हाईकोर्ट
निजी विश्वविद्यालय द्वारा फ्रेंचाइजी द्वारा संचालित ऑफ-कैंपस कोर्स के आधार पर जारी प्रमाण पत्र कानूनी रूप से वैध नहीं: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने लेखाकार के पद के लिए भर्ती से संबंधित एक याचिका को खारिज करते हुए कहा कि एक निजी विश्वविद्यालय द्वारा अपने फ्रेंचाइजी द्वारा संचालित ऑफ-कैंपस कोर्स के आधार पर जारी किए गए किसी भी प्रमाण पत्र को कानूनी रूप से वैध नहीं कहा जा सकता है।जस्टिस गुरपाल सिंह अहलूवालिया की सिंगल जज बेंच ने कहा, "चूंकि महर्षि महेश योगी वैदिक विश्वविद्यालय, मध्य प्रदेश फे्रंचाइजी के माध्यम से ऑफ-कैम्पस पाठ्यक्रम चलाने का हकदार नहीं था, अतः महर्षि महेश योगी वैदिक विश्वविद्यालय, मध्य प्रदेश द्वारा...
किरायेदारी एग्रीमेंट की समाप्ति के बाद मध्यस्थता खंड लागू नहीं किया जा सकता: इलाहाबाद हाईकोर्ट
एक किरायेदारी एग्रीमेंट से संबंधित एक पुनरीक्षण याचिका पर विचार करते हुए, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने माना है कि अनुबंध समाप्त होने के बाद उत्पन्न होने वाले किसी भी विवाद के लिए मध्यस्थता के लिए एक खंड लागू नहीं किया जा सकता है।जस्टिस अजीत कुमार ने कहा "यह स्पष्ट रूप से बताता है कि एग्रीमेंट के तहत निर्धारित मध्यस्थता खंड को लागू करने के लिए एक अनुबंध का अस्तित्व आवश्यक है क्योंकि अनुबंध के साथ खंड समाप्त हो जाएगा," मामले की पृष्ठभूमि: संशोधनवादी और विरोधी पक्ष ने 27.08.2016 को एक किरायेदारी समझौता...
दिल्ली में स्थायी आवासीय पता न होने पर भी दोषी को फरलो से रोका नहीं जा सकता: दिल्ली हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में फैसला सुनाया है कि राष्ट्रीय राजधानी में स्थायी आवासीय पता न रखने वाले दोषी को फरलो दिए जाने से नहीं रोका जा सकता।जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने कहा, "इसलिए, दिल्ली जेल नियमों में निर्धारित प्रासंगिक नियमों को ध्यान में रखते हुए, यह न्यायालय इस निष्कर्ष पर पहुंचा है कि ऐसा कोई नियम या शर्त नहीं है कि दिल्ली में स्थायी आवासीय पता न रखने वाले दोषी-कैदी को इस आधार पर फरलो नहीं दिया जाएगा।"न्यायालय ने फैसला सुनाया कि किसी कैदी को उसके पते का सत्यापन करके फरलो दिया जा सकता...
कर्नाटक हाईकोर्ट ने MUDA मामले में मुकदमा चलाने के लिए राज्यपाल की मंजूरी को बरकरार रखने के आदेश के खिलाफ सीएम सिद्धारमैया की अपील पर नोटिस जारी किया
कर्नाटक हाईकोर्ट ने गुरुवार (5 दिसंबर) को मुख्यमंत्री सिद्धारमैया की अपील पर राज्य सरकार और अन्य प्रतिवादियों को नोटिस जारी किया, जिसमें एकल न्यायाधीश के आदेश को चुनौती दी गई थी, जिसमें राज्यपाल थावरचंद गहलोत द्वारा कथित मैसूर शहरी विकास प्राधिकरण (MUDA) घोटाले में उनकी जांच करने की मंजूरी देने के फैसले को बरकरार रखा गया था। मुख्यमंत्री ने अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया कि भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 17A का उल्लंघन किया गया है और एकल न्यायाधीश द्वारा गलत तरीके से इसे बरकरार रखा गया है। यह...
