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जमानत, रिमांड और जांच के दौरान बचाव पक्ष की रणनीतियांः सीनियर एडवोकेट रेबेका जॉन के सुझाव
जमानत, रिमांड और जांच के दौरान बचाव पक्ष की रणनीतियांः सीनियर एडवोकेट रेबेका जॉन के सुझाव

लाइवलॉ की ओर से आयोजित वेबिनार, जिसका व‌िषय था-आपराधिक मामले में बचाव पक्ष के वकील की रणनीतियां, में सीनियर एडवाकेट रेबेका जॉन ने एक शिक्षाप्रद और ज्ञानवर्धक सत्र में विभिन्न महत्वपूर्ण रणनीतियों पर चर्चा की, जिनका एक प्रभावी क्रिमिनल ट्रायल के लिए बचाव पक्ष के वकील प्रयोग कर सकते हैं। उल्लेखनीय है कि जॉन अरुशी तलवार, हाशिमपुरा, 2 जी ट्रायल जैसे मामलों में शामिल रही हैं। सत्र के अंश: जमानत अर्ज़ी दायर करने का उचित समय रेबेका जॉन ने कहा कि जमानत अर्जी दायर करने का उच‌ित समय क्या हो, इस...

सुप्रीम कोर्ट ने नाबालिग लड़की के रेप के आरोपी 84 वर्षीय व्यक्ति के DNA टेस्ट के निर्देश दिए
सुप्रीम कोर्ट ने नाबालिग लड़की के रेप के आरोपी 84 वर्षीय व्यक्ति के DNA टेस्ट के निर्देश दिए

सुप्रीम कोर्ट ने नाबालिग लड़की से बलात्कार करने के आरोपी 84 साल के एक व्यक्ति का डीएनए टेस्ट कराने का निर्देश दिया है। नाबालिग के साथ बलात्कार के आरोप में एक व्यक्ति को प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेंस (POCSO) एक्ट के तहत बुक किया गया है। पी‌ड़ित लड़की ने 5 जुलाई को एक बच्चे को जन्म दिया। कलकत्ता हाईकोर्ट ने आरोपी की जमानत से स्वीकार करने से इनकार कर दिया था और इसलिए उसने शीर्ष अदालत के समक्ष एक विशेष अनुमति याचिका दायर की थी। याचिका में प्रस्तुत किया कि वह यह सत्यापित करने के लिए...

पूर्व आईएएस/आईपीएस अधिकारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपत‌ि को लिखा पत्र, दिल्ली दंगों की जांच के लिए जांच आयोग गठित करने की मांग
पूर्व आईएएस/आईपीएस अधिकारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपत‌ि को लिखा पत्र, दिल्ली दंगों की जांच के लिए जांच आयोग गठित करने की मांग

सुप्रीम कोर्ट के सीनियर एडवोकेट प्रशांत भूषण समेत पूर्व वरिष्ठ अधिकारियों, राजदूतों, पुलिस अधिकारियों, कार्यकर्ताओं और शिक्षाविदों ने राष्ट्रपति को एक पत्र भेजा है, जिसमें उत्तर-पूर्व दिल्‍ली में फरवरी, 2020 में हुई सांप्रदायिक हिंसा की जांच के लिए "जांच आयोग" गठित करने की मांग की गई है। पत्र पर 72 व्यक्तियों ने हस्ताक्षर किया है, और उसमें दिल्‍ली में हुई हिंसा में पुलिस की मिलीभगत के आरोपों को उजागर किया गया है और कमीशन ऑफ इंक्वायरी एक्ट, 1952 के तहत घटना की उच्‍च न्यायपालिका के...

राष्ट्रीय राजमार्ग के साथ अवैध खनन न रोकने के कारण हुई दुर्घटना पर सुप्रीम कोर्ट ने NHAI को मुआवजे के लिए जिम्मेदार ठहराया
राष्ट्रीय राजमार्ग के साथ अवैध खनन न रोकने के कारण हुई दुर्घटना पर सुप्रीम कोर्ट ने NHAI को मुआवजे के लिए जिम्मेदार ठहराया

सुप्रीम कोर्ट ने नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ( NHAI) को एक महिला और उसकी बेटी के कानूनी प्रतिनिधियों को मुआवजा देने का निर्देश देने वाले एक आदेश को बरकरार रखा है, जो राष्ट्रीय राजमार्ग से गुजरते समय हुई दुर्घटना में मारी गई थीं। 06 जून, 2013 को, विशाखा और संस्कृति राष्ट्रीय राजमार्ग से गुजर रहे थे, जब ज्यादा खनन के परिणामस्वरूप राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे एक छोटी पहाड़ी ढह गई। परिणामी मलबे और पहाड़ी का एक हिस्सा ढह गया और सड़क पर फिसल कर गिर गया, जिससे...

