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पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने ऑस्ट्रेलियाई एनआरआई को अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की बहाली तक आपराधिक जांच में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शामिल होने की अनुमति दी
पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय ने मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की बहाली तक एक ऑस्ट्रेलियाई एनआरआई को भारत में उसके खिलाफ लंबित एक आपराधिक जांच में वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से शामिल होने की अनुमति दी। न्यायमूर्ति निर्मलजीत कौर की एकल पीठ ने कहा कि निचली अदालत द्वारा जारी समन के अनुपालन में याचिकाकर्ता- शेर प्रताप सिंह के खिलाफ 31 जनवरी, 2020 तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जाएगी। बेंच ने कहा, "20.1.2020 से 31.1.2021 तक इस आदेश के अनुपालन में कोई ठोस कदम नहीं उठाया जाएगा, इस उम्मीद के साथ...
भीम आर्मी चीफ चंद्र शेखर आजाद ने अपनी पार्टी का रजिस्ट्रेशन कराने के लिए निर्देश जारी करने की मांग की, दिल्ली हाईकोर्ट ने EC से मांगा जवाब
दिल्ली उच्च न्यायालय ने बुधवार को भीम आर्मी प्रमुख चंद्र शेखर आजाद की उस याचिका पर चुनाव आयोग से जवाब मांगा है, जिसमें अज़ाद समाज पार्टी (कांसी राम) के नाम पर अपनी राजनीतिक पार्टी का पंजीकरण करने और आगामी बिहार चुनाव लड़ने के लिए चुनाव चिन्ह आवंटित करने की मांग की गई है। न्यायमूर्ति जयंत नाथ ने भारत निर्वाचन आयोग को नोटिस जारी कर इस याचिका पर जवाब देने को कहा जिसमें किसी से भी आपत्तियां आमंत्रित करने के लिए 30 दिन की सेवा अवधि को घटाकर 7 दिन करने की मांग की गई थी और मामले को 20 अक्टूबर को अगली...
"वन आवरण कम हुआ, अतिक्रमण बढ़े": J&K हाईकोर्ट ने वन विभाग को कदम उठाने को कहा
जम्मू-कश्मीर घाटी में वन आवरण कम होने पर चिंता व्यक्त करते हुए, न्यायमूर्ति राजेश बिंदल की एकल पीठ ने कहा कि स्थिति को मापने के लिए यूटी प्रशासन द्वारा तत्काल कदम उठाए जाने की आवश्यकता है। न्यायालय ने यह भी कहा कि घाटी में वन विभाग के कामकाज का तरीका बहुत सराहनीय नहीं है क्योंकि वे अवैध अतिक्रमण को रोकने के लिए वन क्षेत्रों की निगरानी नहीं कर रहे हैं।"यह न्यायालय देखने के लिए विवश है कि जिस तरह से वन विभाग काम कर रहा है, उसकी सराहना नहीं की जा सकती है। इसका केंद्र शासित प्रदेश जम्मू और कश्मीर...
अभिनेत्री पायल घोष अभिनेत्री ऋचा चड्ढा से माफी मांगने और उनके खिलाफ की गई टिप्पणी वापस लेने के लिए तैयार: पायल घोष के वकील ने बॉम्बे हाईकोर्ट को बताया
अभिनेत्री पायल घोष के वकील ने बुधवार को बॉम्बे हाईकोर्ट को बताया कि वह अभिनेत्री ऋचा चड्ढा के खिलाफ अपने बयानों के लिए माफी मांगने और उसे वापस लेने के लिए तैयार हैं।घोष की ओर से एडवोकेट नितिन सतपुते ने जस्टिस ए के मेनन के समक्ष सिविल एक्ट के मानहानि के मुकदमे में चड्ढा द्वारा घोष के विरूद्ध 1.1 करोड़ रूपए हर्जाने की मांग की है। पीठ ने कमाल आर खान के वकील से भी पूछा, जो मुकदमे में सह-प्रतिवादी हैं, अगर उनके मुवक्किल भी टिप्पणी वापस लेने के लिए तैयार थे।इस पर वकील ने जवाब दिया कि उसके मुवक्किल ने...
