बॉम्बे हाईकोर्ट

स्कूल जाने के लिए 30 किलोमीटर पैदल चल रहे 228 बच्चों की सुरक्षा पर बॉम्बे हाईकोर्ट सख्त, सरकार की उदासीनता पर जताई नाराजगी
बॉम्बे हाईकोर्ट ने सह्याद्री टाइगर रिजर्व और चांदोली राष्ट्रीय उद्यान के वन्यजीव प्रभावित इलाकों से होकर स्कूल जाने वाले 228 बच्चों की सुरक्षा को लेकर महाराष्ट्र सरकार और संबंधित अधिकारियों की कार्यशैली पर कड़ी नाराजगी जताई।अदालत ने कहा कि बच्चों को रोजाना करीब 30 किलोमीटर तक पैदल चलकर स्कूल जाने के लिए मजबूर होना और उनकी सुरक्षा के लिए न्यूनतम परिवहन सुविधा तक उपलब्ध न कराना सरकार की गंभीर उदासीनता को दर्शाता है।जस्टिस शर्मिला देशमुख और जस्टिस नीरज धोटे की खंडपीठ ने कहा कि कम से कम 228 बच्चे...

POSH Act के तहत एम्प्लॉयर अपनी खुद की अपीलीय अथॉरिटी नहीं बना सकता: बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा कि POSH Act की धारा 18 और POSH नियमों के नियम 11 को मिलाकर पढ़ने पर एम्प्लॉयर को अपीलीय अथॉरिटी बनाने या गठित करने का कोई अधिकार या अधिकार-क्षेत्र नहीं मिलता है। कोर्ट ने यह भी चेतावनी दी कि सरकारी संस्थानों को नियमों की व्याख्या करते समय सावधान रहना चाहिए, क्योंकि गलत व्याख्या से अव्यवस्था फैल सकती है।जस्टिस जी. एस. कुलकर्णी और जस्टिस डॉ. नीला गोखले की डिवीजन बेंच अशोक उपाध्याय की याचिका पर सुनवाई कर रही थी। उन्होंने 'कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और...

शादीशुदा ज़िंदगी में सिर्फ़ नाराज़गी या चिड़चिड़ापन क्रूरता नहीं है: बॉम्बे हाईकोर्ट ने पति को तलाक़ देने से इनकार किया
बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में एक पति की अपील खारिज करते हुए कहा कि पति-पत्नी के बीच सिर्फ़ नाराज़गी या चिड़चिड़ापन क्रूरता नहीं माना जाएगा और हिंदू मैरिज एक्ट के तहत तलाक़ का आधार नहीं हो सकता। पति ने फैमिली कोर्ट के उस आदेश के खिलाफ अपील की थी जिसमें क्रूरता के आधार पर शादी खत्म करने की उसकी अर्ज़ी खारिज की गई।जस्टिस उर्मिला जोशी-फाल्के और जस्टिस राज वाकोडे की डिवीज़न बेंच ने कहा कि छोटी-मोटी बातों पर क्रूरता के आरोपों पर विचार नहीं किया जा सकता और आरोपों में क्रूरता के समय, जगह और तरीके का...

दबाव में न आए कानून विभाग, स्वतंत्र होकर ले फैसला: बॉम्बे हाईकोर्ट ने 650 दिन की देरी वाली अपील खारिज की
बॉम्बे हाईकोर्ट ने भ्रष्टाचार निरोधक कानून के एक मामले में बरी किए जाने के खिलाफ अपील दाखिल करने में हुई 650 दिन की देरी को माफ करने से इनकार करते हुए राज्य सरकार की याचिका खारिज की।हाईकोर्ट ने कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि राज्य का कानून एवं न्याय विभाग किसी दूसरे विभाग के दबाव में आकर फैसला न बदले बल्कि कानून के अनुसार स्वतंत्र और निष्पक्ष राय दे।नागपुर पीठ के जस्टिस महेंद्र नर्लिकर ने मामले में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, यवतमाल पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। अदालत ने कहा कि विभागों के...

