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छत्तीसगढ़ अश्लील सीडी कांड : सुप्रीम कोर्ट ने मुख्यमंत्री बघेल के खिलाफ ट्रायल पर रोक लगाई, CBI ने केस दिल्ली ट्रांसफर करने की मांग की
छत्तीसगढ़ अश्लील सीडी कांड : सुप्रीम कोर्ट ने मुख्यमंत्री बघेल के खिलाफ ट्रायल पर रोक लगाई, CBI ने केस दिल्ली ट्रांसफर करने की मांग की

सुप्रीम कोर्ट ने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के कथित रूप से अश्लील सीडी घोटाले के मामले में छत्तीसगढ़ की निचली अदालत में चल रहे ट्रायल पर रोक लगा दी है। पीठ ने मामले की जांच कर रही सीबीआई की ट्रांसफर याचिका पर मुख्यमंत्री व अन्य को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है । सीबीआई ने मुकदमे को दिल्ली ट्रांसफर करने का अनुरोध किया है। सोमवार को सीबीआई की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई, जस्टिस एस ए बोबडे और जस्टिस एस अब्दुल नजीर की पीठ को बताया कि आरोपी के सीएम...

जस्टिस कुरैशी की सिफारिश : सुप्रीम कोर्ट गुजरात हाईकोर्ट एडवोकेट एसोसिएशन की याचिका पर 25 अक्टूबर को करेगा सुनवाई
जस्टिस कुरैशी की सिफारिश : सुप्रीम कोर्ट गुजरात हाईकोर्ट एडवोकेट एसोसिएशन की याचिका पर 25 अक्टूबर को करेगा सुनवाई

न्यायमूर्ति अकिल कुरैशी की मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति करने में देरी का विरोध करने वाली जनहित याचिका पर सुप्रीम कोर्ट शुक्रवार 25 अक्टूबर को सुनवाई करेगा। फिलहाल केंद्र सरकार ने कॉलेजियम की उस सिफारिश पर कदम नहीं उठाया है, जिसमें न्यायमूर्ति अकिल कुरैशी को मध्य प्रदेश की बजाए त्रिपुरा हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने की संशोधित सिफारिश भेजी गई थी। इस याचिका को मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई की अगुवाई वाली पीठ ने लंबित रखा है। मुख्य न्यायाधीश से आग्रह ...

एनडीपीएस : निजी तलाशी के दौरान धारा 50 का पालन नहीं करने से वाहन से हुई बरामदगी अमान्य नहीं हो जाती : सुप्रीम कोर्ट
एनडीपीएस : निजी तलाशी के दौरान धारा 50 का पालन नहीं करने से वाहन से हुई बरामदगी अमान्य नहीं हो जाती : सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि आरोपी की निजी तलाशी के दौरान नशीला पदार्थ अधिनियम ‌(एनडीपीएस ) की धारा 50 का पालन नहीं करने के कारण वाहन से हुई बरामदगी अमान्य नहीं हो जाती है।न्यायमूर्ति यूयू ललित, इंदु मल्होत्रा और कृष्ण मुरारी की पीठ ने कहा कि एनडीपीएस अधिनियम की धारा 50 सिर्फ निजी तलाशी तक सीमित है न कि वाहन या किसी कंटेनर परिसर की। हाईकोर्ट ने आरोपी को किया था बरी इस मामले में हाईकोर्ट ने एनडीपीएस अधिनियम के तहत एक आरोपी को दोषी ठहराए जाने के आदेश को इस आधार पर खारिज कर दिया कि आरोपी की...

सार्वजनिक पदों पर अवैध नियुक्तियां वेतन, पेंशन या अन्य मौद्रिक लाभ की हकदार नहीं, पढ़िए सुप्रीम कोर्ट का फैसला
सार्वजनिक पदों पर अवैध नियुक्तियां वेतन, पेंशन या अन्य मौद्रिक लाभ की हकदार नहीं, पढ़िए सुप्रीम कोर्ट का फैसला

सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि जब सार्वजनिक पदों पर नियुक्ति अवैध पाई जाती है तो ऐसी नियुक्तियां वेतन के वैधानिक अधिकार, पेंशन और अन्य मौद्रिक लाभों की हकदार नहीं होतीं। न्यायमूर्ति एल नागेश्वर राव और न्यायमूर्ति हेमंत गुप्ता की पीठ ने कर्मचारियों द्वारा प्रस्तुत एक प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया जिसमें कर्मचारियों ने कहा था कि वे कई वर्षों से काम कर रहे हैं, कुछ 25 साल से अधिक समय से काम कर रहे हैं और इसलिए, मानवीय दृष्टिकोण से उनकी सेवा समाप्ति के आदेश को नज़र अंदाज़ करके उन्हें सेवा में नियमित...

