मुख्य सुर्खियां
"गिरफ्तारी के बाद दिए गए बयानों का कानून की नजर में कोई महत्व नहीं": कोर्ट ने दिल्ली दंगों के एक मामले में छह लोगों को डिस्चार्ज किया
दिल्ली कोर्ट ने 2020 में राष्ट्रीय राजधानी में हुए उत्तर पूर्वी दिल्ली दंगों से संबंधित एक मामले में छह लोगों को डिस्चार्ज किया।अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश अमिताभ रावत ने देखा कि आरोपियों के खिलाफ एकमात्र आपत्तिजनक सामग्री उनकी गिरफ्तारी के परिणामस्वरूप उनके द्वारा दिए गए बयान हैं। कोर्ट ने कि इस तरह के बयानों का कानून की नजर में कोई महत्व नहीं है।कोर्ट ने आमिर, सद्दाम, मो. सेक के तहत रहीस, आमिर, अकरम और वसीम को आईपीसी की धारा 149147, 148, 427, 436 के तहत दर्ज मामले में डिस्चार्ज किया।डीडी एंट्री...
"सीएए का लाभ उपलब्ध है": गुवाहाटी हाईकोर्ट ने पूर्वी-पाकिस्तान के अप्रवासी को नागरिकता के लिए आवेदन करने के लिए कहा, 'विदेशी' घोषित करने के आदेश को रद्द किया
गुवाहाटी हाईकोर्ट ने हाल ही में एक विदेशी ट्रिब्यूनल के आदेश को रद्द किया। ट्रिब्यूनल ने एक हिंदू व्यक्ति को विदेशी घोषित किया था। वह व्यक्ति पूर्वी पाकिस्तान (अब बांग्लादेश) से आया था।कोर्ट ने उसे नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, 2019 का लाभ उठाकर नागरिकता के लिए आवेदन करने का निर्देश दिया। न्यायमूर्ति एन कोटेश्वर सिंह और न्यायमूर्ति मालाश्री नंदी की खंडपीठ ने यह आदेश पारित किया, जो बबलू पॉल की याचिका पर सुनवाई कर रहे थे, जिन्होंने विदेशी ट्रिब्यूनल- II के विदेशी घोषित करने के 2017 के आदेश को...
मुंबई कोर्ट ने यौन उत्पीड़न मामले में अनिल देशमुख के वकील और तीन अन्य को अग्रिम जमानत देने से इनकार किया
मुंबई की एक सत्र अदालत ने मुंबई के वकील इंदर पाल सिंह की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी, जो हाईकोर्ट के साथ-साथ सत्र न्यायालय के समक्ष महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख की ओर से पेश हो रहे हैं।सिंह पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) की एक महिला सदस्य का शील भंग करने का आरोप है। महिला पार्टी के उत्तर मुंबई की पूर्व जिला अध्यक्ष है।सिंह के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 354 (महिला की शील भंग करने के लिए हमला), 509 (शील भंग करने के लिए शब्द) और 34 (सामान्य इरादा) और सूचना...
सीआईडी चार्जशीट दाखिल करने के लिए अधिकृत नहीं, कार्यवाही प्रभावित: कर्नाटक हाईकोर्ट ने पुजारी को बरी करने का आदेश बरकरार रखा
कर्नाटक हाईकोर्ट ने निचली अदालत के 2016 के उस आदेश को बरकरार रखा है, जिसके तहत उसने बलात्कार के एक मामले में आरोपी श्री रामचंद्रपुरा मठ के पुजारी राघवेश्वर भारती श्री स्वामीजी को आरोप मुक्त/बरी कर दिया था।जस्टिस वी श्रीशानंद ने कहा कि इस मामले में आरोप पत्र अधिकृत व्यक्ति द्वारा दायर नहीं किया गया था।कोर्ट ने कहा,"यदि आरोप पत्र किसी ऐसे व्यक्ति द्वारा दायर किया जाता है, जो अंतिम रिपोर्ट दर्ज करने के लिए अधिकृत व्यक्ति नहीं है, जैसा कि सीआरपीसी की धारा 173 के तहत विचार किया गया है तो पूरी...
