दिल्ली हाईकोर्ट

धोखाधड़ी मामले में दोषसिद्धि के खिलाफ पूर्व विधायक की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट का नोटिस
धोखाधड़ी मामले में दोषसिद्धि के खिलाफ पूर्व विधायक की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट का नोटिस

दिल्ली हाईकोर्ट ने मध्य प्रदेश के पूर्व कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की याचिका पर नोटिस जारी किया, जिसमें उन्होंने धोखाधड़ी के मामले में अपनी दोषसिद्धि और सजा को चुनौती दी है।जस्टिस स्वर्णा कांत शर्मा की पीठ ने इस याचिका पर दिल्ली पुलिस से जवाब मांगा है। याचिका में भारती ने ट्रायल कोर्ट द्वारा सुनाई गई तीन साल की सजा को भी चुनौती दी।दोषसिद्धि के बाद हाल ही में भारती को विधानसभा की सदस्यता से अयोग्य घोषित कर दिया गया। दतिया सीट से उनकी सदस्यता समाप्त करने का नोटिफिकेशन भी जारी किया गया।मामले के...

शराब नीति मामला: जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को हटाने की मांग वाली केजरीवाल की याचिका पर नोटिस जारी
शराब नीति मामला: जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को हटाने की मांग वाली केजरीवाल की याचिका पर नोटिस जारी

दिल्ली हाईकोर्ट ने अरविंद केजरीवाल की उस अर्जी पर नोटिस जारी किया, जिसमें उन्होंने शराब नीति मामले से जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा के हटने की मांग की थी।दिल्ली हाईकोर्ट ने सोमवार (6 अप्रैल) को CBI को नोटिस जारी किया। यह नोटिस दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (AAP) के मुखिया अरविंद केजरीवाल की उस अर्जी पर जारी किया गया, जिसमें उन्होंने जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा के मामले से हटने की मांग की थी। जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा अभी CBI की उस याचिका पर सुनवाई कर रही हैं, जिसमें कथित शराब नीति...

प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्यमंत्री का वादा, पॉलिसी के बिना कानूनी तौर पर लागू नहीं होगा: दिल्ली हाईकोर्ट
प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्यमंत्री का वादा, पॉलिसी के बिना कानूनी तौर पर लागू नहीं होगा: दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने सोमवार को कहा कि किसी मुख्यमंत्री द्वारा प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिया गया कोई आश्वासन या वादा, किसी औपचारिक पॉलिसी या कानूनी आधार के बिना कानूनी तौर पर लागू होने वाला वादा नहीं माना जा सकता।जस्टिस सी. हरि शंकर और जस्टिस ओम प्रकाश शुक्ला की डिवीज़न बेंच ने कहा कि अगर कोई कानूनी ज़िम्मेदारी मौजूद नहीं है तो ऐसे वादे को 'रिट ऑफ़ मैंडमस' (आदेशिका) के ज़रिए लागू नहीं करवाया जा सकता।कोर्ट ने ये टिप्पणियां तब कीं, जब उसने एक सिंगल जज का आदेश रद्द किया, जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद...

X अकाउंट ब्लॉकिंग पर दिल्ली हाईकोर्ट सख्त: डॉ. निमो यादव और नेहर हू अकाउंट तुरंत बहाल करने का आदेश
X अकाउंट ब्लॉकिंग पर दिल्ली हाईकोर्ट सख्त: 'डॉ. निमो यादव' और 'नेहर हू' अकाउंट तुरंत बहाल करने का आदेश

दिल्ली हाईकोर्ट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर ब्लॉक किए गए दो अकाउंट डॉ. निमो यादव और नेहर हू को तुरंत बहाल करने का निर्देश दिया। अदालत ने कहा कि पूरे अकाउंट को ब्लॉक करना उचित नहीं है। हालांकि विवादित पोस्ट फिलहाल ब्लॉक रहेंगे।जस्टिस पुरुषेन्द्र कुमार कौरव ने यह आदेश प्रकरण की सुनवाई के दौरान पारित किया। यह याचिका डॉ. निमो यादव नाम से संचालित पैरोडी अकाउंट के संचालक प्रतीक शर्मा की ओर से दायर की गई। इसी तरह कुमार नयन द्वारा संचालित नेहर हू अकाउंट के मामले में भी अदालत ने समान राहत दी।सुनवाई...

