मुख्य सुर्खियां
पहले से जानकारी दिये बगैर पेमेंट काउंटर पर कैरी बैग के लिए अतिरिक्त पैसे वसूलना अनुचित ट्रेड प्रैक्टिस : एनसीडीआरसी
राष्ट्रीय उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग (NCDRC) ने बिग बाजार को भुगतान करने के समय उपभोक्ता पर कैरी बैग की अतिरिक्त लागत लगाने के अपने अनुचित ट्रेड प्रैक्टिस को तत्काल प्रभाव से बंद करने का निर्देश दिया है। बिग बाजार की ओर से दायर पुनर्विचार याचिका खारिज करते हुए आयोग ने कहा कि उपभोक्ता को खास रिटेल आउटलेट के पास जाने और उस आउटलेट से खरीद के लिए वस्तुओं के चयन करने से पहले यह जानने का हक है कि कैरी बैग के लिए उसे अतिरिक्त पैसे देने होंगे। इतना ही नहीं, उपभोक्ता को उस कैरी बैग की कीमत और उसकी...
''उसे अपनी शर्तों पर जीवन जीने का अधिकार है'' इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अलग-अलग धर्म से संबंध रखने वाले कपल को फिर से मिलवाया
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाल ही में अलग-अलग धर्म से संबंध रखने वाले एक जोड़े को फिर से मिलवाते हुए कहा है कि महिला (शिखा) ने यह ''व्यक्त किया था कि वह अपने पति (सलमान उर्फ करण) के साथ रहना चाहती है, इसलिए वह बिना किसी प्रतिबंध या किसी तीसरे पक्ष द्वारा उत्पन्न्न की गई बाधा के अपनी पसंद के अनुसार जीवन जीने के लिए स्वतंत्र है।''न्यायमूर्ति पंकज नकवी और न्यायमूर्ति विवेक अग्रवाल की खंडपीठ एक व्यक्ति (सलमान उर्फ करण) द्वारा दायर बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसने अदालत के समक्ष बताया था...
दिल्ली पुलिस ने एडवोकेट महमूद प्राचा के कार्यालय की तलाशी के वीडियो फुटेज को अदालत की मुहर के साथ संरक्षित करने का आदेश दिया
दिल्ली की एक अदालत ने रविवार को निर्देश दिया कि एडवोकेट महमूद प्राचा के कार्यालय पर दो दिन पहले दिल्ली पुलिस द्वारा की गई तलाशी के पूरे वीडियो फुटेज को अदालत की मुहर के साथ संरक्षित रखा जाए।पटियाला हाउस कोर्ट ने एडवोकेट महमूद प्राचा द्वारा गुरुवार को अपने कार्यालय में दिल्ली पुलिस द्वारा किए गए छापे की वीडियो फुटेज की प्रतियों को संरक्षित करने के लिए दिए गए आवेदन पर उक्त निर्देश दिया।अदालत ने शुक्रवार को दिल्ली दंगों से जुड़े मामलों की जांच से जुड़े पुलिस अधिकारी को तलब किया था। इसके अलावा...
हमारी न्यायिक प्रणाली को एक हाइब्रिड सिस्टम की जरूरत है, जहां वकीलों को फिजिकल या वर्चुअल सुनवाई के बीच चुनाव की सुविधा दी जाए: जस्टिस गौतम पटेल
फोरम फॉर फास्ट जस्टिस, पब्लिक कंसर्न फॉर गवर्नेंस ट्रस्ट और नेशनल फेडरेशन ऑफ सोसाइटीज फॉर फास्ट जस्टिस ने शनिवार को एक वेबनिार का आयोजन किया, जिसका विषय था, " ए विजन फॉर वर्चुअल कोर्ट्स"। वेबिनार में भारतीय न्यायिक प्रणाली में वर्चुअल सुनवाई की आवश्यकता और महत्व पर चर्च की गई। वेबिनार के वक्ताओं में सुप्रीम कोर्ट ई-समिति के मौजूदा उपाध्यक्ष रिटायर्ड जस्टिस आरसी चव्हाण और बॉम्बे हाईकोर्ट के जज, जस्टिस गौतम एस पटेल शामिल थे। कार्यक्रम का संचालन पूर्व केंद्रीय सूचना आयुक्त श्री शैलेश गांधी ने...
