हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका: जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर पुलिस की लगातार निगरानी का आरोप
दिल्ली हाईकोर्ट में जनहित याचिका (PIL) दायर की गई, जिसमें आरोप लगाया गया कि दिल्ली पुलिस जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर "लगातार नज़र" रख रही है।जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी छात्र संघ (JNUSU) की पूर्व अध्यक्ष आइशे घोष द्वारा दायर इस याचिका में कहा गया कि इस तरह की निगरानी निजता, सम्मान, अभिव्यक्ति की आज़ादी और शांतिपूर्ण ढंग से इकट्ठा होने के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करती है।घोष ने आरोप लगाया कि 20 जून को जंतर-मंतर पर 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के धरने और भूख हड़ताल की शुरुआत के बाद से...
सीनियर सिटिज़न से जुड़ी कार्यवाही मौत के साथ खत्म हो जाती है, बचे हुए पक्ष सिविल फोरम में पारिवारिक समझौते के विवाद को आगे बढ़ा सकते हैं: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट
पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने साफ़ किया कि 'माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण और कल्याण अधिनियम, 2007' के तहत शुरू की गई कार्यवाही वरिष्ठ नागरिक की मौत के बाद जारी नहीं रहती, क्योंकि ऐसी कार्यवाही का मुख्य आधार ही उनकी मौत के साथ खत्म हो जाता है। [2026 LiveLaw (PH) 235]जस्टिस कीर्ति सिंह ने कहा,"इस अधिनियम के तहत कार्यवाही का मकसद वरिष्ठ नागरिकों के जीवनकाल में उनके कल्याण को सुनिश्चित करना है। जिस वरिष्ठ नागरिक के कहने पर ऐसी कार्यवाही शुरू की गई, उनके न रहने पर कार्यवाही का मूल आधार ही...
नाबालिग के साथ गैंग-रेप के 47 साल बाद दोषी ठहराए जाने का फ़ैसला बरकरार: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 71 साल के व्यक्ति की जेल की सज़ा कम की
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मंगलवार को 1979 के नाबालिग के साथ गैंग-रेप के मामले में एक व्यक्ति को दोषी ठहराए जाने का फ़ैसला बरकरार रखा, लेकिन उसकी मुख्य सज़ा को 7.5 साल से घटाकर 4 साल की कठोर कारावास (RI) कर दिया।जस्टिस संतोष राय की बेंच ने आपराधिक अपील के 43 साल से लंबित रहने और जीवित दोषी की उम्र (71 साल) को ध्यान में रखते हुए सज़ा में बदलाव किया।इसके साथ ही कोर्ट ने आरोपी-अपीलकर्ता द्वारा दायर आपराधिक अपील को आंशिक रूप से मंज़ूरी दे दी। उसे सरेंडर करने और बाकी बची सज़ा काटने का निर्देश दिया...
सिर्फ़ शादी से इनकार करना आत्महत्या के लिए उकसाना नहीं, पुलिस IPC की धारा 306 का 'आसानी से' इस्तेमाल कर रही है: उत्तराखंड हाईकोर्ट
उत्तराखंड हाईकोर्ट ने कहा कि ऐसा लगता है कि पुलिस भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) का इस्तेमाल "बहुत आसानी से और बिना सोचे-समझे" कर रही है। कोर्ट ने कहा कि ट्रायल कोर्ट को बहुत सावधानी और सोच-समझकर काम करना चाहिए और बिना सोचे-समझे या "सुरक्षित रहने" की मानसिकता अपनाते हुए इस धारा के तहत आरोप तय नहीं करने चाहिए।कोर्ट ने आगे कहा कि IPC की धारा 306 के तहत अपराध तब माना जाएगा, जब शुरुआती तौर पर ऐसे सबूत हों जिनसे पता चले कि आरोपी ने IPC की धारा 107 के तहत आत्महत्या के...
मंदिर के पुजारी की नियुक्ति के लिए सही प्रक्रिया की जगह विरासत या लंबी सेवा नहीं ले सकती: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने कहा कि लंबे समय तक सेवा, बाद में मिली मान्यता या प्रशासनिक बातचीत से पुजारी की नियुक्ति को सही नहीं ठहराया जा सकता। [2026 LiveLaw (MP) 273]जस्टिस जीएस अहलूवालिया और जस्टिस अनुराधा शुक्ला की डिवीजन बेंच ने इस बात पर भी ज़ोर दिया कि मंदिर के पुजारी के तौर पर सेवा करने का अधिकार न तो हमेशा के लिए होता है और न ही इसे विरासत में पाया जा सकता है।"लंबे समय तक सेवा में बने रहने से पुजारी के पद पर नियुक्ति सही नहीं हो जाती, और न ही बाद में मिली मान्यता या प्रशासनिक बातचीत से...