फैमिली कोर्ट अपने प्रादेशिक क्षेत्राधिकार के कारण किसी बच्चे को गोद देने के लिए सक्षम प्राधिकारी: केरल हाईकोर्ट
केरल हाईकोर्ट ने हाल ही में यह निर्धारित किया कि संबंधित क्षेत्रीय अधिकार क्षेत्र वाले फैमिली कोर्ट को बच्चे को गोद देने का अधिकार है।जस्टिस एम.आर. अनीता ने किशोर न्याय अधिनियम, 2015 के प्रावधानों के तहत बनाए गए 2014 के नियमों और दत्तक ग्रहण विनियम, 2017 के प्रावधानों को देखने के बाद कहा:"उक्त परिस्थिति में जिला न्यायाधीश का यह निष्कर्ष कि अदालत इसके लिए उचित मंच नहीं है। उन्हें बाल कल्याण समिति से संपर्क करना पड़ेगा है, जो अवैध और विकृत है।"वर्षों से बांझपन का इलाज करवाने के बावजूद अपीलकर्ता...
सेशन कोर्ट ने गुड़गांव घरेलू कामगार दुर्व्यवहार मामले में तस्करी का अतिरिक्त आरोप तय किए
सेशन कोर्ट ने हरियाणा के गुड़गांव में एक घरेलू कामगार के साथ दुर्व्यवहार के एक मामले में पीड़िता द्वारा दायर एक आवेदन को स्वीकार कर लिया। इसमें आरोपी के खिलाफ तस्करी का अतिरिक्त आरोप तय करने की मांग की गई थी।मामला तब सुर्खियों में आया जब 2015 में एक युवा महिला घरेलू कामगार को गुड़गांव पुलिस ने अपने नियोक्ताओं के घर में बेहोशी की हालत में पाया था।आरोपी दंपति पर शुरू में गलत तरीके से बंधक बनाने, गैरकानूनी अनिवार्य श्रम, स्वेच्छा से चोट पहुंचाने, आपराधिक धमकी, एक किशोर के साथ क्रूरता, किशोर के शोषण...
दिल्ली दंगों के दौरान राष्ट्रगान गाने के लिए मजबूर करने का मामला: हाईकोर्ट ने जांच में देरी पर दिल्ली पुलिस से सवाल किया
दिल्ली हाईकोर्ट (Delhi High Court) ने मंगलवार को उस घटना की जांच में देरी पर सवाल उठाया, जिसमें 23 वर्षीय फैजान को साल 2020 में दिल्ली दंगों के दौरान राष्ट्रगान गाने के लिए मजबूर किया गया था।यह घटना एक वीडियो से संबंधित है जो वायरल हुआ था। वीडियो में फैजान को कथित तौर पर पुलिस द्वारा पीटा जा रहा था और राष्ट्रगान और 'वंदे मातरम' गाने के लिए मजबूर किया गया था।न्यायमूर्ति मुक्ता गुप्ता ने संबंधित पुलिस उपायुक्त के हस्ताक्षर सहित जांच में विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट मांगी।कोर्ट को दिल्ली पुलिस द्वारा...
COVID-19 में बढ़ोतरी के बावजूद न्यायिक कार्य बंद नहीं किया जा सकता: इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सोमवार को कहा कि एक गंभीर COVID-19 में बढ़ोतरी के बावजूद न्यायिक कार्य को कई अन्य गंभीर मामलों की तरह बंद नहीं किया जा सकता।हाईकोर्ट ने यह टिप्पणी एक दीवानी मुकदमे की प्रगति पर मथुरा कोर्ट के संबंधित न्यायाधीश के मामले में तारीखें तय करने पर निराशा व्यक्त करते हुए की।जस्टिस जे जे मुनीर की खंडपीठ ने आगे टिप्पणी की कि कुछ समय के लिए COVID-19 महामारी बार-बार होने वाली बीमारी है। इसका मतलब यह नहीं कि न्यायालयों का कामकाज रुक जाना चाहिए।अदालत ने कहा,"न्यायालय को न्याय प्रदान करने...