एचआईवी से संक्रमित होने वाली महिला को 7.5 हजार रूपये महीना सहायता प्रदान करे राज्य सरकार: मद्रास हाईकोर्ट ने तमिलनाडु सरकार को निर्देश दिया
मद्रास हाईकोर्ट ने मंगलवार (22 दिसंबर) को तमिलनाडु सरकार को निर्देश दिया कि वह एक महिला को आर्थिक सहायता के रूप में प्रति माह 7,500 / - प्रदान करे, जो दिसंबर 2018 में सरकारी अस्पताल में एचआईवी संक्रमित रक्त से संक्रमित हो गई थी।न्यायमूर्ति एन. किरुबाकरण और न्यायमूर्ति बी. पुगलेंधी की खंडपीठ ने यह भी निर्देश दिया कि महिला को कनिष्ठ सहायक के रूप में नियुक्त किया जाए।केस की पृष्ठभूमि'द हिंदू' की रिपोर्ट के अनुसार, 23 वर्षीय गर्भवती महिला का एचआईवी टेस्ट पॉज़िटिव पाया गया था, क्योंकि उसे...
एडवोकेट महमूद प्राचा के ऑफिस पर पुलिस की छापेमारी का मामला : दिल्ली हाईकोर्ट महिला वकील फोरम ने जांच एजेंसियों द्वारा वकीलों को टारगेट करने की भर्त्सना की
दिल्ली हाईकोर्ट महिला वकील फोरम ने शनिवार को दिल्ली दंगों के षड्यंत्र के मामलों में कई अभियुक्तों की पैरवी करने वाले एक वकील महमूद प्राचा के कार्यालय पर दिल्ली पुलिस द्वारा की गई छापेमारी की कार्रवाई की निंदा की। दिल्ली उच्च न्यायालय बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मोहित माथुर को संबोधित एक पत्र में फोरम से जुड़े वकीलों ने जांच एजेंसियों की इस कार्रवाई को वकीलों को हतोत्साहित करने और उन्हें डराने के प्रयास के रूप में बताया।पत्र में यह दावा किया गया है कि इन जांच एजेंसियों द्वारा वकीलों को निशाना बनाया...
"POSH अधिनियम के तहत आंतरिक समिति का गठन न करना कानून का उल्लंघन" : दिल्ली कोर्ट ने श्रीलंका एयरलाइंस को दोषी माना
दिल्ली की एक अदालत ने हाल ही में कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण अधिनियम) 2013 का उल्लंघन करने पर श्रीलंकाई एयरलाइंस को दोषी ठहराया।देव सरोहा, मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट, पटियाला हाउस कोर्ट्स, दिल्ली ने इस सवाल का जवाब देते हुए कि क्या कंपनी को अधिनियम की धारा 4 के तहत एक आंतरिक समिति के रूप में दिल्ली डिवीजन में कार्य करना या भारतीय कानून या भारत अधिनियम के अनुसार भारत में मनाया गया था। शिकायतकर्ता द्वारा शिकायत दर्ज करने की तारीख पर, एयरलाइन के पास आईसी नहीं था और न ही उसके पास...
एर्नाकुलम सत्र न्यायालय ने गैरकानूनी रूप से घर की नौकरानी को कैद करने के आरोपी अधिवक्ता को जमानत दी
केरल के एर्नाकुलम सत्र न्यायालय ने मंगलवार को इम्तियाज अहमद नामक वकील को अग्रिम जमानत दे दी। वकील पर आरोप लगाया गया था कि उसने अपने घर की नौकरानी को अवैध रूप से कैद कर लिया था, जिसकी बाद में घर से भागने की कोशिश में मौत हो गई।अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश, मोहनकृष्ण पी. ने देखा कि अभियुक्त के खिलाफ लगाए गए अधिकांश अपराध प्रकृति में जमानती हैं और केवल गैर-जमानती अपराध जो कि मानव तस्करी से संबंधित है, उनमें वह प्रथम दृष्टया दोषी नहीं है।न्यायालय ने यह भी कहा कि आरोपी एक वकील है और उसके न्याय...
