कलकत्ता हाईकोर्ट

बंगाल में मस्जिदों से लाउडस्पीकर हटाने के कथित मौखिक निर्देश पर हाईकोर्ट ने सुरक्षित रखा फैसला

पश्चिम बंगाल में मस्जिदों से लाउडस्पीकर हटाने के लिए पुलिस द्वारा कथित तौर पर मौखिक निर्देश दिए जाने के आरोपों से जुड़ी जनहित याचिका पर कलकत्ता हाईकोर्ट ने मंगलवार को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया। याचिका में आरोप लगाया गया कि अनुमत ध्वनि सीमा के उल्लंघन के किसी ठोस प्रमाण के बिना पुलिस अधिकारी मस्जिद समितियों से लाउडस्पीकर हटाने के लिए कह रहे हैं।मामले की सुनवाई एक्टिंग चीफ जस्टिस तपाब्रत चक्रवर्ती और जस्टिस अतारुप बनर्जी की खंडपीठ ने की। इससे पहले कोर्ट ने राज्य के महाधिवक्ता को आरोपों पर सरकार...

मस्जिदों से लाउडस्पीकर हटाने के आरोप पर कलकत्ता हाईकोर्ट ने बंगाल सरकार से मांगी जानकारी

कलकत्ता हाईकोर्ट ने उस जनहित याचिका (PIL) पर पश्चिम बंगाल सरकार से निर्देश लेने को कहा है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि पुलिस अधिकारी राज्यभर की मस्जिदों में अजान के लिए इस्तेमाल होने वाले लाउडस्पीकर हटाने का दबाव बना रहे हैं। याचिकाकर्ता ने दावा किया कि करीब 4,000 मस्जिदें प्रभावित हुई हैं।कार्यवाहक चीफ़ जस्टिस तपाब्रत चक्रवर्ती और जस्टिस अतारूप बनर्जी की डिवीजन बेंच ने कहा कि याचिका में कथित घटनाओं के specific details नहीं दिए गए हैं। कोर्ट ने सवाल किया कि बिना विशिष्ट मामलों की जानकारी के...

DNA रिपोर्ट से असली माता-पिता की पुष्टि हुई, फिर भी CWC ने बच्चे को लावारिस घोषित किया: कलकत्ता हाईकोर्ट ने गोद लेने की प्रक्रिया रद्द की

कलकत्ता हाईकोर्ट ने चाइल्ड वेलफेयर कमिटी (CWC) का वह आदेश रद्द किया, जिसमें बच्चे के असली माता-पिता को कस्टडी लेने में "असमर्थ" बताया गया और बच्चे को गोद लेने के लिए कानूनी रूप से मुक्त घोषित करने का निर्देश दिया गया। कोर्ट ने कहा कि कमिटी 'जुवेनाइल जस्टिस (बच्चों की देखभाल और सुरक्षा) एक्ट, 2015' के तहत ज़रूरी जांच करने में नाकाम रही।जस्टिस कृष्णा राव ने गोद लेने वाले माता-पिता को निर्देश दिया कि वह बच्चे को CWC, कोलकाता को सौंप दें और कमिटी को आदेश दिया कि वह असली माता-पिता को अपनी बात रखने का...

अगर इतने प्रभावशाली हैं तो अमतला में उनका कार्यालय कैसे ढहाया जा रहा है? अभिषेक बनर्जी को अंतरिम राहत के विरोध पर कलकत्ता हाईकोर्ट का सवाल

कलकत्ता हाईकोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस नेता और डायमंड हार्बर से सांसद अभिषेक बनर्जी के खिलाफ दर्ज FIR के मामले में उनकी राजनीतिक पहुंच और जांच प्रभावित करने की आशंका को लेकर किए गए दावे पर सवाल उठाया।अदालत ने कहा कि मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में यह तर्क किस हद तक कायम रह सकता है, इस पर विचार करना होगा।जस्टिस सौगत भट्टाचार्य अभिषेक बनर्जी की ओर से दायर उस याचिका पर सुनवाई कर रहे थे जिसमें उनके खिलाफ दर्ज तीन FIR रद्द करने की मांग की गई।अदालत ने उनकी गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा बढ़ा दी और मामले...

