हाईकोर्ट
प्रथम दृष्टया भ्रष्टाचार: स्टूडेंट्स के रजिस्ट्रेशन न होने पर झारखंड हाइकोर्ट ने JUT-AICTE के खिलाफ CBI जांच के आदेश दिए
झारखंड हाइकोर्ट ने झारखंड प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (JUT) और अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद (AICTE) की कार्यप्रणाली पर कड़ा प्रहार करते हुए CBI जांच के आदेश दिए। कोर्ट ने तकनीकी स्टूडेंट के पंजीकरण से जुड़े मामले में टिप्पणी की कि यह मामला प्रथम दृष्टया राज्य अधिकारियों द्वारा अपनाए गए भ्रष्ट आचरण को दर्शाता है, जिसने स्टूडेंट्स के भविष्य को संकट में डाल दिया।जस्टिस राजेश कुमार ने धनबाद इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी द्वारा दायर एक रिट याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया।सुनवाई के दौरान...
वकील की गलती की सजा मुवक्किल को नहीं: राजस्थान हाइकोर्ट ने 25 पेड़ लगाने की शर्त पर बहाल किया पुराना मामला
राजस्थान हाइकोर्ट ने महत्वपूर्ण कानूनी व्यवस्था देते हुए कहा कि वकील द्वारा सुनवाई की अगली तारीख नोट करने में हुई मानवीय भूल के लिए मुवक्किल को प्रताड़ित नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने तकनीकी आधार पर मामले को बहाल करने से इनकार करने वाले ट्रायल कोर्ट का आदेश रद्द कर दिया।जस्टिस अनूप कुमार ढांड की पीठ ने न केवल मामले को दोबारा शुरू करने का आदेश दिया, बल्कि याचिकाकर्ता पर पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी एक अनूठी शर्त भी लगाई।अदालत ने मामले को बहाल करने के बदले याचिकाकर्ता पर 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया।...
लोक अदालत में समझौता पक्षकारों की स्वतंत्र सहमति से ही संभव, वकील को बिना लिखित अधिकार समझौता करने का हक नहीं: गुवाहाटी हाइकोर्ट
गुवाहाटी हाइकोर्ट ने नेशनल लोक अदालत में दर्ज किए गए समझौते की वैधता पर अहम फैसला सुनाया। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम, 1987 के तहत कोई भी समझौता तभी मान्य होगा जब वह पक्षकारों द्वारा स्वयं अपनी स्वतंत्र सहमति से किया गया हो।जस्टिस संजय कुमार मेधी ने इस मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि वकील द्वारा बिना किसी लिखित प्राधिकार के किया गया समझौता कानूनी रूप से वैध नहीं माना जा सकता और न ही उसे अनिवार्य माना जा सकता है।अदालत ने इस बात पर जोर दिया कि विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम...
"फ्रॉड टैग से 'सिविल डेथ' हुई, ऑडिट अधूरा और नाकाबिल": अनिल अंबानी ने बॉम्बे हाईकोर्ट से कहा
बैंकों के ग्रुप द्वारा उनके लोन अकाउंट्स को 'फ्रॉड' घोषित करने के लिए जिस फोरेंसिक ऑडिट रिपोर्ट पर भरोसा किया गया, उसमें कमियां बताते हुए, उद्योगपति अनिल अंबानी ने शुक्रवार को बॉम्बे हाईकोर्ट से कहा कि रिपोर्ट तैयार करने वाले ऑडिटर 'नाकाबिल' हैं और उन्होंने 'अधूरा' नतीजा दिया।चीफ जस्टिस चंद्रशेखर और जस्टिस गौतम अंखड की डिवीजन बेंच बैंक ऑफ बड़ौदा, इंडियन ओवरसीज बैंक और IDBI बैंक द्वारा दायर अपीलों की सुनवाई कर रही है, जिसमें एक सिंगल-जज के आदेश को चुनौती दी गई। उस जज ने रिलायंस ग्रुप के फाउंडर और...
