हाईकोर्ट

पैकेज पॉलिसी के तहत यात्रियों को कवर करने पर यात्री के तौर पर यात्रा कर रहे वाहन मालिक को मुआवज़ा पाने का हक: उत्तराखंड हाईकोर्ट

उत्तराखंड हाईकोर्ट ने कहा कि अगर किसी कॉम्प्रिहेन्सिव/पैकेज इंश्योरेंस पॉलिसी में खास तौर पर यात्रियों को कवर किया गया है तो यात्री के तौर पर यात्रा कर रहे वाहन मालिक को सिर्फ़ इसलिए मुआवज़े से वंचित नहीं किया जा सकता, क्योंकि वह वाहन का मालिक है। कोर्ट ने पाया कि उस खास इंश्योरेंस पॉलिसी की शर्तों में नौ यात्रियों के लिए साफ़ तौर पर कवरेज दिया गया, जिसके लिए अलग से प्रीमियम लिया गया।जस्टिस पंकज पुरोहित मोटर एक्सीडेंट क्लेम्स ट्रिब्यूनल के फ़ैसले के ख़िलाफ़ अपील पर सुनवाई कर रहे थे, जिसने सड़क...

अधिग्रहित ज़मीन से जुड़े दूध के कारोबार के नुकसान पर मुआवज़ा मिल सकता है: बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा कि अधिग्रहित ज़मीन पर बने अस्तबल से चलाए जा रहे दूध के कारोबार में हुए नुकसान के लिए मुआवज़ा मिल सकता है, क्योंकि लैंड एक्विजिशन एक्ट, 1894 की धारा 3(a) के तहत "ज़मीन" में ज़मीन से मिलने वाले फ़ायदे भी शामिल हैं। कोर्ट ने पाया कि अपीलकर्ता ने अपने दूध के कारोबार के बारे में सबूत पेश किए और यह कारोबार ज़मीन के अधिग्रहण के कारण ही बंद हुआ था।जस्टिस अभय आहूजा उस अपील पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें अधिग्रहित ज़मीन और मवेशियों के शेड के लिए मुआवज़ा बढ़ाने की मांग की गई। संबंधित...

त्विशा शर्मा दहेज हत्या मामला: पूर्व जज गिरिबाला सिंह की जमानत पर CBI को जवाब के लिए मिला एक सप्ताह

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने पूर्व जज गिरिबाला सिंह की नियमित जमानत याचिका पर जवाब दाखिल करने के लिए CBI को एक सप्ताह का समय दिया। यह मामला उनकी बहू त्विशा शर्मा की मौत और दहेज उत्पीड़न के आरोपों से जुड़ा है।जस्टिस अजय कुमार निरंकारी की पीठ ने CBI के वकील के अनुरोध को स्वीकार करते हुए मामले की अगली सुनवाई 21 सितंबर को तय की। 33 वर्षीय त्विशा शर्मा 12 मई को भोपाल स्थित अपने ससुराल में मृत मिली थीं। मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 80(2) के तहत दहेज मृत्यु, धारा 85 के तहत क्रूरता और धारा...

FIR दर्ज कराने के चरण में मृतक का मीडिया को दिया बयान मृत्यु पूर्व बयान नहीं माना जा सकता: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने कहा कि FIR दर्ज कराने की मांग के चरण में इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के सामने मृतक द्वारा कथित रूप से दिए गए बयान को निर्णायक रूप से मृत्यु पूर्व बयान नहीं माना जा सकता। अदालत ने स्पष्ट किया कि ऐसे बयान की प्रामाणिकता, सामग्री और साक्ष्य के रूप में उसकी अहमियत का निर्धारण सबूतों के आधार पर किया जाना जरूरी है।जस्टिस हिमांशु जोशी की पीठ ने मृतक की पत्नी की उस अर्जी को खारिज किया, जिसमें पुलिस अधिकारियों पर उसके पति के साथ मारपीट करने और इसके कारण उसकी मौत होने का आरोप लगाते हुए FIR...

समय से पहले रिहाई का फैसला सिर्फ जेल के आचरण से नहीं हो सकता: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सरकार को दिया समग्र दृष्टिकोण अपनाने का निर्देश

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि किसी उम्रकैद की सजा पाए कैदी की समय से पहले रिहाई पर विचार करते समय सरकार केवल अपराध की प्रकृति और जेल में उसके आचरण तक अपना निर्णय सीमित नहीं कर सकती। सरकार को कैदी के सुधार, उसके सामाजिक पुनर्वास और समाज में दोबारा शामिल होने की संभावनाओं से जुड़े व्यापक पहलुओं पर समग्र रूप से विचार करना होगा।जस्टिस जे.जे. मुनीर और जस्टिस तरुण सक्सेना की खंडपीठ ने यह टिप्पणी उस मामले में की, जिसमें दो दशक से अधिक समय जेल में बिता चुके उम्रकैद के कैदी की समय से पहले रिहाई की अर्जी...