एपस्टीन लिंक वाले पोस्ट पर विवाद: दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनवाई तेज करने का दिया आदेश
एपस्टीन लिंक वाले पोस्ट पर विवाद: दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनवाई तेज करने का दिया आदेश

दिल्ली हाईकोर्ट ने अहम मामले में सिंगल जज को निर्देश दिया कि वह उस आवेदन पर शीघ्र सुनवाई करें, जिसमें सोशल मीडिया पोस्ट हटाने का आदेश रद्द या स्थगित करने की मांग की गई। यह मामला रायपुर के सोशल एक्टिविस्ट कुनाल शुक्ला द्वारा दायर किया गया।विवाद उन पोस्टों से जुड़ा है जिनमें केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी की बेटी हिमानी पुरी को अमेरिकी वित्तीय अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जोड़ने का आरोप लगाया गया।जस्टिस विवेक चौधरी और जस्टिस रेनू भटनागर की खंडपीठ ने सिंगल जज को निर्देश दिया कि दोनों पक्षों को सुनकर मामले...

केजरीवाल के किराया माफी बयान को लागू कराने से इनकार: दिल्ली हाईकोर्ट ने सिंगल जज का आदेश पलटा
केजरीवाल के किराया माफी बयान को लागू कराने से इनकार: दिल्ली हाईकोर्ट ने सिंगल जज का आदेश पलटा

दिल्ली हाईकोर्ट ने अहम फैसले में पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के उस बयान को कानूनी रूप से लागू कराने से इनकार किया, जिसमें उन्होंने कोविड लॉकडाउन के दौरान गरीब किरायेदारों का किराया सरकार द्वारा देने की बात कही थी।जस्टिस सी. हरि शंकर और जस्टिस ओम प्रकाश शुक्ला की खंडपीठ ने सिंगल जज के आदेश को संशोधित करते हुए कहा कि इस तरह के बयान को लागू कराने के लिए अदालत कोई निर्देश (मैंडेमस) जारी नहीं कर सकती। कोर्ट ने याचिका को भ्रमित बताते हुए खारिज किया।अदालत ने स्पष्ट कहा,“मुख्यमंत्री द्वारा प्रेस...

शराब नीति मामले से जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को हटाने के लिए फिर से हाईकोर्ट पहुंचे अरविंद केजरीवाल
शराब नीति मामले से जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को हटाने के लिए फिर से हाईकोर्ट पहुंचे अरविंद केजरीवाल

आम आदमी पार्टी (AAP) के प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली हाईकोर्ट में नई अर्जी दाखिल की। इस अर्जी में उन्होंने मांग की कि कथित शराब नीति घोटाले से जुड़े भ्रष्टाचार के मामले में उनकी रिहाई को चुनौती देने वाली सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) की याचिका पर सुनवाई से जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा को हटा दिया जाए।इस अर्जी पर जस्टिस शर्मा द्वारा सोमवार को सुनवाई होने की संभावना है। CBI द्वारा दाखिल मुख्य याचिका भी जज के सामने आइटम नंबर 50 पर लिस्टेड है।खास बात यह है कि यह अर्जी केजरीवाल ने खुद दाखिल...

CPF विकल्प चुनने के बाद CCS नियमों के तहत पेंशन का दावा करने के लिए इसे बदला नहीं जा सकता: दिल्ली हाईकोर्ट
CPF विकल्प चुनने के बाद CCS नियमों के तहत पेंशन का दावा करने के लिए इसे बदला नहीं जा सकता: दिल्ली हाईकोर्ट

जस्टिस संजीव नरूला की अध्यक्षता वाली दिल्ली हाईकोर्ट की बेंच ने फैसला सुनाया कि कोई भी कर्मचारी जिसने CPF योजना के तहत बने रहने का विकल्प चुना है, वह बाद में CCS पेंशन नियमों के तहत पेंशन लाभों का दावा नहीं कर सकता, क्योंकि 'मानित रूपांतरण' (Deemed Conversion) केवल वहीं लागू होता है जहाँ कोई विकल्प नहीं चुना गया।पृष्ठभूमि के तथ्ययाचिकाकर्ता एक्सपोर्ट इंस्पेक्शन काउंसिल (EIC) और एक्सपोर्ट इंस्पेक्शन एजेंसियों (EIAs) के पूर्व कर्मचारियों का एक समूह हैं। उन्होंने केंद्रीय सिविल सेवा (पेंशन) नियम,...

