हाईकोर्ट

CJP सदस्य ने जर्जर सरकारी स्कूल का वीडियो दिखाने पर UP Police की FIR के खिलाफ इलाहाबाद हाईकोर्ट का रुख किया

'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के सदस्य और छात्र ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दायर कर अपने खिलाफ दर्ज FIR रद्द करने की मांग की। यह FIR फर्रुखाबाद के सरकारी प्राइमरी स्कूल की हालत दिखाने वाला वीडियो रिकॉर्ड करके सोशल मीडिया पर शेयर करने के आरोप में दर्ज की गई।गौरव भारती उर्फ ​​गौरव कुमार द्वारा दायर याचिका में 19 अगस्त को BNS की धारा 352 और 353 तथा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 66 के तहत दर्ज FIR को चुनौती दी गई।याचिकाकर्ता ने गिरफ्तारी और उसके बाद होने वाली आपराधिक कार्यवाही से सुरक्षा...

पति के कर्ज के लिए विधवा की एफडी से 19.90 लाख काटना गलत, SBI को रकम लौटाने और 1 लाख मुआवजे का आदेश

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भारतीय स्टेट बैंक (SBI) को विधवा की फिक्स्ड डिपॉजिट से उसके दिवंगत पति के व्यक्तिगत कर्ज की वसूली के लिए काटी गई 19,90,693 रुपये की रकम वापस करने का आदेश दिया। कोर्ट ने बैंक को इस कार्रवाई के लिए एक लाख रुपये का मुआवजा देने का भी निर्देश दिया।जस्टिस शेखर बी. सराफ और जस्टिस अब्देश कुमार चौधरी की खंडपीठ ने कहा कि बैंक के पास पत्नी की एफडी से उसके पति का कर्ज सीधे वसूलने का कोई कानूनी आधार नहीं है। कोर्ट ने बैंक की कार्रवाई के तरीके पर भी कड़ी टिप्पणी की।खंडपीठ ने कहा कि विधवा...

अवैध तलाशी से PC-PNDT Act की शिकायत अपने आप रद्द नहीं होगी: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने कहा कि यदि प्री-कन्सेप्शन एंड प्री-नेटल डायग्नोस्टिक टेक्निक्स (लिंग चयन निषेध) अधिनियम 1994 के तहत किसी केंद्र की तलाशी की अनुमति देने में प्रक्रिया संबंधी खामी रही हो तो केवल इस आधार पर आपराधिक शिकायत रद्द नहीं की जा सकती। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि तलाशी की वैधता और तलाशी के दौरान मिले साक्ष्यों की प्रासंगिकता व स्वीकार्यता अलग-अलग प्रश्न हैं।जस्टिस मनीषा बत्रा ने दो याचिकाओं को खारिज करते हुए कहा कि यदि शिकायत में ऐसे विशिष्ट आरोप हैं, जो साबित होने पर संबंधित कानून के...

हत्या के प्रयास के आरोपी को यूपी होमगार्ड भर्ती की शारीरिक परीक्षा देने हाईकोर्ट ने दी शॉर्ट टर्म जमानत

इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने हत्या के प्रयास समेत गंभीर धाराओं में जेल में बंद आरोपी को यूपी होमगार्ड भर्ती की शारीरिक परीक्षा में शामिल होने के लिए सीमित अवधि की जमानत दी है। कोर्ट ने निर्देश दिया कि आरोपी को 16 सितंबर को सुबह 4:30 बजे जेल से रिहा किया जाए और पूरी अवधि के दौरान वह पुलिस हिरासत में रहेगा।जस्टिस राजीव भारती ने जिला जेल रायबरेली में 10 मई 2026 से बंद अनुज कुमार तिवारी उर्फ गोलू की शॉर्ट टर्म जमानत अर्जी पर यह आदेश दिया।अनुज ने 16 सितंबर 2026 को सुबह 7 बजे फतेहपुर के स्पोर्ट्स...

गैंग चार्ट मंजूर करने में निष्पक्षता और विवेक का पालन न होने पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने SP-DM को फटकारा

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बहराइच के SP और DM को गैंग चार्ट मंजूर करने में संवैधानिक अदालतों के फैसलों में तय निष्पक्षता और विवेकपूर्ण निर्णय की अनदेखी करने पर कड़ी फटकार लगाई। कोर्ट ने कहा कि गैंग चार्ट को मंजूरी देते समय अधिकारियों को आरोपी के आपराधिक इतिहास और गतिविधियों पर विचार करने के साथ अपने विवेक का इस्तेमाल करना जरूरी है।जस्टिस मनीष माथुर की पीठ ने पाया कि वर्ष 2021 के एक मामले में गैंग चार्ट को मंजूरी देते समय न तो SP और न ही DM ने आरोपी के आपराधिक इतिहास पर विचार करने, किसी कारण या चर्चा...

