मुख्य सुर्खियां

संविधान में जजों की रिटायमेंट के बाद नियुक्ति के लिए कूलिंग-ऑफ पीरियड का उल्लेख नहीं: केंद्रीय लॉ एवं न्याय मंत्री ने राज्यसभा में कहा
संविधान में जजों की रिटायमेंट के बाद नियुक्ति के लिए कूलिंग-ऑफ पीरियड का उल्लेख नहीं: केंद्रीय लॉ एवं न्याय मंत्री ने राज्यसभा में कहा

जजों के रिटायरमेंट के बाद नियुक्ति के लिए कूलिंग-ऑफ पीरियड के बारे में सांसद राघव चड्ढा के सुझावों का जवाब देते हुए केंद्रीय लॉ एवं न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने राज्यसभा को बताया कि भारतीय संविधान में जजों की रिटायरमेंट के बाद कूलिंग-ऑफ पीरियड के बारे में कुछ भी उल्लेख नहीं है।गुरुवार (05 दिसंबर) को चड्ढा ने कहा कि हाल के वर्षों में सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के जजों को उनकी रिटायरमेंट के बाद कार्यकारी पदों पर नियुक्त किया गया।उन्होंने कहा कि रिटायरमेंट के बाद के पदों से हितों के टकराव,...

आम लोगों को जटिल न्यायालय प्रक्रियाओं से भयभीत नहीं होना चाहिए, स्वतंत्र भारत में भय के लिए कोई स्थान नहीं: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू
आम लोगों को जटिल न्यायालय प्रक्रियाओं से भयभीत नहीं होना चाहिए, स्वतंत्र भारत में भय के लिए कोई स्थान नहीं: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू

भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि स्वतंत्र भारत में भय के लिए कोई स्थान नहीं है। व्यवस्था को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि आम लोग न्यायालय जाने और न्यायालय प्रक्रियाओं का सहारा लेने से न डरें।राष्ट्रपति गुरुवार को भुवनेश्वर में बोल रही थीं, जहां उन्होंने खोरधा जिले के न्यायाधीश पद के लिए नए न्यायिक न्यायालय परिसर का उद्घाटन किया। इस कार्यक्रम में ओडिशा के राज्यपाल रघुबर दास, चीफ जस्टिस चक्रधारी शरण सिंह, खोरधा जिले के प्रशासनिक जज जस्टिस संगम कुमार साहू के साथ-साथ हाईकोर्ट के अन्य जज और...

COVID-19 महामारी के दौरान अस्थायी सेवा के लिए बोनस अंक या नर्स के पद के लिए आरक्षण मांगने का कोई आधार नहीं: राजस्थान हाईकोर्ट
COVID-19 महामारी के दौरान अस्थायी सेवा के लिए बोनस अंक या नर्स के पद के लिए आरक्षण मांगने का कोई आधार नहीं: राजस्थान हाईकोर्ट

राजस्थान हाईकोर्ट ने महिला नर्स के पद के लिए दिव्यांग उम्मीदवार की याचिका इस आधार पर खारिज की कि पद के आरक्षण के लिए पात्र दिव्यांगताओं को निर्दिष्ट करने वाले दिशा-निर्देश केवल एक पैर की दिव्यांगता को दर्शाते हैं और कहा कि केवल इसलिए कि उसने COVID-19 के दौरान अस्थायी रूप से पद पर सेवा की है, उसे किसी भी तरह की समानता नहीं दी जा सकती।जस्टिस अरुण मोंगा की पीठ ने यह भी रेखांकित किया कि याचिकाकर्ता के समान स्थिति वाले अन्य उम्मीदवारों को भी समान मानदंडों के तहत अयोग्य ठहराया गया। इसलिए याचिकाकर्ता...

एंटीलिया बम कांड मामले में अंतरिम जमानत के लिए पूर्व पुलिस अधिकारी सचिन वाजे ने बॉम्बे हाईकोर्ट का रुख किया
एंटीलिया बम कांड मामले में अंतरिम जमानत के लिए पूर्व पुलिस अधिकारी सचिन वाजे ने बॉम्बे हाईकोर्ट का रुख किया

पूर्व सहायक पुलिस निरीक्षक सचिन हिंदूराव वाजे ने एंटीलिया बम कांड मामले में अंतरिम जमानत के लिए बॉम्बे हाईकोर्ट में आवेदन किया।वाजे को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने 13 मार्च 2021 को मुकेश अंबानी के मुंबई स्थित आवास एंटीलिया के पास विस्फोटक से लदी गाड़ी रखने के आरोप में गिरफ्तार किया। उन पर आतंकवादी गतिविधियों में शामिल होने के लिए यूएपीए की धारा 16 और 18 के तहत आरोप लगाए गए।वाजे ने 24 अप्रैल 2024 को बॉम्बे हाईकोर्ट में याचिका दायर कर अपनी कथित अवैध हिरासत के लिए बंदी प्रत्यक्षीकरण राहत मांगी...

