकारी को एक...

राम रहीम मामला: क्या 2017 पंचकूला डेरा हिंसा में हरियाणा सरकार की मिलीभगत थी? हाईकोर्ट में हुई सुनवाई
राम रहीम मामला: 'क्या 2017 पंचकूला डेरा हिंसा में हरियाणा सरकार की मिलीभगत थी?' हाईकोर्ट में हुई सुनवाई

2017 में डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को बलात्कार मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद पंचकूला में हुई हिंसा (25 अगस्त 2017) में 32 लोगों की मौत हुई और लगभग ₹118 करोड़ की संपत्ति नष्ट हुई। अब हाईकोर्ट इस पर सुनवाई करेगा कि क्या हरियाणा सरकार ने भीड़ रोकने में नाकामी दिखाई या डेरे समर्थकों को राजनीतिक कारणों से मदद दी।चीफी जस्टिस शील नागू, जस्टिस स. भारद्वाज और जस्टिसि क्रम अग्रवाल की खंडपीठ अमिकस क्यूरी सीनियर एडवोकेट अनुपम गुप्ता की दलीलें सुन रही थी। उन्होंने कोर्ट से आग्रह किया कि 2017...

BBMB के पास कोई अधिकार क्षेत्र नहीं: अतिरिक्त पानी छोड़ने को चुनौती देने वाली याचिका पर पंजाब सरकार का जवाब
BBMB के पास कोई अधिकार क्षेत्र नहीं: अतिरिक्त पानी छोड़ने को चुनौती देने वाली याचिका पर पंजाब सरकार का जवाब

पंजाब सरकार ने पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट में दलील दी कि भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड (BBMB) को बाध्यकारी समझौतों के तहत प्रत्येक राज्य को आवंटित हिस्से से अधिक पानी छोड़ने का कोई अधिकार नहीं है।यह दलील चीफ जस्टिस शील नागू और जस्टिस संजीव बेरी की खंडपीठ के समक्ष पंजाब सरकार द्वारा दायर याचिका में दी गई, जिसमें BBMB की 23 अप्रैल, 2025 की बैठक के विवरण को चुनौती दी गई। इसमें गंभीर पेयजल संकट और यमुना नहर की मरम्मत का हवाला देते हुए हरियाणा को 8,500 क्यूसेक तक अतिरिक्त पानी छोड़ने का निर्णय लिया गया...

S.138 NI Act | मुआवज़ा न चुकाने के कारण दोषी को ज़मानत नहीं मिल पाती तो अदालत को 90 दिनों में अपील का फ़ैसला करना होगा: पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट
S.138 NI Act | मुआवज़ा न चुकाने के कारण दोषी को ज़मानत नहीं मिल पाती तो अदालत को 90 दिनों में अपील का फ़ैसला करना होगा: पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण टिप्पणी में कहा कि यदि अपीलीय न्यायालय को यह विश्वास हो जाता है कि परक्राम्य लिखत अधिनियम, 1881 (NI Act) की धारा 138 के अंतर्गत कोई दोषी, धारा 148 के अंतर्गत मुआवज़े की 20% राशि जमा करने में वास्तव में असमर्थ है। परिणामस्वरूप, ज़मानत नहीं पा सकता है तो अपील का फ़ैसला अधिकतम 90 दिनों के भीतर किया जाना चाहिए।NI Act की धारा 148, धारा 138 के अंतर्गत चेक अनादर के लिए दोषसिद्धि के विरुद्ध अपील में अपीलकर्ता (चेक जारीकर्ता) को निचली अदालत द्वारा दिए गए...

बाढ़ के चलते पंजाब में जलाशयों से मलबा निकालने की अनुमति: हाईकोर्ट ने PIL को मंजूरी दी
बाढ़ के चलते पंजाब में जलाशयों से मलबा निकालने की अनुमति: हाईकोर्ट ने PIL को मंजूरी दी

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब में वर्तमान बाढ़ की स्थिति को देखते हुए राज्य में जलाशयों की डी-सेल्टिंग (मलवा निकालने) की अनुमति दी। यह आदेश उस PIL के संदर्भ में आया, जिसमें राज्य में कथित अवैध वाणिज्यिक रेत खनन का आरोप लगाया गया था।चीफ जस्टिस शील नागू और जस्टिस संजीव बेरी ने कहा,“राज्य में बाढ़ की वर्तमान स्थिति और न्याय के हित को ध्यान में रखते हुए। साथ ही पंजाब के अधिवक्ता जनरल द्वारा दी गई गारंटी को ध्यान में रखते हुए इस याचिका के परिणाम के अधीन रहते हुए, राज्य और उसके अधिकारियों को...