व्यक्तिगत आभूषण पहनकर भारत आने वाले विदेशी नागरिकों पर आयात शुल्क नहीं लगेगा: दिल्ली हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट ने माना कि विदेशी नागरिक द्वारा भारत में पहने गए आभूषणों पर सीमा शुल्क नहीं लगता है। जस्टिस यशवंत वर्मा और जस्टिस रविंदर डुडेजा की खंडपीठ ने सीमा शुल्क विभाग की उस कार्रवाई को अवैध घोषित किया, जिसमें थाई नागरिक की सोने की चेन और कड़ा जब्त किया गया था।पीठ ने कहा, “मौजूदा मामले में भी याचिकाकर्ता एक विदेशी नागरिक है, जो बैंकॉक से आते समय अपने शरीर पर चेन और कड़ा पहनकर आया था। इसे छिपाकर नहीं लाया गया था...हम तदनुसार मानते हैं कि जब्ती का आदेश, सीमा शुल्क और लगाया गया जुर्माना किसी...
यदि राज्य लिखित बयान में धारा 80 सीपीसी के तहत नोटिस की कमी के लिए मुकदमे की स्थिरता पर सवाल नहीं उठाता है, तो वह अपील स्तर पर ऐसा नहीं कर सकता: उड़ीसा हाईकोर्ट
उड़ीसा हाईकोर्ट ने दोहराया कि राज्य और उसकी एजेंसियां, अपील के चरण में पहली बार, इस आधार पर किसी मुकदमे की स्थिरता को चुनौती नहीं दे सकतीं कि मुकदमा शुरू करने से पहले उन्हें सिविल प्रक्रिया संहिता की धारा 80 के तहत कोई पूर्व सूचना जारी नहीं की गई थी। न्यायालय की स्थिति को स्पष्ट करते हुए जस्टिस आनंद चंद्र बेहरा की एकल पीठ ने कहा-“…यदि प्रतिवादी सीपीसी, 1908 की धारा 80(1) के तहत नोटिस जारी न किए जाने के आधार पर वादी के मुकदमे की स्थिरता को चुनौती देने वाले अपने लिखित बयान में इस बारे में कोई...
अगर समझौते के कारण एफआईआर रद्द हुई तो एससी/एसटी नियमों के तहत प्राप्त मुआवजा वापस किया जाना चाहिए: दिल्ली हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में एक फैसला में कहा कि एससी/एसटी नियमों के तहत प्राप्त कोई भी मुआवज़ा तब वापस किया जाना चाहिए जब किसी समझौते के कारण कानूनी कार्यवाही बंद हो जाती है। जस्टिस संजीव नरूला ने कहा कि एससी/एसटी (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत मुआवज़ा तंत्र नियमों के साथ पढ़ा जाए तो यह कानूनी कार्यवाही की निरंतरता से आंतरिक रूप से जुड़ा हुआ है।कोर्ट ने कहा, "अधिनियम और साथ के नियमों का उद्देश्य अनुसूचित जातियों और अनुसूचित जनजातियों के सदस्यों के खिलाफ अत्याचारों को रोकना है, यह सुनिश्चित...
मामले के निपटारे के बावजूद वादी की अंडरटेकिंग का प्रवर्तन तब तक जारी रहेगा जब तक कि अंडरटेकिंग का निर्वहन नहीं हो जाता: कलकत्ता हाईकोर्ट
कलकत्ता हाईकोर्ट की एक खंडपीठ, जिसमें जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस गौरांग कंठ शामिल थे, उन्होंने 22.11.2024 को राजस्थान उर्वरक एवं रासायनिक निगम लिमिटेड द्वारा मेसर्स बंगाल औद्योगिक निगम के भागीदारों के खिलाफ दायर अवमानना याचिका से अपील को खारिज करते हुए कहा कि "GA/2/2022 में अवमाननाकर्ताओं द्वारा दिए गए अंडरटेकिंग को लागू करने के लिए अवमानना कार्यवाही शुरू की गई है। किसी मुकदमेबाज द्वारा दिए गए अंडरटेकिंग को लागू करना मामले के निपटारे के बावजूद तब तक जारी रहेगा जब तक अंडरटेकिंग को...