POCSO Act | यौन उत्पीड़न में वीर्य की अनुपस्थिति पीड़िता की गवाही को कमजोर नहीं करेगी: पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट
POCSO Act | यौन उत्पीड़न में वीर्य की अनुपस्थिति पीड़िता की गवाही को कमजोर नहीं करेगी: पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने कहा कि यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण अधिनियम, 2012 (POCSO Act) के तहत यौन उत्पीड़न के मामले में पीड़िता की गवाही पर केवल इस आधार पर सवाल नहीं उठाया जा सकता कि DNA रिपोर्ट में वीर्य नहीं पाया गया।जस्टिस सुरेश्वर ठाकुर और जस्टिस सुदीप्ति शर्मा की खंडपीठ ने कहा,"जब नाबालिग पीड़िता पर यौन उत्पीड़न का कोई मामला बनता है तो अभियोक्ता के योनि स्वैब पर वीर्य का पता लगाना आवश्यक नहीं है। परिणामस्वरूप, नाबालिग पीड़िता के योनि स्वैब पर किसी भी तरह के दोषसिद्ध वीर्य की...

मुजफ्फरनगर स्टूडेंट को थप्पड़ मारने का मामला | इलाहाबाद हाईकोर्ट ने आरोपी शिक्षिका को अग्रिम जमानत देने से किया इनकार
मुजफ्फरनगर स्टूडेंट को थप्पड़ मारने का मामला | इलाहाबाद हाईकोर्ट ने आरोपी शिक्षिका को अग्रिम जमानत देने से किया इनकार

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मुजफ्फरनगर के नेहा पब्लिक स्कूल की 60 वर्षीय शिक्षिका और प्रिंसिपल (तृप्ता त्यागी) को अग्रिम जमानत देने से इनकार किया, जिन पर अपने स्टूडेंट्स से मुस्लिम स्टूडेंट को थप्पड़ मारने के लिए कहने और उसके खिलाफ सांप्रदायिक गाली-गलौज करने का आरोप है।हालांकि, जस्टिस दीपक वर्मा की पीठ ने दो सप्ताह तक या जब तक वह नियमित जमानत के लिए संबंधित न्यायालय के समक्ष आत्मसमर्पण नहीं कर देती, जो भी पहले हो, उसके खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई करने का निर्देश दिया।इस साल अक्टूबर में स्थानीय अदालत...

Kuldeep Singh Sengar
Unnao Rape मामले में मुख्य आरोपी कुलदीप सिंह सेंगर को मेडिकल आधार पर मिली अंतरिम जमानत

दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरुवार को भारतीय जनता पार्टी (BJP) से निष्कासित विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को मीडिया आधार पर दो सप्ताह की अंतरिम जमानत दी, जिसे उन्नाव बलात्कार मामले में दोषी ठहराया गया और आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।जस्टिस प्रतिभा एम सिंह और जस्टिस अमित शर्मा की खंडपीठ ने कहा कि सेंगर की मेजिकल संबंधी बीमारियों को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्हें एम्स में भर्ती होने का निर्देश दिया।न्यायालय ने मेडिकल बोर्ड द्वारा सेंगर की मेडिकल जांच का आदेश दिया और एम्स को इस पर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का...

ऑफिस टाइमिंग के दौरान सोशल मीडिया स्क्रॉलिंग से बचे स्टाफ: केरल हाईकोर्ट
ऑफिस टाइमिंग के दौरान सोशल मीडिया स्क्रॉलिंग से बचे स्टाफ: केरल हाईकोर्ट

केरल हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल ने हाल ही में कार्यालय समय के दौरान मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने के लिए आधिकारिक ज्ञापन जारी किया। मोबाइल फोन और ड्राइवर प्रदान किए गए सीनियर अधिकारियों को इस निर्देश से छूट दी गई।अधिसूचना में कहा गया कि यह कार्रवाई तब की गई, जब यह पता चला कि कई कर्मचारी काम के घंटों के दौरान ऑनलाइन गेम खेल रहे थे। सोशल मीडिया सामग्री देख रहे थे। इस तरह से दिन-प्रतिदिन के कार्यालय के काम में बाधा आ रही थी।अधिसूचना में स्पष्ट रूप से कहा गया कि कर्मचारी कार्यालय समय के...

