हाईकोर्ट
राजस्थान हाईकोर्ट ने बलात्कार के दोषी आसाराम बापू के आयुर्वेदिक उपचार की अवधि बढ़ा दी
राजस्थान हाईकोर्ट ने मंगलवार को स्वयंभू बाबा और बलात्कार के दोषी आसाराम बापू के आयुर्वेदिक उपचार की अवधि बढ़ा दी। अदालत ने पुलिस अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि उनकी निजता में बाधा न आए और विटामिन डी की कमी से निपटने के लिए उन्हें उचित सूर्य के प्रकाश के संपर्क में लाया जाए।जस्टिस दिनेश मेहता और जस्टिस विनीत कुमार माथुर की खंडपीठ ने स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं और निरंतर मेडिकल देखभाल की आवश्यकता का हवाला देते हुए आसाराम द्वारा दायर अंतरिम आवेदन पर यह आदेश पारित किया। पिछले...
जब अभियुक्त वकील की अनुपस्थिति में दोषी होने की दलील देता है तो इस बात का जोखिम रहता है कि ऐसी दलील पूरी तरह से सूचित या स्वैच्छिक नहीं हो सकती: पंजाब एंड हरियाणा हाइकोर्ट
पंजाब एंड हरियाणा हाइकोर्ट ने दोषसिद्धि आदेश खारिज करते हुए कहा कि जब कोई अभियुक्त दोषी होने की दलील देता है, लेकिन उसका प्रतिनिधित्व कोई वकील नहीं करता है तो इस बात का जोखिम रहता है कि उसकी दलील पूरी तरह से सूचित या स्वैच्छिक नहीं हो सकती है, जो अनुच्छेद 21 में निहित निष्पक्ष सुनवाई के सिद्धांतों का उल्लंघन करेगी।याचिकाकर्ताओं ने आईपीसी की धारा 188 के तहत अपनी दोषसिद्धि को इस आधार पर चुनौती दी कि उन्होंने वकील द्वारा प्रतिनिधित्व किए जाने का अवसर दिए बिना ही दोषी होने की दलील दी।जस्टिस हरकेश...
MBBS की डिग्री प्राप्त करने के लिए फर्जी कास्ट सर्टिफिकेट समाज के खिलाफ अपराध, इसमें शामिल अधिकारियों को जेल भेजा जाना चाहिए: कलकत्ता हाइकोर्ट
कलकत्ता हाइकोर्ट ने टिप्पणी की कि MBBS डिग्री कोर्स में नामांकन के लिए फर्जी कास्ट सर्टिफिकेट प्राप्त करना समाज के खिलाफ अपराध है। इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों को जेल भेजा जाना चाहिए।चीफ जस्टिस टीएस शिवगनम और जस्टिस हिरणमय भट्टाचार्य की खंडपीठ फर्जी कास्ट सर्टिफिकेट से संबंधित मामले की सुनवाई कर रही थी और उन्होंने कहा कि राज्य ने अभी तक जारी/रद्द किए गए जाति प्रमाण पत्रों के विवरण के बारे में हलफनामा तैयार नहीं किया, जैसा कि अदालत ने पहले की तारीख पर निर्देश दिया।न्यायालय ने कहा,"अधिकारियों को...
सभी लंबित मामलों में सीएम अरविंद केजरीवाल की अंतरिम जमानत की मांग करते हुए याचिका दायर
दिल्ली हाईकोर्ट के समक्ष जनहित याचिका दायर की गई, जिसमें मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को प्रवर्तन निदेशालय (ED) सहित उनके खिलाफ दर्ज सभी आपराधिक मामलों में "असाधारण अंतरिम जमानत" पर रिहा करने की मांग की गई, जो जांच या मुकदमे के लिए लंबित हैं।जनहित याचिका में गैंगस्टर टिल्लू ताजपुरिया और अतीक अहमद की हिरासत में हत्याओं का उदाहरण देते हुए कहा गया कि तिहाड़ जेल में केजरीवाल की सुरक्षा खतरे में है।यह जनहित याचिका कानून के चौथे वर्ष के स्टूडेंट ने "हम भारत के लोग" नाम से दायर की। उन्होंने कहा कि...