प्रॉपर्टी टैक्स के आंकलन के लिए वकीलों के ऑफिसों को 'कॉमर्शियल प्रॉपर्टी' में वर्गीकृत किये जाने के खिलाफ डीएचसीबीए की याचिका पर नोटिस जारी
दिल्ली हाईकोर्ट ने प्रॉपर्टी टैक्स के आंकलन के लिए वकीलों के कार्यालयों को कॉमर्शियल प्रॉपर्टी में वर्गीकृत किये जाने को चुनौती देने वाली दिल्ली हाईकोर्ट बार एसोसिएशन की याचिका पर नोटिस जारी किया है। न्यायमूर्ति डी एन पटेल और न्यायमूर्ति प्रतीक जलान की खंडपीठ ने दिल्ली के सभी नगर निगमों को नोटिस जारी किये हैं।दिल्ली हाईकोर्ट बार एसोसिशएन (डीएचसीबीए) ने अपने अध्यक्ष वरिष्ठ अधिवक्ता मोहित माथुर के जरिये दायर मौजूदा याचिका में दक्षिणी दिल्ली नगर निगम की ओर से 29 नवम्बर 2018 को जारी आंकलन आदेश और...
'किसी अंडरट्रायल को अभियोजन की दया के भरोसे, असीमित अवधि के लिए जेल में नहीं रखा जा सकता' : मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने कोर्ट के अधिकार को कमजोर करने की कोशिश के मामले में विदिशा एसपी को लगाई फटकार
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने गुरुवार (1 अक्टूबर) को कहा कि अभियोजन की दया के भरोसे एक अंडर ट्रायल को असीमित अवधि के लिए जेल में नहीं रखा जा सकता है। न्यायमूर्ति जीएस अहलूवालिया की खंडपीठ ने विदिशा के पुलिस अधीक्षक को भी फटकार लगाई है क्योंकि उन्होंने ट्रायल कोर्ट के आदेश पत्रों की सत्यता को चुनौती देने की कोशिश के साथ-साथ केंद्र सरकार द्वारा लगाए गए देशव्यापी लाॅकडाउन को भी चुनौती देने की कोशिश की थी। वहीं न्यायालय के अधिकार को कमजोर करने का भी प्रयास किया था। कोर्ट के समक्ष मामला कोर्ट आरोपी की...
कोर्ट की अवमानना का मामला-गुजरात हाईकोर्ट ने वकील यतिन ओझा पर 2000 रुपये जुर्माना लगाया, कोर्ट की कार्यवाही खत्म होने तक खड़े रहने की सजा दी
गुजरात हाईकोर्ट ने बुधवार आपराधिक अवमानना के मामले में वकील यतिन ओझा पर 2000 रुपये का जुर्माना लगाया और कोर्ट की कार्यवाही खत्म होने तक खड़े रहने की सजा दी(punishment till rising of the Court)। ओझा के खिलाफ हाईकोर्ट ने स्वत संज्ञान लेते हुए आपराधिक अवमानना की कार्रवाई शुरू की थी। ओझा ने फेसबुक पर एक लाइव प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हाईकोर्ट और उसकी रजिस्ट्री के खिलाफ ''अपमानजनक टिप्पणी'' की थी।जस्टिस सोनिया गोकानी और जस्टिस एनवी अंजारिया की डिवीजन बेंच ने उन्हें कल यानी मंगलवार को अवमानना का दोषी...
दिल्ली हाईकोर्ट ने विशेष विवाह अधिनियम के प्रावधानों को चुनौती देने वाली याचिका में नोटिस जारी किया
दिल्ली उच्च न्यायालय ने विशेष विवाह अधिनियम के उन प्रावधानों को चुनौती देने वाली याचिका में नोटिस जारी किया है जिसमें अंतर-विश्वास जोड़ों को अपनी शादी के पंजीकरण से 30 दिन पहले विवाह अधिकारी को नोटिस भेजना जरूरी है। चीफ जस्टिस डीएन पटेल और जस्टिस प्रफेसर प्रतीक जालान की डिविजन बेंच ने यूनियन ऑफ इंडिया को नोटिस जारी किया है।निदा रहमान द्वारा दायर याचिका में विशेष विवाह अधिनियम की धारा 6 और 7 को चुनौती दी गई है, जिसमें उनकी शादी के पंजीकरण की मांग करने वाले अंतर-विश्वास (Inter Faith) जोड़ों को...
