ताज़ा खबरे
मुंबई विस्फोट: बरी हुए व्यक्ति ने 9 साल की गलत कैद के लिए मांगा ₹9 करोड़ का मुआवज़ा
2006 के मुंबई सीरियल बम विस्फोट मामले (7/11 मुंबई विस्फोट मामले) से बरी होने के एक दशक बाद वाहिद शेख ने अब अपने 9 साल के कारावास और विचाराधीन कैदी के रूप में जेल में हुए अत्याचारों और यातनाओं के लिए 9 करोड़ रुपये की मांग की।वाहिद शेख ने कहा कि उन्होंने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC), महाराष्ट्र राज्य मानवाधिकार आयोग (MSHRC), राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग (NMC) और महाराष्ट्र राज्य अल्पसंख्यक आयोग (MSMC) में याचिका दायर की।शेख ने एक्स (जिसे पहले ट्विटर के नाम से जाना जाता था) पर जारी एक प्रेस नोट...
सुप्रीम कोर्ट ने कोल इंडिया की दोहरी मूल्य निर्धारण नीति बरकरार रखी, कहा- गैर-प्रमुख क्षेत्रों के लिए 20% की बढ़ोतरी उचित
सुप्रीम कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम में शुक्रवार (12 सितंबर) को कोल इंडिया लिमिटेड (CIL) की 2006 की अंतरिम नीति बरकरार रखी, जिसमें गैर-प्रमुख क्षेत्र के उपभोक्ताओं के लिए 20% मूल्य वृद्धि की गई। न्यायालय ने CIL के "दोहरे मूल्य निर्धारण" दृष्टिकोण को सही ठहराया और तर्क दिया कि बिजली और इस्पात जैसे प्रमुख क्षेत्रों को उनके महत्वपूर्ण सार्वजनिक उपयोगिता कार्यों के कारण मूल्य वृद्धि से बचाया जाना चाहिए, जबकि गैर-आवश्यक वस्तुओं का उत्पादन करने वाले गैर-प्रमुख उद्योगों के लिए उच्च मूल्य निर्धारण...
बिना मूल्य चुकाए सेल डीड अमान्य : सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने दोहराया कि यदि बिक्री विलेख (Sale Deed) बिना किसी प्रतिफल (Consideration) के निष्पादित किया जाता है, तो उसे स्थानांतरण संपत्ति अधिनियम, 1882 (Transfer of Property Act), की धारा 54 के तहत मान्य "बिक्री" नहीं माना जाएगा। ऐसा विलेख शून्य (Void) और अमान्य होगा।अदालत ने कवल कृष्ण बनाम राजेश कुमार व अन्य, (2022) 18 SCC 489 मामले का हवाला दिया, जिसमें यह स्पष्ट किया गया था कि मूल्य का भुगतान बिक्री का आवश्यक हिस्सा है। यदि किसी अचल संपत्ति का बिक्री विलेख बिना मूल्य चुकाए निष्पादित...
भिक्षुक गृहों में मानवीय सुविधाएँ अनिवार्य: सुप्रीम कोर्ट का निर्देश
सुप्रीम कोर्ट ने 12 सितम्बर को आदेश दिया कि देशभर के सभी भिक्षुक गृहों (Beggars' Homes) को यह सुनिश्चित करना होगा कि वहाँ हुई मौतों का विस्तृत डेटा संजोया जाए—विशेषकर वे मौतें जो लापरवाही, बुनियादी सुविधाओं की कमी या समय पर चिकित्सा न मिलने के कारण हुई हों। ऐसे मामलों में संबंधित राज्य/केंद्रशासित प्रदेश मृतक के परिजनों को 'उचित मुआवज़ा' देंगे। जहाँ आवश्यक हो, जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ आपराधिक कार्यवाही भी शुरू की जा सकती है।यह आदेश उस मामले से जुड़ा है, जो दिल्ली के लम्पुर भिक्षुक गृह (साल...
The Indian Contract Act में एजेंट को दी गयी पॉवर ऑफ़ एटॉर्नी का रेवोकेशन और एजेंट के अन्य अधिकार
यह मालिक की इच्छा पर है कि वह मुख्तारनामा का प्रतिसंहरण कर दे अर्थात उसे रद्द कर दे, किंतु जहां कोई मुख्तारनामा किसी अभिकर्ता के संबंध में सृजित किया गया है तो वह उसी मुख्तारनामा के अनुसार कार्य करेगा वरना मुख्तारनामा की बाबत अप्रतिसंहरण शब्द का प्रयोग हुआ है किंतु यह ध्यान देने की बात है कि मालिक इसके बावजूद भी मुख्तारनामा का रेवोकेशन करने के लिए अधिकृत है।जब भी कोई एजेंसी की संविदा की जाती है तो इसमें मालिक द्वारा एजेंट को मुख्तारनामा दे दिया जाता है तथा कई शक्तियां दे दी जाती हैं। जिन शर्तों...