घायल व्यक्ति की गवाही भरोसे के लायक, बशर्ते उसके बयान में व्यापक विरोधाभास न हो,  पटना हाईकोर्ट का फैसला
घायल व्यक्ति की गवाही भरोसे के लायक, बशर्ते उसके बयान में व्यापक विरोधाभास न हो, पटना हाईकोर्ट का फैसला

पटना हाईकोर्ट ने बुधवार को एक बार फिर कहा कि घायल व्यक्ति की गवाही व्यापक महत्व की होती है और जब तक उसके बयान में व्यापक विरोधाभास न हो तब तक उस पर भरोसा अवश्य किया जाना चाहिए। इस प्रकार, हाईकोर्ट ने निचली अदालत की ओर से अभियुक्त की दोषसिद्धि के उस आदेश में हस्तक्षेप करने से इन्कार कर दिया, जिसके तहत ट्रायल कोर्ट ने अपीलकर्ता चंदन चौधरी को भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 307, 326, 341 और 447 के तहत सात साल जेल की सजा सुनायी थी। इस मामले में अभियुक्त के खिलाफ घातक हथियारों से गंभीर रूप...

साझेदारी बैनामा मृतक पार्टनर के कानूनी वारिस पर बाध्यकारी नहीं : सुप्रीम कोर्ट
साझेदारी बैनामा मृतक पार्टनर के कानूनी वारिस पर बाध्यकारी नहीं : सुप्रीम कोर्ट

उच्चतम न्यायालय ने कहा है कि साझेदारी बैनामा मृत पार्टनर के कानूनी वारिसों पर स्वत: बाध्यकारी नहीं होगा, यदि उन्होंने उस समझौते को मंजूर न किया हो। जय नारायण मिश्रा और हशमतुन्निशा बेगम एक पार्टनरशिप फर्म में साझेदार थे। ट्रायल कोर्ट ने 1993 में बेगम के खिलाफ मुकदमे में मिश्रा के पक्ष में आदेश जारी किया था। दोनों की मौत के बाद मिश्रा के कानूनी वारिस बेगम के कानूनी वारिसों के खिलाफ हुक्मनामे पर अमल को लेकर याचिका दायर की थी। यह याचिका इस आधार पर निरस्त कर दी गयी थी कि बेगम के खिलाफ जारी किये...

भले ही घरेलू हिंसा विदेश में हुई हो, भारतीय अदालत कर सकती हैं सुनवाई, बॉम्बे हाईकोर्ट ने भरण पोषण का आदेश बरकरार रखा
भले ही घरेलू हिंसा विदेश में हुई हो, भारतीय अदालत कर सकती हैं सुनवाई, बॉम्बे हाईकोर्ट ने भरण पोषण का आदेश बरकरार रखा

बॉम्बे हाईकोर्ट ने माना है कि भारतीय अदालत का किसी भारतीय नागरिक द्वारा विदेश में की गई घरेलू हिंसा के लिए भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 498-ए के तहत शिकायत पर अधिकार क्षेत्र होगा। न्यायमूर्ति एसएस शिंदे ने मोहम्मद ज़ुबेर फ़ारूक़ी द्वारा दायर एक रिट याचिका पर सुनवाई की। ज़ुबेर ने मेट्रोपोलिटन मजिस्ट्रेट, मुलुंड द्वारा उनकी पत्नी नीलिमा के पक्ष में पारित भरण पोषण के आदेश को रद्द करने की मांग की थी। कोर्ट ने निष्कर्ष निकाला कि नीलिमा ने याचिकाकर्ता के खिलाफ प्रथम दृष्टया घरेलू हिंसा का...