कलकत्ता हाईकोर्ट ने 23 साल पहले चलती ट्रेन से गिरकर मरने वाले व्यक्ति के परिजनों को 8 लाख रुपये से अधिक का भुगतान करने का निर्देश दिया
कलकत्ता हाईकोर्ट ने रेलवे ट्रिब्यूनल के आदेश को पलट दिया और 2001 में चलती ट्रेन से गिरकर मरने वाले व्यक्ति के परिजनों को ब्याज सहित 8 लाख रुपये का भुगतान करने का निर्देश दिया।जस्टिस शम्पा (दत्त) पॉल ने कहा,प्रस्तुत मूल टिकट और टिकट की संख्या दावे के आवेदन में दी गई संख्या के समान होने से प्रथम दृष्टया यह साबित होता है कि इस मामले में पीड़ित भारतीय रेलवे का वास्तविक यात्री था। एमओ की राय से संबंधित डी.पी. मेमो और उसकी प्रविष्टियां, ओ/सी बंत्रा की पी.एम. रिपोर्ट में दर्ज चोटें और यू.डी. मामले की...
राजस्थान हाईकोर्ट ने एएजी, लॉ ऑफिसर्स की नियुक्तियों के खिलाफ दायर याचिका खारिज की; कहा- उनकी उपयुक्तता तय करना कार्यपालिका का अधिकार क्षेत्र
राजस्थान हाईकोर्ट ने राज्य सरकार द्वारा अतिरिक्त महाधिवक्ता (एएजी) और विधि अधिकारी (एलओ) की नियुक्तियों के खिलाफ दायर दायर जनहित याचिका को खारिज कर दिया। कोर्ट ने माना कि “लश्कर-ए-हिंद” के राष्ट्रीय अध्यक्ष की ओर से दायर याचिका में दम नहीं है और यह अस्पष्ट आरोपों के आधार पर दायर की गई है। कोर्ट ने कहा, “सरकार द्वारा नियुक्त वकील की उपयुक्तता पूरी तरह से कार्यकारी निर्णय के दायरे में आता है और इस तरह के निर्णय को इस आधार पर चुनौती नहीं दी जा सकती कि अन्य उपयुक्त और अधिक सक्षम वकीलों को छोड़...
आरोपी की इच्छा के विरुद्ध आवाज के नमूने एकत्र करना निजता के अधिकार या आत्म-दोषी ठहराने के खिलाफ अधिकार का उल्लंघन नहीं: राजस्थान हाईकोर्ट
राजस्थान हाईकोर्ट ने फैसला सुनाया है कि भारत के संविधान के अनुच्छेद 20(3) में केवल यह कहा गया है कि अभियुक्त को स्वयं के विरुद्ध गवाह बनने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता है, न कि यह कि अभियुक्त को गवाह बनने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता है। परिणामस्वरूप, अभियुक्त से उसके आवाज के नमूने प्रस्तुत करने के लिए कहना, आत्म-दोषी ठहराने के समान नहीं है, जब दोषारोपण उस आवाज के नमूने की उपलब्ध रिकॉर्डिंग से तुलना करने पर निर्भर था।जस्टिस समीर जैन की पीठ ने आगे कहा कि बीएनएसएस की धारा 349 के तहत, विधानमंडल...
Unnao Rape मामले में मुख्य आरोपी कुलदीप सिंह सेंगर को मेडिकल आधार पर मिली अंतरिम जमानत
दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरुवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) से निष्कासित विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को मीडिया आधार पर दो सप्ताह की अंतरिम जमानत दी, जिसे उन्नाव बलात्कार मामले में दोषी ठहराया गया और आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।जस्टिस प्रतिभा एम सिंह और जस्टिस अमित शर्मा की खंडपीठ ने कहा कि सेंगर की मेजिकल संबंधी बीमारियों को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्हें एम्स में भर्ती होने का निर्देश दिया।न्यायालय ने मेडिकल बोर्ड द्वारा सेंगर की मेडिकल जांच का आदेश दिया और एम्स को इस पर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का...