बच्चे के प्राइवेट पार्ट से लिंग रगड़ना POCSO Act के तहत 'पेनिट्रेटिव सेक्शुअल असॉल्ट' नहीं: दिल्ली हाईकोर्ट ने आरोपी की सज़ा में बदलाव किया
दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि पेनिट्रेशन के सबूत के बिना किसी बच्चे के प्राइवेट पार्ट से पुरुष के प्राइवेट पार्ट को रगड़ना, प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्शुअल ऑफेंसेस एक्ट (POCSO Act) की धारा 3 के तहत "पेनिट्रेटिव सेक्शुअल असॉल्ट" नहीं माना जाएगा।जस्टिस चंद्रशेखरन सुधा ने कहा,“आरोपी के लिंग को PW1 के प्राइवेट पार्ट से रगड़ना, साफ तौर पर एक्ट की धारा 3 के क्लॉज़ (a) से (d) के तहत नहीं आता है। इसलिए रिकॉर्ड पर मौजूद सबूतों के आधार पर POCSO Act की धारा 3 के तहत पेनिट्रेटिव सेक्शुअल असॉल्ट या धारा 5...
हल्दिघाटी में अतिक्रमण पर हाईकोर्ट ने जताई चिंता, कहा- राजपूत गौरव के प्रतीक पिकनिक स्पॉट बनकर रह गए
हल्दीघाटी दर्रे और रक्त तलाई के ऐतिहासिक स्थलों की उपेक्षित और खराब हालत को उजागर करने वाली न्यूज़ रिपोर्ट पर स्वतः संज्ञान लेते हुए दायर की गई जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए राजस्थान हाईकोर्ट ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों की यह व्यवस्थागत विफलता संविधान के अनुच्छेद 21, 49 और 51A(g) का उल्लंघन है।जस्टिस डॉ. पुष्पेंद्र सिंह भाटी और जस्टिस संजीत पुरोहित की खंडपीठ ने केंद्र और राज्य सरकारों को नोटिस जारी कर स्थलों के संरक्षण के लिए उठाए गए कदमों और अतिक्रमण, प्रदूषण और जीर्णोद्धार से निपटने के...
25% RTE कोटा प्री-प्राइमरी क्लास पर लागू होता है, इसे क्लास I तक सीमित करना कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए नुकसानदायक: राजस्थान हाईकोर्ट
राजस्थान हाईकोर्ट ने कहा कि शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 (RTE Act) के तहत 25% सीटें आरक्षित करने की बाध्यता न केवल क्लास I पर, बल्कि उन सभी प्री-प्राइमरी स्तरों पर भी लागू होती है, जहाँ ऐसी शिक्षा दी जाती है।एक्टिंग चीफ जस्टिस संजीव प्रकाश शर्मा और जस्टिस बलजिंदर सिंह संधू की डिवीजन बेंच ने राय दी कि इसे क्लास I तक सीमित करने से अधिनियम का उद्देश्य विफल हो जाएगा, क्योंकि कमजोर वर्ग के स्टूडेंट उन अन्य बच्चों की तुलना में नुकसान में रहेंगे, जिन्होंने पहले ही प्री-प्राइमरी कक्षाओं में पढ़ाई की...
BNSS की धारा 193 (3): कस्टडी की श्रृंखला
दंड प्रक्रिया संहिता, 1973 की धारा 173 की उप-धारा (2) के खंड (i) में (संक्षेप में 'कोड') एक पुलिस रिपोर्ट (चार्जशीट) की सामग्री के बारे में आवश्यकताओं को बताया गया है, जिसे किसी मामले की जांच पूरी करने के बाद पुलिस स्टेशन के प्रभारी अधिकारी द्वारा मजिस्ट्रेट को अग्रेषित किया जाएगा। इस प्रावधान को अब भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 (संक्षेप में'बीएनएसएस') की धारा 193 की उप-धारा (3) के खंड (i) द्वारा प्रतिस्थापित किया गया है।बीएनएसएस की धारा 193 की उप-धारा (3) के खंड (i), जब संहिता की धारा 173...