पश्चिम बंगाल में मस्जिदों से लाउडस्पीकर हटाने के आरोप पर हाईकोर्ट में जनहित याचिका, गुरुवार को होगी सुनवाई

पश्चिम बंगाल की सभी मस्जिदों से कथित तौर पर लाउडस्पीकर हटाए जाने के आरोप को चुनौती देने वाली जनहित याचिका पर कलकत्ता हाईकोर्ट ने सुनवाई के लिए सहमति दी। मामले की सुनवाई गुरुवार को होगी।एक्टिंग चीफ जस्टिस तपब्रत चक्रवर्ती और जस्टिस अतरूप बनर्जी की खंडपीठ के समक्ष सीनियर एडवोकेट कल्याण बनर्जी ने मामले का उल्लेख करते हुए इसे बेहद जरूरी जनहित याचिका बताया।कल्याण बनर्जी ने अदालत के समक्ष दावा किया कि राज्य सरकार कथित तौर पर मौखिक निर्देशों के जरिए कार्रवाई कर रही है और लाउडस्पीकर हटाने से संबंधित कोई...

महुआ मोइत्रा की सुरक्षा याचिका पर तत्काल राहत से हाईकोर्ट का इनकार, 29 जुलाई को होगी अगली सुनवाई

कलकत्ता हाईकोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा की उस याचिका पर तत्काल राहत देने से इनकार किया, जिसमें उन्होंने कथित भीड़ के हमले और अंडे फेंके जाने की घटनाओं के बाद पुलिस सुरक्षा की मांग की है।हाईकोर्ट ने कहा कि मामले में पहले ही FIR दर्ज की जा चुकी है और उन्हें सुरक्षा भी प्रदान की जा चुकी है।जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की अदालत में महुआ मोइत्रा की ओर से सीनियर एडवोकेट कल्याण बंदोपाध्याय ने पक्ष रखा।उन्होंने अदालत को बताया कि सार्वजनिक कार्यक्रमों के दौरान महुआ मोइत्रा को लगातार निशाना बनाया...

बाल विवाह के आरोप से तलाक की सुनवाई कर रही अदालत को POCSO FIR का आदेश देने का अधिकार नहीं मिलता: कलकत्ता हाईकोर्ट

कलकत्ता हाईकोर्ट ने कहा कि हिंदू विवाह अधिनियम, 1955 की धारा 13B के तहत आपसी सहमति से तलाक की याचिका पर सुनवाई कर रही अदालत, कार्यवाही के सीमित दायरे से बाहर जाकर 'यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण' अधिनियम (POCSO Act) के तहत आपराधिक मामला दर्ज करने का आदेश नहीं दे सकती।जस्टिस सब्यसाची भट्टाचार्य और जस्टिस सुप्रतिम भट्टाचार्य की डिवीजन बेंच ने कोंटाई के एडिशनल जिला जज का आदेश रद्द किया, जिसमें आपसी सहमति से तलाक की याचिका को इस आधार पर खारिज कर दिया गया कि शादी बाल विवाह थी। साथ ही पुलिस को POCSO...

ट्रायल कोर्ट आपसी सहमति से तलाक के मामलों में पार्टियों को मेडिएशन के लिए मजबूर नहीं कर सकता: कलकत्ता हाईकोर्ट

कलकत्ता हाईकोर्ट ने कहा कि कोर्ट आपसी सहमति से तलाक की याचिका को सिर्फ़ इसलिए खारिज नहीं कर सकता कि पार्टियों ने मेडिएशन में हिस्सा नहीं लिया। कोर्ट ने कहा कि मेडिएशन दोनों पार्टियों की सहमति पर आधारित होता है और इसे उन पर "जबरदस्ती थोपा" नहीं जा सकता।जस्टिस सब्यसाची भट्टाचार्य और जस्टिस सुप्रतिम भट्टाचार्य की डिवीजन बेंच ने सियालदह के एडिशनल डिस्ट्रिक्ट जज के उस आदेश को रद्द किया, जिसमें स्पेशल मैरिज एक्ट, 1954 की धारा 28 के तहत आपसी सहमति से तलाक की संयुक्त अर्जी को इस आधार पर खारिज किया गया...

