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छात्र को NSA हिरासत में लेने पर इलाहाबाद हाईकोर्ट की फटकार वाले आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचीं नोएडा DM

गौतम बुद्ध नगर की डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट मेधा रूपम ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के उस आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील की, जिसमें छात्र आकृति चौधरी को नेशनल सिक्योरिटी एक्ट (NSA) के तहत हिरासत में लेने के मामले में उनकी सैलरी से 5 लाख रुपये का मुआवज़ा देने का निर्देश दिया गया।बात दें, दिल्ली यूनिवर्सिटी की लॉ स्टूडेंट और एक्टिविस्ट, 24 वर्षीय आकृति चौधरी की NSA हिरासत रद्द करते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट ने नोएडा डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट द्वारा हिरासत का आदेश जारी करने के तरीके की कड़ी आलोचना की थी।बेंच ने...

कार्यकाल के बीच में पार्टी बदलने वाले नेताओं को अयोग्य घोषित करने के लिए कपिल सिब्बल का सुझाव, 10वीं अनुसूची को खत्म किया जाए

सीनियर वकील कपिल सिब्बल ने कहा कि संविधान की मौजूदा 10वीं अनुसूची राजनीतिक दल-बदल की समस्या से निपटने के लिए काफी नहीं है। इसमें पूरी तरह बदलाव की ज़रूरत है। उन्होंने सुझाव दिया कि 10वीं अनुसूची - जिसमें विलय के लिए छूट दी गई और स्पीकर को फैसला लेने का अधिकार है - को एक आसान नियम से बदल दिया जाए। इस नियम के तहत कार्यकाल के बीच में पार्टी बदलने वाले किसी भी नेता को दस साल के लिए अयोग्य घोषित कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस्तीफ़ा या विलय अयोग्यता से बचने का तरीका नहीं होना चाहिए, जैसा कि अभी...

सुप्रीम कोर्ट ने जजों के लिए नेशनल ज्यूडिशियल पे कमीशन की मांग वाली याचिका पर केंद्र और राज्यों से मांगा जवाब

महाराष्ट्र स्टेट जजेज एसोसिएशन ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की इसमें देश भर के जजों के वेतन और सेवा शर्तों की समीक्षा के लिए 'नेशनल ज्यूडिशियल पे कमीशन' (NJPC) बनाने की मांग की गई।चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्य कांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच ने इस रिट याचिका पर नोटिस जारी किया और मामले की सुनवाई के लिए 14 अक्टूबर, 2026 की तारीख तय की।यह याचिका महाराष्ट्र स्टेट जजेज एसोसिएशन ने एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड दिलीप अन्नासाहेब तौर के ज़रिए दायर की। कोर्ट में याचिकाकर्ता की ओर से...

UP Municipalities Act | निजी ज़मीन पर भी मवेशी बाज़ार के लिए लाइसेंस देने का अधिकार नगर पंचायत के पास: इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि नगर पंचायत के पास उत्तर प्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1916 के तहत अपनी स्थानीय सीमा के भीतर मवेशी बाज़ारों को लाइसेंस देने और उन्हें रेगुलेट करने का अधिकार है। कोर्ट ने मवेशी बाज़ार लगाने के लिए दिए गए लाइसेंस को चुनौती देने वाली याचिका को खारिज करते हुए यह बात कही।जस्टिस जेजे मुनीर और जस्टिस इंद्रजीत शुक्ला की बेंच याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें दिसंबर 2025 और मार्च 2026 के आदेशों को चुनौती दी गई। इन आदेशों में प्रतिवादी नंबर 7 को मथुरा ज़िले के महावन शहर में एक जगह...

Electricity Act | दो साल बाद बिजली बकाया वसूलना तभी संभव, जब हर बिल में लगातार बकाया दिखाया गया हो: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने बिजली के पुराने बकाये की वसूली को लेकर अहम फैसला सुनाते हुए कहा कि सामान्य तौर पर बिजली की खपत से जुड़ी कोई रकम दो साल के भीतर वसूल की जानी चाहिए। दो साल की अवधि के बाद भी बकाया वसूलना है तो उस रकम को लगातार बिजली बिलों में बकाया के तौर पर दिखाया जाना जरूरी है। ऐसा नहीं होने पर दो साल से अधिक पुरानी रकम की वसूली पर रोक रहेगी।जस्टिस एसवीएन भट्टी और जस्टिस एनवी अंजारिया की खंडपीठ ने उत्तर प्रदेश की बिजली वितरण कंपनी दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड की अपील खारिज करते हुए यह...

सुप्रीम कोर्ट ने डीपफेक और AI कंटेंट को रेगुलेट करने की याचिका पर गुजरात हाईकोर्ट की कार्यवाही पर लगाई रोक

सुप्रीम कोर्ट ने डिजिटल और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर फैल रहे डीपफेक और AI-जनरेटेड कंटेंट के बारे में चिंता जताने वाली PIL पर गुजरात हाई कोर्ट के सामने चल रही कार्यवाही पर रोक लगाई।चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्य कांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच ने यह आदेश तब दिया, जब केंद्र सरकार ने केस को सुप्रीम कोर्ट में ट्रांसफर करने की याचिका पर नोटिस जारी किया। सुनवाई के दौरान वकील ज़ोहेब हुसैन ने बताया कि कोर्ट ने दूसरे हाईकोर्ट में भी ऐसी ही कार्यवाही पर रोक लगाई और वे मामले अब...