कानून की उचित प्रक्रिया से बेदखल नहीं किया गया व्यक्ति बिजली कनेक्शन पाने का हकदार : कलकत्ता हाईकोर्ट
कलकत्ता उच्च न्यायालय ने गुरुवार (24 दिसंबर) को यह माना कि जब तक कानून की उचित प्रक्रिया से बेदखल नहीं किया जाता, तब तक एक अतिक्रमी भी बिजली का हकदार है । न्यायमूर्ति अरिंदम मुखर्जी की पीठ ने आगे स्पष्ट किया कि बिजली कनेक्शन, यदि याचिकाकर्ता (कथित अतिक्रमण करने वाला) को प्रदान किया जाता है, तो संपत्ति के संबंध में उसके पक्ष में कोई अधिकार नहीं होगा।अदालत के समक्ष मामलायाचिकाकर्ता (सुकला कर) ने अपने परिसर में नए सर्विस कनेक्शन के लिए आवेदन किया, हालांकि, सीईएससी (कलकत्ता इलेक्ट्रिक सप्लाई...
अधिवक्ता महमूद प्राचा के कार्यालय पर पुलिस की छापेमारी : दिल्ली की अदालत ने छापेमारी की कार्रवाई के वीडियो फुटेज के साथ जांच अधिकारी को तलब किया
दिल्ली की एक अदालत ने शुक्रवार को दिल्ली के दंगों से जुड़े मामलों से जुड़े एक जांच अधिकारी को समन जारी करके तलब किया है। साथ ही इस अधिकारी को दिल्ली पुलिस द्वारा वकील महमूद प्राचा के कार्यालय में छापेमारी की कार्रवाई के पूरे वीडियो फुटेज पेश करने को कहा गया है।पटियाला हाउस कोर्ट में ड्यूटी मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट अंशुल सिंघल ने उक्त आदेश वकील महमूद प्राचा के उस आवेदन पर दिया जिसमें प्राचा ने गुरुवार को अपने कार्यालय में दिल्ली पुलिस द्वारा किए गए छापेमारी के वीडियो फुटेज की प्रतियों को संरक्षित...
44 साल के जर्मन व्यक्ति की वीजा अवधि को 70% शारीरिक और मानसिक विकलांगता के आधार पर विस्तार देने की मांग, दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर
दिल्ली हाईकोर्ट में एक याचिका दायर कर राज्य सरकार को 70% शारीरिक और मानसिक विकलांगता वाले 44 वर्षीय जर्मन नागरिक को वीजा को बारत में चिकित्सा उपचार के आधार पर बढ़ाने का निर्देश देने की मांग की गई है।याचिका में कहा गया है कि याचिकाकर्ता 18 जनवरी, 2020 को अपने चिकित्सा उपचार के लिए भारत आए थे और 8 जुलाई, 2020 को उनके वीजा की अवधि समाप्त हो गई। वीजा के विस्तार के लिए उनके आवेदन को भी एफआरआरओ द्वारा खारिज कर दिया गया था और बाद में उन्हें 7 दिसंबर, 2020 को "एग्जिट परमिट" जारी किया गया, जिससे उनकी...
मुस्लिम महिला द्वारा हिंदू धर्म अपनाकर हिंदू व्यक्ति से विवाह करने का मामला- उत्तराखंड हाईकोर्ट ने कपल को सुरक्षा प्रदान करते हुए डीएम से पूछा, ' धर्मांतरण के आवेदन पर कोई कार्यवाही क्यों नहीं हुई?'
उत्तराखंड हाईकोर्ट ने बुधवार (23 दिसंबर) को जिलाधिकारी, हरिद्वार को निर्देश दिया है कि वे उपयुक्त अधिकारियों और व्यक्तियों से पूछताछ करें कि धर्मांतरण के लिए याचिकाकर्ता नंबर 1 (अंजलि उर्फ अफसाना) की तरफ से दायर किए गए आवेदन पर कार्यवाही को आगे क्यों नहीं बढ़ाया गया और अगर ऐसा किया गया है तो कब? न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया और न्यायमूर्ति रवींद्र मैथानी की खंडपीठ ने यह आदेश अलग-अलग धर्म से संबंध रखने वाले एक कपल की तरफ से सुरक्षा दिए जाने की मांग करते हुए दायर की याचिका पर सुनवाई के बाद दिया है,...
