बॉम्बे हाईकोर्ट

डॉ. नरेंद्र दाभोलकर हत्या मामले में दोषी सचिन अंदुरे को बॉम्बे HC से जमानत, उम्रकैद की सजा निलंबित

बॉम्बे हाईकोर्ट ने मंगलवार (18 अगस्त) को तर्कवादी और अंधविश्वास विरोधी कार्यकर्ता डॉ. नरेंद्र दाभोलकर की हत्या के मामले में दोषी सचिन अंदुरे को जमानत दे दी। कोर्ट ने उसकी उम्रकैद की सजा को भी निलंबित कर दिया है।जस्टिस सारंग कोतवाल और जस्टिस रंजितसिंह भोंसले की डिवीजन बेंच ने यह आदेश पारित किया। आदेश की विस्तृत प्रति अभी उपलब्ध नहीं हुई है।अंदुरे ने मई 2024 में विशेष अदालत द्वारा सुनाई गई उम्रकैद की सजा को चुनौती देते हुए जमानत और सजा निलंबित करने की मांग की थी। विशेष अदालत ने उसे और सह-आरोपी शरद...

उमर और शरजील रिहाई के नारे लगाने के आरोपी पूर्व TISS छात्र को हाईकोर्ट ने दी गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा

बॉम्बे हाईकोर्ट ने शुक्रवार (14 अगस्त) को TISS के पूर्व छात्र कामाख्या प्रसाद दास को गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा दी। उन पर "उमर खालिद और शरजील इमाम को रिहा करने" के लिए नारे लगाने का आरोप है।जस्टिस प्रफुल्ल खुबालकर ने दास की अग्रिम ज़मानत की याचिका पर 31 अगस्त को सुनवाई करने पर सहमति जताई और इस बीच उन्हें गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा दी।गौरतलब है कि पिछले हफ्ते मुंबई की एक अदालत ने दास और एक अन्य छात्र अभिस्वरूप पॉल की अग्रिम ज़मानत याचिका खारिज की। इन दोनों को जीएन साईबाबा को श्रद्धांजलि देने के...

आवारा कुत्तों की बढ़ती आबादी ही समस्या की जड़, महाराष्ट्र में नसबंदी अभियान तेज करे सरकार: बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाईकोर्ट ने महाराष्ट्र में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या और कुत्तों के काटने की घटनाओं पर गंभीर चिंता जताते हुए राज्य सरकार को नसबंदी अभियान को आक्रामक तरीके से लागू करने का निर्देश दिया। हाईकोर्ट ने कहा कि आवारा कुत्तों की आबादी में लगातार हो रही वृद्धि ही इस समस्या की प्रमुख वजह है और नसबंदी के जरिए इसके विस्तार को रोका जा सकता है।चीफ जस्टिस रविंद्र वी. घुगे और जस्टिस गौतम अंखड की खंडपीठ ने यह निर्देश शुक्रवार को स्वतः संज्ञान से शुरू की गई जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया। यह मामला...

आगे बढ़ें और ऐसे कमर्शियल विवादों को खत्म करें: SBI द्वारा एसेट ज़ब्त करने के खिलाफ विजय माल्या की 2020 की याचिका पर बॉम्बे हाईकोर्ट

बुधवार (12 अगस्त) को प्रवर्तन निदेशालय (ED) को नोटिस जारी करते हुए बॉम्बे हाईकोर्ट ने मौखिक रूप से कहा कि पूर्व शराब कारोबारी विजय माल्या और बैंकों के कंसोर्टियम के बीच चल रहे कमर्शियल विवादों को खत्म किया जाना चाहिए, और इसमें शामिल पक्षों को 'आगे बढ़ना' चाहिए, वरना इसका असर देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा।सिंगल-जज जस्टिस मिलिंद जाधव माल्या द्वारा 2020 में दायर अर्जी पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें उन्होंने मुंबई की स्पेशल कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी, जिसमें स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के नेतृत्व...

