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अगर किसी की मृत्यु होती है तो क्या दाह संस्कार करना राज्य की जिम्मेदारी है?: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गंगा के पास दफन शवों के निपटान की मांग वाली याचिका पर विचार करने से इनकार किया
'अगर किसी की मृत्यु होती है तो क्या दाह संस्कार करना राज्य की जिम्मेदारी है?': इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गंगा के पास दफन शवों के निपटान की मांग वाली याचिका पर विचार करने से इनकार किया

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने शुक्रवार को प्रयागराज में गंगा नदी के विभिन्न घाटों के पास दफन शवों के निपटान की मांग वाली याचिका पर विचार करने से इनकार किया और याचिकाकर्ता से सवाल किया कि अगर किसी की मृत्यु होती है तो क्या दाह संस्कार करना राज्य की जिम्मेदारी है।मुख्य न्यायाधीश संजय यादव और न्यायमूर्ति प्रकाश पाड़िया की खंडपीठ ने एडवोकेट प्रणवेश से पूछा कि इसमें उनका व्यक्तिगत योगदान क्या रहा है और क्या उन्होंने खुद खोदकर शवों का अंतिम संस्कार किया है।एडवोकेट ने प्रार्थना की कि उत्तर प्रदेश...

राजद्रोह मामला : आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट ने सरकार के कामकाज से असंतोष जताने के कारण निलंबित न्यायिक अधिकारी की जमानत मंजूर की
राजद्रोह मामला : आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट ने सरकार के कामकाज से असंतोष जताने के कारण निलंबित न्यायिक अधिकारी की जमानत मंजूर की

आंध प्रदेश हाईकोर्ट ने उस निलंबित न्यायिक अधिकारी की जमानत याचिका मंगलवार को मंजूर कर ली जिन्होंने सरकार चलाने के तरीके पर असंतोष व्यक्त किया था, जिसके बाद उनके खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 124-ए, 153 और 153-ए कमे तहत मुकदमा दर्ज कराया गया था।न्यायमूर्ति आर रघुनंदन राव की बेंच ने यह कहते हुए जमान याचिका स्वीकार की कि याचिकाकर्ता एक निलंबित न्यायिक अधिकारी हैं और उनके फरार होने की आशंका बिल्कुल नहीं है।कोर्ट के समक्ष मामलायाचिकाकर्ता (अब निलंबित न्यायिक अधिकारी) के खिलाफ शिकायत थी कि...

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर महिलाओं को निशाना बनाने, सरकार, न्यायपालिका को बदनाम करने, यूजर्स की निजता का उल्लंघन करने का आरोप: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने नोटिस जारी किया
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर महिलाओं को निशाना बनाने, सरकार, न्यायपालिका को बदनाम करने, यूजर्स की निजता का उल्लंघन करने का आरोप: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने नोटिस जारी किया

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने सोमवार को एक याचिका पर नोटिस जारी किया, जिसमें आरोप लगाया गया है कि व्हाट्सएप, फेसबुक, इंस्टाग्राम और ट्विटर सहित सोशल मीडिया कंपनियां अश्लील, अनियमित, अप्रमाणित, सेक्स से संबंधित वीडियो (पॉर्नोग्राफी) और कानूनी रूप से प्रतिबंधित सामग्री प्रदर्शित कर रही हैं।एडवोकेट अमय बजाज के माध्यम से मातृ फाउंडेशन द्वारा याचिका दायर की गई है। यह आगे आरोप लगाया गया है कि उपरोक्त सोशल मीडिया कंपनियां ऑनलाइन जुआ, ऑनलाइन वेश्यावृत्ति, ऑनलाइन घृणा अपराध, ऑनलाइन आर्थिक धोखाधड़ी और अन्य अवैध...