सद्गुरु के ईशा फाउंडेशन से लापता हुए ज्यादातर लोगों का पता लगाया जा रहा: राज्य ने मद्रास हाईकोर्ट को बताया
राज्य सरकार ने गुरुवार को मद्रास हाईकोर्ट को सूचित किया कि सद्गुरु द्वारा स्थापित ईशा फाउंडेशन से व्यक्ति के लापता होने के मामले में जांच चल रही है। जस्टिस एमएस रमेश और जस्टिस सुंदर मोहन की खंडपीठ तिरुनेलवेली जिले के तिरुमलाई द्वारा अपने भाई गणेशन के शव को पेश करने के लिए दायर बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई कर रही थी। पिछली सुनवाई में अतिरिक्त लोक अभियोजक ने मौखिक रूप से अदालत को सूचित किया था कि 2016 से ईशा फाउंडेशन से छह लोग लापता हो गए हैं। गुरुवार को, जब पहले के सबमिशन के संबंध में जांच...
आदेश की अवहेलना करने वाले पुलिस अधिकारी का गिरफ्तारी वारंट जारी करते हुए राजस्थान हाईकोर्ट ने कहा - "कोई भी व्यक्ति कानून से ऊपर नहीं"
राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस फरजंद अली ने आपराधिक पुनरीक्षण के मामले में पारित आदेश की पालना नहीं करने और अवमानना का नोटिस मिलने पर भी पुलिस अधिकारी द्वारा आदेश की पालना की कोई इच्छा जाहिर नहीं करने पर कानून की सर्वोपरिता के बुनियादी सिद्धांत का उल्लेख करते हुए कठोर शब्दों में कहा कि कोई भी व्यक्ति कानून से ऊपर नहीं है और निश्चित रूप से कोई हो भी नहीं सकता, चाहे वह कितना भी शक्तिशाली या प्रभावशाली क्यों न हो।जस्टिस अली ने पुलिस अधिकारी का गिरफ्तारी वारंट जारी करते हुए आदेश में कहा कि किसी लोक...
पत्नी की ज़रूरतों को बढ़ा-चढ़ाकर बताने और पति की वास्तविक आय छिपाना सामान्य प्रवृत्ति; भरण-पोषण की राशि को कोर्ट द्वारा संतुलित किया जाना चाहिए: पंजाब एंड हरियाणा हाइकोर्ट
पंजाब एंड हरियाणा हाइकोर्ट ने यह स्पष्ट किया कि सीआरपीसी की धारा 125 के तहत पत्नी को दिए जाने वाले भरण-पोषण की राशि न्यायोचित और यथार्थवादी होनी, चाहिए जिससे पति-पत्नी में से किसी को भी परेशानी न हो।जस्टिस हरप्रीत सिंह बरार ने कहा,"पत्नी की ओर से अपनी ज़रूरतों को बढ़ा-चढ़ाकर बताने और पति की ओर से अपनी वास्तविक आय को छिपाने की आम प्रवृत्ति होती है, जिससे प्रतिद्वंद्वी दावेदारों की कमाई करने की क्षमता का सटीक रूप से निर्धारण करना मुश्किल हो जाता है। प्रतिद्वंद्वी दावेदारों को ईमानदारी से अपनी...
पुनर्विचार याचिका का उद्देश्य सीमित, इसे 'छिपी हुई अपील' नहीं बनने दिया जा सकता: मेघालय हाईकोर्ट
मेघालय हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में एक रिव्यू पीटिशन को इस सिद्धांत की पुष्टि करते हुए खारिज कर दिया कि पुनर्विचार आवेदन "छिपी हुई अपील" के रूप में कार्य नहीं कर सकता है। अदालत ने रेखांकित किया कि पुनर्विचार की शक्ति विशेष रूप से उन मामलों में लागू होती है जहां रिकॉर्ड में स्पष्ट त्रुटि मौजूद होती है, न कि केवल एक गलत निर्णय पर सुनवाई के लिए। उपरोक्त फैसला केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर आयुक्त के एक आदेश के खिलाफ दायर पुनर्विचार याचिका में आया, जिससे व्यथित होकर याचिकाकर्ता - केंद्रीय वस्तु...