कंझावला हिट-एंड-रन केस: दिल्ली हाईकोर्ट ने आरोपी अमित खन्ना की ज़मानत अर्ज़ी खारिज की, हत्या के आरोप की गंभीरता का दिया हवाला

दिल्ली हाईकोर्ट ने कंझावला हिट-एंड-रन मामले के आरोपी अमित खन्ना की ज़मानत अर्ज़ी खारिज की। इस मामले में 20 साल की एक लड़की की मौत हो गई थी, जिसे कार के नीचे करीब 13 किलोमीटर तक घसीटा गया।जस्टिस गिरीश कठपालिया ने कहा कि जिस गंभीरता और तरीके से कथित हत्या को अंजाम दिया गया, उसे देखते हुए कोर्ट ने खन्ना को ज़मानत देने से इनकार किया।कोर्ट ने सुल्तानपुरी पुलिस स्टेशन में दर्ज FIR के सिलसिले में खन्ना की रेगुलर ज़मानत अर्ज़ी खारिज की। यह FIR भारतीय दंड संहिता (IPC) की धाराओं 302, 201, 212, 182, 34 और...

हाईकोर्ट से ज़मानत मिलने के दो दिन बाद बिजनौर जेल में कैदी की मौत; इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जेल DG से मांगा जवाब

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बिजनौर ज़िला जेल में एक कैदी की कथित कस्टडी में मौत के मामले में उत्तर प्रदेश के जेल प्रशासन और सुधार सेवाओं के महानिदेशक (DG) से जवाब मांगा।कोर्ट ने कहा कि यह "गंभीर चिंता का विषय" है कि कस्टडी में हुई मौत के मामले में राज्य की ओर से "कोई संतोषजनक जवाब" नहीं दिया गया।जस्टिस चंद्र धारी सिंह और जस्टिस तरुण सक्सेना की बेंच ने महानिदेशक को एक संक्षिप्त जवाबी हलफनामा (Counter-Affidavit) दाखिल करने का निर्देश दिया, जिसमें उन हालात के बारे में बताया जाए, जिनमें याचिकाकर्ता के बेटे...

सरकारी स्कूलों में ₹50,000 का फ़र्नीचर दान करें: समझौते के बाद मारपीट की FIR रद्द करते हुए दिल्ली हाईकोर्ट का आरोपियों को निर्देश

दिल्ली हाईकोर्ट ने पांच लोगों के खिलाफ़ दर्ज FIR रद्द की। इन लोगों पर गैर-इरादतन हत्या की कोशिश और सरकारी कर्मचारी पर हमले जैसे आरोप थे, लेकिन पक्षों ने आपसी सहमति से अपना विवाद सुलझा लिया। [2026 LiveLaw (Del) 862]जस्टिस पुरुषेंद्र कुमार कौरव ने उन्हें निर्देश दिया कि वे अपने घर के पास के सरकारी स्कूलों में कुल ₹50,000 का फ़र्नीचर दान करें (यानी हर आरोपी ₹10,000 का फ़र्नीचर दान करे)।कोर्ट ने सुभाष प्लेस पुलिस स्टेशन में दर्ज FIR रद्द की। यह FIR भारतीय दंड संहिता (IPC), 1860 की धाराओं 323 (चोट...

पैसा और रुतबा से न्याय नहीं मिल सकता: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने ₹126 करोड़ के PMLA मामले में बिल्डर की ज़मानत अर्ज़ी खारिज की

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बुधवार को 'उन्नति फॉर्च्यून होल्डिंग्स लिमिटेड' के मुख्य प्रमोटर और बिल्डर अनिल मिठास की ज़मानत अर्ज़ी खारिज की। उन पर घर खरीदारों के ₹126.30 करोड़ के कथित हेरफेर को लेकर PMLA के तहत मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप हैं।एक अहम टिप्पणी में बेंच ने कहा कि व्हाइट-कॉलर अपराध इतने "व्यापक और नुकसानदेह" हो गए हैं कि उनसे निपटने के लिए "सख्त और बिना किसी समझौते के सख्ती" ही एकमात्र तरीका है।बेंच ने आगे कहा कि ऐसे अपराधों से "सख्ती से" निपटने पर यह धारणा खत्म हो जाएगी कि "पैसा और रुतबा होने...