महिला से ज़बरन बात करना अपराध नहीं, सिर्फ़ परेशान करने वाला: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
महिला से ज़बरन बात करना अपराध नहीं, सिर्फ़ परेशान करने वाला: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने कहा है कि किसी महिला से उसकी इच्छा के विरुद्ध बातचीत शुरू करने की कोशिश करना—भले ही "परेशान करने वाला" हो—अपने आप में भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 354 के तहत उसकी लज्जा भंग करने का अपराध नहीं बनता।जस्टिस कीर्ति सिंह ने नोट किया कि अभियोजन पक्ष (प्रॉसिक्यूट्रिक्स) ने स्वयं गवाही में स्वीकार किया कि आरोपी ने सिर्फ बातचीत शुरू करने की कोशिश की थी और जब उसने इनकार किया तो आरोपी वहाँ से चला गया।कोर्ट ने कहा कि यह आचरण अवश्य ही अनचाहा और परेशान करने वाला है, लेकिन इसे...

भर्ती नियमों में संशोधन न होने तक पद का पुनर्नामांकन किसी अन्य संवर्ग में विलय के बराबर नहीं: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
भर्ती नियमों में संशोधन न होने तक पद का पुनर्नामांकन किसी अन्य संवर्ग में विलय के बराबर नहीं: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट की जस्टिस हरसिमरन सिंह सेठी और जस्टिस विकास सूरी की खंडपीठ ने कहा कि किसी पद का पुनर्नामांकन मात्र किसी अन्य संवर्ग में विलय के बराबर नहीं है; वास्तविक विलय के लिए सेवा नियमों में संशोधन आवश्यक है। ऐसे संशोधन के बिना वेतनमान या संवर्ग लाभों में समानता का दावा नहीं किया जा सकता।पृष्ठभूमि तथ्ययाचिकाकर्ता को चंडीगढ़ के सेक्टर 10 स्थित राजकीय संग्रहालय एवं कला दीर्घा में गाइड के पद पर नियुक्त किया गया। चंडीगढ़ प्रशासन ने कर्मचारियों को बेहतर करियर की संभावनाएं प्रदान करने...

असफल सगाई सहमति से संबंध नहीं बनाती, शादी के झूठे वादे पर बलात्कार: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
असफल सगाई 'सहमति से संबंध' नहीं बनाती, शादी के झूठे वादे पर बलात्कार: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने कहा कि वयस्कों के बीच सहमति से बनाए गए शारीरिक संबंध को केवल इसलिए बलात्कार नहीं माना जा सकता, क्योंकि वह विवाह में परिणत नहीं हुआ।अदालत ने कथित बलात्कार के आरोप में एक व्यक्ति के खिलाफ दर्ज FIR यह कहते हुए खारिज कर दिया कि उसने अपनी मंगेतर के साथ सहमति से संबंध बनाए, जिसमें रोका समारोह के बाद दोनों पक्षों के बीच मतभेदों के कारण विवाह नहीं हो सका।जस्टिस कीर्ति सिंह ने स्पष्ट किया,"इस आधार पर बलात्कार का अपराध दर्ज करने के लिए कि शादी के झूठे बहाने पर सहमति प्राप्त...

