ताज़ा खबरें
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने 6 उच्च न्यायालयों में न्यायाधीशों के लिए सिफारिशें कीं
सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने 6, 7 और 8 अक्टूबर 2021 को हुई बैठक में 6 उच्च न्यायालयों में न्यायाधीशों के रूप में 23 अतिरिक्त न्यायाधीशों / अधिवक्ताओं / न्यायिक अधिकारियों की पदोन्नति / नियुक्ति के प्रस्ताव को मंजूरी दी।मद्रास हाईकोर्टएडवोकेट जे सत्य नारायण प्रसाद का मद्रास उच्च न्यायालय में न्यायाधीश के रूप में सिफारिश की गई है।राजस्थान उच्च न्यायालयराजस्थान उच्च न्यायालय में निम्नलिखित अधिवक्ताओं को न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत करने की सिफारिश की गई है:1. एडवोकेट कुलदीप माथुर2. एडवोकेट मनीष...
लखीमपुर खीरी हिंसा: यूपी पुलिस की जांच से सुप्रीम कोर्ट संतुष्ट नहीं, पूछा, हत्या के बाकी केसों में भी आरोपियों के साथ ऐसा करते हैं, समन भेजते हैं?
सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को लखीमपुर खीरी हिंसा में उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा की गई जांच पर अपनी असंतुष्टि दर्ज की, जिसमें 8 लोगों की जान चली गई। इनमें से चार किसान प्रदर्शनकारी थे, जिन्हें कथित तौर पर केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद अजय कुमार मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा के काफिले में वाहनों द्वारा कुचल दिया गया था।भारत के मुख्य न्यायाधीश के नेतृत्व वाली पीठ ने आदेश में दर्ज किया कि अदालत राज्य के कार्यों से संतुष्ट नहीं है।पीठ ने आदेश में दर्ज किया, "हम राज्य के कार्यों से संतुष्ट नहीं...
सुप्रीम कोर्ट 20 अक्टूबर से बुधवार और गुरुवार को सूचीबद्ध मामलों की सुनवाई केवल फिजिकल मोड में करेगा
भारत के सुप्रीम कोर्ट ने फिजिकल सुनवाई के लिए एक संशोधित मानक संचालन प्रक्रिया जारी करते हुए तय किया कि बुधवार और गुरुवार को गैर-विविध दिनों के रूप में सूचीबद्ध सभी मामलों को अदालत में वकीलों/पक्षों की फिजिकल उपस्थिति में ही सुना जाएगा।तथापि, गैर-विविध दिनों के मामले की सुनवाई अगले आदेश तक वीडियो/टेलीकांफ्रेंसिंग के माध्यम से जारी रहेगी।यह संशोधित एसओपी 20 अक्टूबर, 2021 से प्रभावी होगा।बार एसोसिएशनों से प्राप्त अनुरोधों और उस संबंध में न्यायाधीशों की समिति की सिफारिशों पर विचार करने पर भारत के...
अगर आप लोगों को सालों तक जेल में डाल रहे हैं तो मुकदमे की क्या जरूरत? सुप्रीम कोर्ट ने एनसीबी से पूछा
सुप्रीम कोर्ट ने एनडीपीएस अधिनियम के तहत 66 वर्षीय आरोपी की जमानत अर्जी पर सुनवाई करते हुए गुरुवार को नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो से कहा,"अगर आप लोगों को सालों तक जेल में डाल रहे तो मुकदमे की क्या जरूरत है?"उक्त आरोपी लगभग चार वर्षों से जेल में बंद है।सीजेआई एनवी रमना, जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस हिमा कोहली की बेंच ने आरोपी को 16 अक्टूबर 2017 से हिरासत में है और निकट भविष्य में मुकदमे के पूरा होने की कोई संभावना नहीं है।पीठ ने इस तथ्य पर विचार करने के बाद आरोपी को जमानत पर रिहा करने का निर्देश...