BREAKING | पुलिस रेड के बाद ED रांची ऑफिस में पैरामिलिट्री फोर्स तैनात करने का आदेश दिया, हाईकोर्ट ने अधिकारियों के खिलाफ FIR पर रोक लगाई
झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य पुलिस द्वारा प्रवर्तन निदेशालय (ED) के अधिकारियों के खिलाफ दर्ज FIR में आगे की जांच और कार्यवाही पर रोक लगाई।कोर्ट ने भारत सरकार के गृह सचिव को रांची में ED के ऑफिस में CISF या BSF, या किसी अन्य उपयुक्त पैरामिलिट्री फोर्स को तैनात करने का भी निर्देश दिया। यह आदेश झारखंड पुलिस के ED ऑफिस में घुसने और परिसर को क्राइम सीन मानने की घटना के बाद आया है।झारखंड हाईकोर्ट की जस्टिस संजय कुमार द्विवेदी की सिंगल जज बेंच राज्य पुलिस द्वारा भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा...
एक बार जब कोई मामला फाइनल हो जाता है तो ट्रायल कोर्ट उसे दोबारा नहीं खोल सकता या स्पष्टीकरण के लिए हाईकोर्ट को रेफर नहीं कर सकता: जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट
जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट ने कहा कि एक बार जब ट्रायल कोर्ट किसी मामले पर अंतिम फैसला दे देता है तो उसके पास उस मामले को दोबारा खोलने, उस पर फिर से विचार करने या उसी मामले को हाई कोर्ट को रेफर करने का अधिकार क्षेत्र नहीं होता है, खासकर जब आदेश फाइनल हो गया हो और उचित कानूनी उपायों से उसे चुनौती न दी गई हो।चीफ जस्टिस अरुण पल्ली और जस्टिस रजनेश ओसवाल की बेंच ने कहा कि किसी तय मामले पर दोबारा बहस की अनुमति देना न्यायिक प्रक्रिया का दुरुपयोग होगा, और जो वादी किसी प्रतिकूल आदेश को चुनौती देने में विफल रहा...
सेवा में तीन साल से कम शेष होने के आधार पर अनुकंपा नियुक्ति से इनकार नहीं किया जा सकता: गुवाहाटी हाइकोर्ट
गुवाहाटी हाइकोर्ट ने अहम फैसला सुनाते हुए कहा कि किसी सरकारी कर्मचारी की मृत्यु के समय उसकी सेवा में तीन साल से कम अवधि शेष होने के आधार पर उसके आश्रितों को अनुकंपा नियुक्ति से वंचित करना मनमाना है और यह संविधान के अनुच्छेद 14 का उल्लंघन है।चीफ जस्टिस अशुतोष कुमार और जस्टिस अरुण देव चौधरी की खंडपीठ ने स्पष्ट रूप से कहा कि मृतक कर्मचारी की शेष सेवा अवधि के आधार पर किया गया यह वर्गीकरण न तो तार्किक है और न ही इसका उद्देश्य से कोई सीधा संबंध है।हाइकोर्ट ने कहा,“हम पाते हैं कि मृत कर्मचारी की बची...
नियुक्ति पत्र की तारीख निर्णायक, जॉइनिंग की तारीख नहीं: हिमाचल प्रदेश हाइकोर्ट
हिमाचल प्रदेश हाइकोर्ट ने स्पष्ट किया कि वेतन निर्धारण से जुड़े लाभ तय करने के लिए नियुक्ति पत्र की तारीख निर्णायक होगी, न कि कर्मचारी के सेवा जॉइन करने की तारीख।हाइकोर्ट ने कहा कि यदि नियुक्ति पत्र नियमों में संशोधन से पहले जारी हो चुका है तो बाद में जॉइन करने के आधार पर कर्मचारी को उसके वैध अधिकारों से वंचित नहीं किया जा सकता।यह अहम फैसला जस्टिस संदीप शर्मा ने पूर्व सैनिक संजीव कुमार की याचिका पर सुनाया।अदालत ने कहा कि याचिकाकर्ता का अपनी पूरी स्वीकृत सैन्य सेवा को वेतन निर्धारण के लिए गिनवाने...