अर्द्ध-न्यायिक कार्य करने वाले तहसीलदार को जजों जैसा कानूनी संरक्षण मिलेगा, पेंशन रोकने का आदेश रद्द: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने मुरैना के रिटायर संयुक्त कलेक्टर की याचिका स्वीकार करते हुए उनकी पेंशन पर लगाई गई रोक को रद्द किया।कोर्ट ने कहा कि अर्द्ध-न्यायिक कार्य करने वाले तहसीलदार को जजों की तरह कानूनी संरक्षण प्राप्त है, इसलिए अपने न्यायिक कर्तव्यों के निर्वहन के दौरान किए गए कार्यों के लिए उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं की जा सकती, जब तक दुर्भावना या गंभीर कदाचार सिद्ध न हो।जस्टिस आनंद सिंह बहरावत की पीठ ने कहा कि मध्य प्रदेश भू-राजस्व संहिता के तहत अधिकारों का प्रयोग करने वाला तहसीलदार जज संरक्षण...
विदेशी वकील भारत में गवाहों से क्रॉस एग्जामिनेशन नहीं कर सकते, केवल कार्यवाही देख सकते हैं: केरल हाईकोर्ट
केरल हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि भारत में अदालत द्वारा नियुक्त वकील आयुक्त के समक्ष विदेशी वकील गवाहों की मुख्य परीक्षा या क्रॉस एग्जामिनेशन नहीं कर सकते।अदालत ने कहा कि साक्ष्य दर्ज करना न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा है और यह भारत में विधि व्यवसाय के दायरे में आता है, जिसकी अनुमति केवल भारतीय कानून के अनुसार अधिकृत वकीलों को है।जस्टिस मोहम्मद नियास सी. पी. ने कहा,"अधिवक्ता आयुक्त के समक्ष साक्ष्य दर्ज करना न्यायिक कार्यवाही का हिस्सा है और यह भारत में विधि व्यवसाय की श्रेणी में आता है। विदेशी...
अपील लंबित रहते पति ने की दूसरी शादी: गुजरात हाईकोर्ट ने तलाक की डिक्री पर लगाई रोक
गुजरात हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण आदेश में फैमिली कोर्ट द्वारा पति को दिए गए तलाक के फैसले के अमल पर रोक लगाई।कोर्ट ने पाया कि पत्नी की अपील लंबित रहने के दौरान पति ने दूसरी शादी कर ली, जिससे पत्नी अपने वैधानिक अपीलीय अधिकार का प्रभावी ढंग से उपयोग करने से वंचित हो गई।जस्टिस इलेश जे. वोरा और जस्टिस आर. टी. वच्छाणी की खंडपीठ ने कहा कि हिंदू विवाह अधिनियम की धारा 15 का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि तलाक के खिलाफ दायर अपील दूसरी शादी के कारण निष्प्रभावी न हो जाए।.मामले में फैमिली कोर्ट ने पति की...
52 वर्षीय महिला को IVF की अनुमति, मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने कहा- केवल उम्र के आधार पर नहीं रोका जा सकता उपचार
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने एक 52 वर्षीय महिला को इन विट्रो फर्टिलाइजेशन (IVF) प्रक्रिया से संतान प्राप्ति की अनुमति देते हुए कहा कि यदि डाक्टर महिला को मेडिकल रूप से उपयुक्त मानते हैं तो केवल आयु सीमा के आधार पर उसे इस प्रक्रिया से वंचित नहीं किया जा सकता।जस्टिस विशाल मिश्रा की पीठ ने दंपती की याचिका स्वीकार करते हुए कहा कि वे अपनी पसंद के किसी भी संस्थान में सहायक प्रजनन तकनीक (IVF) की प्रक्रिया करा सकते हैं। संबंधित संस्थान मेडिकल जांच के बाद यह तय करने के लिए स्वतंत्र होगा कि IVF किया जा सकता है...
ऑनलाइन बिक रहा है चाइनीज मांझा? इलाहाबाद हाईकोर्ट ने यूपी सरकार से मांगी जांच रिपोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार को यह जांच करने का निर्देश दिया कि प्रतिबंध के बावजूद क्या चाइनीज मांझा अब भी ऑनलाइन मंचों के माध्यम से बेचा जा रहा है।जस्टिस राजन राय और जस्टिस मंजीव शुक्ला की खंडपीठ वर्ष 2018 से लंबित जनहित याचिकाओं पर सुनवाई कर रही है।इन याचिकाओं में उत्तर प्रदेश में चाइनीज मांझे के आयात, बिक्री और उपयोग पर सख्ती से रोक लगाने की मांग की गई।सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि चाइनीज मांझा ऑनलाइन उपलब्ध है और इस संबंध में एक समाचार पत्र में भी रिपोर्ट प्रकाशित हुई।इस...