समान तथ्यों पर परस्पर विरोधी निर्णयों को रोकने के लिए क्रॉस केसों की सुनवाई एक ही न्यायालय द्वारा की जाएगी: केरल हाइकोर्ट
केरल हाइकोर्ट ने दोहराया कि एक ही न्यायालय क्रॉस केसों की सुनवाई करेगा। क्रॉस केसों की सुनवाई से संबंधित न्यायिक मिसालों का विश्लेषण करने पर न्यायालय ने यह बताने के लिए निम्नलिखित कारण बताए कि एक ही न्यायालय क्रॉस केसों की सुनवाई करेगा।जस्टिस के बाबू ने कहा,"न्यायिक मिसालें इस तरह की प्रक्रिया के कारणों को रेखांकित करती हैं, जैसे (a) यह किसी अभियुक्त को उसके पूरे मामले के न्यायालय में आने से पहले दोषी ठहराए जाने के खतरे को रोकती है (b) यह समान तथ्यों पर दिए जाने वाले परस्पर विरोधी निर्णयों को...
पक्षपात के 'बेतुके' आरोपों पर स्थानांतरण के खतरे का सामना कर रहे जिला जज, जजों के लिए स्वतंत्र रूप से क्षेत्राधिकार का प्रयोग करना मुश्किल: इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाल ही में टिप्पणी की कि जिला न्यायपालिका में मामलों पर निर्णय लेने में डर रहता है क्योंकि इससे प्रशासनिक शिकायतें और बाद में स्थानांतरण हो सकता है। जस्टिस जेजे मुनीर की पीठ ने कि यद्यपि सिविल न्यायालयों के संबंध में नागरिकों के रवैये को स्वीकार नहीं किया जा सकता है, लेकिन यह सच है कि सिविल न्यायालय विभिन्न कारणों से सुस्त हो गए हैं, जिनमें हड़तालें भी शामिल हैं जो न्यायिक समय को छीन लेती हैं। कोर्ट ने यह भी पाया कि जिला अदालतों में अदालत के निर्धारित समय का पालन नहीं...
दिल्ली सीएम की जमानत पर हाईकोर्ट में बोली ED: शुगर लेवल बढ़ाने के लिए जेल में आम और मिठाइयां खा रहे अरविंद केजरीवाल, जमानत के लिए जमीन तैयार करना चाहते हैं
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गुरुवार को दिल्ली की अदालत को बताया कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल दावा कर रहे हैं कि उनका शुगर लेवल बढ़ा हुआ है, लेकिन वह जेल में आम, मिठाई और चीनी वाली चाय खा रहे हैं।ED के विशेष वकील जोहेब हुसैन ने स्पेशल जज कावेरी बावेजा को बताया कि केजरीवाल मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जमानत के लिए शर्करा के स्तर में वृद्धि को आधार बनाना चाहते हैं।अदालत केजरीवाल की उस अर्जी पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें वर्चुअल कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जेल में अपने नियमित डॉक्टर से परामर्श करने की अनुमति...
पंजाब में सार्वजनिक समारोहों में बड़े पैमाने पर हो रहा फायर आर्म्स का इस्तेमाल, प्रतिबंध के बावजूद कोई बदलाव नहीं: हाईकोर्ट ने डीजीपी से मांगा जवाब
पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब में सार्वजनिक समारोहों में फायर आर्म्स के व्यापक उपयोग और अपराध करने के लिए लाइसेंस प्राप्त बंदूकों के उपयोग पर कड़ी आपत्ति जताई है और कहा है कि प्रतिबंध के बावजूद "कोई विजिबल चेंज नहीं हुआ है"। पंजाब सरकार ने 2022 में सार्वजनिक स्थानों और सोशल मीडिया पर फायर आर्म्स के उपयोग और प्रदर्शन पर प्रतिबंध लगा दिया था और तदनुसार अधिकारियों को अपने संबंधित अधिकार क्षेत्र में आने वाले क्षेत्रों में औचक निरीक्षण करने का निर्देश दिया गया था।जस्टिस हरकेश मनुजा ने कहा, "उस...