'BCI से एनरोलमेंट के लिए मान्यता प्राप्त UK लॉ डिग्री, भारत में 3-साल के LLB कोर्स में एडमिशन के लिए 'पहली डिग्री' नहीं मानी जा सकती': बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा कि किसी विदेशी यूनिवर्सिटी से मिली तीन साल की अंडरग्रेजुएट लॉ डिग्री, जिसे विदेशी लॉ डिग्री के रेगुलेटरी फ्रेमवर्क के तहत Bar Council of India (BCI) ने मान्यता दी है, उसे भारत में तीन साल के LL.B. कोर्स में एडमिशन के लिए ज़रूरी "पहली डिग्री" (First Degree) नहीं माना जा सकता। कोर्ट ने यह भी कहा कि किसी कानूनी मकसद के लिए विदेशी लॉ डिग्री को मान्यता मिलने का मतलब यह नहीं है कि वह किसी दूसरे अलग कानूनी मकसद के लिए भी योग्यता देती है।जस्टिस आर.आई. छागला और जस्टिस फरहान पी....

'कोर्ट यह तय नहीं कर सकता कि सावरकर बहादुर थे या कायर': राहुल गांधी के ट्रायल पर रोक के लिए हाईकोर्ट में याचिका
पुणे स्पेशल MP/MLA कोर्ट ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ चल रहे आपराधिक मानहानि के मामले में दखल देने की पंकज फड़नीस की अर्जी खारिज की थी। यह मामला दक्षिणपंथी विचारक विनायक सावरकर की कथित तौर पर बदनामी करने से जुड़ा है। इसके बाद फड़नीस ने बॉम्बे हाईकोर्ट का रुख किया। उनका दावा है कि स्पेशल कोर्ट अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर के मुद्दों पर विचार कर रही है और यह तय करने की कोशिश कर रही है कि सावरकर बहादुर थे या कायर।पेशे से प्रोफेसर फड़नीस, जिनका दावा है कि उन्हें सावरकर के जीवन के बारे में...

डॉ. नरेंद्र दाभोलकर हत्या मामले में दोषी सचिन अंदुरे को बॉम्बे HC से जमानत, उम्रकैद की सजा निलंबित
बॉम्बे हाईकोर्ट ने मंगलवार (18 अगस्त) को तर्कवादी और अंधविश्वास विरोधी कार्यकर्ता डॉ. नरेंद्र दाभोलकर की हत्या के मामले में दोषी सचिन अंदुरे को जमानत दे दी। कोर्ट ने उसकी उम्रकैद की सजा को भी निलंबित कर दिया है।जस्टिस सारंग कोतवाल और जस्टिस रंजितसिंह भोंसले की डिवीजन बेंच ने यह आदेश पारित किया। आदेश की विस्तृत प्रति अभी उपलब्ध नहीं हुई है।अंदुरे ने मई 2024 में विशेष अदालत द्वारा सुनाई गई उम्रकैद की सजा को चुनौती देते हुए जमानत और सजा निलंबित करने की मांग की थी। विशेष अदालत ने उसे और सह-आरोपी शरद...

चुनाव नतीजे के बाद RTI सूचना न देना 'भ्रष्ट आचरण' नहीं: बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाईकोर्ट ने कहा है कि चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद RTI आवेदन के जरिए मांगी गई सूचना उपलब्ध न कराना, उम्मीदवार के चुनावी prospects को आगे बढ़ाने के लिए सहायता प्राप्त करना नहीं माना जा सकता। इसलिए ऐसा कृत्य जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 (RPA) की धारा 123(7) के तहत भ्रष्ट आचरण (corrupt practice) नहीं बनता।जस्टिस शर्मिला यू. देशमुख ने यह टिप्पणी 2024 के महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से संबंधित एक चुनाव याचिका पर सुनवाई करते हुए की। अदालत के समक्ष Order VII Rule 11(a) CPC के तहत आवेदन दायर कर...