सगा बेटा भरण-पोषण दे रहा है तो सौतेले बेटे से दोबारा गुजारा भत्ता नहीं मांग सकती मां: इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि यदि किसी मां को दंड प्रक्रिया संहिता (CrPC) की धारा 125 के तहत उसके सगे बेटे से भरण-पोषण मिल रहा है, तो वह उसी उद्देश्य के लिए बाद में अपने सौतेले बेटे से अलग से भरण-पोषण की मांग नहीं कर सकती।जस्टिस लक्ष्मी कांत शुक्ला ने एक महिला की आपराधिक पुनरीक्षण याचिका खारिज करते हुए यह टिप्पणी की।बता दें महिला ने फैमिली कोर्ट के उस आदेश में संशोधन की मांग की थी जिसमें उसके सगे बेटे को 8,000 रुपये प्रतिमाह भरण-पोषण देने का निर्देश दिया गया जबकि सौतेले बेटे पर कोई जिम्मेदारी नहीं...
RWA के रोजमर्रा के विवादों पर सीधे याचिका नहीं चलेगी: हाईकोर्ट ने यूपी सरकार से शिकायत निवारण व्यवस्था बनाने को कहा
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए कहा कि रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) के रोजमर्रा के प्रबंधन से जुड़े विवादों को लेकर सीधे संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत याचिका दायर नहीं की जा सकती।कोर्ट ने साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार को निर्देश दिया कि उत्तर प्रदेश अपार्टमेंट (निर्माण संवर्धन, स्वामित्व एवं अनुरक्षण) अधिनियम, 2010 के तहत ऐसे विवादों के निपटारे के लिए सक्षम प्राधिकारी के माध्यम से औपचारिक शिकायत निवारण व्यवस्था विकसित करने पर विचार करे।जस्टिस आलोक माथुर और जस्टिस...
इंस्टाग्राम के कथित कॉपीराइट स्ट्राइक वसूली गिरोह पर सुनवाई से जस्टिस तेजस करिया हुए अलग, अब 28 जुलाई को होगी सुनवाई
दिल्ली हाईकोर्ट में इंस्टाग्राम के कथित कॉपीराइट स्ट्राइक के जरिए वसूली करने वाले संगठित साइबर गिरोह के खिलाफ दायर जनहित याचिका पर सुनवाई से जस्टिस तेजस करिया ने स्वयं को अलग कर लिया।अब इस मामले की सुनवाई किसी अन्य पीठ के समक्ष 28 जुलाई को होगी।यह जनहित याचिका डिजिटल सामग्री निर्माता नितिन जोशी ने दायर की।याचिका में आरोप लगाया गया कि कुछ संगठित गिरोह इंस्टाग्राम की कॉपीराइट शिकायत प्रणाली का दुरुपयोग कर फर्जी शिकायतें दर्ज कराते हैं। इसके चलते असली सामग्री निर्माताओं के खाते बिना पूर्व सूचना,...
जमानत याचिका में 10 दिन की देरी पर इलाहाबाद हाईकोर्ट सख्त, यूपी सरकार पर लगाया ₹50,000 जुर्माना
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक जमानत याचिका के निस्तारण में पुलिस अधिकारियों की लापरवाही के कारण हुई 10 दिन से अधिक की देरी पर उत्तर प्रदेश सरकार पर ₹50,000 का जुर्माना लगाया है। अदालत ने निर्देश दिया कि यह राशि याचिकाकर्ताओं को अदा की जाए। साथ ही राज्य सरकार को जांच के बाद संबंधित पुलिस अधिकारियों से यह राशि वसूलने की स्वतंत्रता भी दी।जस्टिस अरुण कुमार सिंह देशवाल की पीठ दहेज मृत्यु के एक मामले में आरोपी सास-ससुर की जमानत याचिका पर सुनवाई कर रही थी। अदालत ने पाया कि रिकॉर्ड पर ऐसा कोई पर्याप्त साक्ष्य...
आरोप बदलने के बाद गवाहों को दोबारा बुलाने की अर्जी सुनने से इनकार, निष्पक्ष सुनवाई के खिलाफ: मद्रास हाईकोर्ट
मद्रास हाईकोर्ट ने कहा है कि यदि ट्रायल के दौरान आरोप (Charges) में बदलाव किया जाता है, तो आरोपी को पहले से जांचे जा चुके गवाहों को दोबारा बुलाकर उनसे जिरह करने का अवसर देना निष्पक्ष सुनवाई (Fair Trial) का अहम हिस्सा है। अदालत ने स्पष्ट किया कि धारा 217 सीआरपीसी के तहत दायर ऐसी अर्जी को सुनने से ही इनकार करना प्रक्रियागत निष्पक्षता (Procedural Fairness) के मूल सिद्धांत के विपरीत होगा।जस्टिस विक्टोरिया गौरी ने कहा कि धारा 217 सीआरपीसी अदालत को यह विवेकाधिकार जरूर देती है कि यदि गवाहों को दोबारा...