जब तक तथ्य वकील की निजी जानकारी में न हों, वह क्लाइंट की ओर से हलफनामा नहीं दे सकता: केरल हाईकोर्ट

केरल हाईकोर्ट ने कहा कि वादी का वकील दस्तावेज़ पेश करने की मांग करते हुए वादी की ओर से हलफनामा दाखिल नहीं कर सकता। [2026 LiveLaw (Ker) 514]जस्टिस ईश्वरन एस ने एक ओरिजिनल याचिका पर यह फैसला सुनाया।यह मामला तब सामने आया जब बंटवारे के मुकदमे में वादी की ओर से पेश वकील ने कुछ दस्तावेज़ पेश किए। आवेदन के साथ जो हलफनामा था, उस पर वकील ने खुद शपथ ली थी। ट्रायल कोर्ट ने इसे इस आधार पर मंज़ूरी दी कि कार्यवाही के सही चरण पर दस्तावेज़ों की प्रासंगिकता और स्वीकार्यता पर विचार किया जा सकता है। इस आदेश को हाई...

बार एसोसिएशन में महिलाओं को 30% प्रतिनिधित्व देना जरूरी, हम चुनाव रद्द नहीं करेंगे: इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बुलंदशहर सिविल बार एसोसिएशन की कार्यकारिणी का चुनाव रद्द करने से इनकार करते हुए कहा कि चुनाव के बाद चार महिला वकीलों को कार्यकारिणी में नामित किए जाने से महिलाओं के 30 प्रतिशत प्रतिनिधित्व की आवश्यकता पूरी हो गई। हालांकि कोर्ट ने स्पष्ट किया कि भविष्य के सभी चुनावों में महिलाओं को 30 प्रतिशत प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए बार एसोसिएशन को अपने उपनियमों में संशोधन करना होगा।चीफ जस्टिस अरुण भंसाली और जस्टिस क्षितिज शैलेंद्र की खंडपीठ ने यह आदेश बुलंदशहर जिला अदालत में...

खुद की कमाई से देह व्यापार करने का आरोप भर से महिला पर मानव तस्करी का केस नहीं: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने कहा कि यदि किसी महिला पर आरोप है कि वह खुद देह व्यापार में शामिल होकर उससे होने वाली कमाई से अपना जीवनयापन कर रही थी, तो केवल इस आधार पर उसके खिलाफ अनैतिक देह व्यापार (निवारण) अधिनियम, 1956 की धारा 4 और 5 के तहत आरोप तय नहीं किए जा सकते। कोर्ट ने महिला के खिलाफ इन दोनों धाराओं में तय आरोपों को रद्द किया।यह मामला एक ऐसी महिला से जुड़ा था, जिसने शुरुआत में सामूहिक दुष्कर्म की FIR दर्ज कराई, लेकिन जांच के दौरान पुलिस ने उसे ही आरोपी बना दिया।जस्टिस मनीषा बत्रा ने मामले की...

बिना रिकॉर्ड की मौखिक हिदायत के आधार पर नहीं हो सकती विभागीय कार्रवाई, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कर अधिकारी की सजा रद्द की

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राज्य कर विभाग के अधिकारी के खिलाफ की गई विभागीय कार्रवाई रद्द करते हुए कहा कि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठकों में दी गई कथित मौखिक हिदायतों का पालन नहीं करने के आरोप के आधार पर दंड नहीं दिया जा सकता, जब उन बैठकों की तारीख और कार्यवाही का कोई रिकॉर्ड पेश ही न किया गया हो। कोर्ट ने कहा कि ऐसे आधार पर की गई कार्रवाई काल्पनिक आरोपों पर आधारित मानी जाएगी।जस्टिस राजीव सिंह ने राज्य कर अधिकारी पर लगाई गई निंदा प्रविष्टि और एक वेतनवृद्धि संचयी प्रभाव से रोकने की सजा रद्द की। कोर्ट ने 5...

पिता से विरासत में मिली संपत्ति से अपने आप नहीं बनता संयुक्त हिंदू परिवार, बाद में खरीदी संपत्ति भी संयुक्त नहीं मानी जा सकती: एमपी हाईकोर्ट

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने कहा कि केवल इस आधार पर कि भाइयों को पिता से कुछ संपत्ति संयुक्त रूप से विरासत में मिली है, यह मान लेना उचित नहीं है कि वे संयुक्त हिंदू परिवार या सहदायिकी के सदस्य हैं।अदालत ने स्पष्ट किया कि संयुक्त रूप से विरासत में मिली संपत्ति का होना और संयुक्त हिंदू परिवार या सहदायिकी का अस्तित्व, दोनों अलग-अलग बातें हैं। केवल विरासत में मिली संपत्ति के संयुक्त रूप से दर्ज होने से बाद में खरीदी गई हर संपत्ति को संयुक्त परिवार की संपत्ति नहीं माना जा सकता। जस्टिस विवेक जैन की पीठ ने...