सिर्फ कॉल गर्ल कहने पर आईपीसी की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना)  का मामला नहीं बनता, सुप्रीम कोर्ट ने आरोपियों को बरी किया, पढ़िए फैसला
सिर्फ कॉल गर्ल कहने पर आईपीसी की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) का मामला नहीं बनता, सुप्रीम कोर्ट ने आरोपियों को बरी किया, पढ़िए फैसला

सुप्रीम कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट के उस आदेश को सही ठहराया है, जिसमें एक लड़की को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में आरोपी को बरी कर दिया गया था। आरोप लगाए गए थे कि आरोपी लड़के और मृतक लड़की के बीच प्रेम संबंध थे। जब वे एक-दूसरे से शादी करने के अपने फैसले के बारे में आरोपी के माता-पिता को बताने के लिए आरोपी के घर गए तो उसके माता-पिता (अन्य आरोपी) ने इसे मंजूरी देने से इनकार कर दिया और लड़की पर चिल्लाते हुए उसे 'कॉल गर्ल' कह दिया। इस घटना के अगले दिन लड़की ने अपने प्रेमी पर आरोप लगाते...

किसी सरकारी कर्मचारी को सरकारी आवास देने से इसलिए इंकार नहीं किया जा सकता, क्योंकि उसके पास पहले से कम स्तर का सरकारी आवास है, पढ़िए फैसला
किसी सरकारी कर्मचारी को सरकारी आवास देने से इसलिए इंकार नहीं किया जा सकता, क्योंकि उसके पास पहले से कम स्तर का सरकारी आवास है, पढ़िए फैसला

पंजाब और हरियाणा के उच्च न्यायालय ने फैसला सुनाया है कि केवल इसलिए कि एक सरकारी कर्मचारी का सरकारी आवास पर कब्जा रहा है, जो उसके पद के अनुसार और कानूनी अधिकारों से कम स्तर का है, उस व्यक्ति को उसके कानूनी अधिकार के अनुसार दूसरा आवास आवंटित करने से इंकार नहीं किया जा सकता। इस अवलोकन के साथ, न्यायमूर्ति राजीव नारायण रैना ने चंडीगढ़ प्रशासन को निर्देश दिया कि वह याचिकाकर्ता, राजिंद्र प्रसाद को उनके अधिकार के अनुसार सरकारी आवास अलॉट करे। प्रसाद पंजाब के विधानसभा में ओएसडी हैं, जिन्हें चंडीगढ़...

यूनिवर्सिटी आरटीआई के तहत उत्तर पुस्तिकाएं उपलब्ध कराने के लिए बाध्य, मद्रास हाईकोर्ट का फैसला
यूनिवर्सिटी आरटीआई के तहत उत्तर पुस्तिकाएं उपलब्ध कराने के लिए बाध्य, मद्रास हाईकोर्ट का फैसला

मद्रास हाईकोर्ट ने माना है कि मूल्यांकन के बाद उत्तर पुस्तिकाएं सूचना के अधिकार अधिनियम, 2005 के तहत 'सूचना' है और विश्वविद्यालय उन्हें छात्रों को उपलब्ध कराने के लिए बाध्य है। इस संबंध में अदालत ने कहा, ''सूचना मांगने वालों को सार्वजनिक सूचना उपलब्ध करवाने में कोई भी सार्वजनिक प्राधिकरण अनिच्छुक क्यों है? निस्संदेह गोपनीय फाइलों को अधिनियम के प्रावधानों के तहत संरक्षित किया गया है, इसलिए अधिकारियों को सार्वजनिक डोमेन में आने वाली सूचनाओं को उपलब्ध कराने में अनिच्छुक नहीं होना चाहिए,...

चचेरे भाई ने 10 साल की बालिका से किया था दुष्कर्म, चार्जशीट दाख़िल करने के एक माह के भीतर अदालत ने सज़ा सुनाई
चचेरे भाई ने 10 साल की बालिका से किया था दुष्कर्म, चार्जशीट दाख़िल करने के एक माह के भीतर अदालत ने सज़ा सुनाई

बच्चों से बलात्कार के मामले में त्वरित ट्रायल के तहत उत्तर प्रदेश के औरैया में विशेष अदालत ने एक आरोपी को यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण क़ानून (पोकसो) अधिनियम 2012 के तहत चार्जशीट दाख़िल किए जाने के एक महीने के भीतर ही उसे सज़ा सुना दी है। पुलिस ने इस मामले में एफआईआर दाख़िल किए जाने के दस दिन बाद 19 सितम्बर को चार्जशीट दाख़िल की थी। मामले की सुनवाई को त्वरित गति से पूरा करते हुए अतिरिक्त ज़िला और सत्र जज राजेश चौधरी ने 16 अक्टूबर को इस मामले में फ़ैसला सुनाया। इससे पहले न्यायमूर्ति...

