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बॉम्बे हाईकोर्ट ने मंत्री नवाब मलिक को समीर वानखेड़े और एनसीबी के खिलाफ टिप्पणी करने से रोकने की मांग वाली याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार किया
बॉम्बे हाईकोर्ट ने बुधवार को महाराष्ट्र के कैबिनेट मंत्री नवाब मलिक के खिलाफ एक जनहित याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार किया।याचिका में नवाब मलिक को नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के अधिकारियों या इसके क्षेत्रीय निदेशक समीर वानखेड़े के खिलाफ टिप्पणी करने से रोकने की मांग की गई है। मुख्य न्यायाधीश दीपांकर दत्ता और न्यायमूर्ति एमएस कार्णिक की पीठ के समक्ष एक व्यवसायी और मौलाना होने का दावा करने वाले एक व्यक्ति द्वारा दायर याचिका का उल्लेख तत्काल सुनवाई के लिए किया गया।अदालत ने याचिकाकर्ता से कहा कि या...
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 349 किलोग्राम गांजा रखने के आरोप में गिरफ्तार व्यक्ति को जमानत दी
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पिछले हफ्ते नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस एक्ट, 1985 (एनडीपीएस एक्ट) के तहत गिरफ्तार किए गए व्यक्ति को जमानत दी।आरोपी के पास से कथित तौर पर 350 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया था। अदालत को केवल यह देखना है कि क्या यह मानने के लिए उचित आधार हैं कि आरोपी दोषी नहीं है, न्यायमूर्ति सिद्धार्थ की खंडपीठ ने आरोपी कलीम को जमानत दे दी, जो जनवरी 2019 से जेल में था।पूरा मामलाकथित तौर पर, पुलिस द्वारा जमानत आवेदक कलीम से 349.250 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया था और इसके बाद...
वालयार रेप-डेथ केस: मुख्य आरोपी ने जमानत के लिए केरल हाईकोर्ट का रुख किया
केरल में हुए कुख्यात वालयार मामले के मुख्य आरोपी ने राज्य हाईकोर्ट के समक्ष जमानत याचिका दायर की।न्यायमूर्ति पी. गोपीनाथ सोमवार को आरोपी के जमानत आवेदन पर सुनवाई करेंगे।आवेदकों की ओर से पेश अधिवक्ता सादिक इस्माइल ने कहा कि केंद्रीय जांच ब्यूरो मामले में एक बयान प्रस्तुत करने की योजना बना रहा है। इसके लिए कुछ और समय मांगा।एएसजी पी. विजयकुमार सीबीआई की ओर से पेश होंगे। वह बुधवार को मामले में पेश नहीं हुए।तदनुसार, मामले को सोमवार के लिए पोस्ट कर दिया गया।इस मामले में केरल के वालयार जिले में क्रमशः...
आपराधिक अवमानना - "महिला न्यायाधीशों के लिए बार सदस्यों की ओर से अधिक विचारशीलता और संवेदनशीलता की आवश्यकता": मध्य प्रदेश हाईकोर्ट
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने हाल ही में एक महिला न्यायिक मजिस्ट्रेट की अध्यक्षता वाली अदालत द्वारा उसकी अदालत के समक्ष एक वकील के 'अवमाननापूर्ण आचरण' के संबंध में किए गए एक संदर्भ से निपटते हुए कहा कि एक महिला न्यायाधीश द्वारा किए गए मल्टीटास्किंग को देखते हुए बार सदस्यों की ओर से अधिक विचारशीलता और संवेदनशीलता की आवश्यकता है।न्यायमूर्ति शील नागू और न्यायमूर्ति आनंद पाठक की बेंच ने कहा,"बार सदस्यों से यह उम्मीद की जाती है कि वे एक महिला न्यायाधीश द्वारा अपने घर, परिवार के साथ-साथ कोर्ट के कार्य यानी...