उमर और शरजील रिहाई के नारे लगाने के आरोपी पूर्व TISS छात्र को हाईकोर्ट ने दी गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा
बॉम्बे हाईकोर्ट ने शुक्रवार (14 अगस्त) को TISS के पूर्व छात्र कामाख्या प्रसाद दास को गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा दी। उन पर "उमर खालिद और शरजील इमाम को रिहा करने" के लिए नारे लगाने का आरोप है।जस्टिस प्रफुल्ल खुबालकर ने दास की अग्रिम ज़मानत की याचिका पर 31 अगस्त को सुनवाई करने पर सहमति जताई और इस बीच उन्हें गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा दी।गौरतलब है कि पिछले हफ्ते मुंबई की एक अदालत ने दास और एक अन्य छात्र अभिस्वरूप पॉल की अग्रिम ज़मानत याचिका खारिज की। इन दोनों को जीएन साईबाबा को श्रद्धांजलि देने के...

आवारा कुत्तों की बढ़ती आबादी ही समस्या की जड़, महाराष्ट्र में नसबंदी अभियान तेज करे सरकार: बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाईकोर्ट ने महाराष्ट्र में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या और कुत्तों के काटने की घटनाओं पर गंभीर चिंता जताते हुए राज्य सरकार को नसबंदी अभियान को आक्रामक तरीके से लागू करने का निर्देश दिया। हाईकोर्ट ने कहा कि आवारा कुत्तों की आबादी में लगातार हो रही वृद्धि ही इस समस्या की प्रमुख वजह है और नसबंदी के जरिए इसके विस्तार को रोका जा सकता है।चीफ जस्टिस रविंद्र वी. घुगे और जस्टिस गौतम अंखड की खंडपीठ ने यह निर्देश शुक्रवार को स्वतः संज्ञान से शुरू की गई जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया। यह मामला...

आगे बढ़ें और ऐसे कमर्शियल विवादों को खत्म करें: SBI द्वारा एसेट ज़ब्त करने के खिलाफ विजय माल्या की 2020 की याचिका पर बॉम्बे हाईकोर्ट
बुधवार (12 अगस्त) को प्रवर्तन निदेशालय (ED) को नोटिस जारी करते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट ने मौखिक रूप से कहा कि पूर्व शराब कारोबारी विजय माल्या और बैंकों के कंसोर्टियम के बीच चल रहे कमर्शियल विवादों को खत्म किया जाना चाहिए, और इसमें शामिल पक्षों को 'आगे बढ़ना' चाहिए, वरना इसका असर देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा।सिंगल-जज जस्टिस मिलिंद जाधव माल्या द्वारा 2020 में दायर अर्जी पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें उन्होंने मुंबई की स्पेशल कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी, जिसमें स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के नेतृत्व...

नाबालिग रेप पीड़िता का यौन क्रिया को ठीक से न बता पाना उसकी गवाही को खारिज करने का आधार नहीं हो सकता: बॉम्बे हाईकोर्ट ने बरी करने का फैसला पलटा
बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में कहा कि नाबालिग रेप पीड़िता की गवाही को सिर्फ़ इसलिए खारिज नहीं किया जा सकता, क्योंकि वह उस यौन क्रिया को ठीक से नहीं बता पाई, जिसका वह शिकार हुई। इसलिए हाईकोर्ट ने ट्रायल कोर्ट के फैसले को पलट दिया और 2012 के एक मामले में एक नाबालिग लड़की के साथ रेप के लिए एक व्यक्ति को दोषी ठहराया।औरंगाबाद बेंच में जस्टिस संदीपकुमार मोरे और जस्टिस वैशाली पाटिल-जाधव की डिवीजन बेंच ने गौर किया कि ट्रायल कोर्ट ने 19 अप्रैल, 2017 के अपने फैसले में आरोपी अनिल गायकवाड़ को अपहरण और रेप के...

