हाईकोर्ट

CEC के खिलाफ प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे लोगों की हिरासत से जुड़ी 3 हैबियस कॉर्पस याचिकाएं मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने निपटाईं

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) के खिलाफ CJP के प्रदर्शन में शामिल होने के लिए पुणे से दिल्ली जा रहे लोगों को पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने से जुड़ी तीन हैबियस कॉर्पस याचिकाओं का निपटारा कर दिया है।चीफ जस्टिस अल्पेश वाई. कोगजे और जस्टिस विवेक जैन की खंडपीठ को राज्य सरकार के वकील ने बताया कि हिरासत में लिए गए सभी लोगों को उनके परिवारों के पास वापस भेज दिया गया है। इसके बाद अदालत ने कहा कि याचिकाओं में अब कुछ शेष नहीं रह गया है।हिरासत में लिए गए लोगों को परिवारों के पास भेजा...

कर्नाटक हाईकोर्ट ने SC-ST आरक्षण बढ़ाने वाला कानून रद्द किया, कहा- 50% की सीमा का उल्लंघन असंवैधानिक

कर्नाटक हाईकोर्ट ने राज्य में अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के लिए शिक्षा संस्थानों में दाखिले और सरकारी नौकरियों में आरक्षण बढ़ाने वाले कानून के प्रावधानों को असंवैधानिक करार देते हुए रद्द कर दिया। कानून के तहत एससी आरक्षण 15 प्रतिशत से बढ़ाकर 17 प्रतिशत और एसटी आरक्षण 3 प्रतिशत से बढ़ाकर 7 प्रतिशत किया गया था। इससे राज्य में कुल आरक्षण 50 प्रतिशत से बढ़कर 56 प्रतिशत हो गया था।चीफ जस्टिस विभु बाखरू और जस्टिस के.एस. हेमलेखा की खंडपीठ ने कहा कि कुल आरक्षण की 50 प्रतिशत सीमा बाध्यकारी...

SIR में मुस्लिम मतदाताओं के नाम हटाने के आरोप: BJP नेता रवि पाटिल के खिलाफ FIR की जांच पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाई रोक

कर्नाटक हाईकोर्ट ने मंगलवार (13 अक्टूबर) को भाजपा नेता डॉ. रवि बसालिंगप्पागौड़ा पाटिल और अन्य के खिलाफ दर्ज FIR में आगे की जांच पर रोक लगा दी। यह मामला मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान कथित तौर पर थोक में फॉर्म नंबर 7 के जरिए मुस्लिम मतदाताओं के नाम हटाने के आरोपों से जुड़ा है।जस्टिस वेंकटेश नाइक टी ने धारवाड़ में सुनवाई करते हुए कहा कि समान तथ्यों वाले एक अन्य मामले में समन्वय पीठ द्वारा दिए गए आदेश को देखते हुए, अगली सुनवाई तक जांच पर रोक लगाना न्यायिक अनुशासन बनाए रखने के...

भ्रष्टाचार और मानवाधिकार उल्लंघन से जुड़ी जानकारी RTI Act के तहत देने से इनकार नहीं किया जा सकता: मद्रास हाईकोर्ट

मद्रास हाईकोर्ट ने कहा है कि सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक निदेशालय (DVAC) को सूचना का अधिकार अधिनियम (RTI Act) के तहत मिली छूट का इस्तेमाल भ्रष्टाचार और मानवाधिकार उल्लंघन से संबंधित जानकारी रोकने के लिए नहीं किया जा सकता।जस्टिस हेमंत चंदनगौदर ने स्पष्ट किया कि RTI अधिनियम की धारा 24(4) के तहत किसी विभाग को छूट दिए जाने के बावजूद, भ्रष्टाचार के आरोपों और मानवाधिकार उल्लंघन से संबंधित जानकारी इस छूट के दायरे से बाहर रहती है।अदालत ने यह भी कहा कि DVAC मैनुअल के नियम 29 के तहत जांच संबंधी जानकारी...

हाईकोर्ट्स में बढ़ रहा है भगवाकरण, खास विचारधारा से जुड़े लोगों के नाम जज के तौर पर आसानी से मंजूर हो जाते हैं: जस्टिस के. चंद्रू

मद्रास हाईकोर्ट के पूर्व जस्टिस के. चंद्रू ने हाईकोर्ट में जजों की नियुक्ति की प्रक्रिया और कॉलेजियम व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि हाईकोर्ट में भगवाकरण बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि अलिखित व्यवस्था बन गई है, जिसके तहत एक खास विचारधारा से जुड़े लोगों के नामों को मंजूरी मिल जाती है, जबकि अन्य लोगों के नामों की सूची अटकती रहती है।एशियन कॉलेज ऑफ जर्नलिज्म की ओर से आयोजित 'हू विल जज द जजेज' विषय पर संगोष्ठी में बोलते हुए जस्टिस चंद्रू ने जजों की नियुक्ति के लिए स्थायी व्यवस्था नहीं बनाए जाने...