महिला बाउंसर का शील भंग करने के आरोप में दिल्ली की अदालत ने तीन लोगों को दोषी ठहराया, कहा- केवल लापरवाहीपूर्ण जांच अभियोजन मामले को प्रभावित नहीं कर सकती
दिल्ली की एक अदालत ने 2016 के एक मामले में एक महिला बाउंसर का शील भंग करने के लिए तीन पुरुषों को दोषी ठहराया है कोर्ट ने कहा है कि केवल दोषपूर्ण या लापरवाही से की गई जांच अभियोजन के मामले को खारिज करने का एकमात्र आधार नहीं हो सकता। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, तीस हजारी अदालतें, धर्मेश शर्मा ने कहा कि अभियोजन पक्ष ने यह साबित किया कि तीनों बेसबॉल बैट, तलवार, लोहे के पाइप से लैस थे और अन्य पीड़ितों को घायल कर दिया, जिससे धारा 452 सहपठित धारा 34 आईपीसी के तहत दंडनीय अपराध हुआ।कोर्ट ने जोड़ा,...
केरल हाईकोर्ट ने इलाज के लिए भारत आए पाकिस्तानी नागरिकों के खिलाफ एफआईआर रद्द की, कहा-यह 'कानून का स्पष्ट दुरुपयोग'
केरल हाईकोर्ट ने मंगलवार को इलाज कराने केरल आए दो पाकिस्तानी नागरिकों के खिलाफ विदेशी अधिनियम के तहत दर्ज एफआईआर को रद्द कर दिया। जस्टिस के हरिपाल ने यह देखते हुए कि पाकिस्तानी नागरिकों ने सभी प्रक्रियात्मक औपचारिकताओं का पालन किया है, उनकी रिट याचिका को अनुमति दी।कोर्ट ने कहा, "कल्पना की किसी भी सीमा तक याचिकाकर्ताओं के खिलाफ अपराध दर्ज करने के प्रतिवादियों के कार्य को उचित नहीं ठहराया जा सकता है ... मेरा विचार है कि वास्तव में दूसरे प्रतिवादी का कृत्य हमारे सिस्टम की बदनामी का कारण ही बना है।...
'याचिकाकर्ता अच्छी तरह से जानते हैं कि प्रेस में प्रोपेगैंडा कैसे किया जाता है': दिल्ली हाईकोर्ट ने ऑयल पीएसयू में भ्रष्टाचार और घोटाले का आरोप लगाने वाली जनहित याचिका खारिज की
दिल्ली हाईकोर्ट ने एक "तथाकथित जनहित याचिका" को खारिज कर दिया। इसमें ओएनजीसी और गेल जैसे तेल सार्वजनिक उपक्रमों के अधिकारियों के खिलाफ कथित भ्रष्टाचार और घटिया सामानों की खरीद में शामिल होने के लिए कार्रवाई की मांग की गई थी।मुख्य न्यायाधीश डीएन पटेल और न्यायमूर्ति ज्योति सिंह की खंडपीठ ने याचिका खारिज करते हुए कहा,"यह ध्यान में रखा जाना चाहिए कि इस याचिकाकर्ता द्वारा केवल दावे से धोखाधड़ी को स्थापित नहीं किया जा सकता। इसके लिए अदालत के समक्ष ठोस सबूत की आवश्यकता होती है। धोखाधड़ी एक रिट याचिका...
दिल्ली कोर्ट ने 2016 के पटियाला हाउस कोर्ट हमला मामले में भाजपा विधायक ओम प्रकाश शर्मा को बरी किया
दिल्ली की एक अदालत ने 2016 के पटियाला हाउस हमला मामले में भाजपा विधायक ओम प्रकाश शर्मा और दिल्ली के विधायक तरविंदर सिंह मारवाह को बरी किया।आरोप लगाया गया था कि उन्होंने शिकायतकर्ता और सीपीआई सदस्य अमीक जमाई को चोट पहुंचाई और गलत तरीके से रोका। शर्मा के खिलाफ आरोप यह था कि उन्होंने जमाई को जान से मारने की धमकी दी थी। अतिरिक्त मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट रवींद्र कुमार पांडेय ने मामले में सबूतों के अभाव में दोनों को बरी कर दिया।पूरा मामलायह शिकायतकर्ता का मामला था कि फरवरी 2016 में, जब वह...