नाबालिग रेप पीड़िता का यौन क्रिया को ठीक से न बता पाना उसकी गवाही को खारिज करने का आधार नहीं हो सकता: बॉम्बे हाईकोर्ट ने बरी करने का फैसला पलटा

बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में कहा कि नाबालिग रेप पीड़िता की गवाही को सिर्फ़ इसलिए खारिज नहीं किया जा सकता, क्योंकि वह उस यौन क्रिया को ठीक से नहीं बता पाई, जिसका वह शिकार हुई। इसलिए हाईकोर्ट ने ट्रायल कोर्ट के फैसले को पलट दिया और 2012 के एक मामले में एक नाबालिग लड़की के साथ रेप के लिए एक व्यक्ति को दोषी ठहराया।औरंगाबाद बेंच में जस्टिस संदीपकुमार मोरे और जस्टिस वैशाली पाटिल-जाधव की डिवीजन बेंच ने गौर किया कि ट्रायल कोर्ट ने 19 अप्रैल, 2017 के अपने फैसले में आरोपी अनिल गायकवाड़ को अपहरण और रेप के...

BCI को चार लॉ कॉलेजों की मंजूरी के आवेदन तुरंत निपटाने का निर्देश, CAP Round-1 में छात्रों को मिलेगा मौका: बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाईकोर्ट ने बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) को चार लॉ कॉलेजों द्वारा मंजूरी के लिए दाखिल आवेदनों की तुरंत जांच कर प्रक्रिया पूरी करने और आवेदन सही पाए जाने पर 6 अगस्त 2026 तक जरूरी मंजूरी देने का निर्देश दिया है।जस्टिस आर.आई. चागला और जस्टिस फरहान पी. दुबाश की खंडपीठ चार लॉ कॉलेजों की याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी। कॉलेजों की BCI मंजूरी लंबित होने के कारण उन्हें CAP Round-1 में शामिल होने वाले मंजूर कॉलेजों की सूची में जगह नहीं मिली थी।कोर्ट ने कहा कि चारों कॉलेजों ने तय समय के भीतर BCI पोर्टल...

E-20 पेट्रोल नीति पर फर्जी AI वीडियो: हाईकोर्ट ने नितिन गडकरी के खिलाफ मानहानिकारक सामग्री हटाने का दिया आदेश

बॉम्बे हाईकोर्ट ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के खिलाफ E-20 (20 प्रतिशत एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल) नीति को लेकर प्रसारित किए गए कथित फर्जी और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) से तैयार वीडियो तथा अन्य मानहानिकारक सामग्री को हटाने का आदेश दिया।अदालत ने प्रथम दृष्टया इन सामग्रियों को स्वतः मानहानिकारक माना।जस्टिस आरिफ डॉक्टर की एकल पीठ ने बुधवार (5 अगस्त) को निर्देश दिया कि गडकरी की ओर से मुकदमे में जिन सभी पोस्ट और वीडियो की पहचान की गई, उन्हें संबंधित मंचों से हटाया जाए।साथ ही...

कोई VVIP भी क़ानून से ऊपर नहीं: महाराष्ट्र के सरकारी कैंटीनों पर झूठी रिपोर्ट से नाराज हाईकोर्ट, FDA अधिकारियों पर कार्रवाई के निर्देश

बॉम्बे हाईकोर्ट ने महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) को सरकारी कैंटीनों की खाद्य सुरक्षा जांच में कथित पक्षपात और भ्रामक रिपोर्ट पेश करने पर कड़ी फटकार लगाई। कोर्ट ने स्पष्ट कहा कि कानून से ऊपर कोई VVIP नहीं है और सरकारी कैंटीनों के लिए अलग तथा निजी भोजनालयों के लिए अलग मापदंड नहीं अपनाए जा सकते।एक्टिंग चीफ जस्टिस रवींद्र वी. घुगे और जस्टिस गौतम अंखाड़ की खंडपीठ ने FDA आयुक्त को निर्देश दिया कि मंत्रालय (मंत्रालय भवन) और विधान भवन के कैंटीनों को 98 प्रतिशत अनुपालन वाला बताने वाली रिपोर्ट...