टीवी चैनलों को दर्शकों की शिकायतों के लिए शिकायत अधिकारी नियुक्त करना चाहिए: केंद्र सरकार ने केबल टीवी नियमों में संशोधन किया
टीवी चैनलों को दर्शकों की शिकायतों के लिए शिकायत अधिकारी नियुक्त करना चाहिए: केंद्र सरकार ने केबल टीवी नियमों में संशोधन किया

केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने कार्यक्रम संहिता या विज्ञापन संहिता के उल्लंघन में टेलीविजन चैनलों द्वारा प्रसारित सामग्री से संबंधित दर्शकों की शिकायत के निवारण के लिए एक त्रिस्तरीय तंत्र स्थापित करने के लिए केबल टेलीविजन नेटवर्क नियम, 1994 में संशोधन किया है। वे गुरुवार को आधिकारिक राजपत्र में अपनी अधिसूचना के साथ लागू हो गए हैं।आईटी अधिनियम के तहत बनाए गए नए सोशल मीडिया नियमों के तहत शिकायत निवारण संरचना के समान प्रसारण सामग्री के नियमन के लिए वर्तमान नियम प्रदान करते हैं:1. स्तर I -...

God Does Not Recognize Any Community, Temple Shall Not Be A Place For Perpetuating Communal Separation Leading To Discrimination
चाइल्ड पोर्नोग्राफ‌ीः केवल भारतीय संस्कृति कवच का काम कर सकती है, इस खतरे से तभी निपटा जा सकता है, जब हम उचित मूल्यों को अपनाएंः मद्रास हाईकोर्ट

चाइल्ड पोर्नोग्राफ‌िक कंटेट साझा करने के आरोप में गिरफ्तार एक व्यक्ति को अग्रिम जमानत देते हुए, मद्रास हाईकोर्ट ने हाल ही में कहा कि चाइल्ड पोर्नोग्राफी के खतरे से तभी निपटा जा सकता है, जब हम सभी सही मूल्यों को अपनाएं।यह देखते हुए कि चाइल्ड पोर्नोग्राफी बहुत ही गंभीर मुद्दा है, जिसके लिए कठोर रुख अपनाने की आवश्यकता है, जस्टिस जीआर स्वामीनाथन की खंडपीठ ने, हालांकि, एक बार के उपभोक्ता और डिजिटल डोमेन में ऐसी सामग्री को प्रसारित या प्रचारित या प्रदर्शित या वितरित करने वालों के बीच अंतर...

समयपूर्व: केरल हाईकोर्ट ने लक्षद्वीप मसौदा विनयमन के खिलाफ दायर जनहित याचिका रद्द की
'समयपूर्व': केरल हाईकोर्ट ने लक्षद्वीप मसौदा विनयमन के खिलाफ दायर जनहित याचिका रद्द की

केरल हाईकोर्ट ने गुरुवार को लक्षद्वीप विकास प्राधिकरण विनियमन और अन्य नियामक कार्यों के मसौदे के खिलाफ दायर जनहित याचिका को खारिज कर दिया। कोर्ट ने कहा कि मसौदे पर अभी सक्रिय रूप से विचार किया जा रहा है, इसलिए उनकी वैधता का परीक्षण पूर्णतया समयपूर्व होगा।याचिकाकर्ता केपी नौशाद अली ने प्रशासक द्वारा शुरू किए गए कुछ नियामक उपायों को चुनौती दी थी। उन्होंने प्रार्थना की थी कि इन नियमों को अवैध और असंवैधानिक घोषित किया जाए, और इस आधार पर रिट ऑफ क्राइटीओरारी द्वारा रद्द किया जाए कि ये उपाय संविधान के...

फ्रेशर छात्रों के लिए II पीयूसी परीक्षा परिणाम घोषित न करें: कर्नाटक हाईकोर्ट
फ्रेशर छात्रों के लिए II पीयूसी परीक्षा परिणाम घोषित न करें: कर्नाटक हाईकोर्ट

कर्नाटक हाईकोर्ट ने गुरुवार को राज्य सरकार को फ्रेशर छात्रों के लिए II पीयूसी परीक्षा परिणाम घोषित करने से रोक दिया।न्यायमूर्ति बीवी नागरत्ना और न्यायमूर्ति हंचते संजीकुमार की खंडपीठ ने कहा,"राज्य सरकार द्वारा व्यापक निर्णय की प्रतीक्षा में स्थिति में है। राज्य उन छात्रों के परिणामों की घोषणा नहीं करेगा, जिन्हें इस साल पहली बार पीयूसी की दूसरी परीक्षा देनी है। "इसमें कहा गया है,"यह देखने की जरूरत नहीं है कि सभी श्रेणियों के छात्रों को ध्यान में रखते हुए एक व्यापक निर्णय लिया जाएगा।"मौखिक रूप से...

