मुख्य सुर्खियां
इनफॉर्मेशन कमिश्नर के खिलाफ अवमानना कार्रवाई की सहमति से एजी का इनकार, सुप्रीम कोर्ट की ऑथिरिटी को ' कम ' करने का आरोप
भारत के अटॉर्नी जनरल आर. वेंकटरमणि ने सूचना आयुक्त, सीआईसी-उदय माहुरकर के खिलाफ आपराधिक अवमानना कार्यवाही शुरू करने की सहमति के लिए सुप्रीम कोर्ट के एक वकील के अनुरोध को अस्वीकार कर दिया। सुप्रीम कोर्ट के एडवोकेट-ऑन-रिकॉर्ड ने भारत के अटॉर्नी जनरल को एक पत्र लिखकर सूचना आयुक्त, सीआईसी-उदय माहुरकर के खिलाफ आपराधिक अवमानना कार्यवाही शुरू करने के लिए उनकी सहमति मांगी गई है थी, जिसमें दावा किया गया था कि उन्होंने अपने आदेश में भारत के सुप्रीम कोर्ट की ऑथिरिटी को कम किया है। 25-11-2022 के एक...
चुनाव प्राधिकरण के निर्णयों की न्यायिक समीक्षा पर कोई पूर्ण प्रतिबंध नहीं: जेकेएल हाईकोर्ट
जम्मू एंड कश्मीर एंड लद्दाख हाईकोर्ट ने हाल ही में एक फैसला में कहा कि चुनाव प्राधिकरण द्वारा किए गए निर्णयों की न्यायिक समीक्षा पर पूर्ण रोक नहीं है।कोर्ट ने कहा, हालांकि यह केवल वे निर्णय हों, जो चुनाव के पूरा होने को धीमा करने, बाधित करने, लंबा करने या रोकने का प्रभाव रखते हों, जिन्हें रिट क्षेत्राधिकार में चुनौती दी जा सकती है।जस्टिस संजय धर की पीठ ने कहा,"चुनाव प्रक्रिया को पूरा करने की दिशा में किए गए किसी भी कार्य को हाईकोर्ट के समक्ष चुनौती नहीं दी जा सकती है और यह केवल तभी होगा, जब यह...
अनुसूचित जनजाति की महिलाएं हिंदू उत्तराधिकार अधिनियम के तहत 'उत्तरजीविता के अधिकार' की हकदार नहीं, सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से उपयुक्त संशोधन लाने का आग्रह किया
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अनुसूचित जनजाति की एक महिला सदस्य हिंदू उत्तराधिकार अधिनियम के प्रावधानों के तहत उत्तरजीविता के किसी भी अधिकार की हकदार नहीं है।जस्टिस एमआर शाह और जस्टिस कृष्ण मुरारी की बेंच ने केंद्र सरकार से इस पर विचार करने का आग्रह किया कि क्या इस संबंध में हिंदू उत्तराधिकार अधिनियम में उपयुक्त संशोधन लाना आवश्यक है।कोर्ट ने कहा,"आदिवासी बेटी को 70 वर्षों बाद भी समान अधिकारों से वंचित करना, जबकि भारतीय संविधान के तहत समानता की गारंटी है, ऐसा बिंदु है, जिस पर भारत सरकार विचार करे,...
फैमिली कोर्ट युद्ध का मैदान बन गया है, केंद्र समान विवाह संहिता पर गंभीरता से विचार करे : केरल हाईकोर्ट
केरल हाईकोर्ट ने शुक्रवार को कहा कि वैवाहिक विवादों में पति-पत्नी के सामान्य कल्याण और भलाई के लिए केंद्र सरकार को भारत में समान विवाह संहिता (uniform marriage code) पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। जस्टिस ए. मोहम्मद मुस्ताक और जस्टिस शोबा अन्नम्मा एपेन की खंडपीठ ने कहा कि वैवाहिक संबंधों की बात आने पर वर्तमान में कानून पक्षकारों को उनके धर्म के आधार पर अलग करता है।अदालत ने कहा,"एक धर्मनिरपेक्ष देश में कानूनी पितृसत्तात्मक दृष्टिकोण धर्म के आधार पर नागरिकों की सामान्य भलाई पर होना चाहिए। राज्य...