BCI को चार लॉ कॉलेजों की मंजूरी के आवेदन तुरंत निपटाने का निर्देश, CAP Round-1 में छात्रों को मिलेगा मौका: बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाईकोर्ट ने बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) को चार लॉ कॉलेजों द्वारा मंजूरी के लिए दाखिल आवेदनों की तुरंत जांच कर प्रक्रिया पूरी करने और आवेदन सही पाए जाने पर 6 अगस्त 2026 तक जरूरी मंजूरी देने का निर्देश दिया है।जस्टिस आर.आई. चागला और जस्टिस फरहान पी. दुबाश की खंडपीठ चार लॉ कॉलेजों की याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी। कॉलेजों की BCI मंजूरी लंबित होने के कारण उन्हें CAP Round-1 में शामिल होने वाले मंजूर कॉलेजों की सूची में जगह नहीं मिली थी।कोर्ट ने कहा कि चारों कॉलेजों ने तय समय के भीतर BCI पोर्टल...

2013 रेप केस में सीनियर जर्नालिस्ट तरुण तेजपाल को 10 साल की सजा, बॉम्बे हाईकोर्ट का फैसला
बॉम्बे हाईकोर्ट की गोवा बेंच ने गुरुवार (6 अगस्त) को पत्रकार तरुण तेजपाल को रेप केस में 10 साल की कठोर कैद की सज़ा सुनाई। यह मामला नवंबर 2013 में उनकी एक जूनियर सहयोगी ने दर्ज कराया था।यह सज़ा IPC की धारा 376(2)(f) (भरोसे या अधिकार वाले रिश्ते में किसी व्यक्ति द्वारा किया गया गंभीर रेप) और 376(2)(k) (पीड़िता पर नियंत्रण या दबदबे की स्थिति में किसी व्यक्ति द्वारा किया गया गंभीर रेप) के तहत सुनाई गई।इन अपराधों के लिए कम से कम 10 साल की सज़ा का प्रावधान है।जस्टिस डॉ. नीला गोखले और जस्टिस अमित...

BREAKING | 2013 के रेप केस में पत्रकार तरुण तेजपाल दोषी करार, बॉम्बे हाईकोर्ट ने पलटा बरी करने का फ़ैसला
बॉम्बे हाईकोर्ट की गोवा बेंच ने गुरुवार (6 अगस्त) को मापुसा की सेशंस कोर्ट का फ़ैसला पलट दिया। सेशंस कोर्ट ने नवंबर 2013 में जूनियर सहयोगी द्वारा दर्ज कराए गए रेप केस में 'तहलका' मैगज़ीन के एडिटर-इन-चीफ़ तरुण तेजपाल को बरी कर दिया था।जस्टिस डॉ. नीला गोखले और जस्टिस अमित जामसांडेकर की डिवीज़न बेंच ने गोवा सरकार की अपील मंज़ूर करते हुए तेजपाल को दोषी ठहराया। बेंच ने तेजपाल को रेप और यौन उत्पीड़न के अपराधों के लिए दोषी पाया। इसमें भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 376(2)(f) और 376(2)(k) के साथ-साथ...

E-20 पेट्रोल नीति पर फर्जी AI वीडियो: हाईकोर्ट ने नितिन गडकरी के खिलाफ मानहानिकारक सामग्री हटाने का दिया आदेश
बॉम्बे हाईकोर्ट ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के खिलाफ E-20 (20 प्रतिशत एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल) नीति को लेकर प्रसारित किए गए कथित फर्जी और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) से तैयार वीडियो तथा अन्य मानहानिकारक सामग्री को हटाने का आदेश दिया।अदालत ने प्रथम दृष्टया इन सामग्रियों को स्वतः मानहानिकारक माना।जस्टिस आरिफ डॉक्टर की एकल पीठ ने बुधवार (5 अगस्त) को निर्देश दिया कि गडकरी की ओर से मुकदमे में जिन सभी पोस्ट और वीडियो की पहचान की गई, उन्हें संबंधित मंचों से हटाया जाए।साथ ही...