The Indian Contract Act में एजेंट को दिए गए अधिकार
अभिकरण की संविदा के अंतर्गत मालिक अपने द्वारा किए जाने वाले कार्यों को किसी अभिकर्ता को सौंप देता है। इस प्रकार वह अपने कार्यों का प्रत्यारोपण कर देता है। मालिक के कार्य अभिकर्ता द्वारा किए जाते हैं तो मालिक अभिकर्ता को अपने अधिकार भी सौंप देता है।भारतीय संविदा अधिनियम 1872 की धारा 188 अभिकर्ता के प्राधिकार के विस्तार के संबंध में उल्लेख कर रही है। यह धारा इस बात पर प्रकाश डालती है कि किसी अभिकर्ता के प्राधिकार या उसकी शक्ति का विस्तार कहां तक होता है।इस धारा के अनुसार- किसी कार्य को करने का...
हाईकोर्ट वीकली राउंड अप : पिछले सप्ताह के कुछ खास ऑर्डर/जजमेंट पर एक नज़र
देश के विभिन्न हाईकोर्ट में पिछले सप्ताह (08 सितंबर, 2025 से 12 सितंबर, 2025) तक क्या कुछ हुआ, जानने के लिए देखते हैं हाईकोर्ट वीकली राउंड अप। पिछले सप्ताह हाईकोर्ट के कुछ खास ऑर्डर/जजमेंट पर एक नज़र।परिवार छोड़ने वाले माता-पिता की आय EWS आरक्षण में नहीं गिनी जाएगी: केरल हाईकोर्ट केरल हाईकोर्ट ने हाल ही में एक अहम फैसला दिया है कि अगर किसी बच्चे के माता-पिता में से कोई एक परिवार को छोड़कर चला गया है, तो ऐसे माता-पिता की आय को EWS (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग) प्रमाणपत्र जारी करने में नहीं जोड़ा...
सुप्रीम कोर्ट वीकली राउंड अप : सुप्रीम कोर्ट के कुछ खास ऑर्डर/जजमेंट पर एक नज़र
सुप्रीम कोर्ट में पिछले सप्ताह (08 सितंबर, 2025 से 12 सितंबर, 2025 तक) तक क्या कुछ हुआ, जानने के लिए देखते हैं सुप्रीम कोर्ट वीकली राउंड अप। पिछले सप्ताह सुप्रीम कोर्ट के कुछ खास ऑर्डर/जजमेंट पर एक नज़र।प्रत्येक नई आवासीय प्रोजेक्ट को खरीदार द्वारा लागत का 20% भुगतान करने पर स्थानीय राजस्व प्राधिकरण के पास रजिस्टर्ड होना अनिवार्य: सुप्रीम कोर्ट घर खरीदारों के हितों की रक्षा के लिए सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया कि नई आवासीय प्रोजेक्ट के लिए प्रत्येक आवासीय अचल संपत्ति लेनदेन को खरीदार/आवंटी द्वारा...
SCBA | Umar Khalid | Sonia Gandhi | Delhi High Court | Anticipatory Bail : 12.09.2025
आज की बड़ी कानूनी ख़बरें एक जगह: सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि जिला जजों की बार कोटे से नियुक्ति पर सुनवाई 23 सितंबर से होगी। SCBA ने सुप्रीम कोर्ट में रील्स और वीडियोग्राफी पर रोक लगाने का प्रस्ताव दिया। उमर खालिद समेत 3 अन्य की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई 19 सितंबर तक टली। दिल्ली हाईकोर्ट में बम की धमकी के बाद परिसर खाली कराया गया। दिल्ली कोर्ट ने कहा- सोनिया गांधी का नाम मतदाता सूची में जोड़ने का अधिकार सिर्फ चुनाव आयोग का है। सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट और ट्रायल कोर्ट को निर्देश दिया कि जमानत याचिकाएं...
विभाजन के वाद में पक्षकारों का प्रतिस्थापन: जब उत्तराधिकारियों का पता न चल सके
विभाजन के वाद सह-स्वामियों या उत्तराधिकारियों के बीच संपत्ति के बंटवारे के लिए दायर किए जाते हैं, और इनमें अक्सर कई पक्ष शामिल होते हैं जिनके अधिकारों की सावधानीपूर्वक रक्षा करना आवश्यक होता है। एक आम समस्या तब उत्पन्न होती है जब ऐसे वाद के किसी एक पक्ष की कार्यवाही के दौरान मृत्यु हो जाती है। सामान्यतः, उनके कानूनी उत्तराधिकारियों या प्रतिनिधियों का नाम रिकॉर्ड में दर्ज किया जाता है ताकि मामला आगे बढ़ सके। यह प्रतिस्थापन सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908 के आदेश XXII नियम 4 के तहत किया जाता है।...
