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फिल्म का कंटेंट सांप्रदायिक रूप से पक्षपातपूर्ण: दिल्ली हाईकोर्ट में द कन्वर्जन फिल्म की रिलीज को रोकने के लिए याचिका दायर
'फिल्म का कंटेंट सांप्रदायिक रूप से पक्षपातपूर्ण': दिल्ली हाईकोर्ट में 'द कन्वर्जन' फिल्म की रिलीज को रोकने के लिए याचिका दायर

दिल्ली हाईकोर्ट के समक्ष एक याचिका दायर कर 'द कन्वर्जन' फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने और उपयुक्त अधिकारियों द्वारा इसकी समीक्षा/जांच और सेंसर किए जाने तक इसके ट्रेलर को यूट्यूब से हटाने की मांग की गई।अधिवक्ता आदिल शरफुद्दीन और उबैद यूआई हसन के माध्यम से ऑल इंडिया प्रैक्टिसिंग लॉयर्स काउंसिल द्वारा दायर याचिका में कहा गया कि फिल्म के ट्रेलर में पक्षपातपूर्ण और सांप्रदायिक सामग्री को दर्शाया गया है।उक्त फिल्म से आगामी उत्तर प्रदेश चुनावों के बीच सांप्रदायिक ध्रुवीकरण की संभावना है।मुख्य न्यायाधीश...

केरल हाईकोर्ट
यदि बिल्‍डिंग निर्माण में प्लॉटिंग शामिल नहीं है तो मिट्टी निकालने और परिवहन के लिए लैंड डिवल्पमेंट परमिट आवश्यक नहीं है: केरल हाईकोर्ट

केरल हाईकोर्ट ने एक फैसले में कहा है कि भवन निर्माण के ‌लिए जहां प्लॉट‌िंग के जरिए जमीन कर डिवल्पमेंट शामिल नहीं है, बल्‍कि केवल साधारण मिट्टी ‌निकालने और परिवहन का काम शामिल है, मालिक को मिनिरल ट्रांजिट पास लेने के लिए लैंड डिवल्पमेंट परमिट की आवश्यकता नहीं है। जस्टिस एन नागरेश ने स्पष्ट किया, हालांकि ऐसे मामलों में, मिनरल ट्रांजिट पास के लिए आवेदन के साथ लोकल सेल्फ गवर्नमेंट ऑफिसर्स से प्राप्त वैध बिल्डिंग परमिट, ग्राम अधिकारी द्वारा जारी कब्जा प्रमाण पत्र और स्‍थानीय सेल्‍फ गवर्नमेंट ऑफिसर्स...

मध्य प्रदेश सूचना आयुक्त ने जनसूचना अधिकारी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया
मध्य प्रदेश सूचना आयुक्त ने जनसूचना अधिकारी के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया

मध्य प्रदेश के राज्य सूचना आयुक्त राहुल सिंह ने दो साल की अवधि में पारित आदेशों का पालन न करने के लिए एक जनसूचना अधिकारी (पीआईओ) के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है।जिला भुरनपुर के सीएमएचओ डॉ विक्रम सिंह वर्मा के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है, जो लोक सूचना अधिकारी (पीआईओ) भी हैं।राज्य सूचना आयुक्त सिंह ने मप्र के स्वास्थ्य सेवा निदेशालय के आयुक्त आकाश त्रिपाठी को अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए कारण बताओ नोटिस भी थमा दिया है और राज्य सूचना आयोग (एसआईसी) के आदेशों की 'घोर अवहेलना' करने के...

