ताज़ा खबरें

सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली
सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली के निजी स्कूलों को 5 साल के भीतर बैकलॉग ईडब्ल्यूएस सीटें भरने के हाईकोर्ट के आदेश को रद्द किया

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने 1 सितंबर को दिल्ली हाईकोर्ट के उस आदेश को रद्द किया जिसमें निजी स्कूलों को अगले पांच वर्षों में चरणबद्ध तरीके से (वेंकटेश्वर ग्लोबल स्कूल बनाम जस्टिस फॉर ऑल) आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) की बैकलॉग सीटों को भरने को कहा गया था।इसके अलावा, सुप्रीम कोर्ट ने उच्च न्यायालय के निर्देश को भी खारिज कर दिया कि सामान्य श्रेणी में प्रवेश लेने वाले छात्रों की वास्तविक संख्या पर ध्यान दिए बिना 25% ईडब्ल्यूएस श्रेणी के छात्रों को एंट्री लेवल...

सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली
सुप्रीम कोर्ट ने मनु के वर्णाश्रम सिद्धांतों और नियमों को खत्म करने की मांग वाली याचिका खारिज की

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने मनु (Manu) के वर्णाश्रम सिद्धांतों और नियमों को खत्म करने की मांग वाली रिट याचिका खारिज कर दी।जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़ और जस्टिस हेमा कोहली की पीठ ने कहा कि याचिका पूरी तरह से गलत है।2020 में डॉ एम देवनायगम द्वारा भारत के संविधान के अनुच्छेद 32 के तहत दायर रिट याचिका में सुप्रीम कोर्ट से निम्नलिखित निर्देश मांगे गए:1. मनु के नियमों / वरश्रम के सिद्धांतों को समाप्त करें क्योंकि इससे भारत के लोगों में धर्म, जाति, भाषा, संप्रदाय आदि के आधार पर भेदभाव पैदा होता है।2....

असम समझौता : सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ नागरिकता अधिनियम की धारा 6 ए को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर एक नवंबर को सुनवाई की रूपरेखा तय करेगी
असम समझौता : सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ नागरिकता अधिनियम की धारा 6 ए को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर एक नवंबर को सुनवाई की रूपरेखा तय करेगी

सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को असम समझौते को आगे बढ़ाने में 1985 में एक संशोधन के माध्यम से डाली गआ नागरिकता अधिनियम की धारा 6 ए की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिकाओं की सुनवाई 1 नवंबर, 2022 को सूचीबद्ध की।पीठ 1 नवंबर को सुनवाई की तारीख निर्धारित करने के लिए निर्देश देगी।सीनियर एडवोकेट इंदिरा जयसिंह ने जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़, जस्टिस एम आर शाह, जस्टिस कृष्ण मुरारी, जस्टिस हिमा कोहली और जस्टिस पी एस नरसिम्हा को बताया कि संवैधानिक पीठ को भेजे गए कानून के दस प्रश्नों में से एक यह था कि क्या...

ग्रीन बेंच: सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ ने वकीलों से कागज की फाइलें नहीं लाने को कहा
'ग्रीन बेंच': सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ ने वकीलों से कागज की फाइलें नहीं लाने को कहा

जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़ के नेतृत्व वाली सुप्रम कोर्ट की संविधान पीठ ने कहा कि यह एक ग्रीन बेंच होगी और वकीलों से कोई भी कागजात या भौतिक दस्तावेज नहीं लाने को कहा।जस्टिस चंद्रचूड़ ने यह भी कहा कि सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री और आईटी सेल के अधिकारी शनिवार को वकीलों को तर्क पेश करने के लिए प्रौद्योगिकी का उपयोग करने के लिए प्रशिक्षण दे सकते हैं।राष्ट्रीय राजधानी में प्रशासनिक सेवाओं के नियंत्रण को लेकर दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार के बीच विवाद से संबंधित मामले की सुनवाई जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़, जस्टिस...