KHCAA ने सीजेआई को पत्र लिखकर एससीबीए के सुप्रीम कोर्ट के वकीलों को हाईकोर्ट के जज के रूप में पदोन्नत करने के सुझावों पर चिंता व्यक्त की
KHCAA ने सीजेआई को पत्र लिखकर एससीबीए के सुप्रीम कोर्ट के वकीलों को हाईकोर्ट के जज के रूप में पदोन्नत करने के सुझावों पर चिंता व्यक्त की

केरल हाईकोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन (KHCAA) ने 16 जून 2021 को भारत के मुख्य न्यायाधीश को एक पत्र लिखकर सीजेआई द्वारा हाल ही में किए गए कुछ प्रस्तावों के बारे में अत्यधिक दुख और निराशा व्यक्त की गई।यह पत्र सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन द्वारा सीजेआई को 31 मई 2021 को एक अभ्यावेदन प्रस्तुत करने के बाद आया है, जिसमें सुझाव दिया गया है कि सुप्रीम कोर्ट एडवोकेट ऑन रिकॉर्ड एसोसिएशन (एससीएओआरए) के सदस्यों को हाईकोर्ट के न्यायाधीशों के रूप में शामिल करने लिए एक "संस्थागत तंत्र" बनाया जाए।SCBA और SCAORA के...

आलोचना करना एक लोकतांत्रिक अधिकार, स्वतंत्र समाज का हिस्सा: मद्रास हाईकोर्ट ने कमल हासन के खिलाफ महाभारत पर कथित टिप्पणी को लेकर दर्ज मामले को खारिज किया
"आलोचना करना एक लोकतांत्रिक अधिकार, स्वतंत्र समाज का हिस्सा": मद्रास हाईकोर्ट ने कमल हासन के खिलाफ 'महाभारत' पर कथित टिप्पणी को लेकर दर्ज मामले को खारिज किया

मद्रास हाईकोर्ट ने अभिनेता और राजनेता कमल हासन के खिलाफ वर्ष 2017 में 'महाभारत' पर कथित टिप्पणी को लेकर दर्ज आपराधिक मामले को खारिज करते हुए कहा कि आलोचना करना न केवल लोगों का अधिकार है, बल्कि एक लोकतांत्रिक अधिकार भी है, जिस पर लोकतंत्र पनपता है और समाज एक नई वांछित राजनीति के रूप में विकसित होता है।न्यायमूर्ति जी. इलंगोवन की पीठ ने विशेष रूप से कहा कि आलोचना करना स्वतंत्र समाज का अभिन्न अंग है।कोर्ट के समक्ष मामलाशिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि उसने मार्च 2017 में पुथिया तलैमुरई टीवी चैनल पर एक...

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने नंदीग्राम चुनाव परिणामों को चुनौती देते हुए कलकत्ता हाईकोर्ट का रुख किया
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने नंदीग्राम चुनाव परिणामों को चुनौती देते हुए कलकत्ता हाईकोर्ट का रुख किया

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों में नंदीग्राम निर्वाचन क्षेत्र से सुवेंदु अधिकारी की चुनावी जीत को चुनौती देते हुए कलकत्ता हाईकोर्ट के समक्ष एक चुनावी याचिका दायर की।मुख्यमंत्री ममता बनर्जी नंदीग्राम विधानसभा क्षेत्र में टीएमसी टर्नकोट और भाजपा उम्मीदवार अधिकारी के खिलाफ थीं और उन्हें अधिकारी ने हराया था।हालांकि, नंदीग्राम सीट पर बनर्जी की हार के बावजूद सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस ने चुनावों में जीत हासिल की और लगातार तीसरी बार पश्चिम बंगाल में सरकार बनाई।

वायरस लंबे समय तक रहने वाला है, भविष्य के लिए आपकी क्या योजना है?: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने यूपी सरकार से पूछा
वायरस लंबे समय तक रहने वाला है, भविष्य के लिए आपकी क्या योजना है?': इलाहाबाद हाईकोर्ट ने यूपी सरकार से पूछा