BSF के कॉम्बैट पदों पर तैनात जवान 57 साल की उम्र में रिटायर होंगे, 60 साल की सिविलियन रिटायरमेंट उम्र का दावा नहीं कर सकते - दिल्ली हाईकोर्ट
BSF के कॉम्बैट पदों पर तैनात जवान 57 साल की उम्र में रिटायर होंगे, 60 साल की सिविलियन रिटायरमेंट उम्र का दावा नहीं कर सकते - दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट की जस्टिस अनिल क्षेतर्पाल और जस्टिस अमित महाजन की डिवीज़न बेंच ने फैसला सुनाया कि सीमा सुरक्षा बल (BSF) में किसी कॉम्बैट पद पर दोबारा नियुक्त किया गया कोई पूर्व सैनिक, जो उस कॉम्बैट कैडर के लाभों का आनंद लेता है, BSF की 57 साल की वैधानिक रिटायरमेंट उम्र के अधीन होगा, न कि सिविलियन पदों पर लागू 60 साल की रिटायरमेंट उम्र के।पृष्ठभूमि के तथ्यप्रतिवादी को 31 अगस्त, 1990 को भारतीय वायु सेना से सेवामुक्त कर दिया गया। इसके बाद 13 दिसंबर, 1991 को उसे BSF की एयर विंग में सब-इंस्पेक्टर...

फर्जी गैंगरेप केस में फंसाने और हिरासत में प्रताड़ना: वकील व पुलिसकर्मी की सजा बरकरार, दिल्ली हाईकोर्ट
फर्जी गैंगरेप केस में फंसाने और हिरासत में प्रताड़ना: वकील व पुलिसकर्मी की सजा बरकरार, दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने एक वकील और पुलिसकर्मी की सजा और दोषसिद्धि को बरकरार रखते हुए कहा कि पद और अधिकार का दुरुपयोग करने वालों के खिलाफ सख्त संदेश जाना चाहिए।जस्टिस चन्द्रशेखरन सुधा ने कहा कि अदालतें ऐसे मामलों में नरमी नहीं बरत सकतीं, जहां वकील और पुलिस जैसे जिम्मेदार पदों पर बैठे लोग अपने अधिकारों का दुरुपयोग करें।मामला क्या था?मृतक सुशील गुलाटी को 2000 में एक फर्जी गैंगरेप केस में फंसाया गया था। बाद में डीएनए जांच में यह साबित हुआ कि अपराध किसी अन्य व्यक्ति ने किया था, जिसके बाद गुलाटी को बरी कर...

एपस्टीन फाइल्स केस: हरदीप पुरी की बेटी के मानहानि केस में रोक के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट पहुंचा एक्टिविस्ट
एपस्टीन फाइल्स केस: हरदीप पुरी की बेटी के मानहानि केस में रोक के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट पहुंचा एक्टिविस्ट

रायपुर के सोशल एक्टिविस्ट कुणाल शुक्ला ने दिल्ली हाईकोर्ट में रोक लगाने वाले आदेश को चुनौती दी। इस आदेश में उन्हें और कई अन्य लोगों को उन पोस्ट को हटाने का निर्देश दिया गया, जिनमें केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी की बेटी हिमायनी पुरी को अमेरिकी फाइनेंसर और बच्चों के यौन शोषण के दोषी जेफरी एपस्टीन से जोड़ा गया।इस मामले की सुनवाई सोमवार को जस्टिस विवेक चौधरी और जस्टिस रेनू भटनागर की डिवीज़न बेंच करेगी।इसे "मुकदमे से पहले का एकतरफ़ा रोक आदेश" बताते हुए शुक्ला ने अपनी अपील में कहा कि उन्होंने जो जानकारी...

30 जून को रिटायरमेंट, 1 ​​जुलाई के सालाना इंक्रीमेंट में रुकावट नहीं- दिल्ली हाईकोर्ट
30 जून को रिटायरमेंट, 1 ​​जुलाई के सालाना इंक्रीमेंट में रुकावट नहीं- दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट की जस्टिस अनिल क्षत्रपाल और जस्टिस अमित महाजन की डिवीज़न बेंच ने फैसला सुनाया कि 30 जून को रिटायर होने वाला सरकारी कर्मचारी 1 जुलाई को मिलने वाले इंक्रीमेंट का हकदार है, क्योंकि यह इंक्रीमेंट रिटायरमेंट से पहले पूरी की गई सेवा के साल के लिए अर्जित किया जाता है। इसे सिर्फ इसलिए नकारा नहीं जा सकता कि यह रिटायरमेंट के बाद देय होता है।पृष्ठभूमि के तथ्यकर्मचारी (प्रतिवादी) नॉर्दर्न रेलवे, नई दिल्ली में A.F.A. के तौर पर काम कर रहा था। वह 30 जून 2021 को सेवा से रिटायर हो गया। उसका सालाना...