कोई VVIP भी क़ानून से ऊपर नहीं: महाराष्ट्र के सरकारी कैंटीनों पर 'झूठी' रिपोर्ट से नाराज हाईकोर्ट, FDA अधिकारियों पर कार्रवाई के निर्देश
बॉम्बे हाईकोर्ट ने महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) को सरकारी कैंटीनों की खाद्य सुरक्षा जांच में कथित पक्षपात और भ्रामक रिपोर्ट पेश करने पर कड़ी फटकार लगाई। कोर्ट ने स्पष्ट कहा कि कानून से ऊपर कोई VVIP नहीं है और सरकारी कैंटीनों के लिए अलग तथा निजी भोजनालयों के लिए अलग मापदंड नहीं अपनाए जा सकते।एक्टिंग चीफ जस्टिस रवींद्र वी. घुगे और जस्टिस गौतम अंखाड़ की खंडपीठ ने FDA आयुक्त को निर्देश दिया कि मंत्रालय (मंत्रालय भवन) और विधान भवन के कैंटीनों को 98 प्रतिशत अनुपालन वाला बताने वाली रिपोर्ट...

ट्रांसपोर्ट अलाउंस के लिए यात्रा की दूरी का गलत दावा करना अपने आप में फंड के गलत इस्तेमाल के बराबर नहीं: बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाई कोर्ट ने कहा कि ट्रांसपोर्ट अलाउंस के लिए यात्रा की दूरी के बारे में गलत दावा करना, अपने आप में एम्प्लॉयर के फंड के गलत इस्तेमाल (Misappropriation) के बराबर नहीं माना जा सकता। कोर्ट ने यह भी कहा कि जहां गलत काम के साथ कुछ राहत देने वाली परिस्थितियां हों, और नौकरी से निकालने की सज़ा साबित हुए आरोप की गंभीरता के मुकाबले बहुत ज़्यादा हो, तो सज़ा में न्यायिक दखल ज़रूरी हो जाता है।जस्टिस संदीप वी. मार्ने एक कर्मचारी की रिट याचिका पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें उसने नौकरी से निकाले जाने के...

महिला के लिए आरक्षित रहा सरपंच पद अगले कार्यकाल में सामान्य श्रेणी को मिलेगा: बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाईकोर्ट ने फैसला दिया है कि यदि किसी ग्राम पंचायत में सरपंच का पद पिछले कार्यकाल (2020-2025) में महिला श्रेणी के लिए आरक्षित था, तो अगले कार्यकाल (2025-2030) में सामान्यतः उसे ओपन (सामान्य) श्रेणी के लिए आरक्षित किया जाना चाहिए। अदालत ने कहा कि यह महाराष्ट्र ग्राम पंचायत (सरपंच एवं उप-सरपंच) निर्वाचन नियम, 1964 में निर्धारित रोटेशन (चक्रानुक्रम) सिद्धांत के अनुरूप है।जस्टिस जी.एस. कुलकर्णी और जस्टिस आरती साठे की खंडपीठ दो याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी, जिनमें उप-विभागीय अधिकारियों (SDO)...

हाईकोर्ट ने मीडिया पर राजेश खन्ना के पुराने बंगले को 'शापित', 'भूतिया' या 'अशुभ' कहने पर लगाई रोक
बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में मीडिया हाउस और कुछ YouTube चैनलों को बॉलीवुड सुपरस्टार राजेश खन्ना के मशहूर बंगले 'आशीर्वाद' के बारे में कोई भी अपमानजनक बात पोस्ट करने या "अशुभ, भूतिया, शापित या मनहूस" जैसे शब्दों का इस्तेमाल करने से रोका।सिंगल-जज जस्टिस आरिफ डॉक्टर ने यह आदेश बिजनेसमैन शशि किरण शेट्टी द्वारा दायर मुकदमे की सुनवाई के दौरान दिया। शेट्टी अब मुंबई के पॉश इलाके बांद्रा के कार्टर रोड पर स्थित इस बंगले के मालिक हैं।शेट्टी, जिन्होंने पुराने बंगले को गिराकर नया ढांचा बनवाया था, का कहना है...