ट्रांसपोर्ट अलाउंस के लिए यात्रा की दूरी का गलत दावा करना अपने आप में फंड के गलत इस्तेमाल के बराबर नहीं: बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाई कोर्ट ने कहा कि ट्रांसपोर्ट अलाउंस के लिए यात्रा की दूरी के बारे में गलत दावा करना, अपने आप में एम्प्लॉयर के फंड के गलत इस्तेमाल (Misappropriation) के बराबर नहीं माना जा सकता। कोर्ट ने यह भी कहा कि जहां गलत काम के साथ कुछ राहत देने वाली परिस्थितियां हों, और नौकरी से निकालने की सज़ा साबित हुए आरोप की गंभीरता के मुकाबले बहुत ज़्यादा हो, तो सज़ा में न्यायिक दखल ज़रूरी हो जाता है।जस्टिस संदीप वी. मार्ने एक कर्मचारी की रिट याचिका पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें उसने नौकरी से निकाले जाने के...

महिला के लिए आरक्षित रहा सरपंच पद अगले कार्यकाल में सामान्य श्रेणी को मिलेगा: बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाईकोर्ट ने फैसला दिया है कि यदि किसी ग्राम पंचायत में सरपंच का पद पिछले कार्यकाल (2020-2025) में महिला श्रेणी के लिए आरक्षित था, तो अगले कार्यकाल (2025-2030) में सामान्यतः उसे ओपन (सामान्य) श्रेणी के लिए आरक्षित किया जाना चाहिए। अदालत ने कहा कि यह महाराष्ट्र ग्राम पंचायत (सरपंच एवं उप-सरपंच) निर्वाचन नियम, 1964 में निर्धारित रोटेशन (चक्रानुक्रम) सिद्धांत के अनुरूप है।जस्टिस जी.एस. कुलकर्णी और जस्टिस आरती साठे की खंडपीठ दो याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी, जिनमें उप-विभागीय अधिकारियों (SDO)...

हाईकोर्ट ने मीडिया पर राजेश खन्ना के पुराने बंगले को शापित, भूतिया या अशुभ कहने पर लगाई रोक

बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में मीडिया हाउस और कुछ YouTube चैनलों को बॉलीवुड सुपरस्टार राजेश खन्ना के मशहूर बंगले 'आशीर्वाद' के बारे में कोई भी अपमानजनक बात पोस्ट करने या "अशुभ, भूतिया, शापित या मनहूस" जैसे शब्दों का इस्तेमाल करने से रोका।सिंगल-जज जस्टिस आरिफ डॉक्टर ने यह आदेश बिजनेसमैन शशि किरण शेट्टी द्वारा दायर मुकदमे की सुनवाई के दौरान दिया। शेट्टी अब मुंबई के पॉश इलाके बांद्रा के कार्टर रोड पर स्थित इस बंगले के मालिक हैं।शेट्टी, जिन्होंने पुराने बंगले को गिराकर नया ढांचा बनवाया था, का कहना है...

महज अवैध गिरफ्तारी का आरोप पुलिस पर अवमानना की कार्रवाई का आधार नहीं: बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि केवल यह आरोप लगा देने से कि किसी व्यक्ति की गिरफ्तारी अरनेश कुमार बनाम बिहार राज्य, जोगिंदर कुमार बनाम उत्तर प्रदेश राज्य और अन्य मामलों में सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के उल्लंघन में हुई है पुलिस अधिकारियों के खिलाफ अदालत की अवमानना की कार्रवाई शुरू नहीं की जा सकती।जस्टिस सुमन श्याम और जस्टिस अद्वैत सेठना की खंडपीठ ने सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act) के एक मामले में मुंबई पुलिस के अधिकारियों के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही शुरू करने से इनकार करते...