NCLT, NCLAT के रिक्त पदों को युद्धस्तर पर भरा जाना चाहिए, RERA में पर्याप्त स्टाफ होना चाहिए: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (NCLT) और राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (NCLAT) में रिक्त पदों को "युद्धस्तर" पर भरने का निर्देश दिया।अदालत ने कहा,"अतिरिक्त संख्या के साथ समर्पित IBC पीठों का गठन किया जाना चाहिए। नियमित नियुक्तियां होने तक रिटायर जजों की सेवाओं का तदर्थ आधार पर उपयोग किया जा सकता है।"अदालत ने कहा कि यद्यपि ऐसे निर्देश पहले भी जारी किए गए, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया।अदालत ने केंद्र सरकार को तीन महीने के भीतर देश...
परिवार छोड़ने वाले माता-पिता की आय EWS आरक्षण में नहीं गिनी जाएगी: केरल हाईकोर्ट
केरल हाईकोर्ट ने हाल ही में एक अहम फैसला दिया है कि अगर किसी बच्चे के माता-पिता में से कोई एक परिवार को छोड़कर चला गया है, तो ऐसे माता-पिता की आय को EWS (आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग) प्रमाणपत्र जारी करने में नहीं जोड़ा जाएगा।जस्टिस एन. नागेश एक याचिका पर सुनवाई कर रहे थे। याचिकाकर्ता (पहली याचिकाकर्ता) नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ फैशन टेक्नोलॉजी (NIFT) की अभ्यर्थी थी, जिसकी EWS प्रमाणपत्र के लिए दी गई अर्जी को खारिज कर दिया गया था। कोर्ट ने कहा,“EWS प्रमाणपत्र देने में पिता और मां दोनों की आय को ध्यान...
प्रत्येक नई आवासीय प्रोजेक्ट को खरीदार द्वारा लागत का 20% भुगतान करने पर स्थानीय राजस्व प्राधिकरण के पास रजिस्टर्ड होना अनिवार्य: सुप्रीम कोर्ट
घर खरीदारों के हितों की रक्षा के लिए सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया कि नई आवासीय प्रोजेक्ट के लिए प्रत्येक आवासीय अचल संपत्ति लेनदेन को खरीदार/आवंटी द्वारा संपत्ति की लागत का कम से कम 20% भुगतान करने पर स्थानीय राजस्व प्राधिकरण के पास रजिस्टर्ड किया जाएगा।अदालत ने आगे निर्देश दिया कि ऐसे अनुबंध जो मॉडल रेरा विक्रय समझौते से महत्वपूर्ण रूप से भिन्न हों, या जिनमें रिटर्न/बायबैक खंड शामिल हों, जहां आवंटी की आयु 50 वर्ष से अधिक हो, उन्हें सक्षम राजस्व प्राधिकरण के समक्ष शपथ पत्र द्वारा समर्थित होना...
BREAKING| वक्फ संशोधन अधिनियम पर सोमवार को फैसला सुनाएगा सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट सोमवार (15 सितंबर) को वक्फ संशोधन अधिनियम 2025 के प्रावधानों पर रोक लगाने की याचिकाओं पर अपना अंतरिम आदेश सुनाएगा।चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (सीजेआई) बीआर गवई और जस्टिस एजी मसीह की खंडपीठ ने तीन दिनों तक पक्षकारों की सुनवाई के बाद 22 मई को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था।ये याचिकाएं 2025 में संसद द्वारा पारित संशोधनों द्वारा वक्फ कानून में किए गए व्यापक बदलावों की संवैधानिकता को चुनौती देते हुए दायर की गईं।अप्रैल में पूर्व सीजेआई संजीव खन्ना की अध्यक्षता वाली पीठ द्वारा कुछ प्रावधानों पर...
पति की मौत के बाद दोबारा शादी कर भी ससुराल को मुकदमों में घसीटने पर महिला पर जुर्माना: दिल्ली हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट ने एक महिला पर ₹50,000 का जुर्माना लगाया है, क्योंकि उसने अपने ससुराल पक्ष को लगातार मुकदमों में घसीटा, जबकि उसके पति का निधन हो चुका था और वह खुद दूसरी शादी भी कर चुकी थी।जस्टिस अरुण मोंगा ने कहा कि महिला ने ससुराल वालों को “सिर्फ बदले की भावना से” और कानून के दुरुपयोग से परेशान किया है। कोर्ट ने टिप्पणी की कि उसका आचरण “कानून की प्रक्रिया के दुरुपयोग का पाठ्यपुस्तक उदाहरण” है। कोर्ट ने कहा कि पति की मृत्यु के बाद भी वह अपने सास-ससुर को लगातार मुकदमों में उलझाकर “सिर्फ...