Zee News और सुधीर चौधरी से माफी की शहला राशिद की मांग पर 26 नवंबर को फैसला करेगा दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने सोशल एक्टिविस्ट और JNU की पूर्व छात्रा शहला राशिद की उस याचिका पर 26 नवंबर को फैसला सुनाने की तारीख तय की, जिसमें उन्होंने 2020 में प्रसारित कार्यक्रम को लेकर Zee News और उसके तत्कालीन एंकर सुधीर चौधरी से स्पष्ट और बिना शर्त माफी मांगने का निर्देश देने की मांग की।जस्टिस स्वर्ण कांता ने मंगलवार को कहा कि मामले में पक्षकारों की दलीलें पूरी हो चुकी हैं। इसके बाद अदालत ने याचिका को 26 नवंबर को अंतिम निपटारे के लिए सूचीबद्ध किया। अदालत ने न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एंड डिजिटल स्टैंडर्ड्स...

कॉलेज को बड़ा दिल दिखाना चाहिए: DU छात्रसंघ चुनाव में पांच उम्मीदवारों को हाईकोर्ट से राहत, नामांकन खारिज करने का फैसला पलटा

दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव 2026-27 में नामांकन संबंधी खामियों के कारण उम्मीदवारी खारिज किए जाने के खिलाफ दायर याचिकाओं पर पांच छात्रों को राहत दी।जस्टिस अमित बंसल ने कैंपस लॉ सेंटर और श्री गुरु गोबिंद सिंह कॉलेज ऑफ कॉमर्स के चुनावों में इन उम्मीदवारों को अलग-अलग पदों पर चुनाव लड़ने की अनुमति दी। सुनवाई के दौरान एक याचिका पर टिप्पणी करते हुए अदालत ने मौखिक रूप से कहा कि ऐसे मामलों में कॉलेज को बड़ा दिल दिखाना चाहिए।कैंपस लॉ सेंटर के उपाध्यक्ष पद के उम्मीदवार कन्हैया...

TV9 के प्रबंध निदेशकों के खिलाफ मानहानि मामले में जारी प्रक्रिया रद्द, बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा- नाम जोड़ने के बाद शिकायतकर्ता का बयान दोबारा दर्ज करना जरूरी

बॉम्बे हाईकोर्ट ने TV9 न्यूज चैनल के प्रबंध निदेशकों रवि वेलिचेटी और नरसिम्हा मंगिपुडी के खिलाफ मानहानि मामले में मजिस्ट्रेट द्वारा जारी प्रक्रिया को रद्द किया।मामला मुंबई पुलिस अधिकारी राजेश सावणे की शिकायत से जुड़ा था, जिसमें चैनल पर पुलिस अधिकारी से मारपीट की घटना का वीडियो प्रसारित कर उन्हें कथित तौर पर बदनाम करने का आरोप लगाया गया। जस्टिस रणजीत सिंह भोंसले ने कहा कि शिकायत में दोनों प्रबंध निदेशकों के नाम बाद में जोड़े गए थे, लेकिन नाम जोड़ने के बाद मजिस्ट्रेट ने शिकायतकर्ता का बयान दोबारा...

पंतजलि आयुर्वेद की कर अपीलों पर ITAT की जल्दबाजी से नाराज दिल्ली हाईकोर्ट, कहा- आदेश में तर्क और कारण का अभाव

दिल्ली हाईकोर्ट ने पंतजलि आयुर्वेद लिमिटेड से जुड़ी सात कर अपीलों का निपटारा करते समय आयकर अपीलीय न्यायाधिकरण (ITAT) के रवैये पर कड़ी नाराजगी जताई।हाईकोर्ट ने न्यायाधिकरण के आदेश में प्रक्रियागत खामियों, पारदर्शिता की कमी और अनुचित जल्दबाजी को लेकर गंभीर टिप्पणी की। जस्टिस दिनेश मेहता और जस्टिस रजनीश कुमार गुप्ता की पीठ ने कहा कि ITAT तथ्यों पर निर्णय देने वाली सर्वोच्च अपीलीय संस्था है लेकिन उसके आदेश में कंपनी की दलीलों और अपीलों में उठाए गए मुद्दों पर समुचित चर्चा तक नहीं की गई।मामला आयकर...