गुजरात हाइकोर्ट ने समाधान योजना का हिस्सा न बनने वाले किसी भी दावे के अभाव में मांग नोटिस और मूल्यांकन आदेश रद्द किया
गुजरात हाइकोर्ट ने समाधान योजना (RP) का हिस्सा न बनने वाले किसी भी दावे के अभाव में मांग नोटिस और मूल्यांकन आदेश रद्द कर दिया।जस्टिस भार्गव डी. करिया और जस्टिस निरल आर. मेहता की खंडपीठ ने कहा कि दिवाला और दिवालियापन संहिता (IBC) के अनुसार, 13 मार्च, 2023 के आदेश के अनुसार 20 मार्च, 2023 को मांग नोटिस जारी करके जो मांग उठाई गई थी, उसे समाधान योजना का हिस्सा होने वाले दावे के संबंध में नहीं कहा जा सकता।खंडपीठ ने कहा कि आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 147 के तहत विभाग द्वारा जारी कार्यवाही, उस दावे के...
कलकत्ता हाईकोर्ट ने वनवासियों को वन भूमि में प्रवेश करने से रोकने वाले नोटिस को खारिज किया; उनके अधिकारों का निर्णय होने तक आगे की कार्रवाई पर रोक लगाई
कलकत्ता हाईकोर्ट ने रेंज फॉरेस्ट ऑफिसर, कृष्णानगर के उस नोटिस को रद्द कर दिया है, जिसके तहत वनवासियों को रहने या खेती करने के उद्देश्य से वन भूमि में प्रवेश करने से रोक दिया गया था। यह देखते हुए कि वनवासियों के हितों का ध्यान नहीं रखा गया है, नोटिस को रद्द करते हुए, जस्टिस सब्यसाची भट्टाचार्य की एकल पीठ ने कहा, "2007 के नियमों के नियम 12ए में परिकल्पित मान्यता अधिकारों की कोई प्रक्रिया इलाके में शुरू नहीं की गई है। फॉरेस्ट रेंज ऑफिसर, कृष्णानगर रेंज द्वारा जारी किया गया नोटिस, जो इस तरह के किसी...
खोजी पत्रकारिता को विशेष सुरक्षा प्राप्त नहीं; सार्वजनिक हित बिना किसी सच्चाई के प्रतिष्ठा कम करने वाले प्रकाशन की अनुमति नहीं देता: बॉम्बे हाईकोर्ट
बॉम्बे हाईकोर्ट ने किसी व्यक्ति की प्रतिष्ठा के अधिकार के साथ प्रेस की स्वतंत्रता को संतुलित करने के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि हालांकि खोजी पत्रकारिता समाज में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है, लेकिन यह व्यक्तियों को बदनाम करने की कीमत पर नहीं हो सकती है। कोर्ट ने कहा,"एक पत्रकार के रूप में, हालांकि वह जनता को उन तथ्यों और आंकड़ों से अवगत कराने के लिए बाध्य हो सकता है जो उनके हित में हैं, लेकिन निश्चित रूप से वादी को बदनाम करने की कीमत पर इसका प्रयास नहीं किया जा सकता है। प्रेस की स्वतंत्रता,...
दिल्ली हाइकोर्ट ने खतरनाक और क्रूर कुत्तों की बिक्री और प्रजनन पर प्रतिबंध लगाने वाला केंद्र का सर्कुलर खारिज किया
दिल्ली हाइकोर्ट ने केंद्रीय मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय, पशुपालन और डेयरी विभाग द्वारा जारी सर्कुलर खारिज कर दिया। उक्त सर्कुलर में कई खतरनाक और क्रूर कुत्तों की नस्लों के आयात, प्रजनन और बिक्री पर रोक लगाई गई थी।एक्टिंग चीफ जस्टिस मनमोहन और जस्टिस मनमीत प्रीतम सिंह अरोड़ा की खंडपीठ ने 12 मार्च को जारी सर्कुलर खारिज कर दिया, जब केंद्र सरकार के वकील ने कहा कि अगर सभी हितधारकों को अपनी आपत्तियां उठाने का अवसर देने के बाद नया सर्कुलर जारी करने के निर्देश के साथ इसे रद्द कर दिया जाता है...
