ताज़ा खबरें

बॉम्बे हाईकोर्ट ने सीबीआई को महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ लगे भ्रष्टाचार के आरोपों की प्रारंभिक जांच करने का निर्देश दिया
बॉम्बे हाईकोर्ट ने सीबीआई को महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ लगे भ्रष्टाचार के आरोपों की प्रारंभिक जांच करने का निर्देश दिया

बॉम्बे हाईकोर्ट ने सोमवार को सीबीआई को महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख के खिलाफ लगे भ्रष्टाचार के आरोपों की प्रारंभिक जांच करने का निर्देश दिया।मुख्य न्यायाधीश दीपांकर दत्ता और न्यायमूर्ति जीएस कुलकर्णी की खंडपीठ ने सीबीआई निदेशक को 15 दिनों के भीतर जांच समाप्त करने और कानून के अनुसार आगे की कार्रवाई करने का आदेश दिया है।पीठ ने कहा कि,"यदि सीबीआई के निदेशक को प्रारंभिक जांच करने की अनुमति दी जाती है तो यह न्याय का हित है। एक बार प्रारंभिक जांच पूरी हो जाने के बाद सीबीआई निदेशक आगे की...

सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली
गंभीर अपराध में संदेह के आधार पर बरी होना उम्मीदवार को सार्वजनिक रोजगार के लिए योग्य नहीं बना सकता: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने दोहराया कि अपराध की जघन्य या गंभीर प्रकृति के संबंध में संदेह के लाभ के आधार पर बरी करना उम्मीदवार को सार्वजनिक रोजगार के योग्य नहीं बना सकता है।इस मामले में, लव कुश मीणा ने राजस्थान पुलिस सेवा में कांस्टेबल पद पर नियुक्ति प्राप्त की थी। हालांकि, आपराधिक मामले में मुकदमा चलने के मद्देनजर उन्हें नियुक्त नहीं किया गया। यह पाया गया कि, हालांकि उन्हें बरी कर दिया गया था, उनके खिलाफ आरोप तुच्छ प्रकृति के नहीं थे, बल्‍कि गंभीर अपराध थे और उम्मीदवार को अदालत द्वारा सम्मानपूर्वक...

सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली
आरोप की गंभीरता प्रासंगिक कारकः सुप्रीम कोर्ट ने लेडी डॉक्टर की हत्या के आरोपी की जमानत रद्द की

सुप्रीम कोर्ट ने केरल हाईकोर्ट के उस आदेश को रद्द कर दिया है, जिसमें एक महिला डॉक्टर की हत्या के आरोपी व्यक्ति को जमानत दे दी गई थी। जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस कृष्ण मुरारी की पीठ ने कहा कि आरोपों की गंभीरता जमानत के आवेदनों पर विचार करते समय प्रासंगिक विचारों में से एक है। अभियोजन के मामले के अनुसार, आरोपी महेश ने 28 सितंबर 2020 को अपराह्न करीब 3.30 बजे एक तीस साल की महिला डॉक्टर पर चाकू से हमला कर उसकी हत्या कर दी थी। घटना के समय महिला डॉक्टर अपने मल्टीस्पेशलिटी डेंटल क्लिनिक में मौजूद...

जेल में भीड़भाड़: वास्तव में सीसीटीवी कैमरे कहां स्थापित किए गए हैं? सिर्फ चार दिनों का सीसीटीवी फुटेज ही क्यों संरक्षित है ? : सुप्रीम कोर्ट ने तिहाड़ जेल के अधिकारी और मंत्रालय को एफिडेविट दायर करने का निर्देश दिया
जेल में भीड़भाड़: वास्तव में सीसीटीवी कैमरे कहां स्थापित किए गए हैं? सिर्फ चार दिनों का सीसीटीवी फुटेज ही क्यों संरक्षित है ? : सुप्रीम कोर्ट ने तिहाड़ जेल के अधिकारी और मंत्रालय को एफिडेविट दायर करने का निर्देश दिया

सुप्रीम कोर्ट ने तिहाड़ जेल के जेल अधीक्षक को एक हलफनामा दायर करने का निर्देश दिया, जिसमें बताना है कि और क्या कंट्रोल रूम और जेल की चारों ओर की दीवारों को सीसीटीवी कैमरों से कवर किया गया है या नहीं।न्यायमूर्ति यूयू ललित की अध्यक्षता वाली पीठ एक ऐसे मामले की सुनवाई कर रही थी, जिसमें 15.03.2021 को मौत की सजा पाए तीनों कैदियों (याचिकाकर्ता सहित) को संबंधित सेल / परिक्षेत्र में नशे में पाया गया था। कैदियों की ओर से बल प्रयोग किया गया और फिर अधिकारियों को उन्हें नियंत्रित करने के लिए बल प्रयोग करना...