अधिकारी अभ्यस्त हो रहे हैं और पहली बार में कोर्ट के आदेशों का अनुपालन नहीं कर रहे हैं, ये खेदजनक स्थिति है: इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने हाल ही में प्राधिकारियों/अधिकारियों द्वारा पहली बार में कोर्ट के आदेशों का पालन नहीं करने पर नाराज़गी व्यक्त की।न्यायमूर्ति विवेक कुमार बिड़ला की पीठ ने आगे कहा कि अधिकारियों के इस दृष्टिकोण के कारण, पीड़ित पक्ष को अवमानना आवेदन दाखिल करने के लिए मजबूर किया जाता है और अवमानना आवेदन में न्यायालय के आदेश का पालन करने के लिए समय देने के आदेश पारित किए जाने के बाद भी इसका अनुपालन नहीं किया जा रहा है। न्यायालय के समक्ष मामलाउल्लेखनीय रूप से, 1.11.2019 के फैसले और आदेश...
एम्बुलेंस सेवा को तत्काल बहाल करने की आवश्यकता: हड़ताल के खिलाफ याचिका पर पटना हाइकोर्ट ने राज्य से जवाब मांगा
पटना उच्च न्यायालय ने मंगलवार को एम्बुलेंस सेवाएं देने वाले कर्मचारियों द्वारा कथित हड़ताल के खिलाफ एक जनहित याचिका में राज्य सरकार से जवाब मांगा। राज्य में "आवश्यक सेवाओं" को रोकने पर चिंता व्यक्त करते हुए मुख्य न्यायाधीश संजय करोल और न्यायमूर्ति एस. कुमार की खंडपीठ ने कहा,"हम केवल आशा करते हैं और उम्मीद करते हैं कि आवश्यक सेवा यानी जरूरतमंदों को एम्बुलेंस सेवा को तुरंत बहाल कर दिया जाए। यह सेवा प्रदाताओं द्वारा या राज्य सरकार के प्रयास और प्रयास से स्वेच्छा से हो।"कथित तौर पर एम्बुलेंस...
वर्चुअल अदालती कार्यवाही में धूम्रपान करते पाए गए वकील की माफी गुजरात हाईकोर्ट ने स्वीकार की, कहा- उन्हें पेशे में अभी लंबा रास्ता तय करना है"
गुजरात हाईकोर्ट के एक वकील ने, जिसे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हो रही अदालती कार्यवाही के दौरान धूम्रपान करते पाए जाने के बाद गुजरात हाईकोर्ट ने 10,000 रुपए जमा करने का निर्देश दिया था, अदालत के सामने बिना शर्त माफी मांगी है और रुपए जमा कर दिए हैं।सोमवार (05 अक्टूबर) को जस्टिस एएस सुपेहिया की खंडपीठ ने अपने आदेश में कहा था कि अधिवक्ता की माफी को बिना किया कठोर भावना या दुर्भावना के साथ स्वीकार किया जा रहा है। बेंच ने टिप्पणी की थी, "मैं उन्हें सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणियों के प्रति सावधान...
'छात्रों के मूल प्रमाण पत्र अपने पास रखकर, कालेज ब्लैकमेलिंग पर आ गए हैं', : हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने दी छात्रों को राहत
हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने मंगलवार (06 अक्टूबर) को निजी शैक्षणिक संस्थानों के उस मामले में कड़ा रुख अपनाया है,जिसमें कालेजों ने अपने छात्रों के मूल प्रमाण पत्रों और अन्य दस्तावेजों को अपने पास रख लिया है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि छात्र किसी अन्य कॉलेज में दाखिला न ले पाएं या इस मामले के लिए कालेज न छोड़ पाएं। अपने मूल दस्तावेजों और प्रमाण पत्रों को वापस पाने में विफल रहने के बाद, वर्तमान मामले में याचिकाकर्ताओं ने निम्नलिखित राहत पाने के लिए तत्काल याचिका दायर की है- 1-प्रतिवादी नंबर 2 से...