जिस मजिस्ट्रेट ने भ्रष्टाचार के मामले में क्लोजर रिपोर्ट को खारिज किया हो, वह अभियोजन की स्वीकृति प्राप्त करने का निर्देश नहीं दे सकता: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने हाल ही में कहा कि एक मजिस्ट्रेट क्लोजर रिपोर्ट को स्वीकार करने से इनकार नहीं कर सकता है और साथ ही राज्य को भ्रष्टाचार के मामले में मुकदमा चलाने की अनुमति प्राप्त करने का निर्देश दे सकता है।चीफ जस्टिस रवि मालिमथ और जस्टिस विजय कुमार शुक्ला की खंडपीठ ने कहा कि ऐसा करना मजिस्ट्रेट के अधिकार क्षेत्र के दायरे से बाहर होगा, जैसा कि वसंती दुबे बनाम मध्य प्रदेश राज्य में सुप्रीम कोर्ट ने निर्धारित किया है-विद्वान अधिवक्ताओं को सुनने के बाद, हमारा विचार है कि उचित...
हिंदू मैरिज एक्ट की धारा 24 के तहत अंतरिम भरण-पोषण देने का आदेश प्रकृति में अंतिम, हालांकि यह फैमिली कोर्ट एक्ट की धारा 19 के तहत सुनवाई योग्य : एमपी हाईकोर्ट
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने हाल ही में एक फैसले में कहा कि हिंदू मैरिज एक्ट की धारा 24 के तहत अंतरिम भरण-पोषण के लिए दायर आवेदन पर पारित आदेश के खिलाफ अपील फैमिली कोर्ट एक्ट की धारा 19 के तहत सुनवाई योग्य है।जस्टिस विवेक रूसिया और जस्टिस अमर नाथ केशरवानी की खंडपीठ ने कहा कि एचएमए की धारा 24 के तहत दायर आवेदन में कार्यवाही कानून की धारा 9 या 13 के तहत अन्य कार्यवाही से स्वतंत्र है और इसलिए आवेदन पर फैसला करते समय पारित आदेश प्रकृति में अंतिम है, हालांकि यह संवादात्मक नहीं है।"अंतरिम...
"विश्वास करना मुश्किल है कि एक महिला किसी अंजान व्यक्ति को अपने बेटे का पिता कहेगी": हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट
हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने गुरुवार को फैमिली कोर्ट के उस आदेश को बरकरार रखा है, जिसमें याचिकाकर्ता को अपने कथित बेटे को भरण-पोषण देने का निर्देश दिया गया था। बच्चे की मां ने यह भी कहा था कि बच्चे का जन्म याचिकाकर्ता के साथ शारीरिक संबंध बनाने से हुआ था, जिसने उसे अपनी 'उपपत्नी(mistress)' के रूप में रखा था।रिवीजन याचिका को खारिज करते हुए, जस्टिस सत्येन वैद्य की पीठ ने कहा, ''प्रतिवादी के पितृत्व के बारे में प्रतिवादी की मां के बयान को आसानी से खारिज नहीं किया जा सकता है। यह विश्वास करना...
अगर अभियोजन ने अपने बोझ का निर्वहन नहीं किया है तो अभियुक्त पर साक्ष्य अधिनियम की धारा 106 के तहत उल्टा बोझ नहीं डाला जा सकताः इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाल ही में कहा कि अभियुक्त पर भारतीय साक्ष्य अधिनियम की धारा 106 के तहत उल्टा बोझ नहीं डाला जा सकता [उन तथ्यों को साबित करने का बोझ, जो विशेष रूप से जानकारी में हो], जब अभियोजन पक्ष ने पहले अपने बोझ का निर्वहन नहीं किया है।जस्टिस डॉ कौशल जयेंद्र ठाकर और जस्टिस अजय त्यागी की पीठ ने उक्त टिप्पणी के साथ अनिल नामक आरोपी की दोषसिद्धी और आजीवन कारावास की सजा को रद्द कर दिया। उस पर जून 2013 में कथित रूप से अपनी पत्नी की हत्या करने का आरोप है।ऐसा आरोप था कि पति/आरोपी ने...