अग्रिम जमानत खारिज किया जाना FIR निरस्त करने संबंधी याचिका की सुनवाई न करने का आधार नहीं : इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ की एक डिवीजन बेंच ने आत्महत्या के लिए उकसाने के एक मामले में अग्रिम जमानत की मांग संबंधी याचिका का निपटारा करते हुए कहा कि हाईकोर्ट से अग्रिम जमानत खारिज किया जाना कोर्ट के लिए संविधान के अनुच्छेद 226 के अधिकार क्षेत्र के तहत सुनवाई न करने का आधार नहीं हो सकता। कोर्ट ने कहा कि अनुच्छेद 226 का दायरा आपराधिक प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की धारा 438 के दायरे से ज्यादा बड़ा होता है।यह मामला भारतीय दंड संहिता की धारा 147, 323, 504, 506 और 306 के तहत दर्ज प्राथमिकी से...
'दिलचस्प रूप से विचित्र': सिस्टर अभया मर्डर केस में कॉन्वेंट की गरीब कुक ओर से सीनियर एडवोकेट हरीश साल्वे के पेश होने पर सीबीआई कोर्ट की टिप्पणी
सिस्टर अभया हत्या मामले में गवाह रहीं कॉन्वेंट कुक आचम्मा ने बहुत ही महंबा मुकदमा लड़ा। उन्होंने नार्को-एनालिसिस टेस्ट की संवैधानिक वैधता को चुनौती दी थी, जबकि उनकी तनख्वाह बहुत ही कम थी। विशेष सीबीआई कोर्ट ने सिस्टर अभया मामले में दिए फैसले में कुक आचम्मा के मुकदमे को 'दिलचस्प रूप से विचित्र' करार दिया है।विशेष सीबीआई कोर्ट ने आश्चर्य व्यक्त किया कि आचम्मा ने अभियोजन पक्ष के सुझाव से इनकार नहीं किया कि वरिष्ठ अधिवक्ता हरीश साल्वे, "यकीनन भारत के सबसे महान जीवित वकील", उसके लिए पेश हुए। उसने...
दिल्ली सरकार एक और COVID 19 लहर से बचने के लिए ब्रिटेन के यात्रियों का त्वरित और पर्याप्त परीक्षण सुनिश्चित करे: दिल्ली हाईकोर्ट
न्यायमूर्ति हिमा कोहली और न्यायमूर्ति सुब्रमण्यम प्रसाद की दिल्ली हाईकोर्ट की खंडपीठ ने बुधवार को दिल्ली सरकार को निर्देश दिया कि वह पूरी गंभीरता के साथ पॉजिटिव पाए गए लोगों के संबंध में त्वरित और पर्याप्त परीक्षण सुनिश्चित करे और उसका पालन करे ताकि संक्रमण की एक और लहर से बचा जा सके । पीठ श्री राकेश मल्होत्रा की जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें दिल्ली के COVID 19 मरीजों के लिए परीक्षण सुविधाओं को बढ़ाने के लिए दिल्ली की सरकार को निर्देश जारी करने की मांग की गई थी ।यह निर्देश...
संगठित अपराध या अंतरधार्मिक विवाह: दिल्ली हाईकोर्ट ने पिता की शिकायत पर कि उसकी बेटी को मुस्लिम व्यक्ति भगा ले गया है, FIR दर्ज करने का आदेश दिया
एक मामले में, जहाँ एक 'संगठित तरीके' से एक मुस्लिम व्यक्ति द्वारा हिंदू लड़की को भगा ले जाने के आरोप लगाए गए थे, दिल्ली उच्च न्यायालय ने शुक्रवार (18 दिसंबर) को प्राथमिकी दर्ज करने में विफल रहने के चलते एक पुलिस अधिकारी को फटकार लगते हुए राज्य को लड़की का पता लगाने और उसे अदालत में पेश करने का आदेश दिया। इसके साथ ही न्यायमूर्ति विपिन सांघी और न्यायमूर्ति रजनीश भटनागर की खंडपीठ ने एएचटीयू, अपराध शाखा को मामले में जांच स्थानांतरित कर दी (FIR दर्ज करने का आदेश देते हुए)।अदालत के समक्ष मामला ...
