हाईकोर्ट

NDTV के फाउंडर्स राधिका रॉय और प्रणय रॉय के खिलाफ बार-बार IT रीअसेसमेंट उत्पीड़न के बराबर: दिल्ली हाईकोर्ट
NDTV के फाउंडर्स राधिका रॉय और प्रणय रॉय के खिलाफ बार-बार IT रीअसेसमेंट उत्पीड़न के बराबर: दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि NDTV के फाउंडर्स राधिका रॉय और प्रणय रॉय के खिलाफ एक ही साल के लिए इनकम टैक्स असेसमेंट को बार-बार खोलना उनके "गैर-ज़रूरी उत्पीड़न" के बराबर है।जस्टिस दिनेश मेहता और जस्टिस विनोद कुमार की डिवीजन बेंच ने यह बात असेसमेंट ईयर 2009-10 के लिए इनकम टैक्स डिपार्टमेंट द्वारा शुरू की गई रीअसेसमेंट कार्यवाही पर सुनवाई करते हुए कही।कोर्ट ने कहा कि ऐसा कदम "निष्पक्ष न्याय प्रक्रिया की जड़ पर ही चोट करता है" और "अराजकता नहीं तो अनिश्चितता/अस्थिरता" पैदा करता है।यह मामला रॉय दंपत्ति...

मेडिकल कॉलेज फैकल्टी के लिए आधार और GPS आधारित अटेंडेंस सिस्टम निजता के अधिकार का उल्लंघन नहीं: पटना हाईकोर्ट
मेडिकल कॉलेज फैकल्टी के लिए आधार और GPS आधारित अटेंडेंस सिस्टम निजता के अधिकार का उल्लंघन नहीं: पटना हाईकोर्ट

एक महत्वपूर्ण फैसले में पटना हाईकोर्ट ने बिहार के मेडिकल कॉलेजों में फैकल्टी सदस्यों की अटेंडेंस दर्ज करने के लिए आधार-आधारित फेशियल ऑथेंटिकेशन और GPS लोकेशन शेयरिंग की आवश्यकता को सही ठहराया।जस्टिस बिबेक चौधरी की सिंगल जज बेंच एक रिट याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें एक पब्लिक नोटिस को चुनौती दी गई। इस नोटिस में राज्य के मेडिकल कॉलेजों और संस्थानों में फेस-आधारित आधार ऑथेंटिकेशन और GPS-सक्षम अटेंडेंस को अनिवार्य रूप से लागू करने का निर्देश दिया गया।याचिकाकर्ता अलग-अलग मेडिकल कॉलेजों और...

राज्य बिना मान्यता वाले मदरसे को बंद नहीं कर सकता, लेकिन सरकारी ग्रांट देने से मना कर सकता है: इलाहाबाद हाईकोर्ट
राज्य बिना मान्यता वाले मदरसे को बंद नहीं कर सकता, लेकिन सरकारी ग्रांट देने से मना कर सकता है: इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि कानून में ऐसा कोई प्रावधान नहीं है, जो डिस्ट्रिक्ट माइनॉरिटी वेलफेयर ऑफिसर को उत्तर प्रदेश राज्य में बिना मान्यता वाले मदरसे को बंद करने का अधिकार दे।याचिकाकर्ता मदरसा अहले सुन्नत इमाम अहमद रज़ा की मैनेजमेंट कमेटी ने श्रावस्ती के डिस्ट्रिक्ट माइनॉरिटी वेलफेयर ऑफिसर के आदेश के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील की थी, जिसमें याचिकाकर्ता मदरसे को बिना मान्यता प्राप्त होने के कारण बंद करने का आदेश दिया गया।याचिकाकर्ता के वकील ने उत्तर प्रदेश गैर-सरकारी अरबी और फारसी मदरसा मान्यता,...