God Does Not Recognize Any Community, Temple Shall Not Be A Place For Perpetuating Communal Separation Leading To Discrimination
#MeToo: मानहानि मामले में पासपोर्ट जब्‍त करने के आदेश के‌ खिलाफ फिल्म निर्माता लीना मणिमेकलई की याचिका पर मद्रास हाईकोर्ट ने नोटिस जारी किया

मद्रास हाईकोर्ट ने गुरुवार को फिल्म निर्माता, कवि और नागरिक अधिकार कार्यकर्ता लीना मणिमेकालाई की याचिका पर नोटिस जारी किया। क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी, चेन्नई उना पासपोर्ट जब्‍त करने का आदेश दिया था, जिसे याचिका में उन्होंने चुनौती दी थी। मणिमेकालाई के खिलाफ आपराधिक मानहानि का मामला लंबित होने का हवाला देते हुए जब्त करने का आदेश पारित किया गया था। मणिमेकलाई ने 2018 में #MeToo आंदोलन के दरमियान फिल्म निर्देशक सुसी गणेशन के खिलाफ यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। जिसके बाद, गणेशन ने 2019 में चेन्नई...

केरल हाईकोर्ट एक और नाबालिग बलात्कार पीड़िता की सहायता के लिए सामने आया: प्रेग्नेंसी टर्मिनेशन की अनुमति दी
केरल हाईकोर्ट एक और नाबालिग बलात्कार पीड़िता की सहायता के लिए सामने आया: प्रेग्नेंसी टर्मिनेशन की अनुमति दी

केरल हाईकोर्ट ने बुधवार को एक अन्य नाबालिग बलात्कार पीड़िता की मदद के लिए उसके पिता की याचिका को स्वीकार कर लिया।इसके साथ ही उसके लिए उसके द्वारा किए गए यौन हमले के परिणामस्वरूप उसको प्रेग्नेंसी टर्मिनेशन की अनुमति दी।पिछले एक सप्ताह के भीतर हाईकोर्ट द्वारा पारित यह ऐसा तीसरा आदेश है।पहले के दो मामलों में पीड़िता 26 सप्ताह से अधिक की गर्भवती थी और संबंधित मेडिकल बोर्ड से प्राप्त सिफारिशों के आधार पर उसको प्रेग्नेंसी टर्मिनेशन की अनुमति दी गई थी।हालांकि, वर्तमान मामले में 16 वर्षीय पीड़िता केवल...

न्यायालयों को संवैधानिक नैतिकता पर भरोसा करना चाहिए, न कि सामाजिक नैतिकता की अस्पष्ट धारणाओं पर: राजस्थान हाईकोर्ट ने लिव-इन संबंध में शामिल विवाहिता और उसके प्रेमी को संरक्षण दिया
'न्यायालयों को संवैधानिक नैतिकता पर भरोसा करना चाहिए, न कि सामाजिक नैतिकता की अस्पष्ट धारणाओं पर': राजस्थान हाईकोर्ट ने लिव-इन संबंध में शामिल विवाहिता और उसके प्रेमी को संरक्षण दिया

राजस्थान हाईकोर्ट ने हाल ही में कहा है कि न तो राज्य और न ही समाज लिव-इन रिलेशनश‌िप में रह रहे दो वयस्कों के निजी जीवन में घुस सकता है। अगर लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे जोड़े में से एक ने कानूनी तौर पर किसी और से शादी की है तो भी राज्य और समाज ऐसा नहीं कर सकते हैं।अदालत लिव-इन रिलेशनशिप में रहने वाले एक दंपति की ओर से पुलिस सुरक्षा के लिए दायर एक याचिका पर फैसला सुना रही थी।ज‌स्टिस पुष्पेंद्र स‌िंह भाटी ने कहा, "यह अच्छी तरह से तय है कि किसी व्यक्ति की निजता में दखल देना अदालत के अधिकार क्षेत्र...

Lawyer Not Wearing Neck-Band During Virtual Hearing
वकीलों की पहली जिम्मेदारी अपने क्लाइंट्स के प्रति, उसके बाद अदालतों के प्रति: केरल हाईकोर्ट

केरल हाईकोर्ट ने एक फर्जी वकील मामले में दायर अग्रिम जमानत याचिका को खारिज करते हुए टिप्पणी की कि एक वकील पहले अपने क्लाइंट के प्रति सबसे अधिक जिम्मेदारी लेता है, फिर अदालत के प्रति।न्यायमूर्ति शिरसी वी ने अपने आदेश में यह भी कहा कि कानूनी पेशा सबसे महान पेशों में से एक है:"वकीलों के पेशे को सबसे महान व्यवसायों में से एक माना जाता है। वकीलों को न्याय के प्रशासन में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभानी होती है, क्योंकि केवल उनके ईमानदार और उद्देश्यपूर्ण प्रयास और सहायता से न्यायालय न्याय को ठीक से संचालित...