जमानत की शर्तों में परिवार की निजता से खिलवाड़ नहीं: दिल्ली हाईकोर्ट ने पत्नी की निगरानी का आदेश किया रद्द
जमानत की शर्तों में परिवार की निजता से खिलवाड़ नहीं: दिल्ली हाईकोर्ट ने पत्नी की निगरानी का आदेश किया रद्द

दिल्ली हाइकोर्ट ने स्पष्ट किया कि जमानत की शर्तें आरोपी के परिवार के सदस्यों की निजता में हस्तक्षेप नहीं कर सकतीं। अदालत ने आरोपी की पत्नी की निगरानी से जुड़े ट्रायल कोर्ट के निर्देशों को रद्द किया।जस्टिस अनूप जयराम भंभानी ने कहा कि कानून केवल आरोपी या दोषी व्यक्ति पर ही शर्तें लगाने की अनुमति देता है, न कि उसके परिवार के सदस्यों पर।मामला एक आरोपी को उसकी पत्नी के ऑपरेशन के लिए दी गई अंतरिम जमानत से जुड़ा था। ट्रायल कोर्ट ने जमानत देते समय कुछ सख्त शर्तें लगाई थीं, जिनमें पुलिस को आरोपी की पत्नी...

Right to Education के तहत मनचाहे स्कूल में एडमिशन का अधिकार नहीं: EWS मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका
Right to Education के तहत मनचाहे स्कूल में एडमिशन का अधिकार नहीं: EWS मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका

दिल्ली हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि शिक्षा का अधिकार (Right to Education) होने का मतलब यह नहीं है कि कोई स्टूडेंट अपनी पसंद के विशेष स्कूल में ही एडमिशन पाने का दावा कर सके। अदालत ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के तहत दाखिले की मांग वाली याचिका खारिज की।चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय और जस्टिस तेजस कारिया की खंडपीठ ने कहा कि शिक्षा का अधिकार कल्याणकारी व्यवस्था है जिसका उद्देश्य सामाजिक समावेशन सुनिश्चित करना है लेकिन इसे किसी विशेष स्कूल चुनने के अधिकार के रूप में नहीं देखा जा सकता।मामला एक अभिभावक...

वकील को अलॉट हुए चैंबर पर एसोसिएट उस चैंबर को इस्तेमाल करने का पक्का अधिकार नहीं मांग सकता: दिल्ली हाईकोर्ट
वकील को अलॉट हुए चैंबर पर एसोसिएट उस चैंबर को इस्तेमाल करने का पक्का अधिकार नहीं मांग सकता: दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि कोई वकील, जो किसी चैंबर का इस्तेमाल सिर्फ़ मूल अलॉटी (जिसे चैंबर अलॉट हुआ था) के एसोसिएट के तौर पर कर रहा है, उसे उस जगह पर कोई पक्का अधिकार नहीं मिल जाता, क्योंकि वह सिर्फ़ "इजाज़त से इस्तेमाल करने वाला" (Permissive User) है।जस्टिस पुरुशेंद्र कुमार कौरव वकील अंजू तंवर की याचिका पर सुनवाई कर रहे थे। इस याचिका में उन्होंने साकेत कोर्ट्स की चैंबर अलॉटमेंट कमेटी (CAC) के उस फ़ैसले को चुनौती दी थी, जिसमें उन्हें चैंबर खाली करने का निर्देश दिया गया।कोर्ट ने पाया कि चैंबर दो...

जिला अदालतों की सुरक्षा व्यवस्था लगातार समीक्षा के दायरे में रहे: दिल्ली हाईकोर्ट, स्वतः संज्ञान मामला बंद
जिला अदालतों की सुरक्षा व्यवस्था लगातार समीक्षा के दायरे में रहे: दिल्ली हाईकोर्ट, स्वतः संज्ञान मामला बंद

दिल्ली हाईकोर्ट ने राजधानी की सभी जिला अदालतों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अहम निर्देश देते हुए कहा कि पुलिस इन व्यवस्थाओं को जारी रखे और समय-समय पर उनकी समीक्षा भी करे। इसके साथ ही अदालत ने स्वतः संज्ञान से शुरू किए गए मामले को समाप्त किया।चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय, जस्टिस वी कामेश्वर राव और जस्टिस नितिन वासुदेवो सांबरे की पूर्ण पीठ ने यह आदेश पारित किया।अदालत ने निर्देश दिया,“जिला अदालतों में लागू की गई सुरक्षा व्यवस्था जारी रहेगी और पुलिस अधिकारी संबंधित जिला एवं सेशन जजों के साथ मिलकर इसकी...