गैर-कानूनी मकसद के लिए दिए गए पैसे की वसूली का मुकदमा नहीं चल सकता, इसे CPC ऑर्डर VII नियम 11 के तहत खारिज किया जाना चाहिए: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में कहा कि अगर शिकायत (plaint) से ही पता चलता है कि जिस पैसे की वसूली की मांग की जा रही है, वह गैर-कानूनी और धोखाधड़ी वाले मकसद के लिए दिया गया था तो मुकदमा 'इन पेरी डेलिक्टो' (in pari delicto - यानी दोनों पक्ष गलत काम में शामिल थे) के सिद्धांत के तहत वर्जित है और शिकायत को सिविल प्रक्रिया संहिता, 1908 (CPC) के ऑर्डर VII नियम 11(d) के तहत खारिज किया जाना चाहिए।जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह और जस्टिस मनमोहन की बेंच ने तेलंगाना हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ अपील पर सुनवाई करते...

यूपी सरकार दमन के हथियार के तौर पर इस्तेमाल कर रही है गुंडा एक्ट: इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा 'गुंडा एक्ट' के इस्तेमाल की कड़ी आलोचना की। कोर्ट ने कहा कि उसके सामने आए कई मामलों से पता चलता है कि राज्य सरकार 'गुंडा एक्ट' का इस्तेमाल 'दमन के हथियार' के तौर पर करने की अपनी नीति पर अड़ी हुई।जस्टिस सुभाष विद्यार्थी की बेंच ने गोंडा के निवासी के खिलाफ जारी आदेशों को रद्द करते हुए यह टिप्पणी की। इन आदेशों में उसे 'यूपी कंट्रोल ऑफ़ गुंडाज़ एक्ट, 1970' के तहत 'गुंडा' घोषित किया गया और छह महीने के लिए गोंडा जिले से बाहर रहने का आदेश दिया गया।कोर्ट ने...

न्यायपालिका में बढ़ रही हैं ब्लैक शीप, हर स्तर पर बहुसंख्यकवाद की ओर बढ़ रही हैं अदालतें: जस्टिस दीपक गुप्ता

सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जस्टिस दीपक गुप्ता ने न्यायपालिका की मौजूदा स्थिति को लेकर गंभीर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि न्यायपालिका में ईमानदार और सक्षम जजों की बड़ी संख्या के बावजूद 'ब्लैक शीप' (ग़लत काम करने वाले) की संख्या बढ़ रही है और देश की अदालतें धीरे-धीरे बहुसंख्यकवाद की ओर बढ़ती दिखाई दे रही हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र केवल बहुमत का शासन नहीं है बल्कि इसमें अल्पमत और असहमति की आवाज को भी समान महत्व मिलना चाहिए।स्वतंत्रता दिवस के बाद लिखे अपने लेख में जस्टिस गुप्ता ने कहा कि किसी देश की...

दिल्ली में छात्र-प्रदर्शन के दौरान 17 मेट्रो स्टेशन बंद करने का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, केंद्र को नोटिस

सुप्रीम कोर्ट ने जुलाई में छात्र प्रदर्शनों के दौरान दिल्ली मेट्रो के 17 स्टेशनों को बंद करने के फैसले को चुनौती देने वाली याचिका पर केंद्र सरकार को नोटिस जारी किया है। याचिका में स्टेशनों को बंद करने की कार्रवाई को अवैध और असंगत (Disproportionate) बताते हुए कहा गया कि सार्वजनिक सुविधा को प्रदर्शन रोकने के लिए बंद करने का कोई स्पष्ट कानूनी प्रावधान नहीं है।मामले की सुनवाई चीफ़ जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच ने की। कोर्ट ने दिल्ली पुलिस, दिल्ली सरकार और दिल्ली...

सुप्रीम कोर्ट ने प्राइवेट स्कूलों के शिक्षकों के लिए सोशल सिक्योरिटी उपायों की मांग करने वाली याचिका पर केंद्र और राज्यों से जवाब मांगा

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को जनहित याचिका (PIL) पर नोटिस जारी किया। इस याचिका में पूरे भारत में प्राइवेट स्कूलों के शिक्षकों के कल्याण, सोशल सिक्योरिटी और रिटायरमेंट के बाद सुरक्षा के लिए एक व्यापक राष्ट्रीय नीति और कानूनी ढांचा बनाने की मांग की गई।जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच ने केंद्र सरकार, राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों और नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन (NCTE) समेत अन्य अधिकारियों को नोटिस जारी किया और मामले की सुनवाई चार सप्ताह बाद के लिए तय की।यह याचिका ऑल-इंडिया टीचर्स...