दिल्ली कोर्ट ने दिल्ली कैंट रेप पीड़िता की पहचान का कथित तौर पर खुलासा करने के लिए राहुल गांधी के खिलाफ भाजपा प्रवक्ता की याचिका पर ट्विटर से एटीआर मांगा
दिल्ली कोर्ट ने दिल्ली कैंट रेप पीड़िता की पहचान का कथित तौर पर खुलासा करने के लिए राहुल गांधी के खिलाफ भाजपा प्रवक्ता की याचिका पर ट्विटर से एटीआर मांगा

दिल्ली की एक अदालत ने भाजपा दिल्ली मीडिया प्रमुख और प्रवक्ता नवीन कुमार जिंदल द्वारा कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ नौ वर्षीय नाबालिग पीड़िता की पहचान का खुलासा करने के लिए दायर एक शिकायत पर दिल्ली पुलिस से कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी है।उक्त नाबालिग लड़की की दिल्ली कैंट एरिया में कथित तौर पर सामूहिक बलात्कार और हत्या कर दी गई थी।राउज एवेन्यू कोर्ट के अतिरिक्त मुख्य मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट धर्मेंद्र सिंह ने पुलिस को 29 सितंबर तक उक्त रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया।अदालत ने कहा,"यह सीआरपीसी...

दिल्ली कोर्ट ने असदुद्दीन ओवैसी के घर में तोड़फोड़ मामले में एक को पुलिस कस्टडी और अन्य को ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा
दिल्ली कोर्ट ने असदुद्दीन ओवैसी के घर में तोड़फोड़ मामले में एक को पुलिस कस्टडी और अन्य को ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा

दिल्ली की एक अदालत ने बुधवार को एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के आवास पर कथित तोड़फोड़ के मामले में एक आरोपी को एक दिन की पुलिस कस्टडी में जबकि चार अन्य को 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा।मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट अमरदीप कौर ने यह आदेश दिल्ली पुलिस द्वारा पांच लोगों को गिरफ्तार करने के बाद सुनाया।इस मामले में हिंदू सेना संगठन के सदस्य शामिल हैं।कोर्ट ने आरोपी ललित को एक दिन की पुलिस हिरासत में भेजा। वहीं अन्य आरोपी शिवम, सचिन और अन्य सहित अन्य आरोपियों को ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा...

Install Smart Television Screens & Make Available Recorded Education Courses In Shelter Homes For Ladies/Children
नहरी क्षेत्र में बहकर आने वाले रहस्यमयी अज्ञात शवों को रोकने के लिए जनहित याचिका पर राजस्थान हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को नोटिस जारी किया

इंदिरा गांधी नहर में पंजाब-हरियाणा राज्य से बहकर आने वाले रहस्यमयी अज्ञात शवों को रोकने के लिए राजस्थान हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई है, जिस पर प्रारम्भिक सुनवाई के बाद राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस संगीत लोढ़ा व जस्टिस विनीत कुमार माथुर ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब पेश करने का आदेश दिया है।जैसलमेर निवासी सामाजिक कार्यकर्ता और पेशे से शिक्षक बाबूराम चौहान की ओर से अधिवक्ता रजाक खान हैदर, पंकज एस. चौधरी, राहुल चौधरी व सरवर खान ने जनहित याचिका दायर कर कोर्ट को बताया कि इंदिरा गांधी...