गवाह की सुरक्षा- "आश्चर्यजनक है कि जीवन के लिए खतरा स्वीकार करने के बावजूद गवाह की सुरक्षा कम की गई": इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सुरक्षा व्यवस्था बहाल की
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाल ही में एक गवाह (एक आपराधिक मुकदमे में) को उसके जीवन के लिए खतरा स्वीकार करने के बावजूद उसे प्रदान की गई सुरक्षा को कम करने के जिला न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली एक समिति के निर्णय पर आश्चर्य व्यक्त करते हुए गवाह/याचिकाकर्ता की सुरक्षा व्यवस्था आगे के आदेश तक बहाल कर दी है।न्यायमूर्ति राजन रॉय और न्यायमूर्ति सुरेश कुमार गुप्ता की पीठ एक आपराधिक मामले में गवाह व्रिजेंद्र प्रताप सिंह की याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसे पहले आरोपी से उसके जीवन के लिए खतरे की धारणा के मद्देनजर...
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने सोशल मीडिया पर 'आरएसएस' को 'तालिबान आतंकवादी संगठन' कहने वाले शख्स को अग्रिम जमानत देने से इनकार किया
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने सोमवार को एक अतुल पास्तोर को अग्रिम जमानत देने से इनकार किया। इस पर सोशल मीडिया पर राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) को तालिबान आतंकवादी संगठन कहने और उसके बाद इसे वायरल करने का आरोप लगाया गया है।न्यायमूर्ति राजेंद्र कुमार वर्मा की खंडपीठ ने उसे यह कहते हुए अग्रिम जमानत देने से इनकार कर दिया कि आवेदक के खिलाफ पर्याप्त सबूत उपलब्ध हैं और इसलिए, उसकी याचिका खारिज कर दी।अनिवार्य रूप से आवेदक पर सोशल मीडिया पर राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ को तालिबान आतंकवादी संगठन कहने और संदेश...
"हम दिल्ली को लंदन जैसा बनाने की बात करते हैं लेकिन यह होगा कैसे?": दिल्ली हाईकोर्ट ने 'स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट' के खिलाफ दायर याचिकाओं पर सुनवाई का फैसला किया
दिल्ली हाईकोर्ट ने स्ट्रीट वेंडर्स (आजीविका का संरक्षण और स्ट्रीट वेंडिंग का विनियमन) अधिनियम, 2014 के खिलाफ एक याचिका पर 30 अक्टूबर को सुनवाई का फैसला किया है। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि हम कैसे दिल्ली को लंदन जैसा बनाने जा रहे हैं, जबकि हमारा शहर की योजना के पहलू पर ध्यान ही नहीं है।जस्टिस विपिन सांघी और जस्टिस जसमीत सिंह की खंडपीठ स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट के तहत दिए गए विभिन्न लाभों के सबंध में दिल्ली के रेहड़ी-पटरी वालों द्वारा दायर याचिकाओं और स्ट्रीट वेंडर्स एक्ट के खिलाफ दायर याचिका पर भी...
'विवाह का इस्तेमाल लोगों को धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर करने के एक उपकरण के रूप में किया जा रहा है': उत्तर प्रदेश सरकार ने 'लव जिहाद विरोधी' कानून का बचाव किया
उत्तर प्रदेश सरकार ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म पविर्तन प्रतिषेध अधिनियम, 2020 का बचाव किया है। सरकार ने बचाव में कहा कि चूंकि विवाह का उपयोग किसी व्यक्ति के धर्म को उसकी इच्छा के विरुद्ध परिवर्तित करने के लिए एक साधन के रूप में किया जा रहा है, इसलिए कानून इस रोग को दूर करने का प्रयास करता है।उत्तर प्रदेश सरकार ने अधिनियम के खिलाफ दायर जनहित याचिकाओं (पीआईएल) के एक बैच के जवाब में दायर एक हलफनामे यह दलील पेश की है। हलफनामे में कहा गया है कि सामुदायिक हित हमेशा...