आधार कार्ड निवास का अंतिम प्रमाण नहीं, लेकिन कब्जे का प्रथमदृष्टया साक्ष्य, बिना नोटिस तोड़फोड़ और बेदखली गैरकानूनी: कलकत्ता हाईकोर्ट

कलकत्ता हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसला देते हुए कहा कि आधार कार्ड किसी संपत्ति पर स्वामित्व या स्थायी निवास का अंतिम प्रमाण नहीं है लेकिन यह किसी व्यक्ति के कब्जे का प्रथमदृष्टया साक्ष्य अवश्य है। ऐसे में सार्वजनिक परिसर से किसी व्यक्ति को बेदखल करने या मकान गिराने से पहले लोक परिसर (अनधिकृत कब्जाधारियों की बेदखली) अधिनियम 1971 के तहत निर्धारित प्रक्रिया का पालन करना अनिवार्य है।जस्टिस सब्यसाची भट्टाचार्य और जस्टिस सुप्रतिम भट्टाचार्य की खंडपीठ ने श्यामा प्रसाद मुखर्जी पोर्ट (पूर्व में कलकत्ता...

ED की कार्रवाई पर TMC को नहीं मिली अंतरिम राहत: बैंक अकाउंट्स से लेनदेन की अनुमति देने से हाईकोर्ट का इनकार

कलकत्ता हाईकोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) को बड़ी राहत देने से इनकार करते हुए प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा फ्रीज किए गए पार्टी के तीन बैंक अकाउंट्स के संचालन की अंतरिम अनुमति देने से मना कर दिया। अदालत के इस आदेश के बाद मामले की सुनवाई पूरी होने तक इन खातों पर लगी रोक जारी रहेगी।जस्टिस कृष्ण राव ने धन शोधन निवारण अधिनियम 2002 (PMLA) के तहत ED की कार्रवाई को चुनौती देने वाली टीएमसी की याचिका पर सुनवाई करते हुए ED के डेबिट फ्रीज आदेश पर रोक लगाने से इनकार किया।ED ने TMC के तीन बैंक अकाउंट्स फ्रीज...

डीजे टिप्पणी मामले में अभिषेक बनर्जी को कलकत्ता हाईकोर्ट की फटकार, कहा- जांच में सहयोग नहीं किया तो अंतरिम संरक्षण वापस ले लेंगे

कलकत्ता हाईकोर्ट ने शुक्रवार को टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी की उस याचिका पर सुनवाई के दौरान कड़ी नाराज़गी जताई, जिसमें उन्होंने डीजे टिप्पणी (DJ Remark) मामले में अपनी आवाज का नमूना (Voice Sample) देने से छूट मांगी थी। अदालत ने कहा कि पहले दिया गया अंतरिम संरक्षण इस शर्त पर था कि वह जांच में पूरा सहयोग करेंगे।जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की पीठ ने सवाल किया कि जब अदालत ने जांच में सहयोग की शर्त पर संरक्षण दिया था, तब तक अभिषेक बनर्जी ने अपना वॉयस सैंपल क्यों नहीं दिया। कोर्ट ने चेतावनी दी कि यदि...