किसी मामले में जब कैदी कस्टडी पैरोल प्राप्त कर लेता है तो उसे सभी संबंधित अदालतों से अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है: दिल्ली हाईकोर्ट
दिल्ली हाईकोर्ट ने हाल ही में स्पष्ट किया कि एक कैदी किसी विशेष मामले में कस्टडी पैरोल प्राप्त करने के बाद, उसे हर दूसरे न्यायालय से अलग-अलग कस्टडी पैरोल के आदेश प्राप्त करने की आवश्यकता नहीं होती है, जिसने या तो उसे दोषी ठहराया है या जहां उसका मुकदमा लंबित है।यह फैसला जस्टिस अनूप जयराम भंभानी की एकल पीठ ने पूर्व सांसद मोहम्मद शहाबुद्दीन की याचिका पर दिया, जो इस समय तिहाड़ जेल में आजीवन कारावास की सजा काट रहा है।कोर्ट ने कहा कि याचिकाकर्ता वर्तमान में कई अपराधों के लिए न्यायिक हिरासत में है,...
एफआईआर को महज इसलिए रद्द नहीं किया जा सकता, क्योंकि व्हाट्सएप पर महिला की नग्न तस्वीरें पोस्ट करने वाला आरोपी उसका पति हैः इलाहाबाद हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पिछले सप्ताह एक ऐसे व्यक्ति के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी(एफआईआर) को रद्द करने से इनकार कर दिया, जिस पर व्हाट्सएप पर अपनी पत्नी (शिकायतकर्ता) की नग्न तस्वीरें पोस्ट करने का आरोप है। न्यायमूर्ति पंकज नकवी और न्यायमूर्ति विवेक अग्रवाल की खंडपीठ ने आरोपी की तरफ से दायर आपराधिक विविध रिट याचिका को खारिज करते हुए कहा कि, ''आईटी अधिनियम की धारा 67 के तहत किए गए अपराध के संबंध में लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया बन रहे हैं क्योंकि विशेषतौर पर व्हाट्सएप पर शिकायतकर्ता की नग्न तस्वीरें डालने...
उड़ीसा के हर जिला न्यायालय परिसर में उड़ीसा हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश ने ई-सेवा केंद्र का उद्घाटन किया
उड़ीसा हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति मोहम्मद रफीक ने मंगलवार (22 दिसंबर) को राज्य के प्रत्येक जिला न्यायालय (कटक जिला न्यायालय परिसर को छोड़कर) में ई-सेवा केंद्रों का उद्घाटन किया।उन्होंने दीवानी न्यायालय परिसर, सलीपुर (कटक में) में एक ई-सेवा केंद्र का भी उद्घाटन किया। यह ई-सेवा केंद्र 15 मई, 2020 को कटक जिला न्यायालय परिसर में स्थापित किया गया था।इसके साथ, ओडिशा में अब कुल 32 ई-सेवा केंद्र हैं, जिनमें प्रत्येक जिला न्यायालय परिसर में एक है जिसमें कटक में दो ई-सेवा केंद्र और उड़ीसा...
दिल्ली दंगों के कई आरोपियों की पैरवी करने वाले अधिवक्ता महमूद प्राचा के ऑफिस पर दिल्ली पुलिस ने छापा मारा
दिल्ली पुलिस के विशेष प्रकोष्ठ (Special Cell of the Delhi Police) ने गुरुवार को अधिवक्ता महमूद प्राचा के कार्यालय पर छापा मारा। अधिवक्ता महमूद प्राचा दिल्ली दंगों के षड्यंत्र के मामलों के कई आरोपियों का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। दिल्ली पुलिस ने कथित तौर पर कहा है कि प्राचा की लॉ फर्म पर छापेमारी फर्म के आधिकारिक ईमेल पते के "गुप्त दस्तावेजों" और "आउटबॉक्स की मेटाडेटा" की खोज के लिए एक स्थानीय अदालत से प्राप्त वारंट पर आधारित थी।पत्रकार आदित्य मेनन द्वारा ट्विटर में पोस्ट किए गए छापे के एक...
