God Does Not Recognize Any Community, Temple Shall Not Be A Place For Perpetuating Communal Separation Leading To Discrimination
वकील ने कहा-न्यायाधीश को तंजावुर जमींदार की तरह मामले की सुनवाई नहीं करनी चाहिए; मद्रास हाईकोर्ट के न्यायाधीश ने मामले की सुनवाई से खुद को अलग किया

मद्रास उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति आर. सुब्रमण्यम ने पिछले हफ्ते एक मामले की सुनवाई से खुद को अलग किया, जब वकील ने उनके समक्ष कहा कि उन्हें (जस्टिस सुब्रमण्यम) को 'तंजावुर जमींदार' की तरह मामले की सुनवाई नहीं करनी चाहिए।तंजावुर दक्षिण भारतीय राज्य तमिलनाडु का एक जिला है और 11वीं शताब्दी के बृहदेश्वर मंदिर के लिए प्रसिद्ध है।वकील ने इस प्रकार टिप्पणी की क्योंकि याचिकाकर्ताओं की ओर से पेश अधिवक्ता एन जी आर प्रसाद द्वारा दायर जवाबी हलफनामे के पैरा 8 में दिए गए बयान के बारे में स्पष्टीकरण...

दिल्ली हाईकोर्ट
"अनिवार्य सेवानिवृत्ति प्रमाण कर्मचारी नहीं हो सकता": दिल्ली हाईकोर्ट ने आईआरएस अधिकारी को राहत देने से इनकार किया

दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार को 1985 बैच के आईआरएस अधिकारी अशोक कुमार अग्रवाल को राहत देने से इनकार करते हुए कहा कि 'अनिवार्य सेवानिवृत्ति प्रमाण कर्मचारी' नहीं हो सकता है।यह भी देखा गया कि सरकार के एक कर्मचारी को अनिवार्य रूप से सेवानिवृत्त होने का मूल स्रोत "प्रसाद का सिद्धांत (Doctrine Of Pleasure)" से लिया गया है और नियमों के तहत निर्धारित उम्र के बाद कर्मचारी को रोजगार में बने रहने का कोई अधिकार नहीं है।मुख्य न्यायाधीश डीएन पटेल और न्यायमूर्ति वी कामेश्वर राव ने कहा,"वाटर प्रूफ टेंट या हीट...

शादी के झूठे वादे पर बलात्कार के आरोपों से बचने के लिए ज्योतिषीय दोषों का बहाना नहीं कर सकतेः बॉम्बे हाईकोर्ट
शादी के झूठे वादे पर बलात्कार के आरोपों से बचने के लिए 'ज्योतिषीय दोषों' का बहाना नहीं कर सकतेः बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाईकोर्ट ने 'शादी के झूठे वादे पर बलात्कार' और धोखाधड़ी के आरोपी 32 वर्षीय व्यक्ति के शादी से इनकार करने के वैध कारण के रूप में 'ज्योतिषीय असंगति' के दावों को स्वीकार करने से इनकार कर दिया।न्यायमूर्ति संदीप शिंदे ने कहा कि आदमी के आचरण से यह स्पष्ट है कि उसका शुरू से ही लड़की से शादी करने का कोई इरादा नहीं था। अगर उसके इरादे नेक थे तो वह उससे शादी करने से इनकार नहीं करता, क्योंकि उसने अपनी पहली पुलिस शिकायत वापस लेने के बाद बेमेल कुंडली का हवाला दिया था।आरोपी अविषेक मित्रा द्वारा काउंसलर...

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने जस्टिस जॉयमाल्या बागची को फिर से कलकत्ता हाईकोर्ट में स्थानांतरित करने की सिफारिश की
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने जस्टिस जॉयमाल्या बागची को फिर से कलकत्ता हाईकोर्ट में स्थानांतरित करने की सिफारिश की

सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने जस्टिस जॉयमाल्या बागची को फिर से कलकत्ता हाईकोर्ट में स्थानांतरित करने की सिफारिश की।पिछले साल कॉलेजियम ने 14 दिसंबर, 2020 को जस्टिस जॉयमाल्या बागची को कलकत्ता से आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट में स्थानांतरित करने की सिफारिश की थी।इस प्रकार केंद्र सरकार ने 31 दिसंबर, 2020 को जारी एक अधिसूचना के माध्यम से जस्टिस जॉयमाल्या बागची के स्थानांतरण को अधिसूचित किया था।इसके बाद जस्टिस जॉयमाल्या बागची ने इस साल जनवरी में आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट के न्यायाधीश के रूप में शपथ ली।उन्हें 27 जून,...