राजस्थान हाईकोर्ट ने सचिन पायलट खेमे की याचिका पर सुनवाई 20 जुलाई तक स्थगित की, स्पीकर को 21 जुलाई तक नोटिस पर कोई भी फैसला न लेने के लिए कहा
राजस्थान हाईकोर्ट ने सचिन पायलट खेमे की याचिका पर सुनवाई 20 जुलाई तक स्थगित की, स्पीकर को 21 जुलाई तक नोटिस पर कोई भी फैसला न लेने के लिए कहा

राजस्थान हाईकोर्ट ने शुक्रवार को विधानसभा के अध्यक्ष द्वारा जारी अयोग्यता नोटिस के खिलाफ सचिन पायलट के नेतृत्व में 19 असंतुष्ट कांग्रेस विधायकों द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई 20 जुलाई तक के लिए स्थगित कर दी। मुख्य न्यायाधीश इंद्रजीत महंती और न्यायमूर्ति प्रकाश गुप्ता की पीठ ने स्पीकर को निर्देश दिया है कि वे नोटिस पर 21 जुलाई, शाम 5 बजे तक कोई फैसला नहीं लें।विधायकों को अध्यक्ष द्वारा शुक्रवार तक कारण बताओ नोटिस पर अपनी प्रतिक्रियाएं देने के लिए कहा गया था। पायलट और 18 अन्य...

सीजेआई ने कहा, यह विरोधाभास है कि अपने उपभोग के लिए तो जानवरों को मारा जा सकता है जबकि देवता को चढ़ाने और उसे खाने के लिए नहीं
सीजेआई ने कहा, यह विरोधाभास है कि अपने उपभोग के लिए तो जानवरों को मारा जा सकता है जबकि देवता को चढ़ाने और उसे खाने के लिए नहीं

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को केरल एनिमल एंड बर्ड सैक्रिफ़ायसेस प्रोहिबिशन एक्ट, 1968 की संवैधानिकता को जायज़ ठहराने के केरल हाईकोर्ट के फ़ैसले के ख़िलाफ़ दायर विशेष अनुमति याचिका पर सुनवाई की। मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति एसए बोबडे, न्यायमूर्ति आर सुभाष रेड्डी और न्यायमूर्ति एएस बोपन्ना की पीठ ने मामले में नोटिस जारी किया। सीजेआई ने सुनवाई के क्रम में कहा कि यह विरोधाभास है कि उपभोग के लिए जानवरों को तो मारा जा सकता है पर देवताओं पर इसे चढ़ाने और बाद में खाने की मनाही है। उन्होंने कहा, ...

केंद्र सरकार उन्हें कैसे भुगतान कर सकती है? SC बार क्लर्क एसोसिएशन की केंद्र से 15 हजार प्रति माह की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने विचार करने से इनकार किया
"केंद्र सरकार उन्हें कैसे भुगतान कर सकती है?" SC बार क्लर्क एसोसिएशन की केंद्र से 15 हजार प्रति माह की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने विचार करने से इनकार किया

सुप्रीम कोर्ट ने COVID- 19 के मद्देनज़र अदालतों में कामकाज बंद होने के दौरान सदस्यों के लिए 15,000 रुपये मासिक भुगतान की मांग करने वाली सुप्रीम कोर्ट बार क्लर्क एसोसिएशन की याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया। शुक्रवार को सुनवाई के दौरान जस्टिस अशोक भूषण, जस्टिस संजय किशन कौल और जस्टिस एम आर शाह की पीठ ने भारत संघ को पहले प्रतिवादी के रूप में देखकर कहा, "हम आपको भुगतान करने के लिए भारत संघ से कैसे कह सकते हैं। ऐसे तो कोई भी आ जाएगा और कहेगा कि केंद्र सरकार को भुगतान करने के निर्देश दें।"...