जम्मू और कश्मीर उच्च न्यायालय ने सरकार को हिरासत में लिए गए लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध करवाने  के आदेश दिए
जम्मू और कश्मीर उच्च न्यायालय ने सरकार को हिरासत में लिए गए लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध करवाने के आदेश दिए

जम्मू और कश्मीर उच्च न्यायालय ने बुधवार को सरकार से यह सुनिश्चित करने के लिए कहा कि जम्मू-कश्मीर सार्वजनिक सुरक्षा अधिनियम, 1978 के तहत सभी उन सभी लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाए, जिन्हें हिरासत में रखा गया है। यह आदेश चीफ जस्टिस गीता मित्तल और जस्टिस रशीद अली डार की खंडपीठ ने सैयद तसादक हुसैन द्वारा दायर एक याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया। याचिका में कहा गया था कि हिरासत में लिए गए गरीब और आर्थिक रूप से अस्थिर लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध नहीं है। इन लोगों को राज्य में हालिया आदेशों...

PMC बैंक मामला : सुप्रीम कोर्ट ने जनहित याचिका पर सुनवाई करने से इनकार किया, हाईकोर्ट जाने को कहा
PMC बैंक मामला : सुप्रीम कोर्ट ने जनहित याचिका पर सुनवाई करने से इनकार किया, हाईकोर्ट जाने को कहा

पंजाब और महाराष्ट्र सहकारी (पीएमसी) बैंक को लेकर दाखिल जनहित याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई से इनकार कर दिया। मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई की पीठ ने याचिकाकर्ता बेजोन मिश्रा को इस संबंध में हाईकोर्ट जाने के लिए कहा। याचिकाकर्ता के वकील शशांक देव सुधी ने पीठ को कहा कि इस मामले में चार राज्यों महाराष्ट्र, गुजरात, मध्य प्रदेश और आंध्र प्रदेश के लोग प्रभावित हुए हैं। ऐसे में सुप्रीम कोर्ट को दखल देना चाहिए और बेल आउट पैकेज के निर्देश देने चाहिए। इस दौरान केंद्र की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार...

सीबीआई ने INX मीडिया केस में चिदंबरम, कार्ति और 12 अन्य के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की
सीबीआई ने INX मीडिया केस में चिदंबरम, कार्ति और 12 अन्य के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की

केंद्रीय जांच ब्यूरो ने शुक्रवार को INX मीडिया मामले में पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री पी चिदंबरम, उनके बेटे कार्ति, पीटर मुखर्जी और ग्यारह अन्य के खिलाफ विशेष सीबीआई अदालत दिल्ली में आरोप पत्र दायर किया। पीटर मुखर्जी की पत्नी इंद्राणी मुखर्जी को मामले में सरकारी गवाह बनने की मंजूरी दे दी गई है। सुप्रीम कोर्ट में चिदंबरम की जमानत याचिका की सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने जस्टिस आर बानुमति, एएस बोपन्ना और हृषिकेश रॉय की पीठ को सूचित किया कि भारतीय दंड संहिता की धारा 120 बी, 420,...

सुप्रीम कोर्ट ने असम में NRC समन्वयक प्रतीक हजेला को मध्य प्रदेश ट्रांसफर करने के आदेश दिए
सुप्रीम कोर्ट ने असम में NRC समन्वयक प्रतीक हजेला को मध्य प्रदेश ट्रांसफर करने के आदेश दिए

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को असम में NRC समन्वयक प्रतीक हजेला को तत्काल प्रभाव से मध्य प्रदेश अंतर-कॉडर स्थानांतरित करने का निर्देश दिया है । भले ही मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पीठ ने स्थानांतरण के कारणों का खुलासा करने से परहेज किया लेकिन माना जा रहा है कि अंतिम NRC के प्रकाशन के बाद हजेला के जीवन को खतरा हो सकता है, जिसके आधार पर ये निर्देश किया गया हो सकता है। "क्या स्थानांतरण का कोई विशेष कारण है?", अटॉर्नी जनरल के के वेणुगोपाल जानना चाहते थे। "क्या कोई आदेश बिना...