गोहत्या के झूठे मामले में गुजरात कोर्ट ने दो लोगों को बरी किया, पुलिसकर्मियों और गौरक्षक के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई के आदेश दिए
गोहत्या के झूठे मामले में गुजरात कोर्ट ने दो लोगों को बरी किया, पुलिसकर्मियों और 'गौरक्षक' के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई के आदेश दिए

गुजरात के पंचमहल जिले (गोधरा) की एक सत्र अदालत ने मंगलवार को तीन राज्य पुलिस अधिकारियों और दो पंच गवाहों (जिनमें से एक गौरक्षक है) के खिलाफ धारा 248 बीएनएस अधिनियम (चोट पहुंचाने के इरादे से किए गए अपराध का झूठा आरोप) के तहत आपराधिक शिकायत दर्ज करने का निर्देश दिया, जिन्होंने दो लोगों के खिलाफ 'झूठा' गोहत्या का मामला दर्ज किया था, जिसमें उन पर गोहत्या के उद्देश्य से मवेशियों को ले जाने का आरोप लगाया गया था।गुजरात पशु संरक्षण अधिनियम 2017 और पशु क्रूरता अधिनियम 1860 के तहत जुलाई 2020 के मामले में...

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने AMU को छात्र संघ चुनाव की मांग वाली जनहित याचिका पर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने AMU को छात्र संघ चुनाव की मांग वाली जनहित याचिका पर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पिछले सप्ताह अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU) को यूनिवर्सिटी में छात्र संघ चुनाव कराने की मांग करने वाले AMU स्टूडेंट द्वारा दायर जनहित याचिका (पीआईएल) के जवाब में 9 जनवरी तक जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया।चीफ जस्टिस अरुण भंसाली और जस्टिस क्षितिज शैलेंद्र की खंडपीठ ने यूनिवर्सिटी के वकील द्वारा दिए गए निर्देशों को अपर्याप्त पाते हुए यूनिवर्सिटी से उचित जवाब मांगा, जिसमें कहा गया कि चुनाव उचित समय पर कराए जाएंगे।LLM स्टूडेंट (कैफ हसन) द्वारा दायर जनहित याचिका में...

नवजोत सिंह सिद्धू के कैंसर इलाज के दावों की व्यापक जांच की मांग वाली जनहित याचिका खारिज
नवजोत सिंह सिद्धू के कैंसर इलाज के दावों की व्यापक जांच की मांग वाली जनहित याचिका खारिज

दिल्ली हाईकोर्ट ने कांग्रेस (Congress) नेता नवजोत सिंह सिद्धू के इस दावे की व्यापक और वैज्ञानिक रूप से कठोर जांच की मांग वाली जनहित याचिका खारिज की कि उनकी पत्नी के स्टेज 4 कैंसर का इलाज एक खास आहार योजना और आयुर्वेद के जरिए किया गया था।चीफ जस्टिस मनमोहन और जस्टिस तुषार राव गेडेला की खंडपीठ ने टिप्पणी की कि सिद्धू के बयान उनकी निजी राय, जो अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के तहत आती है।खंडपीठ ने याचिकाकर्ता एडवोकेट दिव्या राणा को सार्वजनिक स्वास्थ्य के अधिक महत्वपूर्ण मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करने की...

संभल हिंसा | उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा जांच पैनल पहले ही गठित किया जा चुका है: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पुलिस अत्याचार के खिलाफ जनहित याचिका वापस लेने की अनुमति दी
संभल हिंसा | उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा जांच पैनल पहले ही गठित किया जा चुका है: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 'पुलिस अत्याचार' के खिलाफ जनहित याचिका वापस लेने की अनुमति दी

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने आज संभल हिंसा के दौरान पुलिस अत्याचार की कथित घटनाओं की स्वतंत्र जांच की मांग करने वाली जनहित याचिका वापस लेने की अनुमति दे दी।जस्टिस अश्विनी कुमार मिश्रा और जस्टिस ड गौतम चौधरी की पीठ ने एसोसिएशन ऑफ प्रोटेक्शन ऑफ सिविल राइट्स (एपीसीआर) द्वारा दायर जनहित याचिका वापस लेने की अनुमति देते हुए कहा कि राज्य सरकार ने हिंसा की घटना की जांच के लिए पहले ही न्यायिक जांच आयोग का गठन कर दिया है।अदालत को यह भी बताया गया कि जनहित याचिका में सभी प्रार्थनाएं उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित...