हाईकोर्ट ने कोर्ट परिसर में हिंसा पर स्वतः संज्ञान लिया; तलवार लेकर आए वकील की शिकायत पर बार के खिलाफ कार्रवाई पर रोक
हाईकोर्ट ने कोर्ट परिसर में हिंसा पर स्वतः संज्ञान लिया; तलवार लेकर आए वकील की शिकायत पर बार के खिलाफ कार्रवाई पर रोक

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने हाईकोर्ट बार एसोसिएशन (HCBA) के सचिव की चिट्ठी पर स्वतः संज्ञान लिया है। इसमें आरोप है कि एडवोकेट रवनीत कौर ने 17 सितंबर को कोर्ट परिसर में बार सदस्यों पर हुए हिंसक हमले के लिए एडवोकेट सिमरनजीत सिंह ब्लासी को उकसाया, जिसने तलवार भी लहराई।चिट्ठी में यह भी कहा गया कि कौर ने सचिव के खिलाफ सोशल मीडिया पर अश्लील और मानहानिपूर्ण सामग्री पोस्ट की। इस पर कोर्ट ने खुद कार्रवाई शुरू की। सुनवाई के दौरान UT के सीनियर स्टैंडिंग काउंसल अमित झांजी ने बताया कि ब्लासी की ओर से एक...

पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने 1999 में बलात्कार के दोषी व्यक्ति की उम्र निर्धारित करने के लिए किशोर परीक्षण कराने का निर्देश दिया
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने 1999 में बलात्कार के दोषी व्यक्ति की उम्र निर्धारित करने के लिए किशोर परीक्षण कराने का निर्देश दिया

पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने 1999 में बलात्कार के दोषी ठहराए गए एक व्यक्ति की उम्र निर्धारित करने के लिए किशोर परीक्षण कराने का निर्देश दिया। यह निर्देश तब आया, जब दोषी ने दावा किया कि अपराध के समय वह नाबालिग था, जिससे उसके मामले में किशोर न्याय प्रावधानों की प्रयोज्यता पर सवाल उठे।स्कूल छोड़ने के प्रमाण पत्र के आधार पर अपीलकर्ता के वकील ने तर्क दिया कि कथित अपराध की तारीख को उसकी उम्र 16 वर्ष 06 महीने और 17 दिन थी और यद्यपि ट्रायल कोर्ट के समक्ष किशोर होने का तर्क नहीं दिया गया। फिर भी विभिन्न...

पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने BJP MLA की चुनाव याचिका खारिज करने की मांग वाली याचिका खारिज की
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने BJP MLA की चुनाव याचिका खारिज करने की मांग वाली याचिका खारिज की

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने भारतीय जनता पार्टी विधायक (BJP MLA) देवेंद्र अत्री द्वारा कांग्रेस (Congress) उम्मीदवार बिजेंद्र सिंह द्वारा उनके खिलाफ दायर चुनाव याचिका खारिज करने की मांग वाली याचिका खारिज की।पहले सिंह ने अत्री के खिलाफ चुनाव याचिका दायर की, जिसमें उन्होंने पुनर्मतगणना की मांग की थी और भ्रष्ट आचरण का आरोप लगाया था। बाद में कांग्रेस उम्मीदवार ने संशोधित याचिका दायर की, जिसमें भ्रष्ट आचरण के आरोपों को हटा दिया गया और उनकी याचिका को केवल पुनर्मतगणना तक ही सीमित रखा गया।अदालत ने...

बाहरी राज्य के व्यक्ति की ज़मानत के लिए स्थानीय ज़मानत अनिवार्य करना उसके मौलिक अधिकारों पर हमला: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
बाहरी राज्य के व्यक्ति की ज़मानत के लिए स्थानीय ज़मानत अनिवार्य करना उसके मौलिक अधिकारों पर 'हमला': पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने माना कि ज़मानत के लिए स्थानीय ज़मानत की शर्त अनिवार्य करना किसी व्यक्ति के मौलिक अधिकारों पर हमला है।अदालत ने कहा कि ऐसी आवश्यकता देश के अन्य हिस्सों के व्यक्तियों के साथ केवल उनके निवास के आधार पर भेदभाव करती है।इसमें अदालत ने हरियाणा के गुरुग्राम में कोलकाता के दो आरोपियों के खिलाफ ज़मानत के लिए अपने स्थानीय ज़मानतदारों के कथित रूप से जाली दस्तावेज़ प्रस्तुत करने के आरोप में भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 419 और 420 (धोखाधड़ी और बेईमानी से प्रलोभन); IPC की धारा...