मुख्य न्यायाधीश गोगोई ने जस्टिस बोबडे को अगला मुख्य न्यायाधीश नियुक्त करने की आधिकारिक सिफारिश की
मुख्य न्यायाधीश गोगोई ने जस्टिस बोबडे को अगला मुख्य न्यायाधीश नियुक्त करने की आधिकारिक सिफारिश की

देश के मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई ने केंद्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद को संबोधित पत्र में जस्टिस एस ए बोबडे को अगला मुख्य न्यायाधीश बनाने की सिफारिश की है। मुख्य न्यायाधीश गोगोई इस साल 17 नवंबर को सेवानिवृत्त होने वाले हैं और परंपरा के अनुसार यह स्पष्ट है कि जस्टिस बोबड़े इस पद पर नियुक्त होंगे। चीफ जस्टिस गोगोई ने गुरुवार को इसकी आधिकारिक सिफारिश की है। जानिए जस्टिस बोबडे के बारे में जस्टिस बोबडे ने 1978 में नागपुर विश्वविद्यालय से एलएलबी की डिग्री हासिल करने के बाद बार काउंसिल ऑफ...

रविदास मंदिर : केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट को बताया, लोगों की आस्था को देखकर सरकार मंदिर की जगह देने को तैयार
रविदास मंदिर : केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट को बताया, लोगों की आस्था को देखकर सरकार मंदिर की जगह देने को तैयार

दिल्ली के तुगलकाबाद में रविदास मंदिर को ढहाने के मामले में दाखिल याचिका पर सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया है कि वो लोगों की आस्था को देखते हुए उसी स्थान पर 200 वर्ग मीटर जगह मंदिर बनाने के लिए तैयार है। शुक्रवार को सुनवाई के दौरान केंद्र की ओर से पेश अटार्नी जनरल के के वेणुगोपाल ने जस्टिस अरुण मिश्रा की अध्यक्षता वाली पीठ को बताया कि इस संबंध में केंद्र सरकार ने तय किया है कि लोगों की आस्था का सम्मान रखते हुए उसी जगह पर 200 वर्ग मीटर जमीन समिति को दे दी जाए। ...

पहलू खान हत्याकांड : राजस्थान सरकार ने आरोपियों के बरी करने के निचली अदालत के फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी
पहलू खान हत्याकांड : राजस्थान सरकार ने आरोपियों के बरी करने के निचली अदालत के फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी

आखिरकार 2017 के पहलू खान हत्याकांड को लेकर राजस्थान सरकार ने निचली अदालत द्वारा 6 आरोपियों को बरी किए जाने के खिलाफ राजस्थान उच्च न्यायालय में अपील दायर कर दी है। उच्च न्यायालय में ये अपील राजस्थान सरकार द्वारा उस रिपोर्ट के बाद की गई है जिसमें मामले की फिर से जांच के लिए गठित एसआईटी ने पुलिस टीम की गंभीर खामियों का जिक्र किया है। जांच टीम ने सितंबर के पहले सप्ताह में राजस्थान पुलिस के मुखिया को अपनी रिपोर्ट सौंप दी थी।पुलिस जांच में हर स्तर पर खामियां जानकारी के मुताबिक एसआईटी ने 80 पन्नों...

भूमि अधिग्रहण के मामले में वैधानिक प्राधिकारी द्वारा मुआवजे के फैसले की समीक्षा नहीं की जा सकती, पढ़िए सुप्रीम कोर्ट का फैसला
भूमि अधिग्रहण के मामले में वैधानिक प्राधिकारी द्वारा मुआवजे के फैसले की समीक्षा नहीं की जा सकती, पढ़िए सुप्रीम कोर्ट का फैसला

सुप्रीम कोर्ट ने दोहराया है कि जब कानून ऐसी शक्ति प्रदान करे तो ही एक वैधानिक प्राधिकरण द्वारा किसी फैसले की समीक्षा की जा सकती है। संबंधित कानून में वैधानिक प्राधिकारी को फैसले की समीक्षा का प्रावधान होना चाहिए। न्यायमूर्ति अरुण मिश्रा, न्यायमूर्ति विनीत सरन और न्यायमूर्ति एस रवींद्र भट की पीठ ने एक ज़िला कलेक्टर के आदेश को रद्द कर दिया, जिसमें भूमि अधिग्रहण के एक मामले में मुआवजे के निर्णय (अवार्ड) की समीक्षा की गई थी। अदालत के सामने सवालइस मुद्दे पर (नरेश कुमार बनाम जीएनसीटी...