कोलकाता हाइकोर्ट ने सहकारी बैंक कर्मचारियों को चुनाव ड्यूटी पर लगाने का निर्वाचन आयोग का निर्देश रद्द किया
कोलकाता हाइकोर्ट ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के संबंध में बालागेरिया सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड के कर्मचारियों को चुनावी ड्यूटी पर लगाने के लिए जारी निर्वाचन आयोग (EC) का निर्देश रद्द कर दिया।हाइकोर्ट ने स्पष्ट किया कि स्वायत्त सहकारी बैंक के कर्मचारी सरकारी कर्मचारी नहीं हैं और उन्हें चुनाव कार्य के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता।यह आदेश जस्टिस कृष्णा राव ने बैंक के कर्मचारियों द्वारा दायर याचिका पर पारित किया। याचिकाकर्ताओं ने 19 सितंबर, 2025 को जारी उस पत्र को चुनौती दी थी, जिसमें...
बॉम्बे हाईकोर्ट ने AI-जनरेटेड, असत्यापित दलीलें दाखिल करने पर पक्षकार को फटकारा, ₹50,000 का जुर्माना लगाया
बॉम्बे हाईकोर्ट ने हाल ही में एक मामले में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के दुरुपयोग पर कड़ी नाराज़गी जताते हुए एक पक्षकार पर ₹50,000 का जुर्माना लगाया। अदालत ने पाया कि संबंधित पक्ष ने अपनी लिखित दलीलों में एक ऐसा न्यायिक फैसला उद्धृत किया, जो वास्तव में अस्तित्व में ही नहीं था और जिसे संभवतः AI टूल की मदद से गढ़ा गया था।यह मामला मुंबई के ओशिवारा इलाके में स्थित एक फ्लैट को लेकर दो फिल्म निर्माताओं के बीच विवाद से जुड़ा था, जिस पर महाराष्ट्र किराया नियंत्रण अधिनियम, 1999 लागू होता है। इस मामले की...
CLAT टॉपर को लेकर कोचिंग संस्थानों के विवाद में FIR जांच पर राजस्थान हाईकोर्ट की रोक
राजस्थान हाईकोर्ट ने CLAT (कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट) में उच्च ऑल इंडिया रैंक (AIR) हासिल करने वाली नाबालिग छात्रा से जुड़े विवाद में दर्ज आपराधिक मामले की आगे की जांच पर रोक लगा दी है। यह विवाद दो CLAT कोचिंग संस्थानों के बीच छात्रा को मेंटर करने के दावे को लेकर उत्पन्न हुआ था।इस मामले में दर्ज FIR में आरोप लगाया गया था कि छात्रा के पिता ने एक प्रतिस्पर्धी कोचिंग संस्थान से मिले कथित लाभकारी प्रस्ताव का हवाला देकर मूल संस्थान पर दबाव बनाने की कोशिश की, जो कथित रूप से धमकी और ब्लैकमेलिंग के दायरे में...
IRCTC घोटाला: दिल्ली हाईकोर्ट ने राबड़ी देवी की चार्ज फ्रेमिंग के खिलाफ याचिका पर नोटिस जारी किया
दिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार को बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) प्रमुख लालू प्रसाद यादव की पत्नी राबड़ी देवी की याचिका पर नोटिस जारी किया, जिसमें कथित IRCTC घोटाले मामले में उनके खिलाफ आरोप तय करने को चुनौती दी गई।जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने सेंट्रल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन (CBI) से जवाब मांगा और मामले की सुनवाई के लिए 20 जनवरी की तारीख तय की।अपनी याचिका में देवी ने कहा कि ट्रायल कोर्ट ने सिर्फ़ अनुमानों के आधार पर उनके खिलाफ गलत तरीके से आरोप तय किए।उन्होंने कहा कि अगर...