National Uniform Public Holiday Policy
सुप्रीम कोर्ट में काले जादू, अंधविश्वास को नियंत्रित करने और बलपूर्वक धर्म परिवर्तन रोकने के लिए कानून बनाने की मांग को लेकर याचिका दायर

सुप्रीम कोर्ट के समक्ष भाजपा नेता और अधिवक्ता अश्विनी कुमार उपाध्याय द्वारा एक जनहित याचिका दायर की गई है, जिसमें केंद्र और राज्य सरकारों को काले जादू, अंधविश्वास को नियंत्रित करने और बलपूर्वक धर्म परिवर्तन को रोकने के लिए उचित कदम उठाए जाने के लिए निर्देश दिए जाने की मांग की गई हैं।याचिकाकर्ता ने सरला मुद्गल केस (1995) 3 SCC6 635 का उल्लेख किया, जिसके तहत केंद्र को एक धर्मांतरण-विरोधी कानून बनाने की व्यवहार्यता का पता लगाने के लिए निर्देश जारी किए गए थे।उन्होंने कहा है कि "गाजर और छड़ी", काले...

दूसरी अपील : हाईकोर्ट द्वारा तब तक निर्णय में हस्तक्षेप नहीं किया जाना चाहिए जब तक कानून का व्यापक प्रश्न न शामिल हो, सुप्रीम कोर्ट ने दोहराया
दूसरी अपील : हाईकोर्ट द्वारा तब तक निर्णय में हस्तक्षेप नहीं किया जाना चाहिए जब तक कानून का व्यापक प्रश्न न शामिल हो, सुप्रीम कोर्ट ने दोहराया

सुप्रीम कोर्ट ने एक बार फिर दोहराया है कि हाईकोर्ट द्वारा नागरिक प्रक्रिया संहिता (सीपीसी) की धारा 100 के तहत अपने अधिकार क्षेत्र का इस्तेमाल करते हुए प्रथम अपीलीय अदालत के फैसले में तब तक हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए जब तक कि कानून का व्यापक प्रश्न इसमें शामिल न हो।न्यायमूर्ति एल नागेश्वर राव और न्यायमूर्ति एस रवीन्द्र भट की खंडपीठ ने कहा कि प्रथम अपीलीय अदालत तथ्यों के संदर्भ में अंतिम अदालत है।इस मामले में, ट्रायल कोर्ट ने बंटवारे के मुकदमे में अपना निर्णय सुनाया था। प्रथम अपीलीय अदालत ने एक...

कौशाम्बी-गाजियाबाद रूट के लिए एक व्यापक यातायात प्रबंधन योजना की आवश्यकता हैः सुप्रीम कोर्ट संवैधानिक समिति
कौशाम्बी-गाजियाबाद रूट के लिए एक व्यापक यातायात प्रबंधन योजना की आवश्यकता हैः सुप्रीम कोर्ट संवैधानिक समिति

सुप्रीम कोर्ट ने कौशाम्बी-गाजियाबाद रूट के लिए एक "व्यापक यातायात प्रबंधन योजना" विकसित करने के लिए एक समिति का गठन किया है।जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़, जस्टिस एमआर शाह और जस्टिस संजीव खन्ना की खंडपीठ ने कौशांबी अपार्टमेंट रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष द्वारा संविधान के अनुच्छेद 32 के तहत दायर एक रिट याचिका में इस संबंध में एक निर्देश पारित किया। इस निर्देश में कौशाम्बी-गाजियाबाद में रहने वाले लोगों के सामने आने वाली समस्याओं की भयावहता पर प्रकाश डाला गया।याचिका में ट्रैफिक प्रबंधन से लेकर...