मैरिटल रेप को अपवाद की श्रेणी में रखना अनुच्छेद 21 के तहत विवाहित महिलाओं के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन: याचिकाकर्ता ने दिल्ली हाईकोर्ट में कहा
दिल्ली हाईकोर्ट ने भारतीय दंड संहिता की धारा 375 के तहत वैवाहिक बलात्कार (Marital Rape) को अपवाद की श्रेणी में रखने से संबंधित संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई जारी रखी।न्यायमूर्ति राजीव शकधर और न्यायमूर्ति सी हरिशंकर की खंडपीठ ने याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता राघव अवस्थी को सुना।अवस्थी ने मुख्य रूप से तर्क दिया कि वैवाहिक बलात्कार का गैर-अपराधीकरण संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत गारंटीकृत विवाहित महिलाओं के अधिकारों का उल्लंघन है।फ्रांसिस कोरली मुलिन बनाम प्रशासक, केंद्र...
दिल्ली हाईकोर्ट ने पत्रकार आरती टीकू के अकाउंट को लॉक करने के ट्विटर के फैसले के खिलाफ याचिका पर नोटिस जारी किया
दिल्ली हाईकोर्ट ने मंगलवार को पत्रकार और 'द न्यू इंडियन' की फाउंडर आरती टीकू द्वारा दायर याचिका पर नोटिस जारी किया, जिसमें उनके अकाउंट को लॉक करने के ट्विटर के फैसले को चुनौती दी गई थी।टीकू का मामला यह है कि उसने अपने चचेरे भाई को जाने वाली धमकी और 'कश्मीरी इस्लामवादियों' की हरकतों को लेकर एक ट्वीट पोस्ट किया था।न्यायमूर्ति रेखा पल्ली ने मामले में जवाबी हलफनामा दाखिल करने के लिए तीन सप्ताह का समय देते हुए केंद्र और ट्विटर से जवाब मांगा। प्रत्युत्तर दाखिल करने के लिए दो सप्ताह का अतिरिक्त समय...
दिल्ली हाईकोर्ट ने आयुर्वेद पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए नीट को चुनौती देने वाली याचिका पर केंद्र सरकार से जवाब मांगा
दिल्ली हाईकोर्ट ने आयुर्वेद, यूनानी, सिद्ध और होम्योपैथी मेडिकल कोर्सेस में एडमिशन के लिए सामान्य राष्ट्रीय पात्रता-सह-प्रवेश परीक्षा (एनईईटी) को अनिवार्य बनाने के केंद्र के फैसले को चुनौती देने वाली याचिका पर नोटिस जारी किया।चीफ जस्टिस डीएन पटेल और जस्टिस ज्योति सिंह की खंडपीठ ने कुछ आयुष उम्मीदवारों द्वारा दायर याचिका पर भारत संघ, नेशनल टेस्टिंग एजेंसी और अन्य प्रतिवादियों को नोटिस जारी किए।इस मामले की सुनवाई कुछ एलोपैथिक चिकित्सकों द्वारा दायर एक अन्य याचिका के साथ की जाएगी। इसमें आयुष...
'शुभ मुहूर्त' के इंतजार में पत्नी ने 10 साल तक ससुराल जाने से इनकार कियाः छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने इसे 'परित्याग' बताते हुए पति को तलाक की मंजूरी दी
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने हाल ही में एक पति के पक्ष में तलाक की डिक्री देते हुए कहा है कि यह एक परित्याग का मामला है क्योंकि उसकी पत्नी ने वैवाहिक घर वापस लौटने के शुभ मुहूर्त की आड़ में दस वर्ष तक अपने मायके में रहना जारी रखा और ससुराल वापस आने से इनकार कर दिया। हाईकोर्ट ने पति की तरफ से दायर उस अपील को स्वीकार कर लिया है,जो उसने फैमिली कोर्ट के आदेश के खिलाफ दायर की थी। फैमिली कोर्ट ने उसे तलाक की डिक्री देेने से इनकार कर दिया था। कोर्ट ने कहा कि''यदि प्रतिवादी/पत्नी इस तथ्य के प्रति इतनी...