उद्धव बनाम शिंदे : सुप्रीम कोर्ट  असली शिवसेना दावे पर चुनाव आयोग को फैसला करने से रोकने की अंतरिम अर्जी पर सुप्रीम कोर्ट संविधान पीठ 27 सितंबर को करेगी सुनवाई
उद्धव बनाम शिंदे : सुप्रीम कोर्ट ' असली' शिवसेना दावे पर चुनाव आयोग को फैसला करने से रोकने की अंतरिम अर्जी पर सुप्रीम कोर्ट संविधान पीठ 27 सितंबर को करेगी सुनवाई

सुप्रीम कोर्ट की एक संविधान पीठ ने बुधवार को उद्धव ठाकरे समूह द्वारा भारत के चुनाव आयोग को आधिकारिक शिवसेना पार्टी के रूप में मान्यता के लिए एकनाथ शिंदे समूह द्वारा उठाए गए दावे पर फैसला करने से रोकने के लिए दायर अंतरिम आवेदन पर 27 सितंबर को सुनवाई करने का फैसला किया।5 जजों की बेंच जिसमें जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़, जस्टिस एम आर शाह, जस्टिस कृष्ण मुरारी, जस्टिस हिमा कोहली और जस्टिस पी एस नरसिम्हा महाराष्ट्र में राजनीतिक घटनाक्रम के संबंध में स्पीकर/डिप्टी स्पीकर और राज्यपाल की विभिन्न कार्रवाइयों...

मेरा कार्यकाल 30 सितंबर को समाप्त हो रहा है: अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने सुप्रीम कोर्ट को बताया
'मेरा कार्यकाल 30 सितंबर को समाप्त हो रहा है': अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने सुप्रीम कोर्ट को बताया

भारत के अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल ने सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ को बताया कि उनका कार्यकाल 30 सितंबर को समाप्त हो रहा है।एजी ने यह बयान तब दिया जब दिल्ली-एलजी विवाद पर 5 जजों की पीठ सुनवाई कर रही थी।जब जस्टिस चंद्रचूड़ की अगुवाई वाली बेंच ने सुनवाई की तारीख 11 अक्टूबर तय की, तो एजी ने कहा,"थोड़ी सी समस्या है। मेरा कार्यकाल केवल 30 सितंबर तक है।"जस्टिस चंद्रचूड़ ने एजी को हल्के ढंग से कहा,"आप अनुच्छेद 142 के तहत इस न्यायालय की शक्तियों का अनुमान नहीं लगा सकते हैं।"आगे कहा कि अदालत को विशेष...

सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ लोकसभा और विधानसभा में एससी/एसटी और एंग्लो-इंडियन के लिए आरक्षण को चुनौती देने वाली याचिका पर 1 नवंबर को सुनवाई करेगी
सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ लोकसभा और विधानसभा में एससी/एसटी और एंग्लो-इंडियन के लिए आरक्षण को चुनौती देने वाली याचिका पर 1 नवंबर को सुनवाई करेगी

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) की संविधान पीठ लोकसभा और राज्य विधानमंडल में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति और एंग्लो इंडियन समुदायों को दिए गए राजनीतिक आरक्षण को संविधान द्वारा निर्धारित मूल दस वर्षों से आगे बढ़ाने की संवैधानिक वैधता को चुनौती देने वाली याचिका पर 1 नवंबर को सुनवाई करेगी।मामला संविधान पीठ के समक्ष रखा गया था जिसमें जस्टिस डी.वाई. चंद्रचूड़, जस्टिस एम.आर. शाह, जस्टिस कृष्णा मुरारी, जस्टिस हिमा कोहली और जस्टिस पी.एस. नरसिम्हा शामिल हैं।भारत के संविधान, 1950 के अनुच्छेद 330-334...

दिल्ली सरकार बनाम एलजी : सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ 11 अक्टूबर को संभावित रूप से सुनवाई शुरू करेगी
दिल्ली सरकार बनाम एलजी : सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ 11 अक्टूबर को संभावित रूप से सुनवाई शुरू करेगी

सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ ने राष्ट्रीय राजधानी में प्रशासनिक सेवाओं के नियंत्रण को लेकर दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार के बीच विवाद मामले में सुनवाई शुरू करने की संभावित तारीख 11 अक्टूबर 2022 तय की।5 जजों की बेंच जिसमें जस्टिस डी.वाई. चंद्रचूड़, जस्टिस एम.आर. शाह, जस्टिस कृष्णा मुरारी, जस्टिस हिमा कोहली और जस्टिस पी.एस. नरसिम्हा ने सुनवाई के लिए समय सीमा तय करने के लिए मामले को 27 सितंबर को पोस्ट किया।पीठ को सूचित किया गया कि भारत के चीफ जस्टिस की अगुवाई वाली 5 न्यायाधीशों की पीठ 13 सितंबर को...