शिकायतकर्ता इस तथ्य से अवगत थी कि शायद विवाह न हो पाए: मद्रास हाईकोर्ट ने शादी के झूठे वादे पर बलात्कार के आरोपों को खारिज किया
'शिकायतकर्ता इस तथ्य से अवगत थी कि शायद विवाह न हो पाए': मद्रास हाईकोर्ट ने शादी के झूठे वादे पर बलात्कार के आरोपों को खारिज किया

मद्रास हाईकोर्ट ने सोमवार को फैसला सुनाया कि शादी करने के झूठे वादे के बहाने भारतीय दंड संहिता (आईपीसी)की धारा 376 के तहत बलात्कार का अपराध तब नहीं बनता है जब शिकायतकर्ता स्वेच्छा से यौन कृत्य में शामिल होती है(वो भी यह जानते हुए कि उसकी अपनी वैवाहिक स्थिति के कारण इच्छित विवाह बिल्कुल भी नहीं हो सकता है)। अदालत ने सीआरपीसी की धारा 482 के तहत दायर एक याचिका पर यह फैसला सुनाया है, जिसमें आरोपी के खिलाफ दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग की गई थी। न्यायमूर्ति एम. निर्मल कुमार ने कहा कि, ...

God Does Not Recognize Any Community, Temple Shall Not Be A Place For Perpetuating Communal Separation Leading To Discrimination
'इकॉलोजी के डेस्क्रेशन के लिए अवैध खनिकों से उचित मुआवजा वसूलें': मद्रास हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिया

मद्रास हाईकोर्ट ने मंगलवार को राज्य सरकार को राज्य में पारिस्थितिकी के क्षरण (इकॉलोजी के डेस्क्रेशन) को बढ़ाने वाले अवैध खनिकों और खदान मालिकों से मुआवजे की वसूली के लिए कदम उठाने का निर्देश दिया।प्रधान न्यायाधीश संजीव बनर्जी और न्यायमूर्ति पी.डी. ऑडिकेसवालु ने कहा,"राज्य के लिए केवल यह रिपोर्ट करने के लिए काम नहीं करेगा कि कुछ व्यक्तियों द्वारा की गई अवैध खनन गतिविधियों को रोक दिया गया है। ताकि यह भविष्य के घुसपैठियों के लिए एक निवारक हो। राज्य को अवैध खनन के अपराधियों से उचित मुआवजे वसूल करना...

दिल्ली हाईकोर्ट
पुलिस उन धाराओं का इस्तेमाल कर रही, जिन्हें अदालतें रद्द कर चुकी हैं, दिल्ली हाईकोर्ट ने केंद्र को कानून की किताबों को अपडेट करने पर विचार करने का निर्देश दिया

दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार को केंद्र सरकार से कहा है कि वह एक जनहित याचिका को प्रतिनिधित्व के रूप में विचार करे। याचिका कानून से ऐसे प्रावधानों को हटाने की मांग करती है, जिन्हें न्यायालयों द्वारा असंवैधानिक घोषित किया गया है।एडवोकेट अंशुल बजाज द्वारा दायर याचिका में पुलिस थानों को प्रासंगिक संशोधित आपराधिक कानून की किताबों/ बेयर एक्ट्स और सुप्रीम कोर्ट और संबंधित हाईकोर्टों के निर्णयों को उपलब्ध कराने की मांग की गई है, जिससे उनके दायित्वों और जिम्मेदारियों को प्रचारित करेंगे।याचिकाकर्ता का मामला...