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाईकोर्ट का नाम बदलने की याचिका खारिज की
हाल ही में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने खुद का नाम प्रयागराज हाईकोर्ट या उत्तर प्रदेश हाईकोर्ट बदलने की याचिका को खारिज कर दिया।जस्टिस पंकज कुमार जायसवाल और जस्टिस दिनेश कुमार सिंह की बेंच ने यह टिप्पणी की,"इस अदालत को संसद या राज्य विधानमंडल को एक विशेष कानून बनाने का निर्देश देने का अधिकार नहीं है और इसलिए, हम इस याचिका को एक तुच्छ याचिका पाते हैं, जो कुछ प्रचार प्राप्त करने के एकमात्र उद्देश्य से दायर की गई है।"संक्षिप्त में इलाहाबाद उच्च न्यायालय का इतिहास (जैसा कि न्यायालय ने चर्चा की)24 जून, 1864...
शस्त्र लाइसेंस को स्टेटस सिंबल के रूप में उपयोग करने की अनुमति नहीं दी जा सकती: हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट
शस्त्र लाइसेंस को स्टेटस सिंबल के रूप में उपयोग करने की अनुमति नहीं दी जा सकती है। हिमाचल प्रदेश उच्च न्याययालय ने एक आदेश में यह अवलोकन किया है और अधिकारियों को सभी शस्त्र लाइसेंसों की समीक्षा करने का निर्देश दिया है।न्यायमूर्ति तारलोक सिंह चौहान और ज्योत्सना रेवल दुआ की पीठ ने एक व्यक्ति द्वारा उसके दो शस्त्र लाइसेंस रद्द करने के खिलाफ दायर याचिका को खारिज करते हुए उक्त निर्देश दिए। अदालत ने निर्देश दिया कि आवेदक द्वारा सशस्त्र अधिनियम और नियमों के तहत निर्धारित मापदंडों को पूरा नहीं करने की...
अधिकारी आदतन न्यायालय के आदेशों का प्रथम बार में अनुपालन नहीं करते; यह एक खेदजनक स्थिति है : इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने हाल ही में प्राधिकारियों/अधिकारियों द्वारा प्रथम बार में कोर्ट के आदेशों का पालन नहीं करने पर नाराजगी व्यक्त की। न्यायमूर्ति विवेक कुमार बिड़ला की खंडपीठ ने आगे कहा कि अधिकारियों के इस दृष्टिकोण के कारण, पीड़ित पक्ष को अवमानना आवेदन दाखिल करने के लिए मजबूर किया जाता है और अवमानना आवेदन में पारित न्यायालय के आदेश का पालन करने के लिए और समय देने के बाद भी आदेश का अनुपालन नहीं किया जा रहा है।न्यायालय के समक्ष मामलाउल्लेखनीय रूप से, रिट याचिका संख्या 15554/2019 में...
गुजरात हाईकोर्ट ने यतिन ओझा को अदालत की अवमानना का दोषी करार दिया
गुजरात हाईकोर्ट ने मंगलवार को अधिवक्ता यतिन ओझा को अदालत की अवमानना के मामले में दोषी ठहराया है। जस्टिस सोनिया गोकानी और जस्टिस एन वी अंजारिया की पीठ ने यह फैसला ओझा के खिलाफ आपराधिक अवमानना के मामले में सुनाया है। ओझा के खिलाफ हाईकोर्ट ने स्वत संज्ञान लेते हुए आपराधिक अवमानना की कार्रवाई शुरू की थी। गुजरात हाईकोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष ओझा ने सार्वजनिक तौर पर हाईकोर्ट के अंदर कुप्रशासन फैलने के आरोप लगाए थे। 18 जुलाई को, हाईकोर्ट ने वर्ष 1999 के पूर्ण न्यायालय के उस फैसले को वापिस...
होलकर राज्य के पूर्व शासक, महाराजा यशवंत राव होलकर की संपत्ति मध्य प्रदेश राज्य की हैः मध्य प्रदेश हाईकोर्ट
होलकर राज्य के तत्कालीन शासक, महाराजा यशवंत राव होलकर, की संपत्तियों के मौजूदा स्वामित्व के विवाद को हल करते हुए, मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने यह माना जाता है कि स्वामित्व मध्य प्रदेश राज्य का है।जस्टिस एससी शर्मा और जस्टिस शैलेंद्र शुक्ला की खंडपीठ ने एकल पीठ के आदेश को रद्द कर दिया, जिसने राजस्व अधिकारियों को खासगी (देवी अहिल्या बाई शंकर चैरिटीज) ट्रस्ट, इंदौर की सभी संपत्तियों में मध्य प्रदेश राज्य का नाम डालने से रोक दिया था, यह सुनिश्चित करने के लिए कि ट्रस्ट की संपत्ति अन्य...