दिल्ली दंगा- जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने सीएएम कोर्ट के उस आदेश को खारिज किया, जिसमें कहा गया था कि आदेशों के अनुपालन में हुई देरी पर जुर्माने के लिए पुलिस आयुक्त व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार होंगे
कड़कड़डूमा कोर्ट के उत्तर पूर्व जिले के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने सोमवार को एक आदेश को रद्द कर दिया, जिसके तहत सीएमएम कोर्ट ने पुलिस उपायुक्त और पुलिस आयुक्त को आगाह किया था कि यदि जांच अधिकारी दंगों के मामले में पारित आदेशों के अनुपालन के लिए स्थगन की मांग करते हैं तो यह उन्हें व्यक्तिगत रूप से जुर्माना लगाने के लिए जिम्मेदार ठहराएगा।प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश रमेश कुमार 25 सितंबर को मुख्य मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट अरुण कुमार गर्ग द्वारा पारित आदेश को चुनौती देने वाली एक पुनरीक्षण...
बॉम्बे हाईकोर्ट में आर्यन खान की जमानत याचिका पर बुधवार को भी सुनवाई जारी रहेगी
बॉम्बे हाईकोर्ट ने क्रूज शिप ड्रग मामले में आर्यन खान, अरबाज मर्चेंट और मुनमुन धमेचा द्वारा दायर जमानत याचिकाओं पर सुनवाई कल यानी बुधवार दोपहर 2.30 बजे तक के लिए स्थगित कर दी।विशेष एनडीपीएस कोर्ट द्वारा जमानत खारिज होने के बाद तीनों ने हाईकोर्ट का रुख किया था।उन पर एनडीपीएस अधिनियम की धारा आठ(सी) के साथ 20बी, 27, 28, 29 और 35 के तहत मामला दर्ज किया गया है।जस्टिस एनडब्ल्यू साम्ब्रे ने आज यानी मंगलवार को आर्यन खान के लिए वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी और अरबाज मर्चेंट के लिए वरिष्ठ अधिवक्ता अमित...
आर्यन खान से कुछ जब्त नहीं हुआ, ड्रग्स बरामद नहीं हुई, फिर उसे 20 दिनों के लिए जेल क्यों भेजा गया?: मुकुल रोहतगी ने बॉम्बे हाईकोर्ट में दलील दी
बॉम्बे हाईकोर्ट में वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी ने मंगलवार को कहा कि क्रूज शिप ड्रग मामले में आर्यन खान से किसी प्रतिबंधित पदार्थ के इस्तेमाल करने और किसी ड्रग की कोई बरामदगी नहीं हुई है।रोहतगी ने टिप्पणी की,"कोई खपत नहीं है, कोई बरामदगी नहीं है ... इस लड़के को 20 दिन जेल में क्यों रखा गया है?" जस्टिस एनडब्ल्यू साम्ब्रे क्रूज शिप ड्रग मामले में आर्यन खान, अरबाज मर्चेंट और मुनमुन धमेचा द्वारा दायर जमानत अर्जी पर सुनवाई कर रहे हैं। यह सुनवाई बुधवार को भी जारी रहेगी।विशेष एनडीपीएस कोर्ट...
'छात्रों पर किसी विशेष भाषा को थोपा नहीं जा सकता': कर्नाटक हाईकोर्ट ने राज्य को डिग्री कोर्स में कन्नड़ अनिवार्य बनाने की नीति पर पुनर्विचार करने के लिए कहा
कर्नाटक हाईकोर्ट ने मंगलवार को राज्य सरकार को अपने नीतिगत फैसले पर पुनर्विचार करने का निर्देश दिया, जिसमें राज्य में डिग्री कोर्स में दाखिला लेने वाले प्रत्येक छात्र के लिए कन्नड़ भाषा को एक विषय के रूप में अनिवार्य कर दिया गया है।चीफ जस्टिस रितु राज अवस्थी और जस्टिस सचिन शंकर मखदूम की की एक खंडपीठ ने कहा, "हम आज मामले को इस समझ के साथ स्थगित करते हैं कि राज्य नीति पर पुनर्विचार करेगा।"मामले में एडवोकेट जनरल प्रभुलिंग के नवदगी ने संस्कृत भारती कर्नाटक ट्रस्ट द्वारा दायर याचिका पर प्रारंभिक...