पीएम मोदी पर 'फर्जी' ट्वीट : साकेत गोखले को दूसरी गिरफ्तारी के एक दिन बाद मोरबी एफआईआर में गुजरात कोर्ट ने जमानत दी
गुजरात के मोरबी जिले की एक अदालत ने शुक्रवार को तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के प्रवक्ता साकेत गोखले को उनके ट्वीट पर दर्ज एक अन्य एफआईआर के संबंध में जमानत दे दी। इस ट्वीट में कथित तौर पर प्रधानमंत्री मोदी की अक्टूबर में मोरबी की यात्रा पर पुल गिरने के स्थान पर एक फर्जी समाचार रिपोर्ट का समर्थन किया गया था। पुल गिरने से हुए हादसे में 135 लोग मारे गए थे।यहां यह ध्यान दिया जा सकता है कि गोखले को कल इसी ट्वीट से संबंधित पहली एफआईआर में अहमदाबाद की एक अदालत द्वारा जमानत दे दी गई थी, हालांकि, मोरबी जिले...
सीआरपीसी की धारा 125 के तहत बेटी को दिखाना होगा कि वह खुद का भरण-पोषण करने में असमर्थ है या बालिग नहीं हुई है: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट (Chhattisgarh High Court) ने कहा है कि सीआरपीसी की धारा 125 के अनुसार गुजारा भत्ता पाने के लिए एक बेटी को यह मामला बनाना होगा कि वह खुद का भरण-पोषण करने में असमर्थ है या बालिग नहीं हुई है।इसके साथ ही जस्टिस दीपक कुमार तिवारी की पीठ ने हाल ही में एक फैमिली कोर्ट के उस आदेश को चुनौती देने वाली एक व्यक्ति की ओर से दायर पुनरीक्षण याचिका को स्वीकार कर लिया जिसमें उसे उसकी 24 वर्षीय बेटी (प्रतिवादी) को प्रति माह अंतरिम भरण-पोषण के रूप में 5 हजार रुपये का भुगतान करने का निर्देश दिया...
दैनिक जीवन के खर्च में बढ़ोतरी और समय बीतने के आधार पर विशेष विवाह अधिनियम के तहत भरण-पोषण बढ़ाया जा सकता है : कर्नाटक हाईकोर्ट
कर्नाटक हाईकोर्ट ने कहा है कि विशेष विवाह अधिनियम के तहत पत्नी को दी जाने वाली भरण-पोषण राशि को बढ़ाने के लिए बदली हुई परिस्थितियों के रूप में 'समय बीतना' और 'दैनिक जीवन के खर्च में बढ़ोतरी' वैध आधार हैं।जस्टिस एम नागप्रसन्ना की एकल पीठ ने विनीता थॉमस द्वारा दायर याचिका को स्वीकार कर लिया और वर्ष 2016 में उसे भरण-पोषण के तौर पर दी गई 10,000 रुपये की राशि को बढ़ाकर 20,000 रुपये कर दिया है। पीठ ने कहा,''बदली हुई परिस्थिति यह नहीं होनी चाहिए कि पत्नी अपने रहन-सहन की हर परिस्थिति, रहन-सहन के तौर-तरीके...
जमानत पर लंबी सुनवाई समय की बर्बादी, बहस 10 मिनट से ज्यादा नहीं होनी चाहिए : जस्टिस एसके कौल
मुख्य न्यायाधीश के बाद सुप्रीम कोर्ट के सबसे सीनियर जज जस्टिस संजय किशन कौल ने शुक्रवार को लंबी जमानत याचिका दायर करने और लंबे तर्क देने की प्रथा पर टिप्पणी करते हुए इसे समय की बर्बादी कहा। जस्टिस कौल ने टिप्पणी की, "खुद के लिए बोलते हुए मुझे यह इस अदालत या किसी भी अदालत में ज़मानत पर होने वाली लंबी सुनवाई समय की पूरी बर्बादी लगती है, जो कई पन्नों में चलती है ... पूरी बहस की जाती है जैसे कि अंतिम सजा हो गई है।" .दिल्ली दंगों के आरोपी शरजील इमाम द्वारा दायर एक अर्जी पर सुनवाई करते हुए सुप्रीम...