शराब नीति मामला: दिल्ली हाईकोर्ट ने अरविंद केजरीवाल समेत अन्य को ED की प्रतिकूल टिप्पणियों के खिलाफ याचिका पर जवाब देने का अंतिम मौका दिया
शराब नीति मामला: दिल्ली हाईकोर्ट ने अरविंद केजरीवाल समेत अन्य को ED की 'प्रतिकूल टिप्पणियों' के खिलाफ याचिका पर जवाब देने का अंतिम मौका दिया

दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरुवार को आम आदमी पार्टी (AAP) के नेताओं Arvind Kejriwal, Manish Sisodia सहित अन्य आरोपियों को प्रवर्तन निदेशालय (ED) की याचिका पर जवाब दाखिल करने के लिए अंतिम अवसर दिया।जस्टिस स्वर्ण कांत शर्मा ने निर्देश दिया कि सभी प्रतिवादी एक सप्ताह के भीतर अपना जवाब दाखिल करें, अन्यथा उनका जवाब दाखिल करने का अधिकार समाप्त कर दिया जाएगा।सुनवाई के दौरान एडिशनल सॉलिसिटर जनरल एस वी राजू ने कोर्ट को बताया कि अब तक केवल विनोद चौहान ने ही जवाब दाखिल किया है, जबकि एक अन्य व्यक्ति ने जवाब दाखिल...

BCD चुनाव में दखल से हाईकोर्ट का इनकार, कहा- मतों के मिलान के बाद ही घोषित होंगे नतीजे
BCD चुनाव में दखल से हाईकोर्ट का इनकार, कहा- मतों के मिलान के बाद ही घोषित होंगे नतीजे

दिल्ली हाईकोर्ट ने बार काउंसिल ऑफ दिल्ली (BCD) चुनाव 2026 की प्रक्रिया में हस्तक्षेप करने से इनकार करते हुए स्पष्ट किया कि चुनाव परिणाम तभी घोषित किए जाएंगे जब सभी मतों और बैलेट का मिलान पूरा हो जाएगा।जस्टिस अमित बंसल ने यह टिप्पणी उन 9 उम्मीदवारों की याचिका पर सुनवाई के दौरान की, जिन्होंने मतदान और मतगणना के आंकड़ों में कथित अंतर का मुद्दा उठाया था।BCD चुनाव 21 से 23 फरवरी के बीच आयोजित हुए थे जिनकी निगरानी रिटायरमेंट जस्टिस तलवंत सिंह द्वारा की जा रही है, जिन्हें रिटर्निंग ऑफिसर नियुक्त किया...

दिल्ली हाईकोर्ट ने उपदेशक अनिरुद्धाचार्य के पर्सनैलिटी राइट्स की रक्षा की, AI डीपफेक और मीम कंटेंट पर लगाई रोक
दिल्ली हाईकोर्ट ने उपदेशक अनिरुद्धाचार्य के पर्सनैलिटी राइट्स की रक्षा की, AI डीपफेक और मीम कंटेंट पर लगाई रोक

दिल्ली हाईकोर्ट ने आध्यात्मिक उपदेशक अनिरुद्धाचार्य के पक्ष में एकतरफा अंतरिम रोक का आदेश दिया। यह आदेश डिजिटल प्लेटफॉर्म पर AI-जनरेटेड कंटेंट, डीपफेक और मीम-आधारित सामग्री के ज़रिए उनके व्यक्तित्व के अनाधिकृत इस्तेमाल को रोकने के लिए दिया गया।जस्टिस तुषार राव गेडेला ने उपदेशक द्वारा दायर मुकदमे की सुनवाई करते हुए यह 'जॉन डो' आदेश पारित किया। उपदेशक ने आरोप लगाया कि विभिन्न प्रतिवादियों, जिनमें अज्ञात संस्थाएं भी शामिल हैं, द्वारा उनकी पहचान, आवाज़, रूप और शिक्षाओं का बड़े पैमाने पर दुरुपयोग...