नियोक्ता अपनी गलतियों को छिपाने के लिए रिटायरमेंट के बाद सर्विस बुक में बदलाव नहीं कर सकता: जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट ने रिटायर व्यक्ति से रिकवरी रद्द की
नियोक्ता अपनी गलतियों को छिपाने के लिए रिटायरमेंट के बाद सर्विस बुक में बदलाव नहीं कर सकता: जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट ने रिटायर व्यक्ति से रिकवरी रद्द की

जम्मू-कश्मीर एंड लद्दाख हाईकोर्ट ने फैसला सुनाया कि कोई भी नियोक्ता अपनी गलतियों को छिपाने के लिए रिटायरमेंट के बाद किसी कर्मचारी के नुकसान के लिए सर्विस रिकॉर्ड में बदलाव नहीं कर सकता, खासकर तब जब कर्मचारी सर्विस बुक बनाए रखने के लिए ज़िम्मेदार नहीं था और यह मामला कोर्ट के पहले के फैसले से सुलझ चुका था।कोर्ट जम्मू डेवलपमेंट अथॉरिटी के एक पूर्व कर्मचारी की सर्विस बुक एंट्री में बदलाव और लोकल फंड ऑडिट और पेंशन विभाग द्वारा जारी कम्युनिकेशन के बाद रिटायरमेंट के बाद के फायदों से रिकवरी को चुनौती...

सीनियरिटी से इंचार्ज पोस्टिंग का अधिकार नहीं मिलता, यह एडमिनिस्ट्रेटिव विवेक का मामला: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने रिटायर्ड अधिकारी की कॉन्ट्रैक्ट पर दोबारा नियुक्ति को सही ठहराया
सीनियरिटी से इंचार्ज पोस्टिंग का अधिकार नहीं मिलता, यह एडमिनिस्ट्रेटिव विवेक का मामला: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने रिटायर्ड अधिकारी की कॉन्ट्रैक्ट पर दोबारा नियुक्ति को सही ठहराया

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने यह साफ किया कि कैडर में सीनियरिटी से प्रमोशन/इंचार्ज पोस्टिंग का यह कहते हुए अधिकार नहीं मिलता कि ऐसी नियुक्तियां पूरी तरह से एडमिनिस्ट्रेटिव विवेक के दायरे में आती हैं।जस्टिस जय कुमार पिल्लई की बेंच ने कहा,"चार्ज सौंपना कोई अधिकार का मामला नहीं है, बल्कि एडमिनिस्ट्रेटिव विवेक का मामला है। इस कोर्ट के सामने कोई ऐसा कानूनी प्रावधान पेश नहीं किया गया, जो यह अनिवार्य करता हो कि निचले कैडर के सबसे सीनियर अधिकारी को ही उच्च पद का चार्ज दिया जाना चाहिए।"यह मामला मध्य प्रदेश...

सर्विस के दौरान विकलांगता के लिए सहानुभूति की ज़रूरत है, सज़ा की नहीं: पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने अनाधिकृत अनुपस्थिति के लिए कर्मचारी के खिलाफ चार्जशीट रद्द की
सर्विस के दौरान विकलांगता के लिए सहानुभूति की ज़रूरत है, सज़ा की नहीं: पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने अनाधिकृत अनुपस्थिति के लिए कर्मचारी के खिलाफ चार्जशीट रद्द की

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा रोडवेज के कर्मचारी का दावा खारिज करने वाला आदेश रद्द कर दिया, जिसे सर्विस के दौरान 70% विकलांगता हो गई। कोर्ट ने राज्य को निर्देश दिया कि उसे रिटायरमेंट की उम्र तक पूरी सर्विस सुविधाओं के साथ एक सुपरन्यूमरेरी पद पर रखा जाए।जस्टिस संदीप मौदगिल ने कहा,"एक कर्मचारी जिसने अपनी ज़िंदगी का सबसे अच्छा समय सार्वजनिक सेवा में लगाया, उसे अपनी सबसे कमज़ोर स्थिति में कठोरता का सामना नहीं करना चाहिए। सर्विस के दौरान हुई दिव्यांगता के लिए दंडात्मक कार्रवाई नहीं, बल्कि...

