जानिए हमारा कानून

क्या अदालत अग्रिम जमानत के लिए नगद राशि जमा कराने का आदेश दे सकती है? जानिए सुप्रीम कोर्ट की राय
क्या अदालत अग्रिम जमानत के लिए नगद राशि जमा कराने का आदेश दे सकती है? जानिए सुप्रीम कोर्ट की राय

केरल हाईकोर्ट ने हाल ही में एक ही याचिकाकर्ता की चार याचिकाओं की संयुक्त सुनवाई करते हुए कहा कि दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की धारा 438 (2) के तहत अग्रिम जमानत देने की शर्त के रूप में नकदी जमा करने की अनुमति है, लेकिन इस तरह के अधिकार का इस्तेमाल पूर्ण संयम से साथ किया जाना चाहिए तथा जमा की जाने वाली राशि अत्यधिक या दुष्कर नहीं होनी चाहिए। मौजूदा मामले में महिला याचिकाकर्ता भारतीय दंड संहिता की धारा 420 के तहत अपराध की अभियुक्त थी। यह आरोप लगाया गया था कि याचिकाकर्ता ने कारोबार के...

जानिए वकीलों को अपनी सेवाओं का विज्ञापन देने की अनुमति क्यों नहीं है? समझिये प्रतिबंध से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण बातें
जानिए वकीलों को अपनी सेवाओं का विज्ञापन देने की अनुमति क्यों नहीं है? समझिये प्रतिबंध से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण बातें

भारत में हर साल बड़ी संख्या में लोग, बार काउंसिल में वकील के तौर पर नामांकित होने के लिए आवेदन करते हैं। इसके पश्च्यात, इस पेशे में अपना नाम बनाने की आकांक्षा के साथ वे वकालत शुरू करते हैं। लेकिन न तो कानून पेशा अपनाने वाले लोगों को और न ही लॉ फर्मों को अपने पेशे का विज्ञापन करने का अधिकार प्राप्त है। दरअसल वकीलों को ऐसा कुछ भी करने से प्रतिबंधित किया जाता है, जो भावी मुवक्किलों को प्रभावित कर सकता है। भारत में अधिवक्ताओं को बार काउंसिल ऑफ इंडिया द्वारा तैयार किए गए नियमों के तहत उनकी सेवाओं या...

क्या वकील क्लाइंट द्वारा फीस न दिए जाने की स्थिति में उसके कागज़ात वापस करने से मना कर सकते हैं?
क्या वकील क्लाइंट द्वारा फीस न दिए जाने की स्थिति में उसके कागज़ात वापस करने से मना कर सकते हैं?

जैसा कि हम जानते हैं कि वकालत एक पेशा है, यह कोई व्यवसाय नहीं और इस पेशे का उद्देश्य, लोगों की सेवा करना है। एक पेशे की अहमियत को समझाते हुए, रोस्को पाउंड ने कहा था: "ऐतिहासिक रूप से, पेशे में 3 विचार शामिल हैं: संगठन (Organisation), सीखने और सार्वजनिक सेवा की भावना। ये आवश्यक हैं। इसके अलावा, आजीविका प्राप्त करने का विचार, इसके साथ है (पर अधिक महत्वपूर्ण नहीं)।" कानूनी पेशा अपनाने वाले व्यक्तियों पर, समाज में कानून के शासन को बनाए रखने की एक बड़ी जिम्मेदारी होती है। सत्ता के दुरुपयोग के खिलाफ...

फ्लोर टेस्ट क्या होता है एवं क्या है इसकी उपयोगिता: जानिए सरकार कैसे साबित करती है बहुमत
फ्लोर टेस्ट क्या होता है एवं क्या है इसकी उपयोगिता: जानिए सरकार कैसे साबित करती है बहुमत

महाराष्ट्र में शिवसेना-एनसीपी-कांग्रेस गठबंधन एवं उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली महा विकास अघाड़ी (MAV) सरकार, आज राज्य के विधानसभा में एक फ्लोर टेस्ट (Floor Test) का सामना करेगी। हालांकि, महाराष्ट्र के राज्यपाल, भगत सिंह कोश्यारी ने बहुमत साबित करने के लिए उद्धव ठाकरे को 3 दिसंबर तक का वक्त दिया था। गौरतलब है कि एनसीपी नेता दिलीप वालसे पाटिल, जिनके नाम की सिफारिश मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने राज्यपाल से की, वे इस दौरान सदन के प्रो-टेम स्पीकर होंगे। प्रो-टेम स्पीकर के पद और कार्य के बारे में जानने के...

क्या एक नाबालिग को आवश्यकताओं की आपूर्ति करने वाला व्यक्ति प्रतिपूर्ति पाने का हकदार है? जानिए क्या कहता है कानून
क्या एक नाबालिग को आवश्यकताओं की आपूर्ति करने वाला व्यक्ति प्रतिपूर्ति पाने का हकदार है? जानिए क्या कहता है कानून

जैसा कि हमने पिछले लेख अर्ध-संविदा क्या होती है एवं अनुचित सम्पन्नता के सिद्धांत का इससे क्या है संबंध? में जाना है कि 'अर्ध-संविदा' (Quasi Contract) एक ऐसी स्थिति है, जो पक्षों पर कानून के अनुसार दायित्वों या अधिकारों को लागू करती है, न कि पक्षों द्वारा तय संविदा की शर्तों के अनुसार। इसके अंतर्गत अदालत द्वारा एक पक्ष के दूसरे व्यक्ति के प्रति दायित्व का निर्धारण किया जाता है, जहां पक्षों के बीच कोई वास्तविक संविदा मौजूद नहीं है।यह पार्टियों के आचरण, आपसी संबंध और इस संभावना पर आधारित है...

क्या कोई ऐसा व्यक्ति जो वक़ील नहीं है, अदालत में किसी मुक़दमे की पैरवी कर सकता है? जानिए क्या कहता है कानून
क्या कोई ऐसा व्यक्ति जो वक़ील नहीं है, अदालत में किसी मुक़दमे की पैरवी कर सकता है? जानिए क्या कहता है कानून

क्या कोई ग़ैर-वक़ील व्यक्ति किसी मुक़दमादार की पैरवी करने के लिए क़ानून की अदालत में पेश हो सकता है? या क्या कोई मुक़दमादार किसी ऐसे व्यक्ति को अदालत में अपनी पैरवी करने के लिए कह सकता है जो वक़ील नहीं है? इस आलेख में इन्हीं बातों को स्पष्ट किया गया है। क़ानूनी व्यवस्था एडवोकेट्स एक्ट की धारा 30 में कहा गया है कि ऐसा कोई भी वक़ील जिसका नाम राज्य की सूची में शामिल है उसे सुप्रीम कोर्ट सहित किसी भी अदालत में किसी भी ट्रिब्यूनल या व्यक्ति जिसको क़ानूनी तौर पर सबूत लेने को अधिकृत किया गया...