दिल्ली दंगे: कोर्ट ने मामले में चार लोगों को बरी किया, कहा- लूट और आगजनी करने वाले दंगाइयों के रूप में उनकी पहचान 'बेहद संदिग्ध'
दिल्ली कोर्ट ने उत्तर पूर्वी दिल्ली के दंगों से संबंधित एक मामले में चार लोगों को बरी किया। कोर्ट ने कहा कि शिकायतकर्ता के घर में लूट और आगजनी करने वाले दंगाइयों के रूप में उनकी पहचान बेहद संदिग्ध है।अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश वीरेंद्र भट ने आईपीसी की धारा 149, 143, 147, 148, 380, 436 के तहत मुकदमे का सामना कर रहे दिनेश, साहिल, संदीप और टिंकू को बरी कर दिया।शिकायतकर्ता अफजल सैफी से प्राप्त लिखित शिकायत के आधार पर गोकलपुरी पुलिस में प्राथमिकी 64/2020 दर्ज की गई थी। आरोप था कि दंगाइयों ने उनके घर को...
एयर इंडिया विनिवेश: मद्रास हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार को शेयर परचेज एग्रीमेंट प्रस्तुत करने के लिए कहा
मद्रास हाईकोर्ट ने विनिवेश के खिलाफ एयर इंडिया के ट्रेड यूनियनों में से एक द्वारा दायर एक याचिका में केंद्र सरकार को अदालत के समक्ष विवादास्पद शेयर परचेज एग्रीमेंट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।न्यायमूर्ति वी. पार्थिबन ने याचिकाकर्ता के इस तर्क पर ध्यान दिया कि शेयर परचेज एग्रीमेंट उस मामले को तय करने में महत्वपूर्ण है जिसमें सभी संबंधित पक्षों के लिए उच्च दांव शामिल हैं।पीठ ने कहा,"अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल को निर्देश दिया जाता है कि वे सुनवाई की अगली तारीख को या उससे पहले शेयर परचेज एग्रीमेंट...
बक्सर जिला एवं सत्र न्यायाधीश के आदेशानुसार बिहार न्यायिक अधिकारी और कोर्ट स्टाफ ने मंदिर की सफाई की
[नोट: 10 जनवरी, 2022 को जारी एक आदेश के अनुसार, जिला न्यायाधीश के आदेश के तहत नोटिस (इस खबर का विषय) वापस ले लिया गया।]बिहार के बक्सर कोर्ट के न्यायिक अधिकारियों और कोर्ट स्टाफ ने रविवार को बिहार के बक्सर में जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वारा जारी एक प्रशासनिक आदेश के अनुसार मंदिरों की सफाई की।कोर्ट के सभी पीठासीन अधिकारियों को उनके संबंधित अदालत के कर्मचारियों के साथ सर्किट हाउस के बगल में स्थित मंदिरों की सफाई करने का निर्देश देते हुए नोटिस में इस संबंध में पटना हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस द्वारा जारी...
वित्तीय निहितार्थ या व्यापक प्रभाव वाले नीतिगत फैसलों में न्यायिक हस्तक्षेप अनुचित: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि वित्तीय निहितार्थ और/या व्यापक प्रभाव (cascading effect) संबंधित नीतिगत फैसले में न्यायपालिका का हस्तक्षेप बिल्कुल भी आवश्यक और उचित नहीं है।मौजूदा मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने कुछ कर्मचारियों की रिट याचिकाओं को स्वीकार करते हुए राज्य सरकार को जल और भूमि प्रबंधन संस्थान (WALMI) के कर्मचारियों को पेंशन लाभ देने का निर्देश दिया था। महाराष्ट्र राज्य और अन्य ने मामले में मौजूदा अपीलें दायर की थी। राज्य ने सुप्रीम कोर्ट के समक्ष मुख्य रूप से यह तर्क देते हुए अपील दायर की कि...