पूर्व सैनिक युवावस्था में रिटायर होते हैं, नियोक्ता आरक्षण लाभ से इनकार कर पुनर्वास में बाधा न बनें: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
पूर्व सैनिक युवावस्था में रिटायर होते हैं, नियोक्ता आरक्षण लाभ से इनकार कर पुनर्वास में बाधा न बनें: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने पूर्व सैनिकों के सम्मान की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि यह नियोक्ताओं का कर्तव्य है कि वे पूर्व सैनिक कोटे के तहत रोजगार के अवसर से इनकार करके उनके पुनर्वास में बाधा न डालें।जस्टिस हरप्रीत सिंह बराड़ ने कहा,"पूर्व सैनिकों द्वारा राष्ट्र को दी गई सेवाओं का व्यावहारिक तरीके से सम्मान किया जाना चाहिए, यानी उन्हें नागरिक रोजगार के अवसर प्रदान करके। पूर्व सैनिक हर साल बड़ी संख्या में अपेक्षाकृत कम उम्र में सेवानिवृत्त होते हैं। हालांकि, उनके नागरिक रोजगार के अवसर...

पुनः जांच का आदेश केवल हाईकोर्ट जैसी श्रेष्ठ अदालत ही दे सकती है, मजिस्ट्रेट नहीं : पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट
पुनः जांच का आदेश केवल हाईकोर्ट जैसी श्रेष्ठ अदालत ही दे सकती है, मजिस्ट्रेट नहीं : पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट

पुनः जांच का आदेश केवल हाईकोर्ट जैसी श्रेष्ठ अदालत ही दे सकती है, मजिस्ट्रेट नहीं : पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि किसी मामले में पुनः जांच का आदेश केवल हाईकोर्ट जैसी श्रेष्ठ अदालत ही दे सकती है। मजिस्ट्रेट को ऐसा आदेश देने का अधिकार प्राप्त नहीं है।जस्टिस जसजीत सिंह बेदी ने कहा,“पुनः जांच के आदेश केवल हाईकोर्ट जैसी श्रेष्ठ अदालत ही पारित कर सकती है। मजिस्ट्रेट ऐसा आदेश नहीं दे सकता। वहीं फर्दर इन्वेस्टिगेशन जांच एजेंसी का अधिकार क्षेत्र है। हालांकि...

पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने DC और SSP के कब्जे वाले गेस्ट हाउस जिला जजों को आवंटित करने का निर्देश दिया
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने DC और SSP के कब्जे वाले गेस्ट हाउस जिला जजों को आवंटित करने का निर्देश दिया

पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने निर्देश दिया कि पंजाब के मलेरकोटला में उपायुक्त (DC) और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) के कब्जे वाले सरकारी गेस्ट हाउस खाली करके जिला जज को आधिकारिक और आवासीय उपयोग के लिए आवंटित किए जाएं।पंजाब सरकार ने 2021 में मलेरकोटला को ज़िला घोषित किया था। उसके बाद 2023 में वहां सेशन कोर्ट का गठन किया गया।चीफ जस्टिस शील नागू और जस्टिस संजीव बेरी की खंडपीठ ने कहा कि संबंधित अधिसूचना के अनुसार निर्धारित मानकों के अनुरूप कोई आवासीय सुविधा उपलब्ध नहीं है, जो जिला एंड सेशन जज, एडिशनल जिला...

तीन दशक से अलग रह रहे दंपति को साथ रहने को मजबूर करना मानसिक क्रूरता: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
तीन दशक से अलग रह रहे दंपति को साथ रहने को मजबूर करना मानसिक क्रूरता: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने यह टिप्पणी की कि जब पति-पत्नी में से कोई भी पक्ष “तीन दशकों से अधिक समय तक अलग रह रहा हो और सुलह या सहवास का कोई प्रयास भी न किया गया हो, तो विवाह का मूल सार ही नष्ट हो जाता है।”अदालत ने कहा, “ऐसे में केवल एक कानूनी बंधन शेष रह जाता है, जिसमें कोई वास्तविकता नहीं होती। इतने लंबे अलगाव के बाद पक्षों को साथ रहने के लिए बाध्य करना अव्यावहारिक होगा और वास्तव में दोनों पक्षों पर और अधिक मानसिक क्रूरता थोपने जैसा होगा।”यह नोट करते हुए कि दंपति वर्ष 1994 से अलग रह रहे हैं,...