दिल्ली पुलिस के लापरवाह रवैये के कारण सरकारी गवाह मुकर जाते हैं: हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने पुलिस सिस्टम के उस लापरवाह रवैये पर चिंता जताई, जिसके कारण सरकारी गवाह अक्सर अभियोजन पक्ष के मामले में मुकर जाते हैं।जस्टिस गिरीश कथपालिया ने हत्या के मामले में एक आरोपी की ज़मानत अर्ज़ी पर सुनवाई करते हुए यह बात कही।अभियोजन पक्ष का आरोप था कि आरोपी महिला ने एक सह-आरोपी के साथ मिलकर उस व्यक्ति की हत्या की, जिसके साथ उसका कथित तौर पर एक्स्ट्रा-मैरिटल अफ़ेयर था।यह भी आरोप लगाया गया कि हत्या के बाद आरोपी महिला और उसकी मां ने मृतक के शव को एक बक्से में पैक किया और उसे निज़ामुद्दीन...

नोएडा श्रमिक प्रदर्शन मामला: पत्रकार सत्यम वर्मा को एक केस में सह-आरोपी की जमानत के आधार पर हाईकोर्ट से राहत

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अप्रैल 2026 के नोएडा श्रमिक प्रदर्शन से जुड़े 11 आपराधिक मामलों में से एक मामले में पत्रकार सत्यम वर्मा को जमानत दी।जस्टिस कृष्ण पहल की पीठ ने यह राहत उसी मामले में पहले जमानत पा चुके सह-आरोपी के साथ समानता के आधार पर दी। हालांकि, अन्य मामलों में हिरासत और राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत अलग से निरुद्ध होने के कारण सत्यम वर्मा के फिलहाल जेल से बाहर आने की संभावना नहीं है। हाईकोर्ट ने गौतम बुद्ध नगर के एक थाने में दर्ज केस क्राइम नंबर 164/2026 में जमानत मंजूर की। इस मामले में...

नाबालिग दुष्कर्म पीड़िता को जबरन गर्भ जारी रखने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता: दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि नाबालिग दुष्कर्म पीड़िता को गर्भ जारी रखने और बच्चे को जन्म देने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता। महिला के अपने शरीर से जुड़े अधिकार में यह तय करने का अधिकार भी शामिल है कि वह मां बनना चाहती है या नहीं।कोर्ट ने करीब 30 सप्ताह 5 दिन के गर्भ वाली 15 वर्षीय दुष्कर्म पीड़िता को मेडिकल प्रेग्नेंसी टर्मिनेशन की अनुमति देते हुए ये महत्वपूर्ण टिप्पणियां कीं। जस्टिस मधु जैन ने कहा कि यौन हिंसा के मामले में पीड़िता को अपनी इच्छा के विरुद्ध गर्भ जारी रखने और मातृत्व की जिम्मेदारी...

शादी के बाद बदले हालात: राजस्थान हाईकोर्ट ने दुष्कर्म और POCSO FIR रद्द की, कहा- विवाद का मूल आधार अब नहीं रहा

राजस्थान हाईकोर्ट ने पक्षकारों के बीच समझौते और बाद में उनके विवाह को ध्यान में रखते हुए दुष्कर्म और POCSO Act के तहत दर्ज FIR रद्द की।जस्टिस अनिल कुमार उपमन की पीठ ने कहा कि परिस्थितियों में आए बदलाव से स्पष्ट है कि विवाद का मूल आधार अब अस्तित्व में नहीं है और मामले में दोषसिद्धि की संभावना बेहद कम है। मामले में याचिकाकर्ता के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 376 और POCSO Act के तहत मामला दर्ज किया गया था। याचिकाकर्ता ने दोनों पक्षों के बीच हुए समझौते के आधार पर एफआईआर और उससे जुड़ी आपराधिक...

परिवार दशकों से भारत में रह रहा हो तो नेपाली नागरिक होने के कारण पैरोल से इनकार नहीं किया जा सकता: हिमाचल हाईकोर्ट

हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने कहा कि किसी दोषी का नेपाली नागरिक होना अपने आप में उसे पैरोल देने से इनकार करने का आधार नहीं हो सकता। यदि दोषी का परिवार कई दशकों से भारत में रह रहा है, यहां उसके स्थायी सामाजिक और पारिवारिक संबंध हैं तथा जेल में उसका आचरण संतोषजनक रहा है तो केवल इस आशंका के आधार पर पैरोल नहीं रोकी जा सकती कि वह नेपाल भाग सकता है।जस्टिस राकेश कैंथला ने विक्की राणा की याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि जब याचिकाकर्ता के परिवार के सदस्य 30-35 वर्षों से नैनीताल में रह रहे हैं, तो केवल उसके...