अमित शाह, राहुल गांधी और सांसदों के खिलाफ FIR की मांग खारिज: दिल्ली हाईकोर्ट ने जनहित याचिका ठुकराई
दिल्ली हाईकोर्ट ने भारतीय न्याय संहिता, 2023 (BNS) की धारा 106(2) को अधिसूचित नहीं किए जाने के मामले में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी तथा सभी सांसदों के खिलाफ FIR दर्ज कराने की मांग वाली जनहित याचिका खारिज की।चीफ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस तेजस करिया की खंडपीठ ने वकील ऋतु गौबा द्वारा दायर याचिका को सुनवाई के बाद खारिज कर दिया। याचिकाकर्ता ने स्वयं अदालत में अपना पक्ष रखा।सुनवाई के दौरान जब याचिकाकर्ता ने अपनी दलीलों में राजनीतिक उदाहरण देने...
साइबर ठगी में हर सेकंड अहम: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने कहा- पुलिस, बैंक और दूरसंचार विभाग के बीच तुरंत समन्वय जरूरी
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने साइबर अपराधों की जांच को लेकर महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए कहा कि ऐसे मामलों में हर सेकंड अहम होता है और जांच एजेंसियों को अपराधियों से अधिक तेज़ी से काम करना होगा। कोर्ट ने कहा कि जब तक सूचना जुटाने, तकनीकी जांच और मैदानी कार्रवाई के बीच समन्वित व्यवस्था नहीं होगी, तब तक समय पर अपराध का खुलासा और धन की बरामदगी मुश्किल रहेगी।जस्टिस हिमांशु जोशी की पीठ ने मामले की सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार के गृह मंत्रालय, दूरसंचार विभाग और भारतीय रिजर्व बैंक को पक्षकार बनाने की अनुमति...
UPSC परीक्षा में पूर्व अभ्यर्थियों और कोचिंग शिक्षकों को लेखक बनाने पर रोक की मांग, दिल्ली हाईकोर्ट ने जारी किया नोटिस
दिल्ली हाईकोर्ट ने जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) और केंद्र सरकार से जवाब मांगा। याचिका में मांग की गई कि सिविल सेवा परीक्षा में दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए ऐसे लेखकों की नियुक्ति पर रोक लगाई जाए जो पहले कभी UPSC की परीक्षा दे चुके हों या सिविल सेवा परीक्षा की कोचिंग में शिक्षक अथवा प्रशिक्षक रहे हों।चीफ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस तेजस करिया की खंडपीठ ने UPSC के साथ-साथ कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय तथा दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग को नोटिस जारी कर...
सोनम वांगचुक के अनिश्चितकालीन अनशन पर दिल्ली हाईकोर्ट गंभीर, केंद्र और दिल्ली सरकार से कल तक मांगा जवाब
दिल्ली हाईकोर्ट ने जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के जंतर-मंतर पर चल रहे अनिश्चितकालीन अनशन को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए केंद्र सरकार और दिल्ली सरकार को नोटिस जारी किया। कोर्ट ने मामले को अत्यंत जरूरी बताते हुए दोनों सरकारों से कल तक जवाब मांगा।चीफ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस तेजस करिया की खंडपीठ ने सुनवाई के दौरान कहा कि वह याचिका पर विचार कर रही है, लेकिन केंद्र सरकार की ओर से वकील मौजूद नहीं होने के कारण मामले की अगली सुनवाई अगले दिन की जाएगी।कोर्ट ने मौखिक रूप से...
वन विभाग की असंवेदनशीलता निंदनीय': हाथी गांव में हाथियों के कल्याण पर राजस्थान हाईकोर्ट सख्त, मुख्य वन संरक्षक को किया तलब
राजस्थान हाईकोर्ट ने जयपुर के आमेर स्थित हाथी गांव में पालतू हाथियों के कल्याण से जुड़ी याचिकाओं की सुनवाई के दौरान वन विभाग के रवैये पर कड़ी नाराजगी जताई। कोर्ट ने संबंधित मुख्य वन संरक्षक को अगली सुनवाई पर व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का निर्देश दिया।एक्टिंग चीफ जस्टिस संजीव प्रकाश शर्मा और जस्टिस मनीष शर्मा की खंडपीठ ने वन विभाग के वकील द्वारा यह कहे जाने पर आश्चर्य जताया कि उन्हें मामले के तथ्यों की जानकारी नहीं है और उनके पास केस की फाइल भी उपलब्ध नहीं है।कोर्ट ने कहा कि यह याचिका वर्ष...




