झारखंड हाईकोर्ट ने कहा, दलीलों में की गई स्वीकारोक्ति साक्ष्य अधिनियम की धारा 21 के तहत बाध्यकारी, इसे अपील स्तर पर इसे वापस नहीं लिया जा सकता
झारखंड हाईकोर्ट ने हाल ही में माना कि भारतीय साक्ष्य अधिनियम, 1872 की धारा 21 के तहत दलीलों में की गई स्वीकारोक्ति बाध्यकारी है, और अपीलीय चरण में इसे वापस नहीं लिया जा सकता है। मामले की सुनवाई कर रहे जस्टिस सुभाष चंद ने कहा, "जहां तक अपीलकर्ता द्वारा उठाए गए दूसरे तर्क का सवाल है, जिसमें इस आधार पर आरोपित अवॉर्ड को चुनौती दी गई है कि घायल दावेदार को ट्रक द्वारा दुर्घटना के कारण कोई चोट नहीं आई है। अपीलकर्ता की ओर से इस तथ्य की दलील पहली बार अपील के चरण में उठाई गई है।" जस्टिस चंद ने कहा,...
दिल्ली हाईकोर्ट ने फर्जी शेयर बाजार निवेश में ठगी से जुड़े साइबर धोखाधड़ी मामले में ED को पक्षकार बनाया
दिल्ली हाईकोर्ट ने साइबर धोखाधड़ी के एक मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) को पक्षकार बनाया, जिसमें जालसाजों ने शेयर बाजार में निवेश के बहाने लोगों से कथित तौर पर करोड़ों रुपये ठगे हैं।याचिका में शुरू में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) और भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (SEBI) को पक्षकार बनाया गया, जिसमें संगठित साइबर धोखाधड़ी को संबोधित करने के लिए उनके हस्तक्षेप की मांग की गई।जस्टिस जसमीत सिंह ने ED को पक्षकार बनाने की अनुमति दी और उसे नोटिस जारी किया।याचिकाकर्ताओं का आरोप है कि जालसाजों ने...
ऑफिस टाइमिंग के दौरान सोशल मीडिया स्क्रॉलिंग से बचे स्टाफ: केरल हाईकोर्ट
केरल हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल ने हाल ही में कार्यालय समय के दौरान मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने के लिए आधिकारिक ज्ञापन जारी किया। मोबाइल फोन और ड्राइवर प्रदान किए गए सीनियर अधिकारियों को इस निर्देश से छूट दी गई।अधिसूचना में कहा गया कि यह कार्रवाई तब की गई, जब यह पता चला कि कई कर्मचारी काम के घंटों के दौरान ऑनलाइन गेम खेल रहे थे। सोशल मीडिया सामग्री देख रहे थे। इस तरह से दिन-प्रतिदिन के कार्यालय के काम में बाधा आ रही थी।अधिसूचना में स्पष्ट रूप से कहा गया कि कर्मचारी कार्यालय समय के...
कर्नाटक हाईकोर्ट ने फेक न्यूज़ फैलाने का मामला खारिज करने की तेजस्वी सूर्या की याचिका पर फैसला सुरक्षित रखा
कर्नाटक हाईकोर्ट ने गुरुवार (5 दिसंबर) को BJP सांसद तेजस्वी सूर्या द्वारा दायर याचिका पर अपना फैसला सुरक्षित रखा, जिसमें उनके खिलाफ दर्ज मामला रद्द करने की मांग की गई, जिसमें उन पर हावेरी जिले में एक किसान की आत्महत्या के बारे में फर्जी खबर फैलाने का आरोप लगाया गया।पक्षकारों की सुनवाई के बाद जस्टिस एम नागप्रसन्ना ने कहा कि फैसला सुरक्षित रखा गया।सुनवाई के दौरान सूर्या की ओर से पेश सीनियर वकील ने कहा कि आरोप यह है कि उन्होंने कुछ खास खबरों के आधार पर कुछ ट्वीट किए। उन्होंने कहा कि अगर इसे सच भी...