वयस्क बेटी को उसकी मर्जी के खिलाफ माता-पिता के साथ रहने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता: जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट

जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट ने कहा है कि यदि किसी वयस्क महिला को गैरकानूनी तरीके से हिरासत में रखे जाने का मामला सामने नहीं आता, तो उसे उसकी इच्छा के विरुद्ध माता-पिता के साथ रहने के लिए मजबूर करने के उद्देश्य से हैबियस कॉर्पस रिट जारी नहीं की जा सकती।जस्टिस संजय धर ने स्पष्ट किया कि बालिग व्यक्ति को केवल इस आधार पर किसी के साथ रहने या उसके साथ जाने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता कि वह व्यक्ति उसका माता-पिता है।हाईकोर्ट ने यह टिप्पणी एक पिता की उस याचिका को खारिज करते हुए की, जिसमें उन्होंने...

शादी से पहले की दिव्यांगता पत्नी और बच्चे के भरण-पोषण की जिम्मेदारी से बचने का आधार नहीं: दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि पति केवल अपनी दिव्यांगता का हवाला देकर पत्नी और नाबालिग बच्चे सहित अपने परिवार के भरण-पोषण की जिम्मेदारी से बच नहीं सकता। कोर्ट ने यह टिप्पणी 100 प्रतिशत दिव्यांगता से ग्रस्त एक ऐसे व्यक्ति के मामले में की, जो पूरी तरह सुनने में असमर्थ है और बोल भी नहीं सकता।हालांकि, जस्टिस संजीव नरूला ने उसकी अंतरिम भरण-पोषण राशि 8,000 रुपये से घटाकर 6,000 रुपये प्रतिमाह की। कोर्ट ने कहा कि व्यक्ति की दिव्यांगता को ध्यान में रखना जरूरी है, लेकिन यह तथ्य भी महत्वपूर्ण है कि उसकी...

दिल्ली हाईकोर्ट ने अनिल अंबानी के बेटे को उनके खिलाफ जारी LOC का विवरण देने का निर्देश दिया

दिल्ली हाईकोर्ट ने अधिकारियों को उद्योगपति अनिल अंबानी के बेटे जय अंशुल अनिल अंबानी को उनके खिलाफ जारी लुक आउट सर्कुलर (LOC) से जुड़ी विस्तृत जानकारी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। इसमें एलओसी जारी किए जाने की तारीख और उसके औपचारिक आदेश की प्रति देना भी शामिल है।जस्टिस मिनी पुष्करणा ने जय अंशुल की ओर से दायर उस आवेदन पर सुनवाई करते हुए यह निर्देश दिया, जिसमें 17 सितंबर को समकक्ष पीठ द्वारा पारित पूर्व आदेश का पालन कराने की मांग की गई।अदालत को बताया गया कि गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय (SFIO) ने 5...

हाईकोर्ट ने पार्क में रामलीला आयोजित करने की अनुमति देने से किया इनकार, कहा- हरियाली बनाए रखने से पर्यावरण संरक्षण में मिलेगी मदद

दिल्ली हाईकोर्ट ने नारायणा स्थित चिंटू पार्क में वार्षिक रामलीला आयोजित करने की अनुमति देने से इनकार किया। कोर्ट ने कहा कि पार्क को खुले आसमान के नीचे रखते हुए वहां हरियाली बनाए रखना पर्यावरण संरक्षण में मददगार होगा।एक्टिंग चीफ जस्टिस नितिन वासुदेव सांब्रे और जस्टिस अरुण भारद्वाज की खंडपीठ ने श्री सनातन धर्म रामलीला समिति की अपील खारिज की। समिति ने सिंगल जज के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें संबंधित जमीन को हरित क्षेत्र के रूप में बनाए रखने का निर्देश दिया गया।समिति ने 19 अगस्त के आदेश में बदलाव...

सरकारी वकीलों से बदसलूकी अदालत की अवमानना हो सकती है: इलाहाबाद हाईकोर्ट; यूपी DGP को सर्कुलर जारी करने का निर्देश

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (DGP) को निर्देश दिया है कि वह सभी पुलिस अधिकारियों के लिए सर्कुलर जारी करें। इसमें चेतावनी दी जाए कि अदालत के आदेशों के अनुपालन के लिए संवाद करने वाले सरकारी वकीलों के साथ दुर्व्यवहार करना अदालत की अवमानना हो सकता है और ऐसे मामलों में कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।जस्टिस अरुण कुमार सिंह देशवाल की एकल पीठ ने यह निर्देश आजमगढ़ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) कार्यालय में तैनात जनसंपर्क अधिकारी (PRO) राजेश कुमार सिंह के कथित दुर्व्यवहार...