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गुरुवार को यूपी सरकार से कहा है कि वह कोरोना महामारी से निपटने के लिए एक रोड मैप तैयार करके लाए क्योंकि इस महामारी का अभी ''लंबे समय तक'' चलने का अनुमान है।इलाहाबाद हाईकोर्ट के नव नियुक्त मुख्य न्यायाधीश, न्यायमूर्ति संजय यादव की अध्यक्षता वाली पीठ ने राज्य के लिए उपस्थित एएजी मनीष गोयल से कहा कि,''हम इस महामारी की चुनौती का सामना करने के लिए अब तक आपके द्वारा की गई कार्रवाई के स्टे्टस के बारे में जानना चाहते हैं। ऐसा प्रतीत होता है कि यह वायरस लंबे समय तक हमारे साथ रहने...

आरोपियों को चार्जशीट दाखिल करने के लिए समय बढ़ाने से पहले नहीं सुना गया: कर्नाटक हाईकोर्ट ने बेंगलुरु हिंसा मामले में 115 यूएपीए आरोपियों को डिफॉल्ट जमानत दी
'आरोपियों को चार्जशीट दाखिल करने के लिए समय बढ़ाने से पहले नहीं सुना गया': कर्नाटक हाईकोर्ट ने बेंगलुरु हिंसा मामले में 115 यूएपीए आरोपियों को डिफॉल्ट जमानत दी

कर्नाटक हाईकोर्ट ने हाल ही में 11 अगस्त, 2020 को डीजे हल्ली और केजी हल्ली पुलिस स्टेशन की सीमा के भीतर हुई हिंसा के मामले में 115 आरोपियों को दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की धारा 167 (2) के तहत डिफॉल्ट जमानत दी है।न्यायमूर्ति एस विश्वजीत शेट्टी की पीठ ने एजेंसी को चार्जशीट दाखिल करने के लिए समय बढ़ाने के विशेष एनआईए अदालत के आदेश को पलटते हुए कहा कि,"गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम, 1967 की धारा 43-डी (2) (बी) के प्रावधान के तहत अभियोजन पक्ष द्वारा दायर आवेदन पर दिनांक 03.11.2020 को आदेश...

न्यायालयों तक पहुंचने के अधिकार के बारे में कोई दो राय नहीं: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने कोर्ट के वीसी वेबलिंक प्रदान करने के लिए चार पत्रकारों की मांग स्वीकार की
''न्यायालयों तक पहुंचने के अधिकार के बारे में कोई दो राय नहीं'': मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने कोर्ट के वीसी वेबलिंक प्रदान करने के लिए चार पत्रकारों की मांग स्वीकार की

न्यायालय की कार्यवाही तक मीडिया पहुंच की मांग करने वाले 4 पत्रकारों की तरफ से दायर एक रिट याचिका पर सुनवाई करते हुए मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने गुरूवार को मौखिक रूप से कहा कि हाईकोर्ट प्रशासन ने ''आपको वह देने का फैसला किया है जो आप (पत्रकार) चाहते थे।'' न्यायमूर्ति प्रकाश श्रीवास्तव और न्यायमूर्ति वीरेंद्र सिंह की एक खंडपीठ ने मौखिक रूप से कहा कि ''आप लोगों ने वास्तव में न्यायालय की सहायता की है और हाईकोर्ट की ई-कमेटी ने अपनी वेबसाइट पर वर्चुअल मोड के माध्यम से आयोजित की जाने वाली सुनवाई के लाइव...

दिल्ली कोर्ट ने देवांगना कलिता, नताशा नरवाल और आसिफ इकबाल तन्हा की तत्काल रिहाई के आदेश दिए
दिल्ली कोर्ट ने देवांगना कलिता, नताशा नरवाल और आसिफ इकबाल तन्हा की तत्काल रिहाई के आदेश दिए

दिल्ली की एक अदालत ने गुरुवार को दिल्ली दंगों की साजिश के मामले में छात्र कार्यकर्ता नताशा नरवाल, देवांगना कलिता और आसिफ इकबाल तन्हा को दिल्ली हाईकोर्ट द्वारा 15 जून को दी गई जमानत के अनुसार तत्काल रिहा करने के आदेश जारी किए हैं।अतिरिक्त सत्र न्यायालय, कड़कड़डूमा ने दिल्ली पुलिस द्वारा दायर आवेदनों को खारिज कर दिया, जिसमें कार्यकर्ताओं के पते और उनके जमानतदारों की जांच के लिए और समय की मांग की गई थी।दिल्ली पुलिस का तर्क है कि स्थायी पते की जांच के लिए अधिक समय की आवश्यकता है।अदालत ने आदेश में...