प्रयाग ग्रुप मामला: 2,862 करोड़ की कथित धोखाधड़ी की गंभीरता, भगोड़ा घोषित होना और लापता धनराशि के चलते कलकत्ता हाइकोर्ट ने जमानत से किया इनकार
कलकत्ता हाइकोर्ट ने मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े एक बड़े मामले में प्रयाग ग्रुप के निदेशकों बसुदेब बागची और अविक बागची की नियमित जमानत याचिका खारिज की।अदालत ने कहा कि हजारों निवेशकों के साथ लगभग 2,862 करोड़ की कथित धोखाधड़ी, आरोपियों का भगोड़ा घोषित होना और अपराध से अर्जित भारी राशि का अब तक पता न चल पाना, धनशोधन निवारण अधिनियम (PMLA) की धारा 45 के तहत उन्हें किसी भी तरह की राहत देने से रोकता है।जस्टिस राजर्षि भारद्वाज और जस्टिस उदय कुमार की खंडपीठ ने कहा कि सार्वजनिक धन से जुड़े आर्थिक अपराध एक अलग...
दिल्ली हाइकोर्ट ने सर्दी में खुले में सोने को मजबूर लोगों के लिए AIIMS को दान देने की अपील की
दिल्ली हाइकोर्ट ने शुक्रवार को दिल्ली हाइकोर्ट बार एसोसिएशन (DHCBA) के वकीलों से अपील की कि वे AIIMS को दान देने के लिए आगे आएं ताकि सर्दी के मौसम में अस्पताल परिसर के बाहर खुले में सोने को मजबूर मरीजों, उनके तीमारदारों और परिजनों के लिए उचित आश्रय की व्यवस्था की जा सके।चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय और जस्टिस तेजस कारिया की खंडपीठ ने मौखिक टिप्पणी करते हुए कहा कि वकीलों को इस दिशा में सक्रिय किया जाना चाहिए और AIIMS के लिए कुछ धनराशि एकत्र की जानी चाहिए।यह टिप्पणी तब की गई जब AIIMS की ओर से पेश वकील...
सिर्फ संदेह सजा का आधार नहीं हो सकता, अपराध सिद्ध करने में राज्य विफल: गुजरात हाइकोर्ट ने गैंगरेप-हत्या मामले में तीनों की मौत की सजा रद्द की
गुजरात हाइकोर्ट ने एक अहम फैसले में गैंगरेप और हत्या के मामले में दोषी ठहराए गए तीन आरोपियों की मौत की सजा को रद्द कर दिया।हाइकोर्ट ने कहा कि राज्य सरकार आरोपियों के खिलाफ अपराध को संदेह से परे साबित करने में असफल रही और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों की पूरी श्रृंखला स्थापित नहीं हो सकी। ऐसे में केवल आशंका के आधार पर सजा को बरकरार नहीं रखा जा सकता।जस्टिस इलेश जे. वोरा और जस्टिस आर.टी. वछानी की खंडपीठ आरोपियों की अपील और मौत की सजा की पुष्टि के लिए भेजे गए संदर्भ पर सुनवाई कर रही थी।अदालत ने माना कि...
पीएम मोदी डिग्री विवाद: केजरीवाल-संजय सिंह की प्रेस कॉन्फ्रेंस 'राजनीतिक रणनीति' का हिस्सा, अलग ट्रायल से हाइकोर्ट का इनकार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की शैक्षणिक डिग्री को लेकर दिए गए कथित बयानों से जुड़े मानहानि मामले में गुजरात हाइकोर्ट ने आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता और पूर्व दिल्ली मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की याचिका खारिज की।हाइकोर्ट ने कहा कि अरविंद केजरीवाल और सांसद संजय सिंह द्वारा की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस एक सोची-समझी “राजनीतिक रणनीति” का हिस्सा प्रतीत होती है और दोनों के खिलाफ लगाए गए आरोप एक ही लेन-देन का हिस्सा हैं, इसलिए अलग-अलग ट्रायल का कोई आधार नहीं बनता।जस्टिस एम.आर. मेंगडेय ने अपने आदेश में कहा कि...




















