ताज़ा खबरें

दिल्ली में महिला सुरक्षा पर सुप्रीम कोर्ट का पुलिस को निर्देश: महिलाओं को रात में अकेले चलने पर भी सुरक्षित महसूस होना चाहिए
नेशनल कैपिटल रीजन (NCR) में बढ़ते यौन अपराधों पर खुद से संज्ञान लेते हुए (Suo Motu), सुप्रीम कोर्ट ने महिलाओं के खिलाफ अपराधों को रोकने के लिए सभी ज़रूरी कदम उठाने की ज़रूरत पर ज़ोर दिया।दिल्ली में महिलाओं के सुरक्षित न होने की आम धारणा पर बात करते हुए कोर्ट ने आदेश दिया कि मेट्रो, बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन जैसी सभी सार्वजनिक जगहों पर बीट पेट्रोलिंग यूनिट्स लगातार निगरानी रखें और दिल्ली पुलिस कंट्रोल रूम वैन के रुकने की जगहों को मज़बूत किया जाए। साथ ही कोर्ट ने इस बात पर भी ज़ोर दिया कि...

सुप्रीम कोर्ट ने चेक बाउंस के मामलों में 5 करोड़ रुपये जमा न करने पर एक्टर राजपाल यादव को फटकार लगाई
सुप्रीम कोर्ट ने बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव को फटकार लगाई। उन्हें चेक बाउंस के 7 मामलों में दोषी ठहराया गया है और कोर्ट के बार-बार आदेश देने के बावजूद उन्होंने कोर्ट रजिस्ट्री में 5 करोड़ रुपये जमा नहीं किए।चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्य कांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच चेक बाउंस के मामलों में सजा और दोषसिद्धि को चुनौती देने वाली यादव की याचिका पर सुनवाई कर रही थी।पैसे जमा करने के निर्देश का पालन न करने पर जस्टिस बागची ने कहा,"उनके अहंकार को... हम शिकायतकर्ता के लिए कुछ...

उन्हें चुनाव लड़ने दें: नंदीग्राम से कांग्रेस प्रत्याशी की अंतरिम जमानत के खिलाफ याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई स्थगित
सुप्रीम कोर्ट ने नंदीग्राम विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी मिलन प्रधान को कलकत्ता हाईकोर्ट से मिली अंतरिम जमानत के खिलाफ पश्चिम बंगाल सरकार की याचिका पर सुनवाई 7 अक्टूबर तक स्थगित दी।जस्टिस जॉयमाल्या बागची के मामले से अलग होने के बाद चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्यकांत और जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने यह आदेश दिया। जस्टिस बागची ने हितों के टकराव का हवाला देते हुए सुनवाई से खुद को अलग कर लिया। उन्होंने बताया कि वकालत के दौरान वह प्रधान से जुड़े मूल मामले में कुछ पक्षकारों की ओर से पेश हो...

शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अनुमति को लेकर याचिका पर सुप्रीम कोर्ट सुनवाई के लिए तैयार, जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की मांग
प्रीम कोर्ट ने सोमवार को उस याचिका को सूचीबद्ध करने पर सहमति जताई, जिसमें दिल्ली पुलिस को राष्ट्रीय राजधानी स्थित जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अनुमति देने का निर्देश देने की मांग की गई है। यह याचिका दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ चल रहे प्रदर्शनों की पृष्ठभूमि में दायर की गई है।याचिका का उल्लेख मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ के समक्ष किया गया। याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने कहा कि दिल्ली पुलिस शांतिपूर्ण प्रदर्शनों की अनुमति नहीं दे रही है।...

सेंट्रल विस्टा प्लान में 135 साल पुरानी लाइब्रेरी के लिए जगह नहीं: सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से हलफनामा दाखिल करने को कहा
सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से कहा कि वह हलफनामा दाखिल करके बताए कि दिल्ली में 135 साल पुरानी सेंट्रल सेक्रेटेरियट लाइब्रेरी (CSL) - जिसमें लगभग 8.5 लाख किताबें हैं और जिसे दूसरी जगह शिफ्ट करने का प्रस्ताव है - के लिए नए सेंट्रल विस्टा प्लान के तहत कितनी जगह दी गई।जस्टिस संजय कुमार और जस्टिस संजीव सचदेवा की बेंच उस मामले की सुनवाई कर रही है, जो उन खबरों के आधार पर खुद से (Suo Motu) दर्ज किया गया, जिनमें कहा गया कि सेंट्रल विस्टा प्लान में CSL के लिए कोई जगह नहीं दी गई।बेंच ने केंद्र...