आत्महत्या उकसावे में आरोपी की बार-बार की हरकतों से साबित हो सकती है मंशा: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने एक व्यक्ति को अग्रिम जमानत (pre-arrest bail) देने से इनकार कर दिया, जिस पर 16 साल 11 महीने की लड़की को आत्महत्या के लिए उकसाने (abetment of suicide) का आरोप है। कोर्ट ने कहा कि आत्महत्या के लिए उकसाने के मामलों में Mens Rea (दोषपूर्ण मानसिकता) केवल एक घटना से नहीं, बल्कि आरोपी के लगातार किए गए कृत्यों से निकाला जा सकता है।आरोप था कि घटना से एक रात पहले याचिकाकर्ता ने पीड़िता को फोन किया था और उसके द्वारा छोड़े गए सुसाइड नोट में लिखा था कि उसने पीड़िता को जान देने की...
भारतीय सामान को 'Made in China' बताकर बेचना सार्वजनिक हित के खिलाफ: दिल्ली हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा है कि स्थानीय रूप से बने सामान को उपभोक्ताओं के सामने 'Made in China' या किसी अन्य विदेशी देश का बताकर बेचना सार्वजनिक हित के खिलाफ है।यह मामला कस्टम विभाग से जुड़ा था, जिसमें याचिकाकर्ता के सामान (मोबाइल टेम्पर्ड ग्लास) पर 'Made in China' का लेबल लगा होने के कारण विभाग ने छापेमारी करके माल जब्त कर लिया था। विभाग ने सशर्त अंतरिम रिहाई की अनुमति दी थी, जिसके लिए ₹56,03,995/- का बॉन्ड और ₹29,75,189/- की बैंक गारंटी देने को कहा गया। याचिकाकर्ता ने इस शर्त का विरोध किया और...
Presidential Reference | CBI | India-Pakistan Asia Cup | Aishwarya Rai Bachchan : 11.09.2025
सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट से जुड़ी बड़ी कानूनी खबरें एक ही वीडियो में— सुप्रीम कोर्ट ने विधेयकों की स्वीकृति पर समय-सीमा वाले मामले में फैसला सुरक्षित रखा, पूर्व CBI अधिकारियों पर FIR दर्ज करने का आदेश बरकरार, भारत-पाक एशिया कप मैच रोकने से सुप्रीम कोर्ट ने किया इनकार, FIR दर्ज करने से पहले सूचना की जांच की ज़रूरत नहीं: SC, NDTV पत्रकार को मानहानि मामले में ₹10,000 हर्जाना देने का आदेश, बंगाल चुनाव बाद हिंसा केस में गवाही में देरी पर सुप्रीम कोर्ट ने ट्रायल कोर्ट से सवाल किए, दिल्ली हाईकोर्ट ने...
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट का आदेश: क्रिमिनल मामलों की लाइव स्ट्रीमिंग अस्थायी रूप से निलंबित
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने शुक्रवार को जनहित याचिका (PIL) पर सुनवाई करते हुए सभी पीठों द्वारा चल रहे आपराधिक मामलों की लाइव स्ट्रीमिंग अस्थायी रूप से रोकने का आदेश दिया। कोर्ट ने कहा कि यह आदेश 15 सितंबर (सोमवार) से लागू होगा और अगली सुनवाई तक प्रभावी रहेगा।PIL में आरोप1. याचिकाकर्ता ने दलील दी कि अदालत की कार्यवाही की लाइव स्ट्रीमिंग का दुरुपयोग किया जा रहा है।2. कई निजी संस्थाएं रील, क्लिप और मीम्स बनाकर सोशल मीडिया पर साझा कर रही हैं।3. इनसे न्यायपालिका और विधि समुदाय की छवि को ग़लत और अपमानजनक...
POCSO अपराधों की सुनवाई का अधिकार BSF कोर्ट को: दिल्ली हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसले में कहा कि बीएसएफ अधिनियम (BSF Act), जनरल सिक्योरिटी फोर्स कोर्ट (GSFC) को POCSO Act के तहत अपराधों की सुनवाई का अधिकार देता है।जस्टिस सी. हरि शंकर और जस्टिस ओम प्रकाश शुक्ला की खंडपीठ ने स्पष्ट किया,“BSF Act के प्रावधान, जब POCSO Act की धारा 42A के साथ पढ़े जाते हैं तो यह स्पष्ट हो जाता है कि GSFC को ऐसे अपराधों की सुनवाई करने का अधिकार है। इस प्रकार यह दलील अस्वीकार्य है कि GSFC को POCSO अपराध की सुनवाई का अधिकार नहीं है।”मामलायह फैसला असम में पदस्थापित...


