पीआईएल को सिर्फ इसलिए फेंका नहीं जा सकता क्योंकि याचिकाकर्ता एक प्रतिद्वंद्वी राजनीतिक दल से संबंधित है  : सुप्रीम कोर्ट
'पीआईएल को सिर्फ इसलिए फेंका नहीं जा सकता क्योंकि याचिकाकर्ता एक प्रतिद्वंद्वी राजनीतिक दल से संबंधित है ' : सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में कहा है कि एक जनहित याचिका केवल इसलिए नहीं फेंकी जा सकती क्योंकि याचिकाकर्ता एक प्रतिद्वंद्वी राजनीतिक दल से संबंधित है। न्यायालय ने कहा है कि राजनीतिक संबद्धता वाले व्यक्ति किसी अन्य व्यक्ति की तरह ही जनहित याचिका दायर करने के हकदार हैं।न्यायालय ने अपने आदेश में नंदीग्राम हिंसा मामले में बंगाल की सीएम ममता बनर्जी के चुनाव एजेंट एसके सुपियान के खिलाफ एफआईआर को पुनर्जीवित करने के मामले में अंतरिम राहत देने के आदेश दिए हैं।यह देखते हुए कि न्यायालय को यह जांचने की...

POCSO: टीन-एज रिलेशनशिप के मामलों में अपराधों के कंपाउंडिंग की मांग करने वाली याचिका पर नोटिस जारी किया
POCSO: टीन-एज रिलेशनशिप के मामलों में अपराधों के कंपाउंडिंग की मांग करने वाली याचिका पर नोटिस जारी किया

सुप्रीम कोर्ट ने उस विशेष अनुमति याचिका पर नोटिस जारी किया है, जिसमें यह सवाल उठाया गया है कि किसी किशोर लड़का के 18 वर्ष से कम उम्र की लड़की के साथ संबंध बनाने पर POCSO अधिनियम (प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल अफेंसेस) के तहत यौन उत्पीड़न का मामला बनता है या नहीं।यह याचिका को मारुथुपंडी बनाम राज्य में मद्रास हाईकोर्ट के एक आदेश के खिलाफ दायर की गई है, जिसमें कहा गया है कि नाबालिग लड़की को प्यार हो जाता है और वह अपने साथी के साथ सहमति से संबंध बनाती है, तो लड़के के खिलाफ POCSO अधिनियम के...

National Uniform Public Holiday Policy
नोएडा से दिल्ली तक का 20 मिनट का सफर दो घंटे में होना किसी दुःस्वप्न की तरह बन गया हैः सुप्रीम कोर्ट ने नोएडा निवासी महिला की याचिका पर नोटिस जारी किया

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार और दिल्ली पुलिस आयुक्त को यह सुनिश्चित करने के लिए नोटिस जारी किया कि सड़क मार्ग को साफ रखा जाए ताकि एक स्थान से दूसरे स्थान पर जाने का मार्ग प्रभावित न हो।पीठ नोएडा निवासी एक महिला द्वारा दायर एक रिट याचिका पर विचार कर रही थी, जिसने आरोप लगाया था कि उसकी दिल्ली की यात्रा सामान्य 20 मिनट के बजाय दो घंटे में पूरी हो रही है।न्यायमूर्ति संजय किशन कौल की अध्यक्षता वाली पीठ के समक्ष व्यक्तिगत रूप से पेश हुईं मोनिस्का अग्रवाल ने कहा कि वह नोएडा में रहती हैं और उन्हें अपनी...

मामूली विसंगति गवाह के बयान पर अविश्वास का आधार नहीं हो सकती, सुप्रीम कोर्ट ने दोहराया
मामूली विसंगति गवाह के बयान पर अविश्वास का आधार नहीं हो सकती, सुप्रीम कोर्ट ने दोहराया

सुप्रीम कोर्ट ने एक बार फिर कहा है कि केवल तथ्यात्मक विवरणों में विरोधाभास ही गवाहों के साक्ष्यों पर अविश्वास का आधार हो सकता है, न कि मामूली विरोधाभास।न्यायमूर्ति संजय किशन कौल और न्यायमूर्ति आर. सुभाष रेड्डी की खंडपीठ ने कर्नाटक हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ हत्या के अभियुक्त की अपील खारिज करते हुए यह टिप्पणी की। ट्रायल कोर्ट ने हत्या के अभियुक्त को बरी कर दिया था, जिसे हाईकोर्ट ने पलट दिया था।बेंच ने रिकॉर्ड पर लाये गये साक्ष्यों का हवाला देते हुए कहा कि यदि रिकॉर्ड में लाये गये दस्तावेजी...