केरल हाईकोर्ट ने स्टेट बार काउंसिल को वकीलों से ली गई ₹5K ज़्यादा एनरोलमेंट फीस वापस करने का आदेश दिया
केरल हाईकोर्ट ने स्टेट बार काउंसिल को वकीलों से ली गई ₹5K ज़्यादा एनरोलमेंट फीस वापस करने का आदेश दिया

केरल हाईकोर्ट ने सोमवार (19 जनवरी) को केरल बार काउंसिल को सात वकीलों से उनके एनरोलमेंट के लिए ली गई ज़्यादा रकम वापस करने का निर्देश दिया।याचिकाकर्ताओं के अनुसार, BCK ने उनसे कानून द्वारा तय फीस 750 रुपये से 5000 रुपये ज़्यादा लिए थे। उन्होंने तर्क दिया कि यह एक गैर-कानूनी वसूली थी, जो गौरव कुमार बनाम यूनियन ऑफ इंडिया मामले में सुप्रीम कोर्ट के हाल के फैसले का सीधा उल्लंघन है।BCK द्वारा दायर जवाबी हलफनामे में संस्था ने याचिकाकर्ताओं के संपर्क करने पर ज़्यादा रकम वापस करने पर सहमति जताई।मामला जब...

कर्नाटक हाईकोर्ट ने केंद्र से भारतीय नागरिकता के लिए ऑनलाइन आवेदन से जुड़ा नोटिफिकेशन जमा करने को कहा
कर्नाटक हाईकोर्ट ने केंद्र से भारतीय नागरिकता के लिए ऑनलाइन आवेदन से जुड़ा नोटिफिकेशन जमा करने को कहा

कर्नाटक हाईकोर्ट ने सोमवार (19 जनवरी) को केंद्र सरकार से उस नोटिफिकेशन को रिकॉर्ड पर रखने को कहा, जिसके तहत भारतीय नागरिकता के लिए ऑनलाइन आवेदन संबंधित डिप्टी कमिश्नर के पास करना होता है।कोर्ट एक महिला की याचिका पर सुनवाई कर रहा था, जो अपने पति के साथ वैवाहिक विवाद के बाद अपने बेटे के लिए नागरिकता मांग रही थी, जो कनाडा में पैदा हुआ और फिलहाल उसके साथ भारत में रह रहा है।दोनों पक्षकारों को सुनने के बाद जस्टिस बीएम श्याम प्रसाद ने अपने आदेश में कहा:"मिस्टर शांति भूषण DSG ने कहा कि ऐसा अंतरिम आदेश...

अगर घर के काम आउटसोर्स किए जाएं तो उन्हें ज़्यादा सैलरी मिलेगी: पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने मोटर दुर्घटना मुआवज़ा बढ़ाकर ₹1.18 करोड़ किया
अगर घर के काम आउटसोर्स किए जाएं तो उन्हें ज़्यादा सैलरी मिलेगी: पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने मोटर दुर्घटना मुआवज़ा बढ़ाकर ₹1.18 करोड़ किया

इस बात पर ज़ोर देते हुए कि एक गृहिणी का काम सिर्फ़ देखभाल करने तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इसमें कई तरह की सेवाएं शामिल हैं, जिनके लिए अगर उन्हें आउटसोर्स किया जाए तो काफ़ी ज़्यादा पैसे मिलेंगे, पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने मोटर दुर्घटना क्लेम में दिए गए मुआवज़े को बढ़ाकर ₹58.22 लाख से ₹1.18 करोड़ कर दिया।जस्टिस सुदीप्ति शर्मा ने कहा,"एक गृहिणी का काम सिर्फ़ देखभाल से कहीं ज़्यादा है, इसमें पूरे परिवार के लिए खाना बनाना; किराने का सामान और घर का सामान खरीदना; घर और आस-पास की सफ़ाई और रखरखाव;...