मद्रास हाईकोर्ट ने बांध सुरक्षा अधिनियम की शक्तियों को चुनौती देने वाली याचिका पर केंद्र सरकार से जवाब मांगा
मद्रास हाईकोर्ट ने भारतीय संविधान के अनुच्छेद 14, 19 और 21 के उल्लंघन के रूप में हाल ही में अधिनियमित बांध सुरक्षा अधिनियम, 2021 के अधिकार को चुनौती देने वाली याचिका पर नोटिस जारी किया।एक्टिंग चीफ जस्टिस मुनीश्वर नाथ भंडारी और जस्टिस पीडी औदिकेसवालु की पीठ ने मामले में अपना जवाबी हलफनामा दाखिल करने के लिए एएसजी आर. शंकरनारायणन द्वारा प्रतिनिधित्व किए गए भारत संघ को तीन सप्ताह का समय दिया।मयिलादुथुराई से द्रमुक सांसद एस. रामलिंगम ने यह याचिका दायर करते हुए कहा कि केंद्र विवादित कानून के माध्यम से...
आदर्श क्रेडिट सहकारी समिति : राजस्थान हाईकोर्ट ने जमाकर्ता के दावे के आवेदन का शीघ्र निपटान करने का आदेश दिया
राजस्थान हाईकोर्ट ने सोमवार को केंद्र सरकार को आदर्श क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसाइटी लिमिटेड के एक जमाकर्ता द्वारा दायर दावा आवेदन पर शीघ्र निर्णय लेने का निर्देश दिया।हाईकोर्ट ने आदेश दिया कि उक्त निर्णय को कानून के अनुसार 90 दिन के भीतर लिया जाना चाहिए।जस्टिस दिनेश मेहता ने दिया आदेश,"प्रतिवादियों को निर्देश दिया जाता है कि वे इस आदेश की प्रति प्राप्त होने की तारीख से नब्बे दिनों की अवधि के भीतर सख्ती से क्षेत्र को नियंत्रित करने वाले नियमों और दिशानिर्देशों के अनुसार, याचिकाकर्ता द्वारा दायर आवेदन...
असम रेरा कानून के अनुसार काम नहीं कर रहा: गुवाहाटी हाईकोर्ट ने याचिका पर नोटिस जारी किया
गुवाहाटी हाईकोर्ट ने एक जनहित याचिका (पीआईएल) पर सुनवाई करते हुए कहा कि असम रियल एस्टेट नियामक प्राधिकरण (रेरा), कानून के अनुसार काम नहीं कर रहा है। इसके साथ ही हाईकोर्ट ने प्राधिकरण और उसके अध्यक्ष को नोटिस जारी किया।चीफ जस्टिस सुधांशु धूलिया और जस्टिस सौमित्र सैकिया की खंडपीठ अनीता वर्मा द्वारा दायर एक जनहित याचिका पर विचार कर रही थी। याचिका में कहा गया कि रियल एस्टेट (विनियमन और विकास) अधिनियम, 2016 के तहत बनाया गया एक वैधानिक प्राधिकरण कानून के अनुसार काम नहीं कर रहा है।याचिकाकर्ता ने यह भी...
डोरस्टेप राशन वितरण योजना सार्वजनिक वितरण प्रणाली में भ्रष्टाचार को कैसे रोकेगी? दिल्ली हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से पूछा
दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली सरकार की राशन की डोर स्टेप डिलीवरी की योजना का विरोध करने वाली दिल्ली सरकार राशन डीलर्स संघ की याचिका पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया।जस्टिस विपिन सांघी और जस्टिस जसमीत सिंह की खंडपीठ ने सोमवार को दिल्ली सरकार से सवाल किया कि उचित मूल्य की दुकानों (एफपीएस) से जुड़ी मौजूदा योजना की तुलना में खाद्यान्न वितरण में भ्रष्टाचार को रोकने के लिए प्रस्तावित योजना बेहतर कैसे है।दिल्ली सरकार की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता डॉ एएम सिंघवी ने दावा किया कि डोरस्टेप डिलीवरी योजना का उद्देश्य...



