लिव-इन रिलेशन में विवाहित महिला-ऐसी अवैधता की अनुमति नहीं दी जा सकती:  इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 5 हजार जुर्माने के साथ संरक्षण याचिका खारिज की
लिव-इन रिलेशन में विवाहित महिला-''ऐसी अवैधता की अनुमति नहीं दी जा सकती'': इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 5 हजार जुर्माने के साथ संरक्षण याचिका खारिज की

यह देखते हुए कि महिला पहले से ही शादीशुदा है और किसी अन्य पुरुष के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में है, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मंगलवार को उसकी सुरक्षा याचिका को 5 हजार जुर्माने के साथ खारिज कर दिया। न्यायमूर्ति कौशल जयेंद्र ठाकर और न्यायमूर्ति दिनेश पाठक की खंडपीठ ने कहा किः ''हम यह समझने में विफल हैं कि इस तरह की याचिका को कैसे स्वीकार किया जा सकता है,जो समाज में अवैधता को अनुमति देती हो।'' याचिकाकर्ता नंबर 1 (महिला) बालिग है और वह याचिकाकर्ता नंबर 2 (बालिग पुरुष) के साथ लिव-इन-रिलेशन में रह रही है। ...

COVID-19 के बीच चारधाम यात्रा: उत्तराखंड हाईकोर्ट ने राज्य सरकार की तैयारियों का विवरण मांगा, दिशा-निर्देश जारी किए
COVID-19 के बीच चारधाम यात्रा: उत्तराखंड हाईकोर्ट ने राज्य सरकार की तैयारियों का विवरण मांगा, दिशा-निर्देश जारी किए

उत्तराखंड हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से चार धाम यात्रा को खोलने का फैसला करने पर जवाब मांगते हुए कहा सरकार से चार धाम यात्रा के विभिन्न चरणों के संबंध में न्यायालय को सूचित करने के लिए भी कहा है।मुख्य न्यायाधीश राघवेंद्र सिंह चौहान और न्यायमूर्ति आलोक कुमार वर्मा की खंडपीठ ने संस्कृति और धर्म मामलों के विभाग के अतिरिक्त सचिव द्वारा दायर हलफनामे का अवलोकन किया। आवेदन में कहा गया था कि, "उप-मंडल मजिस्ट्रेट, बडकोट, उप-मंडल मजिस्ट्रेट, भटवारी द्वारा बार-बार औचक दौरा और देवस्थानम बोर्ड के संयुक्त सीईओ...

दिल्ली दंगा मामलों में जमानत मिलने के बाद स्टू़डेंट एक्टिविस्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट से तत्काल रिहाई की मांग की
दिल्ली दंगा मामलों में जमानत मिलने के बाद स्टू़डेंट एक्टिविस्ट ने दिल्ली हाईकोर्ट से तत्काल रिहाई की मांग की

दिल्ली दंगों की साजिश के मामले में 15 जून को दिल्ली दिल्ली हाईकोर्ट से जमानत पाने वाली छात्र कार्यकर्ता देवांगना कलिता, नताशा नरवाल और आसिफ इकबाल तन्हा ने निचली अदालत में उनकी रिहाई को टालने के फैसले को चुनौती देते हुए दिल्ली हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 482 के तहत हाईकोर्ट के समक्ष दायर अत्यावश्यक आवेदनों में उन्होंने तर्क दिया है कि हाईकोर्ट द्वारा जमानत दिए जाने के बावजूद उनकी रिहाई के आदेशों को स्थगित करने की निचली अदालत की कार्रवाई उनके मौलिक अधिकारों का...