राज�थान हाईकोट
सामाजिक शांति और सुरक्षा को चुनौती देने वाले गंभीर अपराध में अभियोजन वापस लेने का आदेश न्यायोचित नहीं: राजस्थान हाईकोर्ट
घातक आयुध से सज्जित होकर बलवा करने और घर में घुसकर आग लगाकर नुकसान कारित करने के गंभीर अपराध में राज्य सरकार द्वारा जनहित में अभियोजन वापस लेने के निर्णय को राजस्थान हाईकोर्ट ने विधि के स्थापित सिद्धांतों के अनुरूप नहीं ठहराते हुए अहम न्यायिक दृष्टांत में कहा है कि सामाजिक शांति और सुरक्षा को चुनौती देने वाले अपराध में अभियोजन वापस लेना न्यायोचित नहीं।जस्टिस फरजंद अली ने 51 पृष्ठ के अहम न्यायिक दृष्टांत 'मुबारक उर्फ सलमान बनाम राजस्थान राज्य एवं अन्य' में दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 की धारा 321...