सुप्रीम कोर्ट ने महंत नरेंद्र गिरी आत्महत्या मामले में आरोपी आनंद गिरि की जमानत याचिका पर नोटिस जारी किया
सुप्रीम कोर्ट ने महंत नरेंद्र गिरि की कथित आत्महत्या से जुड़े मामले में आरोपी आनंद गिरि की जमानत याचिका पर शुक्रवार को नोटिस जारी किया। जस्टिस एएस बोपन्ना और जस्टिस बेला एम. त्रिवेदी की खंडपीठ ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती देने वाली आनंद गिरी की याचिका पर उत्तर प्रदेश राज्य और केंद्रीय जांच ब्यूरो से जवाब मांगा। हाईकोर्ट ने जमानत देने से इनकार कर दिया था।श्री मठ "बाघंबरी गद्दी", प्रयागराज के प्रमुख महंत नरेंद्र गिरि 20 सितंबर, 2021 को मठ के अंदर मृत पाए गए थे। एक कथित सुसाइड नोट बरामद...
'पूर्वाग्रह का क्लासिक और टेक्स्टबुक उदाहरण': मोजाम्बिक में प्रतिनियुक्ति के लिए कर्मचारी को राहत देने से मना करने पर दिल्ली हाईकोर्ट ने जेएनयू को फटकार लगाई
दिल्ली हाईकोर्ट ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय को निर्देश दिया है कि वह एक कर्मचारी को रीलिविंग ऑर्डर जारी करे ताकि वह मोज़ाम्बिक में भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद में अल्पकालिक प्रतिनियुक्ति पर आगे बढ़ सके।याचिकाकर्ता उमेश बाबू ने आईसीसीआर के सांस्कृतिक केंद्र में शिक्षक भारतीय संस्कृति के रूप में 11 महीने की प्रतिनियुक्ति के लिए आवेदन किया था और नवंबर 2021 में इंटरव्यू सफलतापूर्वक पास कर लिया था। उन्हें अप्रैल 2022 में नियुक्ति का प्रस्ताव जारी किया गया। हालांकि, उनके नियोक्ता जेएनयू ने...
'सड़क दुर्घटना के मामलों में एसओपी का पालन करें': हाईकोर्ट ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर को निर्देश दिया
दिल्ली हाईकोर्ट (Delhi High Court) ने शुक्रवार को दिल्ली पुलिस कमिश्नर को यह बताने का निर्देश दिया कि क्या कोई मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) है, जिसका सड़क दुर्घटना के मामलों के संबंध में पालन किया जाता है।जस्टिस प्रतिभा एम सिंह एक 26 वर्षीय युवक के माता-पिता की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई कर रही थीं, जिसकी जूमकार से किराए की कार में यात्रा करते समय सड़क दुर्घटना में मौत हो गई थी। परिजनों का आरोप है कि किराए के वाहन का चालक कार चलाते समय शराब पीकर नशे में था।अदालत ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण मामला...
यूजर्स के फोन नंबर उपलब्ध करवाए बिना न्यायिक अधिकारी के अश्लील वीडियो के प्रसार को नहीं रोक सकते: दिल्ली हाईकोर्ट में व्हाट्सऐप ने कहा
दिल्ली हाईकोर्ट में व्हाट्सएप द्वारा को शुक्रवार को बताया गया कि वह यूजर्स के फोन नंबर दिए बिना मैसेजिंग ऐप पर न्यायिक अधिकारी को आपत्तिजनक स्थिति में दिखाने वाले वीडियो के प्रसार को नहीं रोक सकता।व्हाट्सएप के लिए उपस्थित सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने कहा,"वे हमसे कुछ ऐसा करने की उम्मीद कर रहे हैं जो हम करने की स्थिति में नहीं हैं। MeitY का यह भी कहना कि हम ऐसा तब तक नहीं कर सकते जब तक वे हमें फोन नंबर नहीं देते।"यह सबमिशन सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और व्हाट्सएप जैसे मैसेजिंग ऐप पर चल रहे वीडियो को...