DUSU चुनाव में राजनीतिक दलों के प्रभाव का आरोप, दिल्ली हाईकोर्ट में जनहित याचिका; कल होगी सुनवाई

दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (DUSU) के 2026-27 के चुनाव को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई। याचिका में 13 अगस्त को जारी चुनाव अधिसूचना और 11 सितंबर के नोटिस को चुनौती दी गई। याचिकाकर्ता ने मांग की कि छात्र संघ चुनाव लिंगदोह समिति की सिफारिशों और केंद्र सरकार के संबंधित निर्देशों के अनुरूप कराया जाए।मामले का मंगलवार को चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय की अध्यक्षता वाली खंडपीठ के समक्ष उल्लेख किया गया। पीठ ने मामले को बुधवार को सुनवाई के लिए सूचीबद्ध करने की अनुमति दी।दिल्ली यूनिवर्सिटी...

12 साल से जेल में बंद आरोपी को जमानत, दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा- मुकदमे में देरी हो तो अपराध की गंभीरता अकेले जमानत रोकने का आधार नहीं

दिल्ली हाईकोर्ट ने हत्या और लूट के 2013 के मामले में 12 साल से अधिक समय से जेल में बंद आरोपी को नियमित जमानत देते हुए कहा कि केवल अपराध की गंभीरता अपने आप में जमानत देने पर पूर्ण रोक नहीं लगा सकती। यदि मुकदमा उचित गति से आगे नहीं बढ़ रहा है और आरोपी के शीघ्र सुनवाई के अधिकार का उल्लंघन हो रहा है तो लंबे समय तक हिरासत में रखना जमानत पर विचार करने का महत्वपूर्ण आधार है।जस्टिस पुरुषैंद्र कुमार कौरव ने शिवम गुप्ता की जमानत याचिका मंजूर करते हुए यह टिप्पणी की। आरोपी को जनवरी 2014 में भारतीय दंड...

हाईकोर्ट ने ज़मानत मामले में प्रॉसिक्यूटर को जानकारी न देने पर दिल्ली पुलिस को फटकार लगाई, DCP को पेश होने का निर्देश दिया

दिल्ली हाईकोर्ट ने ज़मानत के मामलों में प्रॉसिक्यूटर (सरकारी वकील) को समय पर जानकारी न देने के लिए दिल्ली पुलिस की आलोचना की। कोर्ट ने कहा कि ऐसी लापरवाही यह दिखाती है कि पुलिस व्यक्तिगत आज़ादी के मुद्दे को किस तरह से ले रही है।जस्टिस गिरीश कठपालिया ने नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस एक्ट (NDPS Act) की धारा 22 और 29 के तहत दर्ज FIR से जुड़ी दो ज़मानत याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए ये टिप्पणियां कीं।कोर्ट ने गौर किया कि ये मामले पिछले साल दिसंबर से अलग-अलग बेंचों के सामने लंबित थे और...

क्या धर्म बदलने से अपने आप अनुसूचित जनजाति का दर्जा खत्म हो जाता है? इलाहाबाद हाईकोर्ट ने दिया जवाब

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि किसी दूसरे धर्म में धर्म परिवर्तन करने से ही किसी व्यक्ति का 'अनुसूचित जनजाति' (ST) का दर्जा अपने आप खत्म नहीं हो जाता।कोर्ट ने कहा कि कोई व्यक्ति ST का सदस्य बना रहता है या नहीं, यह तथ्यों पर निर्भर करता है। इसका फैसला आदिवासी पहचान की ज़रूरी विशेषताओं की जांच करके किया जाएगा, जिसमें पारंपरिक रीति-रिवाज, सामाजिक संगठन, सामुदायिक जीवन और संबंधित आदिवासी समुदाय द्वारा स्वीकार्यता शामिल है।जस्टिस अरुण कुमार की बेंच ने यह बात 'चिंथडा आनंद बनाम आंध्र प्रदेश राज्य और अन्य'...

दिल्ली हाईकोर्ट से शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को झटका, FDA नोटिस को चुनौती देने वाली याचिका खारिज

दिल्ली हाईकोर्ट ने सोमवार को विमल इलायची बनाने वाली कंपनी की याचिका खारिज की। कंपनी ने महाराष्ट्र FDA द्वारा अपने ब्रांड एंबेसडर शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को जारी 'कारण बताओ नोटिस' (show-cause notice) रद्द करने की मांग की थी। FDA ने यह नोटिस विज्ञापन में प्रोडक्ट को गलत तरीके से पेश करने के आरोप में जारी किया।जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने पी.बी. एग्रो LLP की याचिका खारिज की। यह कंपनी विमल इलायची और बिना तंबाकू वाले पान मसाला की मास्टर लाइसेंसधारी है। इसने मुंबई के फूड एंड ड्रग...