लाखों नागरिकों को वोट के अधिकार से वंचित करना संविधान की मूल भावना के खिलाफ: जस्टिस उज्जल भुइयां
सुप्रीम कोर्ट जज जस्टिस उज्जल भुइयां ने कहा कि भारतीय नागरिक का वोट देने का अधिकार संविधान की मूल संरचना का अभिन्न हिस्सा है। ऐसी कोई भी प्रक्रिया जिसके कारण लाखों नागरिक अपने मताधिकार से वंचित हो जाएं स्वभाव से ही मनमानी होगी और संविधान के अनुच्छेद 14 तथा 326 का उल्लंघन करेगी। उन्होंने कहा कि किसी भी प्राधिकरण को संविधान के तहत नागरिकों को मिले मताधिकार से इस तरह वंचित करने का अधिकार नहीं है और कोई अदालत भी ऐसी प्रक्रिया को मंजूर नहीं कर सकती।19वें नालसार-जस्टिस बीआर सावनी स्मृति मूट कोर्ट...

जस्टिस उज्ज्वल भुइयां ने की NALSAR स्टूडेंट्स की तारीफ़, कहा- वे होनहार, निडर और बहादुर
सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस उज्ज्वल भुइयां ने हैदराबाद की NALSAR यूनिवर्सिटी ऑफ़ लॉ स्टूडेंट्स की तारीफ़ करते हुए उन्हें "होनहार, निडर और बहादुर" बताया। यह तारीफ़ ऐसे समय में की गई, जब यूनिवर्सिटी के पास होने वाले बैच पर बार काउंसिल ऑफ़ इंडिया (BCI) ने एनरोलमेंट (पंजीकरण) पर पूरी तरह रोक लगाई थी (जिसे बाद में हटा लिया गया)। यह रोक इसलिए लगाई गई थी, क्योंकि स्टूडेंट्स ने यूनिवर्सिटी के दीक्षांत समारोह में चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्य कांत के प्रस्तावित शामिल होने का विरोध किया।19वीं NALSAR जस्टिस...

ECI Row : SIR को लेकर CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ याचिकाओं पर कल सुनवाई करेगा सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट कल (सोमवार) मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दायर दो रिट याचिकाओं पर सुनवाई करेगा। ये याचिकाएं 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (SIR) से जुड़े उन विवादित फैसलों के बारे में हैं, जो कथित तौर पर अन्य दो चुनाव आयुक्तों की सहमति के बिना लिए गए।चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्य कांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच इन याचिकाओं पर सुनवाई करेगी।ये याचिकाएं उन खबरों के संदर्भ में दायर की गईं, जिनमें कहा गया कि अन्य दो चुनाव आयुक्तों - सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी...

'प्रेस की आज़ादी सीमित करने के लिए विधायी विशेषाधिकारों का इस्तेमाल नहीं होना चाहिए': सुप्रीम कोर्ट में 'द न्यूज़ मिनट'
डिजिटल न्यूज़ आउटलेट 'द न्यूज़ मिनट' और उसकी एडिटर-इन-चीफ़ धन्या राजेंद्रन ने सुप्रीम कोर्ट में अर्ज़ी दायर की। वे संविधान के आर्टिकल 194(3) के तहत विधायी विशेषाधिकारों के दायरे और आर्टिकल 19(1)(a) के तहत बोलने और अभिव्यक्ति की आज़ादी के मौलिक अधिकार के बीच संबंध से जुड़े लंबे समय से लंबित मामले में दखल देने की अनुमति मांग रहे हैं।एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड पृथा श्रीकुमार अय्यर के ज़रिए दायर दखल अर्ज़ी में उन्होंने तर्क दिया कि अगर विधायी निकायों को पत्रकारिता की रिपोर्टिंग और कमेंट्री को रोकने के लिए...

पूर्व जज जस्टिस नरीमन ने ECI के कामकाज पर गंभीर चिंता जताई, कहा- सुप्रीम कोर्ट को CEC मामले पर जल्द फ़ैसला लेना चाहिए
सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज जस्टिस रोहिंटन फली नरीमन ने भारत के चुनाव आयोग (ECI) के कामकाज पर गंभीर चिंता जताई। उन्होंने यह बात वोटर लिस्ट के 'स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न' (SIR) के दौरान बड़ी संख्या में वोटरों के नाम कटने और ऐसी रिपोर्टों के आधार पर कही, जिनमें कहा गया कि मुख्य चुनाव आयुक्त ने बाकी दो चुनाव आयुक्तों की आपत्तियों को नज़रअंदाज़ करते हुए कई अहम फ़ैसले लिए।उन्होंने कहा,"ऐसा चुनाव आयोग नहीं हो सकता, जो इस तरह से काम करे या ठीक से काम न करे।" उन्होंने अफ़सोस जताया कि पश्चिम बंगाल में 90...