मार्कशीट में मां का नाम गलत लिखा, पीड़िता की उम्र संदिग्ध: एमपी हाईकोर्ट ने पॉक्सो मामले में जमानत दी
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने हाल ही में पॉक्सो मामले में अभियुक्त को यह देखने के बाद जमानत का लाभ दिया कि अभियोक्ता की उम्र उसकी मार्कशीट में उसकी मां के गलत नाम के कारण संदिग्ध है।जस्टिस प्रणय वर्मा की खंडपीठ ने आगे कहा कि अभियोजन पक्ष ने सीआरपीसी की धारा 164 के तहत अपने बयान में स्पष्ट रूप से कहा कि वह स्वेच्छा से आवेदक/आरोपी के साथ चली गई-एफआईआर दर्ज करने के समय और सीआरपीसी की धारा 164 में पीड़िता को नाबालिग और उसके माता-पिता होने का आरोप लगाया गया। बयानों में कहा गया कि पीड़िता की...
सीआरपीसी की धारा 125-दावेदार के लिए भरण-पोषण की कार्यवाही में 'सभी पात्र व्यक्तियों' पर मुकदमा चलाना अनिवार्य नहींः उत्तराखंड हाईकोर्ट
उत्तराखंड हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि सीआरपीसी की धारा 125 के तहत भरण-पोषण का दावा करने वाले व्यक्ति के लिए यह अनिवार्य नहीं है कि उसके भरण-पोषण के लिए जिम्मेदार सभी व्यक्तियों (जिनके पास पर्याप्त साधन हैं) को प्रतिवादी बनाए। यह दावेदार पर निर्भर है कि उसे किससे भरण-पोषण लेने आवश्यकता है और वह किसी एक या सभी व्यक्तियों को पक्षकार बनाने के लिए स्वतंत्र है। इस तरह मामले में पक्षकार न बनाने (non-impleadment) के खिलाफ दायर एक रिवीजन याचिका को खारिज करते हुए, जस्टिस मनोज कुमार तिवारी की पीठ ने...
पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने गर्भवती पत्नी की देखभाल के एनडीपीएस एक्ट के तहत आरोपी को अंतरिम जमानत दी
पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने गुरुवार को एनडीपीएस अधिनियम के तहत गिरफ्तार आरोपी को उसकी गर्भवती पत्नी की डिलीवरी की तारीख देखते हुए अंतरिम जमानत दे दी।जस्टिस अरविंद सिंह सांगवान की खंडपीठ ने उसे रिहा होने की पूर्व शर्त के रूप में जमानत बांड के साथ सिक्योरिटी अमाउंट के रूप में 10 लाख रुपये जमा करने का आदेश दिया।न्यायालय राजन सोंधी (एनडीपीएस अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत दर्ज) की याचिका पर विचार कर रहा था, जिसे इस तथ्य के कारण 30 दिनों के लिए अंतरिम जमानत दी गई कि उसकी पत्नी दिसंबर, 2022 के...
पुलिस सीआरपीसी की धारा 156 (3) के तहत मजिस्ट्रेट के आदेश के बाद क्षेत्रीय क्षेत्राधिकार का हवाला देते हुए एफआईआर ट्रांसफर नहीं कर सकती: दिल्ली हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट ने फैसला सुनाया कि एक बार मजिस्ट्रेट सीआरपीसी की धारा 156 (3) के तहत शिकायत पर एफआईआर दर्ज करने का आदेश पारित कर देता है तो पुलिस के लिए क्षेत्रीय अधिकार क्षेत्र के संबंध में आपत्ति उठाने का अधिकार नहीं है।जस्टिस जसमीत सिंह ने अतिरिक्त पुलिस आयुक्त द्वारा दिए गए उस आदेश को खारिज करते हुए कहा, जिसमें अपहरण के आरोप वाली एफआईआर की जांच दिल्ली के मॉडल टाउन पुलिस स्टेशन से उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा ट्रांसफर कर दी गई।कोर्ट ने कहा,"मजिस्ट्रेट द्वारा एक बार जांच का निर्देश देने के...


