अभिषेक बनर्जी की याचिका पर पूजा की छुट्टियों से पहले सुनवाई से हाईकोर्ट का इनकार, दिसंबर में लगेगी तारीख

कलकत्ता हाईकोर्ट ने तृणमूल कांग्रेस के सांसद अभिषेक बनर्जी की उस याचिका पर तत्काल सुनवाई करने से इनकार किया, जिसमें उन्होंने अपने खिलाफ चल रही जांच और मामलों से संबंधित मीडिया रिपोर्टिंग पर रोक लगाने की मांग की।बनर्जी का आरोप है कि जांच से जुड़ी जानकारियां मीडिया में प्रसारित होने के कारण उनका मीडिया ट्रायल हो रहा है और उनकी प्रतिष्ठा प्रभावित हो रही है। जस्टिस सौगत भट्टाचार्य के समक्ष जब मामले का उल्लेख कर तत्काल सुनवाई की मांग की गई तो अदालत ने कहा कि पूजा की छुट्टियों से पहले इस मामले की...

कब्जे का प्रथमदृष्टया प्रमाण दिए बिना संपत्ति पर यथास्थिति का आदेश नहीं दे सकती निचली अदालत: आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट

आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट ने कहा कि संपत्ति के कब्जे को लेकर प्रथमदृष्टया संतुष्टि दर्ज किए बिना अदालत यथास्थिति बनाए रखने का आदेश नहीं दे सकती। अस्थायी निषेधाज्ञा देते समय निचली अदालत को यह बताना होगा कि प्रथमदृष्टया मामला किसके पक्ष में है सुविधा का संतुलन किसके पक्ष में है और राहत नहीं मिलने पर किस पक्ष को अपूरणीय क्षति हो सकती है।जस्टिस डी. रमेश और जस्टिस अलापति गिरिधर की खंडपीठ ने संपत्ति पर वादी के कथित कब्जे की रक्षा करने वाले अस्थायी निषेधाज्ञा आदेश रद्द किया। हाईकोर्ट ने कहा कि निचली अदालत...

बुजुर्ग पिता की देखभाल करने भर से बेटे पर अनुचित प्रभाव का आरोप नहीं, वसीयत रद्द नहीं कर सकते: इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने महत्वपूर्ण फैसले में कहा कि केवल इस आधार पर किसी वसीयत को रद्द नहीं किया जा सकता कि वसीयत करने वाला व्यक्ति अधिक उम्र का था और उसके पक्ष में वसीयत पाने वाला बेटा उसकी देखभाल करता था तथा उसकी संपत्ति का प्रबंधन संभालता था। पिता-पुत्र का रिश्ता और पिता की वृद्धावस्था अपने आप यह साबित नहीं करते कि बेटे ने अपने प्रभाव का अनुचित इस्तेमाल किया।जस्टिस सिद्धार्थ नंदन ने कहा कि अनुचित प्रभाव का निर्धारण प्रत्येक मामले के तथ्यों और परिस्थितियों के आधार पर किया जाना चाहिए। केवल पिता के...

शिक्षा व्यवस्था में धोखाधड़ी: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कोचिंग एकेडमी से जुड़े कथित डमी स्कूल रैकेट की जांच का आदेश दिया

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार को आज़मगढ़ के एक स्कूल और उसी मैनेजमेंट के तहत चल रही कोचिंग एकेडमी के कामकाज की जांच करने का निर्देश दिया। यह जांच इस बात का पता लगाने के लिए की जाएगी कि क्या ये संस्थान कोई ऐसा रैकेट चला रहे हैं जिसमें छात्रों को उनकी जानकारी के बिना किसी "डमी स्कूल" में दाखिला लिया हुआ दिखाया गया।जस्टिस सिद्धार्थ नंदन की बेंच ने पाया कि ये संस्थान NEET, IIT-JEE और CLAT जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए रेजिडेंशियल कोचिंग (रहने-खाने की सुविधा वाली कोचिंग) दे रहे थे, जबकि...

कालाबाज़ारी या ज़रूरी सामान की सप्लाई में रुकावट? इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बताया- NSA कब लागू होता है और PBMSEC Act कब प्रभावी होता है?