सुशांत सिंह राजपूत की बहनों के खिलाफ एफआईआर में अब कोई हस्तक्षेप नहीं होगाः बॉम्बे हाईकोर्ट
मृतक अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की बहनों प्रियंका सिंह और मीतू सिंह ने मुंबई पुलिस द्वारा अभिनेत्री रिया चक्रवर्ती की शिकायत पर उनके खिलाफ दायर एफआईआर को रद्द करने के लिए बॉम्बे हाईकोर्ट के समक्ष एक याचिका दायर की है। याचिकाकर्ताओं ने तर्क दिया है कि उनके खिलाफ एफआईआर स्पष्ट रूप से पटना में उनके पिता द्वारा रिया चक्रवर्ती के खिलाफ दायर एफआईआर का प्रतिवाद था। मंगलवार को न्यायमूर्ति एसएस शिंदे और न्यायमूर्ति एमएस कार्णिक की खंडपीठ के समक्ष यह मामला आया। याचिकाकर्ता बहनों प्रियंका और मीतू सिंह की...
प्रयागराज में 'दुर्गा पूजा' आयोजित करने को लेकर याचिका: इलाहाबाद HC ने याचिकाकर्ताओं को डीएम, प्रयागराज के समक्ष अपनी मांग रखने का निर्देश दिया
इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने सोमवार (28 सितंबर) को प्रयागराज शहर में दुर्गा पूजा की अनुमति के लिए दाखिल एक जनहित याचिका में कोई भी आदेश पारित करने से इनकार कर दिया।मुख्य न्यायाधीश गोविंद माथुर और न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा की खंडपीठ ने यह टिप्पणी की कि, "हम इस विचार के हैं कि दुर्गा पूजा या किसी भी अन्य सामाजिक और धार्मिक कार्यक्रम का आयोजन, उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा COVID-19 महामारी से निपटने के लिए निर्धारित दिशानिर्देशों के अधीन है।"न्यायालय ने अपने आदेश में कहा,"याचिकाकर्ता जिला मजिस्ट्रेट,...
[COVID के बीच मोहर्रम] 'जहां फरिश्ते पांव रखने से डरते हैं, वहां मूर्ख ही दौड़ लगाते हैं; परिस्थितियों के अनुसार कार्य करने में विफल रहा प्रशासन: गुजरात हाईकोर्ट ने रोष प्रकट किया
"जहां फरिश्ते पांव रखने से डरते हैं, वहां मूर्ख ही दौड़ लगाते हैं।"....यह पंक्ति पहली बार अलेक्जेंडर पोप ने अपनी 1711 की कविता "एन एसे ऑन क्रिटिसिज्म" में लिखी थी। वाक्यांश का आशय यह है कि अनुभवहीन या जल्दबाजी लोग उन चीजों में हाथ डालते हैं, जिन्हें करने से अनुभवी लोग बचते हैं। "हाल ही में, गुजरात हाईकोर्ट ने एक जनहित याचिका पर पारित एक आदेश का आमुख पूर्वोक्त पंक्तियों के साथ प्रस्तुत किया। मुख्य न्यायाधीश विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति जेबी पारदीवाला की खंडपीठ जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही थी,...
















![[COVID के बीच मोहर्रम] जहां फरिश्ते पांव रखने से डरते हैं, वहां मूर्ख ही दौड़ लगाते हैं; परिस्थितियों के अनुसार कार्य करने में विफल रहा प्रशासन: गुजरात हाईकोर्ट ने रोष प्रकट किया [COVID के बीच मोहर्रम] जहां फरिश्ते पांव रखने से डरते हैं, वहां मूर्ख ही दौड़ लगाते हैं; परिस्थितियों के अनुसार कार्य करने में विफल रहा प्रशासन: गुजरात हाईकोर्ट ने रोष प्रकट किया](https://hindi.livelaw.in/h-upload/2020/08/29/500x300_380652-380617-muharram.jpg)