जजों के बच्चों को सरकार या सरकारी एजेंसियों के वकील के तौर पर नियुक्त नहीं होना चाहिए: जस्टिस ओक
मौजूदा जजों के बच्चों की सरकारी वकील के तौर पर नियुक्ति को लेकर हालिया विवादों ने न्यायिक मर्यादा और हितों के टकराव (कॉन्फ्लिक्ट ऑफ़ इंटरेस्ट) के मुद्दे को चर्चा में ला दिया। यह बात सामने आने पर सवाल उठे कि जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा के बेटे को भारत के चुनाव आयोग के वकील के तौर पर पैनल में शामिल किया गया; क्योंकि यह तथ्य तब सामने आया जब जज ने 'मुख्य चुनाव आयुक्त और चुनाव आयुक्त अधिनियम' की वैधता से जुड़े मामलों और मुख्य चुनाव आयुक्त की बेटी मेधा रूपम से जुड़े एक मामले की सुनवाई कर ली थी।इससे पहले,...

सुप्रीम कोर्ट वीकली राउंड अप : सुप्रीम कोर्ट के कुछ खास ऑर्डर/जजमेंट पर एक नज़र
सुप्रीम कोर्ट में पिछले सप्ताह (28 सितंबर, 2026 से 02 अक्टूबर, 2026 तक) तक क्या कुछ हुआ, जानने के लिए देखते हैं सुप्रीम कोर्ट वीकली राउंड अप। पिछले सप्ताह सुप्रीम कोर्ट के कुछ खास ऑर्डर/जजमेंट पर एक नज़र।S. 138 NI Act | चेक बाउंस होने पर ड्रॉअर के पते पर भेजा गया नोटिस, परिवार के सदस्य को मिलने पर भी वैध माना जाएगा: सुप्रीम कोर्टसुप्रीम कोर्ट ने बुधवार (30 सितंबर) को कहा कि नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट, 1881 (NI Act) के तहत कानूनी डिमांड नोटिस को सिर्फ़ इसलिए अमान्य नहीं माना जा सकता कि वह...

चुने हुए प्रतिनिधि पुलिस या कोर्ट की भूमिका नहीं निभा सकते, जनता का जनादेश बेरोकटोक ताकत का ज़रिया नहीं: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि चुने हुए प्रतिनिधि पुलिस, एडमिनिस्ट्रेटर या कोर्ट की भूमिका नहीं निभा सकते। कोर्ट ने ज़ोर दिया कि जनता के जनादेश को निजी अधिकार या दूसरों को आदेश देने या डराने-धमकाने की बेरोकटोक ताकत का ज़रिया नहीं माना जा सकता।जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच ने कहा,"लोकतंत्र वोट के ज़रिए ताकत देता है, लेकिन उस ताकत का इस्तेमाल कानून के दायरे में रहकर ही किया जा सकता है।" बेंच ने कल्याण डोंबिवली म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के एक कॉर्पोरेटर और तीन अन्य लोगों की ज़मानत रद्द...

ज़मानत कब दी जाए? इस पर सुप्रीम कोर्ट को ट्रायल जज की 'सलाह' की ज़रूरत नहीं
सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल के ट्रायल कोर्ट जज की टिप्पणियों पर नाराज़गी जताई। जज ने आपराधिक मामले की सुनवाई पूरी करने के लिए और समय मांगा। साथ ही सुप्रीम कोर्ट को यह सलाह भी देने की कोशिश की कि ज़मानत कब दी जानी चाहिए और कब नहीं।जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस के विनोद चंद्रन की बेंच ने उस तरीके पर नाराज़गी जताई, जिससे बारासात (उत्तर 24 परगना) में एडिशनल डिस्ट्रिक्ट एंड सेशंस जज (तीसरी कोर्ट) ने सुनवाई पूरी करने के लिए और समय मांगते हुए सुप्रीम कोर्ट को पत्र लिखा था।बेंच ने कहा कि ट्रायल जज...

Yamuna Expressway Bus Fire : सुप्रीम कोर्ट ने गिरफ़्तारी और सुरक्षा नियमों के पालन पर केंद्र और यूपी सरकार से रिपोर्ट मांगी
सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार और केंद्र से जवाब मांगा। यह जवाब एक याचिका पर मांगा गया, जिसमें सड़क सुरक्षा के कई उपायों की मांग की गई। यह याचिका 23-24 सितंबर, 2026 की रात यमुना एक्सप्रेसवे पर जेवर के पास एक स्लीपर बस में आग लगने से नौ यात्रियों की जलकर मौत होने के बाद दायर की गई।कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार के मुख्य सचिव, भारत सरकार और सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) के सचिव से यह बताने को कहा कि बस के ड्राइवर और मालिक को गिरफ़्तार किया गया है या नहीं। कोर्ट ने यह जानकारी भी मांगी...

