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अडानी ग्रुप के खिलाफ कंटेंट हटाने के आदेश को रवीश कुमार ने हाईकोर्ट में दी चुनौती
अडानी ग्रुप के खिलाफ कंटेंट हटाने के आदेश को रवीश कुमार ने हाईकोर्ट में दी चुनौती

पत्रकार रवीश कुमार ने केंद्र सरकार के उस आदेश को चुनौती देते हुए दिल्ली हाईकोर्ट का रुख किया, जिसमें उन्हें अडानी एंटरप्राइजेज के खिलाफ कथित रूप से अपमानजनक कंटेंट हटाने का निर्देश दिया गया था।इस मामले की सुनवाई सोमवार को जस्टिस सचिन दत्ता करेंगे।गौरतलब है कि इसी आदेश को चुनौती देते हुए न्यूज़लॉन्ड्री द्वारा दायर एक ऐसी ही याचिका भी सोमवार को जज के समक्ष सुनवाई के लिए सूचीबद्ध है।अपनी याचिका में कुमार ने कहा कि यह आदेश कार्यपालिका शक्ति का अभूतपूर्व और असंवैधानिक प्रयोग है, जो लोकतांत्रिक शासन,...

सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व चीफ जस्टिस डी.वाई. चंद्रचूड़ को कॉमर्शियल विवाद में मध्यस्थ नियुक्त किया
सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व चीफ जस्टिस डी.वाई. चंद्रचूड़ को कॉमर्शियल विवाद में मध्यस्थ नियुक्त किया

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार (19 सितंबर) को पूर्व चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (सीजेआई) डी.वाई. चंद्रचूड़ को जबलपुर के सिहोरा में 1,70,000 मीट्रिक टन लौह अयस्क के स्वामित्व को लेकर दो कंपनियों के बीच विवाद में मध्यस्थ नियुक्त किया।जस्टिस जे.बी. पारदीवाला और जस्टिस के.वी. विश्वनाथन की खंडपीठ ने यूरो प्रतीक इस्पात लिमिटेड की उस अपील पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया, जिसमें मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती दी गई, जिसमें कॉमर्शियल कोर्ट एक्ट, 2015 की धारा 12ए का पालन न करने के कारण कॉमर्शियल कोर्ट...

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने हत्या के दोषी की आजीवन सजा निलंबित की, 10 पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का निर्देश दिया
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने हत्या के दोषी की आजीवन सजा निलंबित की, 10 पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का निर्देश दिया

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने हत्या के एक मामले में दोषी ठहराए गए व्यक्ति की आजीवन कारावास की सजा निलंबित की। अदालत ने यह देखते हुए कि वह 10 साल से अधिक समय तक हिरासत में रह चुका है और उसके दो सह-आरोपियों, जिन्होंने इतनी ही अवधि हिरासत में बिताई, उसको पहले ही जमानत पर रिहा किया जा चुका है।अदालत ने अपीलकर्ता को 10 फलदार/नीम या पीपल के पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का भी निर्देश दिया।अदालत महेश शर्मा की उस याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें उन्होंने 2021 के ट्रायल कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी थी,...

सुप्रीम कोर्ट का हिमाचल प्रदेश में अतिक्रमणों को नियमित करने के अधिकार को रद्द करने के फैसले पर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश
सुप्रीम कोर्ट का हिमाचल प्रदेश में अतिक्रमणों को नियमित करने के अधिकार को रद्द करने के फैसले पर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट के उस फैसले को चुनौती देने वाली याचिका पर यथास्थिति बनाए रखने का आदेश दिया, जिसमें हिमाचल प्रदेश भूमि राजस्व अधिनियम, 1952 की धारा 163-ए को असंवैधानिक घोषित किया गया था।जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की खंडपीठ ने मामले में नोटिस जारी किया।अधिनियम की धारा 163-ए राज्य सरकार को सरकारी भूमि पर अतिक्रमणों के नियमितीकरण के लिए नियम बनाने का अधिकार देती है।हाईकोर्ट की खंडपीठ ने कहा कि विवादित प्रावधान 'बेईमान व्यक्तियों के एक वर्ग के लिए...

चीफ जस्टिस ने लंबित मामलों को कम करने के लिए सरकारी अपीलों को दायर करने से पहले फ़िल्टर करने का सुझाव दिया
चीफ जस्टिस ने लंबित मामलों को कम करने के लिए सरकारी अपीलों को दायर करने से पहले फ़िल्टर करने का सुझाव दिया

चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (सीजेआई) भूषण रामकृष्ण गवई ने शनिवार को एक केंद्रीय एजेंसी का आह्वान किया, जो अदालतों में लंबित मामलों की संख्या को कम करने के लिए यह फ़िल्टर करे कि सरकार किन फैसलों के लिए अपील करती है।वह केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (CAT) के 10वें अखिल भारतीय सम्मेलन, 2025 को संबोधित कर रहे थे।जस्टिस गवई ने कहा कि वर्तमान में CAT के समक्ष एक लाख से अधिक मामले और राज्य प्रशासनिक न्यायाधिकरणों के समक्ष कई अन्य मामले लंबित हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट में सबसे...