एक देश- एक एजुकेशन बोर्ड की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई से इनकार किया, कहा ये नीतिगत मामला
एक देश- एक एजुकेशन बोर्ड की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई से इनकार किया, कहा ये नीतिगत मामला

देशभर में 6-14 वर्ष की आयु के सभी बच्चों के लिए समान शिक्षा और एक पाठ्यक्रम की मांग करने वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को सुनवाई से इनकार कर दिया। जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पीठ ने सुनवाई के दौरान कहा कि ये नीतिगत मामला है और अदालत इन मामलों में हस्तक्षेप नहीं कर सकती । पीठ ने सुनवाई करते हुए कहा कि यह याचिकाकर्ता पर निर्भर है कि वो अपनी शिकायतों पर सरकार के पास जा सकते हैं । जस्टिस चंद्रचूड़ ने एक राष्ट्र-एक बोर्ड की मांग वाली याचिका पर टिप्पणी करते हुए कहा, "...

सीआरपीसी की धारा 161 के तहत पुलिस अधिकारी द्वारा दर्ज गवाह के बयानों की ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग और थानों में CCTV कैमरों की स्थापना : सुप्रीम कोर्ट ने गृह मंंत्रालय को नोटिस जारी किया
सीआरपीसी की धारा 161 के तहत पुलिस अधिकारी द्वारा दर्ज गवाह के बयानों की ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग और थानों में CCTV कैमरों की स्थापना : सुप्रीम कोर्ट ने गृह मंंत्रालय को नोटिस जारी किया

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को CrPC की धारा 161 के तहत एक पुलिस अधिकारी द्वारा दर्ज गवाह के बयानों की ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग को लागू करने की मांग वाली याचिका पर नोटिस जारी किया।न्यायमूर्ति आरएफ नरीमन, न्यायमूर्ति नवीन सिन्हा और न्यायमूर्ति बीआर गवई की पीठ ने केंद्रीय गृह मंत्रालय को नोटिस जारी किया है। पीठ ने कहा कि शफी मोहम्मद बनाम हिमाचल प्रदेश राज्य (2018) 5 SCC 311 मामले में शीर्ष अदालत द्वारा "जांच में वीडियोग्राफी" के परिचय के संबंध में जारी निर्देशों पर " जांच करना" महत्वपूर्ण है। ...

यूथ बार एसोसिएशन ने देश भर में मुक़दमा-पूर्व मध्यस्थता के लिए एसओपी बनाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की
यूथ बार एसोसिएशन ने देश भर में मुक़दमा-पूर्व मध्यस्थता के लिए एसओपी बनाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की

यूथ बार एसोसिएशन ऑफ़ इंडिया (YBAI) ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर देश भर में मुक़दमा दायर करने से पहले आवश्यक रूप से मध्यस्थता की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए दिशानिर्देश जारी करने का आग्रह किया है। ऐसा अनुरोध अदालतों में लंबित मामलों की भीड़ से निपटने के लिए किया गया है। याचिका में कोर्ट से एसओपी बनाने का निर्देश देने का आग्रह किया गया है ताकि मुक़दमादारों को मुक़दमा से पहले मध्यस्थता के लिए ज़रूरी सलाह दी जा सके। ऐसा मामूली क़िस्म के मुक़दमों में कमी लाने के उद्देश्य से भी किया गया है ताकि...

मृत्युदंड के मामले में क्षमा/दया-रिट याचिकाओं के समयबद्ध निस्तारण की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने जारी किया नोटिस
मृत्युदंड के मामले में क्षमा/दया-रिट याचिकाओं के समयबद्ध निस्तारण की मांग वाली याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने जारी किया नोटिस

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को एक याचिका पर नोटिस जारी किया, जिसमें क्षमा/दया-रिट याचिकाओं के निस्तारण और फलस्वरूप मृत्युदंड के समयबद्ध कृयान्वयन के विषय में निर्देश जारी करने की मांग की गई थी। नोटिस चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया एसए बोबडे, आर सुभाष रेड्डी और एएस बोपन्ना की पीठ की ओर से जारी किया गया, याचिका एडवोकेट डॉ सुभाष विजयरण ने दायर की थी। याचिका में हाईकोर्ट द्वारा रिट याचिकाओं पर फैसला करने में में हुई अनियमितताओं को उजागर किया गया था, विशेष रूप से 5 बच्चों की हत्या की दोषी दो बहनों "रेणुका...