"एक बार स्वीकार किया गया इस्तीफा वापस नहीं लिया जा सकता", इस्तीफे के बाद प्रोफेसर ने की जामिया मिल्लिया इस्लामिया में दोबारा ज्वाइन करने की मांग, दिल्ली हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका
दिल्ली हाईकोर्ट ने यह देखते हुए कि एक बार स्वीकार किया गया इस्तीफा वापस नहीं लिया जा सकता है, सोमवार को जामिया मिल्लिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी के एक पूर्व प्रोफेसर द्वारा दायर याचिका को खारिज कर दिया। याचिका में इस्तीफा देने के एक साल बाद फिर से ड्यूटी पर आने की मांग की गई थी। जस्टिस वी कामेश्वर राव ने मोहर्रम अली खान की याचिका खारिज की, जिन्हें 2007 में जामिया मिल्लिया इस्लामिया में गणित के प्रोफेसर के रूप में नियुक्त किया गया था।खान ने सेंटर फॉर इंटरडिसिप्लिनरी रिसर्च इन बेसिक साइंसेज में...
दिल्ली कोर्ट ने हिज्बुल मुजाहिदीन के दो सदस्यों को टेरर फंडिंग और भारत के खिलाफ युद्ध छेड़ने के आरोप में 12 और अन्य को 10 साल की सजा सुनाई
दिल्ली की एक अदालत ने सोमवार को हिज्बुल मुजाहिदीन के दो सदस्यों मो. शफी शाह और मुजफ्फर अहमद डार को 12 साल और अन्य दो लोगों तालिब लाली और मुश्ताक अहमद लोन को 10 साल की कैद की सजा सुनाई।इन सभी पर भारत सरकार के खिलाफ आतंकी फंडिंग करने और युद्ध छेड़ने के आरोप हैं।अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश परवीन सिंह ने आईपीसी के साथ-साथ यूएपीए के विभिन्न प्रावधानों के तहत चारों को दोषी ठहराए जाने के बाद सजा पर आदेश पारित किया।यह मामला इन आरोपों के साथ दर्ज किया गया था कि हिज़्ब-उल-मुजाहिदीन (एचएम) को भारत में आतंकवादी...
टीवी टुडे नेटवर्क ने दिल्ली हाईकोर्ट में न्यूजलॉन्ड्री के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया, दो करोड़ के हर्जाने की मांग
इंडिया टुडे और आज तक चैनलों के मालिक टीवी टुडे नेटवर्क ने न्यूज पोर्टल न्यूजलॉन्ड्री के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट में कॉपीराइट उल्लंघन और मानहानि का मुकदमा दायर किया है। पोर्टल के एंकरों, प्रबंधन और कर्मचारियों के खिलाफ दायर मुकदमे में दो करोड़ रुपये हर्जाने की मांग की गई है।नेटवर्क ने न्यूज़लॉन्ड्री, इसके सीईओ अभिनंदन सेखरी और अन्य के खिलाफ स्थायी और अनिवार्य निषेधाज्ञा की मांग की गई है। मामले में आरोप लगाया गया है कि न्यूज़लॉन्ड्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म सहित अपनी वेबसाइट पर विभिन्न वीडियो...
'उनकी शादी जाहिर तौर पर एक मृत पत्र है': सुप्रीम कोर्ट ने अनुच्छेद 142 के तहत अपनी शक्तियों के माध्यम से विवाह समाप्त किया
सुप्रीम कोर्ट ने संविधान के अनुच्छेद 142 के तहत अपनी शक्तियों के माध्यम से विवाह को समाप्त करते हुए कहा कि उनकी शादी स्पष्ट रूप से एक मृत पत्र है।अदालत ने कहा कि इस मामले में पक्ष मई 2010 से अलग रह रहे हैं और एक दूसरे के खिलाफ कानूनी कार्यवाही में लगे हुए हैं।जस्टिस सीजेआई एनवी रमाना, जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस हेमा कोहली की बेंच ने कहा,"इस न्यायालय ने, पिछले निर्णयों की एक श्रृंखला में विवाह को समाप्त करने के लिए संविधान के अनुच्छेद 142 के तहत अपनी शक्तियों का प्रयोग किया है, जैसे स्नेहा पारिख...

