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पासपोर्ट नवीनीकरण के लिए सपना चौधरी को NOC देने से इनकार करने वाला आदेश रद्द किया
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पिछले सप्ताह पासपोर्ट अधिकारियों को एक्ट्रेस सपना चौधरी द्वारा उनके पासपोर्ट के नवीनीकरण/पुनः जारी करने के लिए दिए गए आवेदन पर निर्णय लेने और 1 महीने के भीतर आदेश पारित करने का निर्देश दिया।यह कहते हुए कि विदेश यात्रा का अधिकार भारत के संविधान के अनुच्छेद 21 और 19 (1) (जी) के तहत गारंटीकृत व्यक्तिगत स्वतंत्रता का हिस्सा है, जस्टिस शमीम अहमद की पीठ ने पासपोर्ट जारी करने के लिए आपत्ति प्रमाण पत्र जारी करने से इनकार करने वाले अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय का आदेश...
विशेष रूप से असक्षम व्यक्तियों के लिए बेहतर कार्य परिस्थितियां प्रदान करना संस्थान का कर्तव्य केवल नैतिक अनिवार्यता ही नहीं, कानूनी दायित्व भी है: कर्नाटक हाइकोर्ट
कर्नाटक हाइकोर्ट ने भारतीय सांख्यिकी संस्थान बैंगलोर केंद्र द्वारा जारी निर्देश रद्द कर दिया, जिसमें संस्थान के दिव्यांग प्रोफेसर को दिए जाने वाले HRA के भुगतान को इस आधार पर रोक दिया गया कि वह संस्थान द्वारा प्रदान किए गए गेस्ट हाउस में रह रहे हैं।जस्टिस सचिन शंकर मगदुम की सिंगल बेंच ने प्रोफेसर डॉ. कौशिक मजूमदार द्वारा दायर याचिका स्वीकार करते हुए कहा,“विशेष रूप से दिव्यांग व्यक्तियों को बेहतर कार्य परिस्थितियां प्रदान करना संस्थान का कर्तव्य न केवल नैतिक अनिवार्यता है, बल्कि विभिन्न...
मनी लॉन्ड्रिंग केस | इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अग्रिम जमानत के लिए 2.5 करोड़ रुपये जमा करने की शर्त को रद्द किया
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक स्पेशल एंटी करप्शन कोर्ट द्वारा मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अग्रिम जमानत प्राप्त करने के लिए आरोपी पर 2.5 करोड़ रुपये जमा करने की लगाई गई शर्त को रद्द कर दिया। जस्टिस संजय कुमार सिंह ने मीना आनंद नामक आरोपी को राहत देने के लिए कड़ी जमानत शर्तों को लगाने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट के विभिन्न फैसलों का उल्लेख किया।अदालत विशेष न्यायाधीश, भ्रष्टाचार निरोधक, सीबीआई, गाजियाबाद की ओर से लगाई गई शर्त संख्या एक, जिसके तहत आरोपी को अग्रिम जमानत मिलने के एक महीने के भीतर 2018 से प्रति...
आत्मपॅम्फ्लेट - भारत की अपनी फॉरेस्ट गंप, जो मराठी भाषा में बनी
साल 2022 रिलीज हुयी आमिर खान की फिल्म लाल सिंह चड्ढा हॉलीवुड की कल्ट कलासिक फिल्म फॉरेस्ट गंप (1994) की आधिकारिक रिमेक थी, लेकिन इसमें रिमेक के दावे के अलावा फॉरेस्ट गंप जैसा कुछ भी नही था. यह एक डरी हुयी फिल्म थी जो गैर-विवादास्पद फिल्म बनने के दबाव में एक साधारण फिल्म बन कर रह गयी थी. वहीँ 2023 में रिलीज हुयी मराठी फिल्म 'आत्मपॅम्फ्लेट' एक मौलिक फिल्म है जो बिना किसी महानता का दावा किये हमें लाल सिंह चड्ढा के डिजास्टर को भूल जाने का मौका देती है और अनजाने में ही सही खुद को फॉरेस्ट गंप के...



