फसल बीमा किसी व्यावसायिक पॉलिसी की तरह नहीं  : सुप्रीम कोर्ट ने बीमा कंपनी को फसल के नुकसान के लिए भरपाई करने के निर्देश की पुष्टि की
'फसल बीमा किसी व्यावसायिक पॉलिसी की तरह नहीं ' : सुप्रीम कोर्ट ने बीमा कंपनी को फसल के नुकसान के लिए भरपाई करने के निर्देश की पुष्टि की

सुप्रीम कोर्ट में मुख्य न्यायाधीश यू यू ललित और जस्टिस एस रवींद्र भट ने सोमवार, 5 सितंबर 2022 को, बॉम्बे हाई कोर्ट के उस आदेश को बरकरार रखा, जिसमें बजाज आलियांज जनरल इंश्योरेंस को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत, महाराष्ट्र के उस्मानाबाद जिले के 3,57,287 किसानों को फसल कटाई के बाद भारी वर्षा के कारण खरीफ सीजन 2020 में सोयाबीन की फसल के लिए हुए नुकसान की भरपाई करने का निर्देश दिया गया था।बजाज आलियांज की ओर से सीनियर एडवोकेट विवेक तन्खा ने संबोधित करते हुए कहा कि स्थानीय घटनाओं के विपरीत...

सही समाधान समाज को जातिविहीन बनाने में नहीं बल्कि जातिगत भेदभाव के शिकार लोगों को न्याय दिलाने में है: जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़
सही समाधान समाज को जातिविहीन बनाने में नहीं बल्कि जातिगत भेदभाव के शिकार लोगों को न्याय दिलाने में है: जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) के जज जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ (Justice DY ChandraChud) ने मंगलवार को आईआईटी दिल्ली में ऑफिस ऑफ डायवर्सिटी एंड इनक्लूजन का उद्घाटन भाषण दिया। उन्होंने "रियलाइजिंग डायवर्सिटी- मेकिंग डिफरेंसेस इन हायर एजुकेशन" विषय पर बात की।दिलचस्प बात यह है कि जस्टिस चंद्रचूड़ से पूछे गए प्रश्नों में से एक जाति भेदभाव की रोकथाम के लिए एक व्यवहार्य समाधान के रूप में "जाति उन्मूलन" पर था।हालांकि, जस्टिस चंद्रचूड़ ने जाति उन्मूलन को जातिगत भेदभाव के समाधान के रूप में नहीं देखा।उन्होंने...

न्यायिक अधिकारियों के चयन में साक्षात्कार महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है: सुप्रीम कोर्ट ने  खेल के नियम बदलने के मुद्दे की सुनवाई में कहा
न्यायिक अधिकारियों के चयन में साक्षात्कार महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है: सुप्रीम कोर्ट ने ' खेल के नियम बदलने' के मुद्दे की सुनवाई में कहा

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को इस मुद्दे पर सुनवाई शुरू की कि क्या चयन प्रक्रिया शुरू होने के बाद "खेल के नियमों" को बदला जा सकता है। कुछ हाईकोर्ट द्वारा आयोजित जिला न्यायाधीशों की चयन प्रक्रिया से संबंधित मामलों के एक बैच में यह मुद्दा उठा। प्राथमिक प्रश्न यह है कि क्या प्रक्रिया के दौरान चयन मानदंड को बदला जा सकता है।जस्टिस इंदिरा बनर्जी, जस्टिस हेमंत गुप्ता, जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस एम एम सुंदरेश और जस्टिस सुधांशु धूलिया की पांच-न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने मामले में पेश एडवोकेट को कहा, "जब...

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से ऐसे राज्यों पर जल्द से जल्द उपचारात्मक उपाय के लिए दबाव डालने को कहा जो अभी भी आईटी एक्ट धारा 66ए के तहत एफआईआर दर्ज कर रहे हैं
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र से ऐसे राज्यों पर "जल्द से जल्द उपचारात्मक उपाय" के लिए दबाव डालने को कहा जो अभी भी आईटी एक्ट धारा 66ए के तहत एफआईआर दर्ज कर रहे हैं

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को केंद्र सरकार को उन राज्यों के मुख्य सचिवों से संपर्क करने के लिए कहा जहां 2015 में कोर्ट द्वारा असंवैधानिक घोषित किए जाने के बावजूद सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66 ए के तहत प्राथमिकी दर्ज की जा रही है। अदालत ने भारत संघ से ऐसे राज्यों पर "जल्द से जल्द उपचारात्मक उपाय" करने के लिए दबाव डालने को कहा। भारत के मुख्य न्यायाधीश यूयू ललित और जस्टिस एस रवींद्र भट की पीठ एनजीओ पीपुल्स यूनियन फॉर सिविल लिबर्टीज (पीयूसीएल) द्वारा दायर उस रिट याचिका पर सुनवाई कर रही थी,...