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बताया कि ज़रूरी सामान से जुड़े मामलों में नेशनल सिक्योरिटी एक्ट, 1980 (NSA) कब लागू किया जा सकता है। कोर्ट ने साफ़ किया कि जहाँ ज़रूरी सामान की सप्लाई में शारीरिक रुकावट डालने पर NSA लग सकता है, वहीं कालाबाज़ारी के मामलों से आम तौर पर 'प्रिवेंशन ऑफ़ ब्लैक-मार्केटिंग एंड मेंटेनेंस ऑफ़ सप्लाईज़ ऑफ़ एसेंशियल कमोडिटीज़ एक्ट, 1980' (PBMSEC Act) के तहत निपटा जाना चाहिए।जस्टिस अतुल श्रीधरन और जस्टिस अचल सचदेव की बेंच ने कहा कि कालाबाज़ारी के मामले में किसी व्यक्ति को एक साल के लिए...

पिता के साथ कारोबार करने से बेटे की स्वतंत्र दुकान की वास्तविक जरूरत खत्म नहीं होती: राजस्थान हाईकोर्ट

राजस्थान हाईकोर्ट ने किरायेदारी और दुकान खाली कराने से जुड़े एक महत्वपूर्ण मामले में स्पष्ट किया कि यदि मकान मालिक का बेटा अपने पिता और भाई के साथ पारिवारिक कारोबार में काम कर रहा है, तो केवल इस आधार पर उसकी स्वतंत्र व्यवसाय स्थापित करने की वास्तविक आवश्यकता को खारिज नहीं किया जा सकता। न्यायालय ने कहा कि पारिवारिक कारोबार में काम करना और स्वयं के स्वतंत्र व्यवसाय के लिए उपयुक्त दुकान उपलब्ध होना दो अलग-अलग परिस्थितियां हैं। किसी व्यक्ति से यह अपेक्षा नहीं की जा सकती कि वह अपनी आजीविका छोड़कर...

National Herald: दिल्ली हाईकोर्ट ने AJL को अटैच की गई प्रॉपर्टीज़ को छुड़ाने की कोशिश करने से रोकने से इनकार किया

दिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार को गांधी परिवार के कंट्रोल वाली एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (AJL) को नेशनल हेराल्ड मामले में PMLA अपीलेट ट्रिब्यूनल के सामने अपनी अटैच की गई प्रॉपर्टीज़ को छुड़ाने की कोशिश करने से रोकने से इनकार किया।जस्टिस सचिन दत्ता ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) की याचिका पर सुनवाई करते हुए कोई अंतरिम आदेश पारित करने से इनकार किया। ED ने ट्रायल कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें कांग्रेस नेताओं राहुल गांधी और सोनिया गांधी से जुड़े मामले में मनी लॉन्ड्रिंग की शिकायत पर संज्ञान लेने...

FIR पर रोक के बावजूद छात्र नेता के खिलाफ दाखिल हुई चार्जशीट, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने थाना प्रभारी से मांगा जवाब

उत्तर प्रदेश सब-इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा 2025 में अनियमितताओं का आरोप लगाने वाली फेसबुक पोस्ट के मामले में छात्र नेता आशुतोष कुमार पांडेय के खिलाफ FIR पर हाईकोर्ट की रोक के बावजूद आरोपपत्र दाखिल किए जाने पर इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने सख्त रुख अपनाया।अदालत ने लखनऊ के हुसैनगंज थाने के थाना प्रभारी को व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल कर यह स्पष्ट करने का निर्देश दिया कि अदालत के आदेश के बाद भी मामले में जांच कैसे की गई और आरोपपत्र कैसे भेजा गया। जस्टिस रजनीश कुमार और जस्टिस बबीता रानी की खंडपीठ ने यह...

हिरासत में कैदी की मौत के मामले में पर्यवेक्षी पद पर होना अपने आप में आपराधिक जिम्मेदारी का सबूत नहीं: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने हिरासत में एक कैदी की मौत के मामले में आरोपी पुलिस अधिकारी को जमानत दी।अदालत ने कहा कि घटना के समय किसी पुलिस अधिकारी का पर्यवेक्षी पद पर होना एक प्रासंगिक तथ्य जरूर है, लेकिन केवल इसी आधार पर उसकी व्यक्तिगत आपराधिक जिम्मेदारी साबित नहीं की जा सकती।जस्टिस आलोक अवस्थी की पीठ ने कहा कि हिरासत की निगरानी से जुड़ी जिम्मेदारी और किसी व्यक्ति की व्यक्तिगत आपराधिक जवाबदेही के बीच अंतर करना जरूरी है। किसी अधिकारी का वरिष्ठ या पर्यवेक्षी पद अपने आप में उस पर लगाए गए विशिष्ट आरोपों...