दिल्ली हाईकोर्ट का ब्यूरो ऑफ इमिग्रेशन को निर्देश, अनिल अंबानी के बेटे अंशुल को बताएं उनके खिलाफ कोई LOC है या नहीं

दिल्ली हाईकोर्ट ने ब्यूरो ऑफ इमिग्रेशन को निर्देश दिया कि उद्योगपति अनिल अंबानी के बेटे जय अंशुल अंबानी को बताया जाए कि उनके खिलाफ कोई लुक आउट सर्कुलर (LOC) जारी है या नहीं, और यदि जारी है तो क्या वह अभी प्रभावी है।जस्टिस मनोज जैन ने संबंधित अधिकारियों को अंशुल अंबानी को इस संबंध में आवश्यक सूचना तीन सप्ताह के भीतर भेजने का निर्देश दिया।अंशुल अंबानी ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर यह जानकारी मांगी थी कि उनके खिलाफ कोई LOC जारी की गई या नहीं। याचिका में कहा गया कि उन्हें कुछ समय बाद विदेश यात्रा...

पशु डॉक्टर बेजुबानों का इलाज करते हैं, उनकी सेवाओं को कमतर नहीं आंका जा सकता: एमपी हाईकोर्ट ने मेडिकल/डेंटल सर्जन के बराबर टाइम-स्केल वेतन बरकरार रखा

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने पशु चिकित्सा विभाग के डॉक्टरों को मेडिकल ऑफिसर और डेंटल सर्जन के समान टाइम-स्केल वेतन का लाभ देने के सिंगल जज का आदेश बरकरार रखा। कोर्ट ने कहा कि पशु डॉक्टर ऐसे मरीजों का इलाज करते हैं, जो अपनी तकलीफ बता नहीं सकते, इसलिए उनकी सेवाओं को किसी भी तरह कमतर नहीं आंका जा सकता।जस्टिस आनंद पाठक और जस्टिस बीपी शर्मा की खंडपीठ ने राज्य सरकार की अपील खारिज करते हुए कहा कि पशु चिकित्सक और मानव चिकित्सा के डॉक्टर अलग-अलग प्रजातियों का इलाज करते हैं, लेकिन दोनों ही समाज के उपचारक हैं।...

पति-पत्नी में सुलह के बाद राजस्थान हाईकोर्ट ने तलाक की डिक्री रद्द कर बहाल किया विवाह

राजस्थान हाईकोर्ट ने अलग रह रहे पति-पत्नी के बीच तलाक की डिक्री के बाद हुई सुलह को देखते हुए तलाक का फैसला रद्द कर उनका विवाह बहाल किया। कोर्ट ने कहा कि वैवाहिक विवाद केवल कानूनी दावों का टकराव नहीं होते, बल्कि इनके पीछे मानवीय रिश्ते और परिवार का जीवन जुड़ा होता है। महाभारत का संदर्भ देते हुए कोर्ट ने कहा कि जब पक्षकार स्वयं मतभेद खत्म कर साथ रहने का रास्ता चुनते हैं तो कानून को जहां तक संभव हो, उस शांति और पुनर्मिलन की राह को आसान बनाना चाहिए।जस्टिस उमा शंकर व्यास और जस्टिस समीर जैन की खंडपीठ...

भ्रामक धारणा पर आधारित: नए राज्यपाल की नियुक्ति की मांग वाली जनहित याचिका मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने खारिज की

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने राज्य में नए राज्यपाल की नियुक्ति के लिए दायर जनहित याचिका खारिज की। कोर्ट ने कहा कि संविधान राज्यपाल के पद पर किसी तरह के संवैधानिक शून्य की स्थिति की कल्पना नहीं करता। मौजूदा राज्यपाल अपने उत्तराधिकारी के पदभार संभालने तक पद पर बने रह सकते हैं।जस्टिस आनंद पाठक और जस्टिस बीपी शर्मा की खंडपीठ ने याचिका को 'भ्रामक धारणा पर आधारित' बताते हुए खारिज किया। कोर्ट ने संविधान के अनुच्छेद 156(3) का हवाला देते हुए कहा कि यह प्रावधान सुनिश्चित करता है कि राज्यपाल तब तक पद पर बने...