अदीना मस्जिद-आदिनाथ मंदिर विवाद: कलकत्ता हाइकोर्ट पहुंचा मामला, याचिका में दावा- हिंदू देवताओं से भरा है स्थल
अदीना मस्जिद-आदिनाथ मंदिर विवाद: कलकत्ता हाइकोर्ट पहुंचा मामला, याचिका में दावा- 'हिंदू देवताओं से भरा है स्थल'

पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में स्थित ऐतिहासिक अदीना स्मारक को लेकर एक नई कानूनी लड़ाई शुरू हो गई। कलकत्ता हाइकोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) दायर कर दावा किया गया कि भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) ने अदीना मस्जिद के रूप में इस स्थल को गलत तरीके से वर्गीकृत किया, जबकि वहां हिंदू देवी-देवताओं की प्रतिमाएं और मंदिर के स्पष्ट अवशेष मौजूद हैं।चीफ जस्टिस सुजय पॉल और जस्टिस पार्थ सारथी सेन की खंडपीठ ने सोमवार (19 जनवरी 2026) को इस मामले पर सुनवाई की। याचिकाकर्ता अधिवक्ता हरि शंकर जैन ने मांग की कि ASI...

उन्नाव रेप केस: कुलदीप सिंह सेंगर को दिल्ली हाइकोर्ट से बड़ा झटका, सजा निलंबित करने की याचिका दूसरी बार खारिज
उन्नाव रेप केस: कुलदीप सिंह सेंगर को दिल्ली हाइकोर्ट से बड़ा झटका, सजा निलंबित करने की याचिका दूसरी बार खारिज

दिल्ली हाइकोर्ट ने सोमवार (19 जनवरी 2026) को उन्नाव दुष्कर्म पीड़िता के पिता की हिरासत में हुई मौत के मामले में पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर की सजा निलंबित करने की याचिका खारिज की। सेंगर इस मामले में 10 साल की सजा काट रहा है और उसने अपनी सजा को स्थगित करने की गुहार लगाई थी।जस्टिस रविंदर डुडेजा की पीठ ने याचिका यह कहते हुए खारिज की कि सेंगर के आपराधिक इतिहास और मामले की परिस्थितियों में ऐसा कोई नया बदलाव नहीं आया, जिसके आधार पर उसे राहत दी जा सके।पूरा मामलायह मामला अप्रैल 2018 का है, जब उन्नाव...

प्रोबेट कार्यवाही लंबित होने से रजिस्टर्ड वसीयत में जालसाजी के आरोप वाली FIR पर कोई रोक नहीं: दिल्ली हाईकोर्ट
प्रोबेट कार्यवाही लंबित होने से रजिस्टर्ड वसीयत में जालसाजी के आरोप वाली FIR पर कोई रोक नहीं: दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने रजिस्टर्ड वसीयत में जालसाजी के आरोप वाली FIR रद्द करने से यह कहते हुए इनकार किया कि वसीयत की वैधता की जांच करने वाली प्रोबेट कार्यवाही लंबित होने से जाली दस्तावेज़ बनाने और इस्तेमाल करने के आरोपों की समानांतर आपराधिक जांच पर कोई रोक नहीं लगती है।जस्टिस नीना बंसल कृष्णा की बेंच ने अपने आदेश में यह कहा:"इसलिए जालसाजी, दस्तावेज़ों में हेरफेर और उनका गलत फायदे के लिए इस्तेमाल सिर्फ सिविल अमान्यता के मामले नहीं हैं, बल्कि आपराधिक कानून के तहत स्वतंत्र अपराध हैं। इसलिए किसी...

चेक जारी करने वाले द्वारा पेमेंट रोकने के लिए किए गए बड़े बदलाव पर NI Act की धारा 138 लागू होगी; बदलाव किसने किया यह जांच का विषय: जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट
चेक जारी करने वाले द्वारा पेमेंट रोकने के लिए किए गए बड़े बदलाव पर NI Act की धारा 138 लागू होगी; 'बदलाव किसने किया' यह जांच का विषय: जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट

इस बात पर ज़ोर देते हुए कि चेक में किया गया कोई बड़ा बदलाव अपने आप में आरोपी को आपराधिक ज़िम्मेदारी से बरी नहीं करता, जम्मू-कश्मीर एंड लद्दाख हाईकोर्ट ने कहा कि नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट (NI Act) के तहत निर्णायक कारक सिर्फ़ बदलाव की मौजूदगी नहीं है, बल्कि उस व्यक्ति की पहचान है जिसने वह बदलाव किया।जस्टिस संजय धर की बेंच ने फैसला सुनाया कि जहां पेमेंट रोकने और धारा 138 के तहत कार्यवाही को नाकाम करने के लिए खुद ड्रॉअर द्वारा बदलाव किया जाता है, वहां मुक़दमे को शुरुआती दौर में ही खत्म नहीं किया...

मालवीय नगर चुनाव विवाद: सतीश उपाध्याय की जीत बरकरार, हाइकोर्ट ने खारिज की सोमनाथ भारती की याचिका
मालवीय नगर चुनाव विवाद: सतीश उपाध्याय की जीत बरकरार, हाइकोर्ट ने खारिज की सोमनाथ भारती की याचिका

दिल्ली हाइकोर्ट ने आम आदमी पार्टी (AAP) के सीनियर नेता और पूर्व कानून मंत्री सोमनाथ भारती को बड़ा कानूनी झटका दिया। अदालत ने मालवीय नगर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक सतीश उपाध्याय के निर्वाचन को चुनौती देने वाली भारती की चुनाव याचिका खारिज की।जस्टिस जसमीत सिंह की एकल पीठ ने शुक्रवार को यह फैसला सुनाते हुए स्पष्ट किया कि याचिका में एक ऐसी गंभीर कानूनी खामी है, जिसे बाद में सुधारा नहीं जा सकता। गौरतलब है कि वर्ष 2025 के दिल्ली विधानसभा चुनाव में सतीश उपाध्याय ने सोमनाथ भारती को मात्र 2,131 मतों...

Cash For Query Row: लोकपाल ने महुआ मोइत्रा के खिलाफ़ मंज़ूरी पर फैसला करने के लिए और समय मांगने के लिए हाईकोर्ट का रुख किया
Cash For Query Row: लोकपाल ने महुआ मोइत्रा के खिलाफ़ मंज़ूरी पर फैसला करने के लिए और समय मांगने के लिए हाईकोर्ट का रुख किया

भारत के लोकपाल ने सोमवार को दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर कर तृणमूल कांग्रेस (TMC) नेता महुआ मोइत्रा के खिलाफ़ कैश फॉर क्वेरी मामले में CBI को चार्जशीट दाखिल करने की मंज़ूरी देने पर फैसला करने के लिए और समय मांगा।बता दें, पिछले साल हाईकोर्ट ने लोकपाल का आदेश रद्द कर दिया था, जिसमें CBI को उनके खिलाफ़ चार्जशीट दाखिल करने की मंज़ूरी दी गई थी।कोर्ट ने कहा था कि लोकपाल ने लोकपाल अधिनियम के प्रावधानों को समझने में गलती की। इसलिए लोकपाल से एक महीने के भीतर मंज़ूरी के पहलू पर विचार करने का अनुरोध...

दुष्कर्म के मामलों में सुनवाई की समयसीमा पीड़ित के न्याय के लिए, आरोपी को खुद-ब-खुद जमानत मिलने का आधार नहीं: जम्मू-कश्मीर हाइकोर्ट
दुष्कर्म के मामलों में सुनवाई की समयसीमा 'पीड़ित के न्याय' के लिए, आरोपी को खुद-ब-खुद जमानत मिलने का आधार नहीं: जम्मू-कश्मीर हाइकोर्ट

जम्मू-कश्मीर एंड लद्दाख हाइकोर्ट ने महत्वपूर्ण व्यवस्था देते हुए कहा कि दंड प्रक्रिया संहिता (CrPC) की धारा 309 के तहत दुष्कर्म के मुकदमों को दो महीने में पूरा करने का प्रावधान पीड़िता को 'त्वरित न्याय' दिलाने के लिए बनाया गया। इसे आरोपी द्वारा देरी के आधार पर 'ऑटोमैटिक बेल' (स्वचालित जमानत) पाने के लिए हथियार के रूप में इस्तेमाल नहीं किया जा सकता।जस्टिस संजय धर की पीठ ने एक 13 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म के आरोपी दो व्यक्तियों की जमानत याचिका खारिज करते हुए यह टिप्पणी की।क्या...