आर्बिट्रेशन कार्यवाही में AI से समय की बचत संभव, गोपनीयता चिंताओं के कारण नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता: जस्टिस विक्रम नाथ
आर्बिट्रेशन कार्यवाही में AI से समय की बचत संभव, गोपनीयता चिंताओं के कारण नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता: जस्टिस विक्रम नाथ

दिल्ली आर्बिट्रेशन वीकेंड 2025 (DAW) के तहत आयोजित सत्र 'Arbitration 2.0: आर्बिट्रेशन की दक्षता बढ़ाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और अन्य तकनीकों का समावेश' में बोलते हुए, सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस विक्रम नाथ ने कहा कि कानून, भले ही वैज्ञानिक क्षेत्र न हो, लेकिन यह कानूनी समुदाय को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) अपनाने से हतोत्साहित नहीं करता।इस पैनल में मद्रास हाईकोर्ट के जस्टिस एन. आनंद वेंकटेश, भारत के सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता, मार्क डेम्पसी (SC) और टिम लॉर्ड (KC), ब्रिक कोर्ट चेम्बर भी...

जजों को जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए विनम्रता और जिम्मेदारी से शक्ति का प्रयोग करना चाहिए: CJI बी.आर. गवई
जजों को जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए विनम्रता और जिम्मेदारी से शक्ति का प्रयोग करना चाहिए: CJI बी.आर. गवई

चीफ़ जस्टिस ऑफ इंडिया ने शनिवार को सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल (CAT) के 10वें अखिल भारतीय सम्मेलन 2025 को संबोधित करते हुए कहा कि जजों को अपनी शक्ति का प्रयोग हमेशा विनम्रता और जिम्मेदारी के साथ करना चाहिए।उन्होंने कहा,“न्यायिक अधिकारी, जज और ट्रिब्यूनल के सदस्य होने के नाते हमारे पास अपार शक्ति होती है, लेकिन हमें इस शक्ति को अत्यधिक विनम्रता और जिम्मेदारी के साथ निभाना चाहिए। हमारे समक्ष आने वाले प्रत्येक वादकारी को यह विश्वास होता है कि उन्हें न्याय मिलेगा, इसलिए हमारे निर्णय निष्पक्ष...

चार्जशीट या निलंबन के बिना सील्ड कवर प्रक्रिया लागू नहीं की जा सकती: दिल्ली हाईकोर्ट
चार्जशीट या निलंबन के बिना सील्ड कवर प्रक्रिया लागू नहीं की जा सकती: दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि पदोन्नति मामलों में सील्ड कवर प्रक्रिया केवल तभी अपनाई जा सकती है, जब कर्मचारी के खिलाफ विभागीय कार्यवाही में चार्जशीट जारी की गई हो, आपराधिक अभियोजन में आरोपपत्र दाखिल हुआ हो या वह निलंबित किया गया हो। महज़ FIR दर्ज होने या जांच लंबित रहने की स्थिति में यह प्रक्रिया लागू नहीं की जा सकती।जस्टिस नवीन चावला और जस्टिस मधु जैन की खंडपीठ ने यह निर्णय उस याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया, जिसमें केंद्र सरकार ने केंद्रीय प्रशासनिक अधिकरण (CAT) के आदेश को चुनौती दी थी।...

प्रति माह 10-15% लाभ का वादा प्रथम दृष्टया बेईमानी का इरादा दर्शाता है: बॉम्बे हाईकोर्ट ने ट्रेडिंग घोटाला मामले में अग्रिम जमानत याचिका खारिज की
प्रति माह 10-15% लाभ का वादा प्रथम दृष्टया बेईमानी का इरादा दर्शाता है: बॉम्बे हाईकोर्ट ने ट्रेडिंग घोटाला मामले में अग्रिम जमानत याचिका खारिज की

बॉम्बे हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण आदेश में कहा कि शेयर बाज़ार में प्रतिमाह 10 से 15 प्रतिशत तक के गारंटीड मुनाफे का वादा अपने आप में शुरू से ही धोखाधड़ी की मंशा को दर्शाता है। कोर्ट ने माना कि कोई भी वैध और वास्तविक व्यापार इस तरह के असाधारण और सुनिश्चित लाभ नहीं दे सकता, इसलिए ऐसे प्रलोभन को केवल सिविल विवाद मानकर खारिज नहीं किया जा सकता।जस्टिस अमित बोरकर एक अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें आरोपियों ने गिरफ्तारी से राहत मांगी थी। मामला भारतीय दंड संहिता 2023 (IPC) की धारा 318(4) और...

फर्जी मुठभेड़ मामले में दो पुलिसकर्मियों को मिली अग्रिम जमानत, कोर्ट ने जांच पर उठाए सवाल
फर्जी मुठभेड़ मामले में दो पुलिसकर्मियों को मिली अग्रिम जमानत, कोर्ट ने जांच पर उठाए सवाल

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने 2009 के फर्जी मुठभेड़ मामले में दो पुलिसकर्मियों को अग्रिम जमानत दी। इस मामले में वांछित अपराधी को मृत घोषित कर दिया गया था, जबकि 2012 में वह जिंदा पाया गया था।जस्टिस सुबोध अभ्यंकर ने अपने फैसले में कहा कि गवाहों ने आरोपी पुलिसकर्मी अनिल पाटीदार का नाम उस व्यक्ति के रूप में नहीं लिया, जिसने उन पर वांछित अपराधी बंसीलाल गुर्जर के रूप में शव की गलत पहचान करने का दबाव बनाया था। पीठ ने यह भी पाया कि दूसरा आरोपी पुलिसकर्मी, मुख्तार रशीद कुरैशी अन्य पुलिस स्टेशन में तैनात था और...