बैंक अकाउंट खोलने पर अंतरिम राहत: कलकत्ता हाईकोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस को रोजमर्रा के खर्च की दी अनुमति

कलकत्ता हाईकोर्ट ने अंतरिम राहत देते हुए अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस (TMC) को उसके तीन सील किए गए बैंक खातों से रोजमर्रा के खर्च करने की अनुमति दी।हालांकि, कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह व्यवस्था विशेष अधिकारी की निगरानी में लागू रहेगी और इससे किसी भी गुट को पार्टी का वास्तविक प्रतिनिधि मानने का कोई संकेत नहीं माना जाएगा।जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की पीठ ने पूर्व जज जस्टिस सुब्रत तालुकदार को विशेष अधिकारी नियुक्त किया। यह अंतरिम व्यवस्था 30 सितंबर 2026 तक प्रभावी रहेगी।कोर्ट ने कहा कि पार्टी के असली गुट...

अंडे फेंकने और आरोपियों की सार्वजनिक परेड की प्रवृत्ति बंद होनी चाहिए : कलकत्ता हाईकोर्ट

कलकत्ता हाईकोर्ट ने पश्चिम बंगाल के पूर्व खेल मंत्री अरूप विश्वास को अलीपुर अदालत परिसर में कथित अंडे फेंके जाने की घटना से जुड़े मामले में अंतरिम राहत देते हुए कहा कि आरोपियों को सार्वजनिक रूप से अपमानित करने और उन पर अंडे फेंकने जैसी प्रवृत्ति पर रोक लगनी चाहिए।जस्टिस सौगत भट्टाचार्य अरूप विश्वास की उस याचिका पर सुनवाई कर रहे थे जिसमें उन्होंने अपने खिलाफ दर्ज FIR को चुनौती दी।यह FIR उस घटना के बाद दर्ज की गई थी जब एक अन्य मामले में अदालत में पेशी के दौरान उन पर कथित रूप से अंडे फेंके गए।अरूप...

महुआ मोइत्रा की भीड़ के हमले के आरोप वाली याचिका पर तुरंत सुनवाई से हाईकोर्ट का इनकार

कलकत्ता हाईकोर्ट ने मंगलवार को तृणमूल कांग्रेस (TMC) की सांसद महुआ मोइत्रा की उस याचिका पर तुरंत सुनवाई करने से इनकार किया, जिसमें नादिया के कालीगंज में राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान उन पर हुए कथित हमले के बाद सुरक्षा के निर्देश देने की मांग की गई।यह मामला जस्टिस सौगत भट्टाचार्य के सामने रखा गया, जिन्होंने याचिका को तुरंत सुनने से इनकार करते हुए कहा,"मेरे सामने ऐसे बहुत सारे मामले आ रहे हैं।"मोइत्रा ने 1 जुलाई को कालीगंज में राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान हमले का आरोप लगाने के बाद हाईकोर्ट का रुख...

आरोपी को सार्वजनिक रूप से घुमाना स्वीकार्य नहीं, यह मानवाधिकारों का उल्लंघन: कलकत्ता हाईकोर्ट की मौखिक टिप्पणी

कलकत्ता हाईकोर्ट ने एक मामले की सुनवाई के दौरान मौखिक रूप से कहा कि किसी आरोपी को पुलिस द्वारा सार्वजनिक रूप से घुमाना "स्वीकार्य नहीं है" और यह "मानवाधिकारों का उल्लंघन" है।अदालत यह टिप्पणी तृणमूल कांग्रेस नेता सौकत मोल्ला की याचिका पर सुनवाई के दौरान कर रही थी, जिसमें उन्होंने जांच के दौरान कथित तौर पर सार्वजनिक रूप से घुमाए जाने को चुनौती दी। सुनवाई के दौरान सौकत मोल्ला की ओर से सीनियर एडवोकेट किशोर दत्ता ने कहा कि गिरफ्तारी के बाद आरोपियों को सार्वजनिक रूप से घुमाने की एक चिंताजनक परंपरा...