बॉम्बे हाईकोर्ट में जजों की खाली जगहों पर दिखाया गुस्सा: सुप्रीम कोर्ट ने लॉ सेक्रेटरी के खिलाफ अवमानना कार्यवाही पर रोक लगाने से इनकार किया

सुप्रीम कोर्ट ने बॉम्बे हाईकोर्ट द्वारा महाराष्ट्र लॉ डिपार्टमेंट के सेक्रेटरी और सीनियर ज्यूडिशियल ऑफिसर दिलीप एस. घुमारे के खिलाफ शुरू की गई अवमानना ​​की कार्यवाही पर रोक लगाने से इनकार किया। घुमारे पर हाईकोर्ट के सामने कथित तौर पर गुस्सा दिखाने का आरोप है। हालांकि, कोर्ट ने हाईकोर्ट को 28 सितंबर तक अवमानना ​​की कार्यवाही में कोई अंतिम आदेश पारित करने से रोक दिया।जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच ने हाईकोर्ट की अवमानना ​​कार्यवाही के खिलाफ घुमारे की याचिका पर नोटिस जारी किया और...

सुप्रीम कोर्ट ने BNS की धारा 69 के बारे में बताया: शादी का असली वादा तोड़ने पर धोखे से सेक्स का अपराध नहीं बनता

सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में भारतीय न्याय संहिता, 2023 (BNS) की धारा 69 के तहत दर्ज FIR रद्द की। इस धारा में धोखे से (जैसे शादी का झूठा वादा करके) सहमति लेकर सेक्स करने को अपराध माना गया। कोर्ट ने पाया कि शिकायत से ही पता चलता है कि यह धोखे से बहला-फुसलाकर बनाया गया संबंध नहीं, बल्कि आपसी सहमति से बना संबंध था। कोर्ट ने यह भी कहा कि आरोपी की माँ की इजाज़त न होने के कारण शादी से इनकार करना धोखाधड़ी नहीं माना जा सकता।जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस के विनोद चंद्रन की बेंच गुजरात हाईकोर्ट के आदेश के...

कुत्ता टहलाने के लिए त्यागराज स्टेडियम खाली करवाने वाले IAS अधिकारी की बहाली पर सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक

सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में IAS अधिकारी रिंकू ढुग्गा की बहाली पर रोक लगाई। सरकार ने उन्हें अनिवार्य रिटायरमेंट दे दिया था, क्योंकि उन पर और उनके पति (जो खुद भी IAS अधिकारी हैं) पर आरोप है कि उन्होंने दिल्ली के त्यागराज स्टेडियम को खाली करवाया ताकि वह अपने कुत्ते को टहला सकें।चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्य कांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच ने संबंधित अधिकारी को नोटिस जारी किया। यह नोटिस केंद्र सरकार की उस याचिका पर जारी किया गया, जिसमें दिल्ली हाईकोर्ट के उस फैसले को...

सिर्फ़ लंबे समय तक कब्ज़ा एडवर्स पज़ेशन साबित नहीं करता, इसके लिए विरोधी इरादा ज़रूरी: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार (10.09.2026) को कहा कि किसी प्रॉपर्टी पर सिर्फ़ लंबे समय तक और बिना रुकावट कब्ज़ा होना ही 'एडवर्स पज़ेशन' (प्रतिकूल कब्ज़ा) का दावा साबित करने के लिए काफ़ी नहीं है। इसके लिए यह साबित करना ज़रूरी है कि कब्ज़ा किस बिंदु पर असली मालिक के खिलाफ़ (विरोधी) हो गया।ऐसा फैसला सुनाते हुए कोर्ट ने यह भी कहा कि रेवेन्यू रिकॉर्ड में कब्ज़े को 'गैर-मरूसी बिला लगान बवजह धर्म-अर्थ' (यानी धार्मिक उद्देश्यों के लिए बिना किराया दिए कब्ज़ा) के तौर पर दर्ज करना प्रॉपर्टी को पूरी तरह से...

मुस्लिम व्यक्ति की दूसरी शादी अमान्य नहीं, IPC की धारा 494 के तहत दो शादियां करने का अपराध नहीं बनता: तेलंगाना हाईकोर्ट

तेलंगाना हाईकोर्ट ने कहा कि जिन मामलों में पक्ष मुस्लिम पर्सनल लॉ के तहत आते हैं, वहां किसी व्यक्ति की दूसरी शादी सिर्फ़ इसलिए "अमान्य" नहीं मानी जाएगी कि उसकी पहली शादी अभी भी कायम है। इसलिए IPC की धारा 494 के तहत बिगैमी का अपराध नहीं बनेगा।जस्टिस एन. तुकारामजी की सिंगल जज बेंच ने मुस्लिम व्यक्ति के खिलाफ बिगैमी की कार्यवाही रद्द की, क्योंकि उन्हें लगा कि IPC की धारा 494 के लिए ज़रूरी शर्तें पूरी नहीं हो रही थीं।कोर्ट ने कहा:"इसके अलावा, पक्षकारों पर लागू होने वाले पर्सनल लॉ से जुड़ा एक अलग और...