वकीलों का न्यायाधीशों की सहानुभूति भुनाना शर्मनाक : सीजेआई ललित एक मामले में स्थगन के अनुरोध पर कहा
वकीलों का न्यायाधीशों की सहानुभूति भुनाना शर्मनाक : सीजेआई ललित एक मामले में स्थगन के अनुरोध पर कहा

सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश यूयू ललित और जस्टिस रवींद्र भट की खंडपीठ ने मंगलवार को मामलों को स्थगित करने के लिए न्यायाधीशों की सहानुभूति भुनाने वाले वकीलों पर नाराजगी व्यक्त की। इसी का संदर्भ यह है कि एक एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड ने अपने मामले को दो दिनों के लिए स्थगित करने का अनुरोध यह कहते हुए किया कि उनके सीनियर जो इस मामले में उनका नेतृत्व कर रहे हैं, इस समय अनुपलब्ध हैं। सीजेआई ललित ने इस पर कहा-" ये 2015 के मामले हैं..कृपया हम पर कुछ दया करें..जजों की सहानुभूति भुनाना शर्मनाक है।"हालांकि,...

सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक के पूर्व एमएलसी को एससी/एसटी एक्ट मामले में आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया
सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक के पूर्व एमएलसी को एससी/एसटी एक्ट मामले में आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया

सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को कर्नाटक विधान परिषद के पूर्व सदस्य श्रीकांत को एक आपराधिक मामले में दो सप्ताह के भीतर ट्रायल कोर्ट के समक्ष आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया। श्रीकांत के खिलाफ अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 की धारा 3(1)(आर) और धारा 3(1)(एस) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया ‌था।जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ और जस्टिस हिमा कोहली ने इस तथ्य को ध्यान में रखते हुए कि चार्जशीट पहले ही दायर की जा चुकी है, कहा कि अब हिरासत में जांच की आवश्यकता नहीं होगी। पीठ ने...

जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़
अगर कोई मेरी बात मोबाइल फोन पर रिकॉर्ड कर लेता है तो यह कोई बड़ी बात नहीं, यह ओपन कोर्ट है: जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़

सुप्रीम कोर्ट में पिछले कुछ समय से कानूनी कार्यवाही में तकनीकी उपयोग की वकालत करने वाले जज जस्टिस डी.वाई. चंद्रचूड़ ने अदालतों में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के उपयोग पर कुछ दिलचस्प टिप्पणी की।जस्टिस चंद्रचूड़ को सुनवाई के दौरान सीनियर एडवोकेट विजय हंसरिया ने अवगत कराया कि उन्हें हाईकोर्ट के न्यायाधीशों और अधीनस्थ न्यायपालिका अदालतों के जजों बताया कि उन्हें कोर्टरूम के अंदर फोन के इस्तेमाल को प्रोत्साहित नहीं करना चाहिए।जस्टिस चंद्रचूड़ ने यह संकेत देते हुए कि मानसिकता में बदलाव होना चाहिए,एक घटना...

लखीमपुर खीरी केस: सुप्रीम कोर्ट ने आरोपी आशीष मिश्रा की जमानत याचिका पर नोटिस जारी किया
लखीमपुर खीरी केस: सुप्रीम कोर्ट ने आरोपी आशीष मिश्रा की जमानत याचिका पर नोटिस जारी किया

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने मंगलवार को लखमीपुर खीरी हिंसा मामले में केंद्रीय मंत्री अजय कुमार मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा की याचिका पर उत्तर प्रदेश राज्य को नोटिस जारी किया।जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस एमएम सुंदरेश की पीठ इलाहाबाद उच्च न्यायालय के 26 जुलाई के आदेश को चुनौती देने वाली मिश्रा की याचिका पर विचार कर रही थी जिसमें उनकी नियमित जमानत याचिका खारिज कर दी गई थी। राज्य को 26 सितंबर तक जवाब दाखिल करने को कहा गया है।मिश्रा की ओर से सीनियर एडवोकेट मुकुल रोहतगी ने प्रस्तुत किया कि आरोप...

सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व आईपीएस अधिकारी संजीव भट्ट की उनके खिलाफ दर्ज आपराधिक मामला रद्द करने की मांग वाली याचिका खारिज की
सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व आईपीएस अधिकारी संजीव भट्ट की उनके खिलाफ दर्ज आपराधिक मामला रद्द करने की मांग वाली याचिका खारिज की

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने पूर्व आईपीएस अधिकारी संजीव भट्ट (IPS Sanjiv Bhatt) की उनके खिलाफ दर्ज आपराधिक मामला रद्द करने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी।बता दें, गुजरात हाईकोर्ट ने भट्ट के खिलाफ दर्ज शिकायत को रद्द करने से इनकार कर दिया था। इसी फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील दायर की गई थी।पीठ ने विशेष अनुमति याचिका का निपटारा कर दिया और अपने आदेश में कहा कि उन्हें मामले में हस्तक्षेप करने का कोई कारण नहीं मिला।पीठ ने कहा,"याचिकाकर्ता आरोपी को तलब करने के मजिस्ट्रेट के आदेश और उच्च...

ईडी निदेशक का लंबा कार्यकाल जनहित में, चुनौतियां राजनीतिक रूप से प्रेरित: केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट को बताया
ईडी निदेशक का लंबा कार्यकाल जनहित में, चुनौतियां राजनीतिक रूप से प्रेरित: केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट को बताया

यह दावा करते हुए कि याचिकाकर्ता राजनीति से प्रेरित हैं और कानून बनाने में विधायिका की मंशा पर सवाल नहीं उठाया जा सकता है, केंद्र सरकार ने निदेशालय प्रवर्तन (ईडी) के निदेशक को दिए गए कार्यकाल के विस्तार का समर्थन करते हुए एक व्यापक जवाबी हलफनामा दायर किया है।यह हलफनामा प्रवर्तन निदेशालय के निदेशक को दिए गए विस्तार को चुनौती देने वाली याचिकाओं के एक बैच के जवाब में आया है। याचिकाएं केंद्रीय सतर्कता आयोग (संशोधन) अधिनियम 2021 [संशोधन] को भी चुनौती देती हैं जो निदेशालय के प्रवर्तन निदेशक के कार्यकाल...

जज इस सिस्टम के सॉफ्टवेयर हैं, न्याय वितरण सुनिश्चित करना चाहिए: जस्टिस संजय किशन कौल ने शीघ्र न्याय सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया
जज इस सिस्टम के सॉफ्टवेयर हैं, न्याय वितरण सुनिश्चित करना चाहिए: जस्टिस संजय किशन कौल ने शीघ्र न्याय सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया

सुप्रीम कोर्ट के जज, जस्टिस संजय किशन कौल ने शनिवार को टिप्पणी की कि न्यायाधीश और वकील सिस्टम के सॉफ्टवेयर हैं और न्यायाधीशों और वकील पर कर्तव्य है कि वे न्याय प्रदान करें और सुनिश्चित करें। वह चेन्नई में अधीनस्थ न्यायालयों के लिए बहुमंजिला संयुक्त अदालत भवन की आधारशिला रखने और मद्रास के उपयोग के लिए पुराने लॉ कॉलेज हेरिटेज बिल्डिंग के जीर्णोद्धार की शुरुआत के अवसर पर मद्रास हाईकोर्ट में बोल रहे थे।उन्होंने कहा,"कोई भी संस्थान स्थिर नहीं रहता। आपको इसमें सुधार करना है। समय के साथ यह नीचे जाता...

सिद्दीकी कप्पन के पीएफआई जैसे आतंकी फंडिंग संगठनों के साथ गहरे संबंध हैं: यूपी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया
सिद्दीकी कप्पन के पीएफआई जैसे आतंकी फंडिंग संगठनों के साथ गहरे संबंध हैं: यूपी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बताया

यूपी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) को बताया है कि केरल के पत्रकार सिद्दीकी कप्पन (Siddique Kappan) के पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया और उसके छात्र विंग कैंपस फ्रंट ऑफ इंडिया जैसे आतंकी फंडिंग संगठनों के साथ "गहरे संबंध" हैं। कप्पन हाथरस साजिश मामले के सिलसिले में अक्टूबर 2020 से हिरासत में है।इन संगठनों को कथित तौर पर तुर्की में IHH जैसे अल कायदा से जुड़े संगठनों के साथ संबंध पाया गया है।सरकार ने कप्पन को जमानत दिए जाने का विरोध करते हुए अपने जवाबी हलफनामे में कहा कि निचली अदालतों के...