केंद्र द्वारा जवाब देने के लिए और समय मांगने पर सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता प्रो. सैफुद्दीन सोज की बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई स्थगित
केंद्र द्वारा जवाब देने के लिए और समय मांगने पर सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस नेता प्रो. सैफुद्दीन सोज की बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई स्थगित

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कांग्रेसी नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रो. सैफुद्दीन सोज को नजरबंद करने के जम्मू-कश्मीर सरकार के आदेश के खिलाफ दायर बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई स्थगित कर दी। कांग्रेसी नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रो. सैफुद्दीन सोज पिछले साल 5 अगस्त से नज़रबंद हैं। न्यायमूर्ति अरुण मिश्रा, न्यायमूर्ति विनीत सरन और न्यायमूर्ति एमआर शाह की पीठ के समक्ष केंद्र सरकार ने यह प्रस्तुत किया कि याचिका पर जवाब दाखिल करने के लिए और समय चाहिए। इस पर बेंच ने सुनवाई को 29 जुलाई तक...

कुछ प्रावधानों की संवैधानिकता को चुनौती देते हुए याचिका में संशोधन के लिए सचिन पायलट और अन्य बागी विधायकों द्वारा समय मांगने पर राजस्थान हाईकोर्ट ने सुनवाई स्थगित की
कुछ प्रावधानों की संवैधानिकता को चुनौती देते हुए याचिका में संशोधन के लिए सचिन पायलट और अन्य बागी विधायकों द्वारा समय मांगने पर राजस्थान हाईकोर्ट ने सुनवाई स्थगित की

राजस्थान हाईकोर्ट ने गुरुवार को सचिन पायलट और 18 अन्य बागी कांग्रेस विधायकों द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई को स्थगित कर दिया, क्योंकि याचिकाकर्ताओं के लिए पेश होने वाले वरिष्ठ अधिवक्ता हरीश साल्वे ने कुछ प्रावधानों की संवैधानिकता को चुनौती देने के लिए याचिका में संशोधन करने के लिए स्थगन की मांग की। वरिष्ठ अधिवक्ता साल्वे ने यह भी मांग की कि इस मामले की सुनवाई एक खंडपीठ द्वारा की जाए। इस पर न्यायमूर्ति सतीश कुमार शर्मा की पीठ ने निर्देश दिया कि याचिका को आवेदन दाखिल करने पर सूचीबद्ध किया जाए। ...

Children Of Jammu and Kashmir From Continuing Education
J&K 4G बैन : अवमानना का मामला नहीं क्योंकि समिति गठित हुई है, फैसला लिया गया है, अटॉर्नी जनरल ने सुप्रीम कोर्ट को बताया

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को केंद्र और जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश को एक सप्ताह के भीतर सर्वोच्च न्यायालय के 11 मई के फैसले का पालन न करने पर अवमानना ​​के लिए दायर याचिका परअपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया, जिसमें निर्देश दिया गया था कि जम्मू और कश्मीर में मोबाइल इंटरनेट की गति 2G के लिए निरंतर प्रतिबंध की आवश्यकता का निर्धारण करने के लिए एक "विशेष समिति" "तुरंत" गठित की जाए। जस्टिस एनवी रमना, जस्टिस आर सुभाष रेड्डी और जस्टिस बीआर गवई की पीठ ने फाउंडेशन फॉर मीडिया प्रोफेशनल द्वारा...

अमीश देवगन :  सूफी संत पर टिप्पणी पर एफआईआर रद्द करने की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने पक्षकारों को जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए
अमीश देवगन : सूफी संत पर टिप्पणी पर एफआईआर रद्द करने की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने पक्षकारों को जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए

सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को सूफी संत मोइनुद्दीन चिश्ती के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करने के लिए पत्रकार अमीश देवगन के खिलाफ दर्ज एफआईआर रद्द करने की मांग करने वाली याचिका को अधूरा मानते हुए उस पर सुनवाई स्थगित कर दी।इस मामले में अगली सुनवाई अब 5 अगस्त को होगी।जस्टिस एएम खानविल्कर, जस्टिस दिनेश माहेश्वरी और जस्टिस संजीव खन्ना की पीठ ने एक सप्ताह के भीतर सभी पक्षकारों सेे जवाब दाखिल करने को कहा, जिसमें वास्तविक शिकायतकर्ता भी शामिल हैं।देवगन के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने वाले पक्षों में से एक ने कोर्ट...