सुप्रीम कोर्ट ने पत्नी को 2.60 करोड़ रुपए का मेंटेनेंस एरियर न देने पर  एक व्यक्ति को 3 महीने की सिविल कारावास की सजा सुनाई
सुप्रीम कोर्ट ने पत्नी को 2.60 करोड़ रुपए का मेंटेनेंस एरियर न देने पर एक व्यक्ति को 3 महीने की सिविल कारावास की सजा सुनाई

सुप्रीम कोर्ट ने एक व्यक्ति को अदालत की अवमानना के मामले में तीन महीने की सिविल कारावास की सजा सुनाई है क्योंकि उसने अपनी पत्नी को 1.75 लाख रुपये के मासिक भरण-पोषण के साथ-साथ 2.60 करोड़ रुपये के बकाया भरण-पोषण भत्ते का भुगतान भी नहीं किया।मुख्य न्यायाधीश एसए बोबडे और जस्टिस एएस बोपन्ना और जस्टिस वी रामासुब्रमण्यम की एक बेंच ने हालिया आदेश में कहा कि, ''हमने पहले ही (प्रतिवादी) काफी लंबा समय दे चुके हैं। प्रतिवादी (पति) ने दिए गए अवसरों का उपयोग नहीं किया है। इसलिए, हम इस अदालत की अवमानना के...

सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली
सुप्रीम कोर्ट में होली पर हुई विशेष सुनवाई; बलात्कार के आरोपी व्यक्ति को अग्रिम जमानत दी

सुप्रीम कोर्ट ने 'होली' पर आयोजित की गई एक विशेष सुनवाई गोवा के एक रेस्टोरेंट जूडो लोबो को अग्रिम जमानत दी। लोबो के खिलाफ दिल्ली की एक महिला ने बलात्कार के आरोप में एफआईआर दर्ज कराई थी। ।जस्टिस अशोक भूषण और जस्टिस एस अब्दुल नजीर की खंडपीठ ने 26 मार्च को दिल्ली हाईकोर्ट द्वारा दिए गए आदेश को चुनौती देते हुए लोबो द्वारा दायर विशेष अनुमति याचिका पर विचार करने के लिए विशेष सुनवाई आयोजित की थी। दिल्ली हाईकोर्ट ने 26 मार्च को दिए अपने आदेश में लोबो की जमानत याचिका खारिज कर दी थी।सीआरपीसी की धारा 164...

शिक्षाविद देखें कि यूनिफॉर्म सिविल कोड गोवा में कैसे काम करता हैः CJI बोबडे
शिक्षाविद देखें कि यूनिफॉर्म सिविल कोड गोवा में कैसे काम करता हैः CJI बोबडे

CJI एसए बोबडे ने शनिवार को शिक्षाविदों से अनुरोध किया कि वे देखें कि यूनिफॉर्म सिविल कोड गोवा निवासियों को, अलग-अलग धर्मों के बावजूद, शादी और उत्तराधिकार के मुद्दों पर कैसे नियंत्रित करता है। गोवा में बॉम्बे हाईकोर्ट के नए भवन के उद्घाटन समारोह में बोलते हुए, CJI ने कहा कि गोवा में साढ़े चार शताब्दियों तक फैली न्याय प्रशासन की विरासत को स्वीकार किया जाना चाहिए।"गोवा के पास वह है, जिसकी संविधान निर्माताओं ने भारत के लिए परिकल्पना ‌की थी - एक समान नागरिक संहिता। और मुझे उस कोड के तहत न्याय प्रदान...

सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश के डीजीपी को हत्या के आरोपी विधायक के पति को गिरफ्तार करने का अंतिम मौका दिया; विफलता पर कार्रवाई की चेतावनी दी
सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश के डीजीपी को हत्या के आरोपी विधायक के पति को गिरफ्तार करने का अंतिम मौका दिया; विफलता पर कार्रवाई की चेतावनी दी

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को मध्य प्रदेश के दमोह में हुई कांग्रेस नेता देवेंद्र चौरसिया की हत्या के मामले में राज्य के पुलिस महानिदेशक को आरोपी बीएसपी विधायक रामबाई प्रजापति के पति गोविंद सिंह को गिरफ्तार करने के 12 मार्च के आदेश का पालन की विफलता पर फटकार लगाई।जस्टिस डी वाई चंद्रचूड़ और जस्टिस एमआर शाह की पीठ ने कहा कि मध्य प्रदेश के पुलिस महानिदेशक ने एक हलफनामा दायर किया है जिसमें कहा गया है पुलिस ने 12 मार्च 2021 के अपने आदेश के अनुपालन में प्रयास किए, लेकिन इसके बावजूद पुलिस आरोपी को...