Delhi Riots: हाईकोर्ट में ताहिर हुसैन के खिलाफ FIR खारिज
दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों के संबंध में आम आदमी पार्टी (AAP) के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन के खिलाफ दर्ज FIR खारिज की।जस्टिस सुब्रमण्यम प्रसाद ने निर्देश दिया कि संबंधित FIR [FIR 116 ऑफ 2020] में चार्जशीट को दूसरे मामले [FIR 101 ऑफ 2020] में पूरक चार्जशीट के रूप में माना जाए, जो एक ही घटना पर दर्ज की गई, जिसमें दोनों मामलों में आम गवाह शामिल थे।अदालत ने कहा,"रिकॉर्ड में मौजूद सामग्री के अवलोकन से पता चलता है कि दोनों FIR में लगभग 9 आम चश्मदीद गवाह हैं। दोनों...
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने अवमानना मामले में व्यक्ति की बिना शर्त माफी स्वीकार की, उसे देशी प्रजातियों के 50 पेड़ लगाने का निर्देश दिया
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की जबलपुर पीठ ने सोमवार (2 दिसंबर) को एक व्यक्ति के खिलाफ अवमानना कार्यवाही बंद करते हुए उसे संबलगढ़ में देशी प्रजातियों के 50 पेड़ लगाने का निर्देश दिया। जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की खंडपीठ ने अपने आदेश में व्यक्ति के हलफनामे में दिए गए तर्क पर गौर किया कि वह कम पढ़ा लिखा व्यक्ति है और उसने केवल 10वीं कक्षा तक पढ़ाई की है।व्यक्ति ने कहा था कि उसके पास औपचारिक कानूनी शिक्षा नहीं है और उसे कानूनी प्रक्रिया का सीमित ज्ञान है तथा वह अदालती कार्यवाही की मर्यादा...
झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य शिक्षा विभाग के दो सीनियर अधिकारियों को न्यायालय के आदेशों का उल्लंघन करने और वेतन रोकने के लिए अवमानना नोटिस जारी किया
झारखंड हाईकोर्ट ने विद्यालय शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के सचिव तथा माध्यमिक शिक्षा निदेशक को न्यायालय के पूर्व निर्देशों का पालन न करने तथा उसके आदेशों को दरकिनार करने का प्रयास करने के लिए वेतन रोकने का निर्देश दिया।मामले की सुनवाई कर रहे जस्टिस संजय प्रसाद ने बार-बार किए गए कदाचार पर प्रकाश डालते हुए टिप्पणी की,"यह न्यायालय राज्य प्राधिकारियों के दृष्टिकोण को समझने में विफल रहा है, क्योंकि याचिकाकर्ताओं को बार-बार विभाग के राज्य प्राधिकारियों, विशेषकर झारखंड सरकार के माध्यमिक शिक्षा निदेशक के...
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने महिला न्यायाधीश का पीछा करने के लिए 4 साल की कैद की सजा पाने वाले वकील को जमानत दी
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाल ही में हमीरपुर जिले के एक वकील को जमानत दी, जिसे इस साल की शुरुआत में एक ट्रायल कोर्ट ने एक महिला जज का पीछा करने और उसके बारे में अनुचित टिप्पणी करने के लिए दोषी ठहराया था और चार साल की जेल की सजा सुनाई थी।सजा के फैसले के खिलाफ उसकी पुनर्विचार याचिका पर सुनवाई करते हुए जस्टिस राम मनोहर नारायण मिश्रा की पीठ ने अपराध की प्रकृति, जुलाई 2023 से उसके कारावास और इस तथ्य पर विचार करते हुए मोहम्मद हारून को जमानत दे दी कि लंबित मामलों के कारण उसकी याचिका पर जल्दी फैसला होने की...




