IPC की धारा 407: गंतव्य से पहले माल उतारना भी आपराधिक विश्वासघात- जस्टिस राजेश कुमार गुप्ता ने स्पष्ट किया कानून
IPC की धारा 407: गंतव्य से पहले माल उतारना भी आपराधिक विश्वासघात- जस्टिस राजेश कुमार गुप्ता ने स्पष्ट किया कानून

मध्य प्रदेश हाइकोर्ट ने महत्वपूर्ण कानूनी फैसला सुनाते हुए स्पष्ट किया कि यदि किसी वाहक को माल सुपुर्द किया गया और वह उसे निर्धारित गंतव्य के बजाय रास्ते में ही कहीं और उतार देता है या मार्ग बदल देता है तो यह आपराधिक विश्वासघात (Criminal Breach of Trust) का अपराध माना जाएगा।जस्टिस राजेश कुमार गुप्ता की पीठ ने कहा कि इस अपराध को स्थापित करने के लिए माल की वास्तविक बिक्री या उसके निपटान को साबित करना अनिवार्य नहीं है।पूरा मामलायह मामला मार्च, 2006 का है जब विदिशा के जिला आपूर्ति अधिकारी ने...

POCSO Act | चोट की रिपोर्ट न होने पर पीड़ित को मुआवज़ा देने से इनकार नहीं किया जा सकता: इलाहाबाद हाईकोर्ट
POCSO Act | चोट की रिपोर्ट न होने पर पीड़ित को मुआवज़ा देने से इनकार नहीं किया जा सकता: इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि उत्तर प्रदेश रानी लक्ष्मीबाई महिला सम्मान कोष नियम, 2015 के तहत मुआवज़ा तब दिया जाना चाहिए, जब FIR में प्रोटेक्शन ऑफ़ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्शुअल ऑफ़ेंसेस एक्ट, 2012 (POCSO Act) की धारा 4 के तहत अपराध का ज़िक्र हो। कोर्ट ने कहा कि सिर्फ़ इसलिए कि चोट की रिपोर्ट में किसी चोट का ज़िक्र नहीं है, मुआवज़ा देने से इनकार नहीं किया जा सकता।जस्टिस शेखर बी. सर्राफ और जस्टिस मनजीव शुक्ला की बेंच ने कहा,“इस स्कीम के तहत पेनिट्रेटिव सेक्शुअल असॉल्ट की शिकार को मुआवज़ा इसलिए नहीं दिया...

बार एसोसिएशन राज्य की श्रेणी में नहीं आते, ये सार्वजनिक कार्य नहीं करते: दिल्ली हाइकोर्ट
बार एसोसिएशन 'राज्य' की श्रेणी में नहीं आते, ये सार्वजनिक कार्य नहीं करते: दिल्ली हाइकोर्ट

दिल्ली हाइकोर्ट ने महत्वपूर्ण व्यवस्था देते हुए स्पष्ट किया कि बार एसोसिएशन भारतीय संविधान के अनुच्छेद 12 के तहत 'राज्य' या उसकी संस्था की श्रेणी में नहीं आते हैं।चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय और जस्टिस तेजस कारिया की खंडपीठ ने कहा कि बार एसोसिएशनों द्वारा किए जाने वाले कार्य मुख्य रूप से व्यक्तिगत वकीलों के हितों की रक्षा के लिए होते हैं, जिन्हें 'सार्वजनिक कार्य' नहीं माना जा सकता। अदालत ने यह निर्णय एक महिला वकील की अपील खारिज करते हुए सुनाया, जिसमें उन्होंने अपने चैंबर में वकीलों द्वारा किए गए...