सीआरपीसी की धारा 406 के तहत राज्य सरकार एक इच्छुक पक्षकार है; अन्य राज्य से मामले को ट्रांसफर करने की मांग कर सकता है: सुप्रीम कोर्ट
"सीआरपीसी की धारा 406 के तहत राज्य सरकार एक 'इच्छुक पक्षकार' है"; अन्य राज्य से मामले को ट्रांसफर करने की मांग कर सकता है: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को बसपा विधायक मुख्तार अंसारी को पंजाब की रोपड़ जेल से उत्तर प्रदेश की गाजीपुर जेल में स्थानांतरित करने की यूपी सरकार द्वारा दायर रिट याचिका को अनुमति दी।न्यायमूर्ति अशोक भूषण की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने निर्देश दिया कि अंसारी को दो सप्ताह के भीतर उत्तर प्रदेश राज्य की हिरासत में सौंप दिया जाए। खंडपीठ ने कहा, "यह निर्देश दिया जाता है कि मुख्तार अंसारी को 2 सप्ताह के भीतर यूपी पुलिस की हिरासत में सौंप दिया जाए। वह बांदा जेल में बंद रहेंगे। बांदा जेल के जेल अधीक्षक...

कॉरपोरेट गारंटर  के खिलाफ दिवाला प्रक्रिया शुरू हो सकती है भले ही मूल उधारकर्ता कॉरपोरेट व्यक्ति नहीं है : सुप्रीम कोर्ट
कॉरपोरेट गारंटर  के खिलाफ दिवाला प्रक्रिया शुरू हो सकती है भले ही मूल उधारकर्ता कॉरपोरेट व्यक्ति नहीं है : सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने माना है कि मूल उधारकर्ता को एक कंपनी के खिलाफ दिवाला प्रक्रिया शुरू करने के लिए के लिए "कॉरपोरेट व्यक्ति" होने की आवश्यकता नहीं है, जो इसके गारंटर के रूप में खड़ी थी।अदालत ने आयोजित किया,"इनसॉल्वेंसी एंड बैंकरप्सी कोड, 2016 की धारा 7 के तहत कॉरपोरेट इनसॉल्वेंसी रिजॉल्यूशन प्रोसेस, एक कॉरपोरेट व्यक्ति के खिलाफ एक वित्तीय लेनदार द्वारा शुरू किया जा सकता है जो किसी व्यक्ति द्वारा कॉरपोरेट व्यक्ति नहीं होने पर, इस तरह के एक ऋण के भुगतान में चूक के मामले में गारंटी देता है।"मूल...

सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व जज ईश्वरैया द्वारा एपी हाईकोर्ट के सीजे और सुप्रीम कोर्ट के वर्तमान जज के खिलाफ साजिश के लिए जिला न्यायाधीश से फोन पर बात की न्यायिक जांच के आदेश के खिलाफ फैसला टाला
सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व जज ईश्वरैया द्वारा एपी हाईकोर्ट के सीजे और सुप्रीम कोर्ट के वर्तमान जज के खिलाफ "साजिश" के लिए जिला न्यायाधीश से फोन पर बात की न्यायिक जांच के आदेश के खिलाफ फैसला टाला

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश, न्यायमूर्ति वी ईश्वरैया द्वारा दायर याचिका में फैसले को टाल दिया जिसमें जिसमें हाईकोर्ट सीजे और सुप्रीम कोर्ट के वर्तमान जज के खिलाफ "साजिश" रचने के लिए एक जिला न्यायाधीश से फोन पर बात करने के लिए न्यायिक जांच के आदेश दिए गए थे।न्यायमूर्ति अशोक भूषण की अध्यक्षता वाली पीठ को वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने अवगत कराया, जो ईश्वरैया की याचिका को खारिज करने के लिए एक हस्तक्षेपकर्ता के रूप में पेश हो रहे हैं, कि जिला...