E-20 पेट्रोल नीति से जुड़े कथित डीपफेक मामले में नितिन गडकरी के 11 करोड़ रुपये के मानहानि वाद पर 5 अगस्त को होगी सुनवाई

बॉम्बे हाईकोर्ट ने केंद्रीय मंत्री और सीनियर भाजपा नेता नितिन गडकरी की ओर से दायर 11 करोड़ रुपये के मानहानि वाद की सुनवाई 5 अगस्त तक स्थगित की।इस वाद में गडकरी ने सोशल मीडिया और इंटरनेट से E-20 पेट्रोल नीति से जोड़ने वाली कथित मानहानिकारक और डीपफेक सामग्री हटाने की मांग की। गडकरी का कहना है कि सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से प्रसारित इस सामग्री से उनकी प्रतिष्ठा को गंभीर नुकसान पहुंचा है। इसी आधार पर उन्होंने 11 करोड़ रुपये हर्जाने की भी मांग की।गडकरी की ओर से एडवोकेट संदीप एस. लड्डा ने यह वाद...

बॉम्बे हाईकोर्ट ने पीएम आवास योजना के तहत 25,000 घरों के अलॉटमेंट पर लगी रोक हटाने से किया इनकार, अमीर आवेदकों की पात्रता पर उठाए सवाल

बॉम्बे हाईकोर्ट ने सोमवार (27 जुलाई) को नवी मुंबई में CIDCO द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) (PMAYU-2.0) के तहत बनाए गए लगभग 25,000 फ्लैटों के अलॉटमेंट पर लगी रोक हटाने से इनकार किया। ये फ्लैट कम आय वाले वर्ग (LIG) के लिए थे।बता दें, इस साल मार्च में हाईकोर्ट ने अलॉटमेंट पर रोक लगाई। कोर्ट ने यह देखकर हैरानी जताई कि CIDCO ने सालाना 6 लाख रुपये से ज़्यादा कमाने वाले लोगों को भी LIG फ्लैटों के लिए आवेदन करने की अनुमति दी थी। कोर्ट ने इस फैसले को 'गरीबों का मज़ाक' बताया था, क्योंकि इसमें...

DEEPFAKE और मानहानिकारक पोस्ट के खिलाफ नितिन गडकरी को मुकदमा दायर करने की अनुमति, बॉम्बे हाईकोर्ट ने दी मंजूरी

बॉम्बे हाईकोर्ट ने केंद्रीय मंत्री और वरिष्ठ भाजपा नेता नितिन गडकरी को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और इंटरनेट पर प्रसारित कथित DEEPFAKE, AI से तैयार तथा मानहानिकारक सामग्री के खिलाफ दीवानी मुकदमा दायर करने की अनुमति दी। यह सामग्री उन्हें इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल (E-20) नीति से जोड़ते हुए प्रसारित किए जाने का आरोप है।जस्टिस अभय आहूजा की एकल पीठ ने गडकरी को X, मेटा, गूगल और अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ दीवानी वाद दायर करने तथा कथित मानहानिकारक सामग्री हटाने सहित उचित राहत मांगने की अनुमति प्रदान...

RBI कर्मचारी की याचिका की सुनवाई से जज को सिर्फ़ इसलिए अलग होने की ज़रूरत नहीं, क्योंकि वे पहले RBI के वकील रह चुके हैं: बॉम्बे हाईकोर्ट

बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक याचिकाकर्ता की मांग खारिज की, जिसमें कहा गया कि जज को मामले की सुनवाई से अलग हो जाना चाहिए, सिर्फ़ इसलिए क्योंकि वकालत के दौरान वे रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया (RBI) के वकील रह चुके थे। कोर्ट ने कहा कि अगर ऐसी दलील को सामान्य सिद्धांत के तौर पर मान लिया जाए तो ऐसे किसी भी जज के लिए, जिसने अपनी कानूनी प्रैक्टिस के दौरान सरकार या सार्वजनिक संस्थाओं का प्रतिनिधित्व किया हो, बेंच में आने के बाद उनसे जुड़े मामलों की सुनवाई करना असंभव हो जाएगा; यह बात कानून के स्थापित सिद्धांतों के...