पति के दबाव में पैतृक संपत्ति में हिस्सा मांगना भी दहेज की मांग हो सकता है: कलकत्ता हाईकोर्ट

कलकत्ता हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए कहा कि किसी महिला को अपनी पैतृक संपत्ति में हिस्सा मांगने का कानूनी अधिकार है, लेकिन यदि वह मांग पति के लगातार दबाव, उत्पीड़न या मजबूरी में की गई हो, तो उसे भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 304बी के तहत दहेज की मांग माना जा सकता है।जस्टिस अरिजीत बनर्जी और जस्टिस अपूर्व सिन्हा रे की खंडपीठ ने दहेज मृत्यु के मामले में पति की दोषसिद्धि बरकरार रखी, जबकि पर्याप्त साक्ष्य के अभाव में उसके माता-पिता को बरी कर दिया।अदालत ने पति की सजा को आजीवन कारावास से...

सिर्फ़ आधार कार्ड पर पता होने से पब्लिक प्रीमिसेस एक्ट के तहत कब्ज़ा साबित नहीं होता: कलकत्ता हाईकोर्ट ने तोड़-फोड़ रोकने से इनकार किया

कलकत्ता हाRकोर्ट ने ब्रुक लेन, गार्डन रीच में रिहायशी क्वार्टरों को गिराने के प्रस्ताव को चुनौती देने वाली रिट याचिका खारिज की। कोर्ट ने कहा कि याचिकाकर्ता न तो उस जगह पर अपना कब्ज़ा साबित कर पाए और न ही वहां रहने का कोई अधिकार दिखा पाए।जस्टिस पार्थ सारथी सेन ने कहा कि 'पब्लिक प्रीमिसेस (अनधिकृत कब्ज़ेदारों को बेदखल करना) एक्ट, 1971' के तहत प्रक्रियात्मक सुरक्षा उपाय—जैसे कि नोटिस जारी करना और एस्टेट ऑफिसर के सामने बेदखली की कार्यवाही—तभी लागू होते हैं, जब कोई व्यक्ति पहले यह साबित करे कि वह...

TMC के बैंक खाते फ्रीज करने में दिखाई गई जल्दबाजी पर कलकत्ता हाईकोर्ट ने जताई चिंता, तत्काल राहत देने से किया इनकार

कलकत्ता हाईकोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) के बैंक खाते फ्रीज किए जाने के मामले में जांच एजेंसी की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि एफआईआर दर्ज होने के एक दिन के भीतर खाते फ्रीज करने में दिखाई गई जल्दबाजी चिंता का विषय है। अदालत ने यह भी कहा कि शिकायत "सामान्य (Omnibus)" प्रतीत होती है, जिसमें न तो कोई ठोस आरोप हैं और न ही तारीख या नाम का स्पष्ट उल्लेख है।हालांकि, जस्टिस सौगत भट्टाचार्य की पीठ ने फिलहाल TMC को अंतरिम राहत देने से इनकार करते हुए जांच एजेंसी को फ्रीज किए गए खातों की कुल राशि...

हर आरोपी की गरिमा का सम्मान ज़रूरी, राज्य अंडे फेंकने और भीड़ की हिंसा को रोके: कलकत्ता हाईकोर्ट

कलकत्ता हाईकोर्ट ने पश्चिम बंगाल के पुलिस महानिदेशक (DGP) को निर्देश दिया कि वह तुरंत पूरे राज्य में ऐसी गाइडलाइंस जारी करें, जिनसे आम लोगों को आरोपियों पर अंडे फेंकने, भीड़ की हिंसा या लिंचिंग में शामिल होने से रोका जा सके। कोर्ट ने कहा कि संविधान के तहत हर आरोपी को गरिमा और सुरक्षा का अधिकार है।एक्टिंग चीफ जस्टिस तापब्रत चक्रवर्ती और जस्टिस पार्थ सारथी चटर्जी की खंडपीठ ने जनहित याचिका (PIL) पर सुनवाई करते हुए ये निर्देश दिए। इस याचिका में एक खास राजनीतिक दल से जुड़े लोगों के खिलाफ लक्षित...