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश गैंगस्टर एक्ट मामले में IIT-BHU स्टूडेंट के साथ सामूहिक बलात्कार के आरोपी को जमानत दी
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश गैंगस्टर एक्ट मामले में IIT-BHU स्टूडेंट के साथ सामूहिक बलात्कार के आरोपी को जमानत दी

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश गैंगस्टर एक्ट के तहत गिरफ्तार व्यक्ति को जमानत दी, जो भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) - बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) की 20 वर्षीय स्टूडेंट से जुड़े कुख्यात सामूहिक बलात्कार मामले के आरोपियों में से एक है।आरोपी,सक्षम पटेल कथित तौर पर BJP आईटी सेल का सदस्य है, उसको पिछले साल दिसंबर में गिरफ्तार किया गया था और तब से वह जेल में है।हालांकि इस साल अक्टूबर में हाईकोर्ट ने बलात्कार के मामले में उसे जमानत दी, लेकिन गैंगस्टर एक्ट मामले (वर्तमान मामले) में लंबित जमानत...

भविष्य में अनुसूचित अपराध करने के लिए अवैध तरीके से धन एकत्र करना PMLA के तहत मनी लॉन्ड्रिंग नहीं: दिल्ली हाईकोर्ट
भविष्य में अनुसूचित अपराध करने के लिए अवैध तरीके से धन एकत्र करना PMLA के तहत 'मनी लॉन्ड्रिंग' नहीं: दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार (4 दिसंबर) को कहा कि भविष्य में अनुसूचित अपराध करने के लिए अवैध तरीके से धन एकत्र करना धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत धन शोधन का अपराध नहीं है।ऐसा करते हुए न्यायालय ने इस बात पर जोर दिया कि 'अपराध की आय' कथित आपराधिक गतिविधि के परिणामस्वरूप उत्पन्न होनी चाहिए।जस्टिस जसमीत सिंह ने कहा,"इस तरह से एकत्र की गई धनराशि अपराध की आय नहीं है। यह तभी अपराध की आय हो सकती है, जब यह अनुसूचित अपराध के परिणामस्वरूप उत्पन्न हुई हो।"न्यायालय ने कहा कि धन एकत्र करके किया गया अपराध...

संभल हिंसा की CBI जांच की मांग करने वाली जनहित याचिका उचित पीठ के समक्ष सूचीबद्ध की जाए: इलाहाबाद हाईकोर्ट
संभल हिंसा की CBI जांच की मांग करने वाली जनहित याचिका उचित पीठ के समक्ष सूचीबद्ध की जाए: इलाहाबाद हाईकोर्ट

इलाहाबाद हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस अरुण भंसाली की अध्यक्षता वाली पीठ ने उत्तर प्रदेश के संभल में पिछले महीने भड़की हिंसा की CBI जांच की मांग करने वाली जनहित याचिका (PIL) को आपराधिक जनहित याचिकाओं की सुनवाई करने के अधिकार क्षेत्र वाली पीठ के समक्ष सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया।चीफ जस्टिस भंसाली की अध्यक्षता वाली और जस्टिस विकास बुधवार वाली पीठ के पास वर्तमान में आपराधिक रिट की प्रकृति वाली जनहित याचिकाओं की सुनवाई करने का अधिकार क्षेत्र नहीं है। चूंकि वर्तमान मामला आपराधिक मुद्दे से संबंधित है,...

बदायूं मस्जिद विवाद: यह मुकदमा पूजा स्थल अधिनियम के तहत वर्जित; यह वक्फ संपत्ति: मस्जिद समिति ने लोकल कोर्ट से कहा
बदायूं मस्जिद विवाद: 'यह मुकदमा पूजा स्थल अधिनियम के तहत वर्जित; यह वक्फ संपत्ति: मस्जिद समिति ने लोकल कोर्ट से कहा

बदायूं शम्सी शाही मस्जिद विवाद में मस्जिद समिति ने मंगलवार को स्थानीय अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया कि शम्सी शाही मस्जिद में पूजा करने की अनुमति मांगने के लिए दायर किया गया मुकदमा, जिसमें दावा किया गया कि यह नीलकंठ महादेव मंदिर है, पूजा स्थल (विशेष प्रावधान) अधिनियम, 1991 के तहत वर्जित है। साथ ही संबंधित संपत्ति वक्फ संपत्ति है।मस्जिद समिति के वकील अनवर आलम ने आगे तर्क दिया कि वादी कभी भी कथित विवादित संपत्ति या उसके किसी भी हिस्से पर कभी भी कब्जा नहीं कर पाया। वकील ने इस बात पर भी जोर दिया कि...