मेडिकल प्रोफेशनल्स को डराने या उन पर हमला करने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जा सकता: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में कहा कि शारीरिक हिंसा, डराने-धमकाने या ज़बरदस्ती के डर के बीच डॉक्टरों से सही और स्वतंत्र पेशेवर फ़ैसला लेने की उम्मीद नहीं की जा सकती। कोर्ट ने इस बात पर ज़ोर दिया कि मेडिकल प्रोफेशनल्स की सुरक्षा और सम्मान, सही तरीके से हेल्थकेयर देने के लिए ज़रूरी सुरक्षा उपाय हैं।कोर्ट ने यह भी कहा कि इलाज को लेकर शिकायतें, चाहे कितनी भी सही क्यों न हों, हिंसा का सहारा लेने को सही नहीं ठहरा सकतीं। कोर्ट ने ज़ोर दिया कि ऐसे व्यवहार की इजाज़त देने से उन हालात पर बुरा असर पड़ेगा,...

सिर्फ़ कागज़ात न होने से यह नहीं माना जा सकता कि मवेशियों को काटने के लिए ले जाया जा रहा है: सुप्रीम कोर्ट ने की सज़ा रद्द
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सिर्फ़ ट्रांसपोर्ट के कागज़ात न होने से यह अनुमान नहीं लगाया जा सकता कि मवेशियों को काटने के लिए ले जाया जा रहा है।जस्टिस जे.बी. पारदीवाला और जस्टिस के. विनोद चंद्रन की बेंच ने छत्तीसगढ़ कृषि पशु संरक्षण अधिनियम, 2004 के तहत एक व्यक्ति की सज़ा रद्द की। उस पर 32 बैलों को काटने के लिए ले जाने का आरोप है। कोर्ट ने कहा कि बिना किसी कागज़ात के मवेशियों को ले जाने से यह अनुमान नहीं लगाया जा सकता कि उन्हें सिर्फ़ काटने के मकसद से ले जाया जा रहा था।कोर्ट ने कहा,"सिर्फ़ इस बात से...

NEET-PG 2026: सुप्रीम कोर्ट में याचिका: उम्मीदवारों को असली सवाल, विकल्प और सही जवाब दिखाए जाएं
सुप्रीम कोर्ट में एक रिट याचिका दायर की गई। इसमें नेशनल बोर्ड ऑफ़ एग्ज़ामिनेशन्स इन मेडिकल साइंसेज (NBEMS) द्वारा NEET-PG 2026 के लिए आंसर की और उम्मीदवारों के जवाब जारी करने के तरीके को चुनौती दी गई। याचिका में मांग की गई कि हर उम्मीदवार को दिखाए गए असली सवाल और विकल्प बताए जाएं ताकि वे अपने स्कोर की स्वतंत्र रूप से जांच कर सकें।डेमोक्रेटिक मेडिकल एसोसिएशन द्वारा दायर यह याचिका NBEMS के 1 अक्टूबर 2026 के उस नोटिस को चुनौती देती है, जिसके तहत उम्मीदवार अपने व्यक्तिगत लॉगिन के ज़रिए सवाल-वार अपना...

दादा की जगह पोता भी पा सकता है अनुकंपा नियुक्ति: सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के फैसले में दख़ल देने से किया इनकार
सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के उस आदेश में दखल देने से इनकार किया, जिसमें रेलवे अधिकारियों को एक मृत रेलवे कर्मचारी के पोते को अनुकंपा के आधार पर नौकरी देने का निर्देश दिया गया।जस्टिस मनोज मिश्रा और जस्टिस विजय बिश्नोई की बेंच ने भारत सरकार और रेलवे की उस याचिका को खारिज किया, जिसमें हाईकोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी गई थी जिसमें रेलवे को प्रतिवादी (रेस्पॉन्डेंट) के अनुकंपा नियुक्ति के मामले पर विचार करने के लिए कहा गया।यह मामला प्रतिवादी-जितेंद्र वर्मा से जुड़ा है, जिनके दादा की 2002...

'धर्मनिरपेक्षता और भाईचारे के खिलाफ': बौद्ध नेता ने 'वंदे मातरम' के छह-पद वाले वर्शन आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी
बौद्ध एक्टिविस्ट ने केंद्र सरकार के 28 जनवरी और 9 जुलाई, 2026 के आदेशों को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी। इन आदेशों में खास मौकों पर 'वंदे मातरम' के छह-पद वाले वर्शन को गाने और बजाने का निर्देश दिया गया। याचिकाकर्ता का तर्क है कि ये निर्देश धर्मनिरपेक्षता, भाईचारे और उन नागरिकों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करते हैं, जो हिंदू धार्मिक मान्यताओं को नहीं मानते हैं।अनुसूचित जाति के बौद्ध, अंबेडकरवादी एक्टिविस्ट और 'ऑल इंडिया बैकवर्ड एंड माइनॉरिटी कम्युनिटीज़ एम्प्लॉइज फेडरेशन' (BAMCEF) के पूर्व...