सुप्रीम कोर्ट ने यस बैंक- डीएचएफएल घोटाले में राणा कपूर की पत्नी और बेटियों को अंतरिम जमानत दी
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को यस बैंक के संस्थापक राणा कपूर की पत्नी बिंदु कपूर और दो बेटियों राधा और रोशनी कपूर को 4000 करोड़ रूपये के घोटाले के यस बैंक- डीएचएफएल केस में अंतरिम जमानत दे दी। इस मामले की फिलहाल सीबीआई जांच कर रही है।28 सितंबर को बॉम्बे हाईकोर्ट द्वारा कपूर की पत्नी और बेटियों द्वारा दायर जमानत याचिकाओं को खारिज करने के बाद जस्टिस एसके कौल और जस्टिस एमएम सुंदरेश की बेंच ने जमानत दे दी।उन्होंने 18 सितंबर को सीबीआई की एक विशेष अदालत के आदेश को चुनौती देते हुए बॉम्बे हाई कोर्ट का रुख...
लोक अदालत के पास मैरिट पर मामले पर फैसला करने का कोई अधिकार नहींः सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि एक बार जब यह पता चल जाता है कि पार्टियों के बीच समाधान या समझौता नहीं हो सका है तो लोक अदालत के पास मामले को मैरिट के आधार पर तय करने का कोई अधिकार नहीं है। जस्टिस एमआर शाह और जस्टिस एएस बोपन्ना की बेंच ने कहा कि लोक अदालत का अधिकार क्षेत्र विवाद के पक्षों के बीच समाधान या समझौता करवाना है। अदालत ने कहा कि एक बार जब समाधान/समझौता विफल हो जाता है, तो लोक अदालत को मामला उस अदालत को वापस भेजना होगा जहां से संदर्भ प्राप्त हुआ था। इस मामले में मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के...
छात्रों से बकाया फीस वसूली के लिए कानून के अनुसार उचित कार्रवाई शुरू करने के लिए स्कूल स्वतंत्र: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने स्कूलों को फीस का भुगतान न करने के कारण किसी भी छात्र को कक्षाओं में भाग लेने से रोकने के अपने आदेश के स्पष्टीकरण की मांग वाली याचिका पर, बुधवार को स्कूल प्रबंधन को उन छात्रों से बकाया शुल्क की वसूली के लिए कानून के अनुसार उचित कार्रवाई शुरू करने की अनुमति दी, जिन्होंने डिफॉल्ट किया है।न्यायमूर्ति एएम खानविलकर और न्यायमूर्ति सीटी रविकुमार की पीठ ने माता-पिता या आश्रित द्वारा किए गए अनुरोधों पर विचार करने को स्कूल प्रबंधन के लिए खुला छोड़ दिया है, जो उचित कारणों के लिए कुछ रियासत...
सुप्रीम कोर्ट में एनईईटी- एमडीएस 2021- ईडब्लूएस और ओबीसी के बिना एआईक्यू काउंसलिंग करने की याचिका
अखिल भारतीय कोटा सीटों में आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों ( ईडब्लूएस) और अन्य पिछड़ा वर्ग ( ओबीसी) एनईईटी- एमडीएस 2021 के लिए अखिल भारतीय कोटा सीटों में आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों ( ईडब्लूएस) और अन्य पिछड़ा वर्ग ( ओबीसी) के लिए आरक्षण के आवेदन को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट के समक्ष एक रिट याचिका दायर की गई है।याचिका में ईडब्ल्यूएस/ओबीसी आरक्षण के बिना एनईईटी-एआईक्यू के तहत मास्टर्स ऑफ डेंटल सर्जरी (एमडीएस) सीटों के लिए काउंसलिंग आयोजित करने का निर्देश देने की मांग की गई है। याचिकाकर्ता मेडिकल...
अवमानना के लिए यतिन ओझा से वरिष्ठता वापस लेने का मामलाः सुप्रीम कोर्ट ने कहा, 'हम ओझा और हाईकोर्ट के हितों को संतुलित करने के लिए एक समाधान खोजने की कोशिश कर रहे हैं'
गुजरात हाईकोर्ट की अवमानना कार्रवाई और एडवोकेट यतिन ओझा की वरिष्ठता को छीनने के संबंध में सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि वह एक ऐसा समाधान खोजने की प्रक्रिया में है, जो श्री ओझा और हाईकोर्ट दोनों के हितों को संतुलित करता हो। पिछली सुनवाई में कोर्ट यह देखते हुए कि श्री ओझा ने अपनी सजा का विशेष हिस्सा भुगत लिया है, उनकी ओर से पेश सीनियर एडवोकेट एएम सिंघवी के सुझाव पर यह जांच करने के लिए सहमत हो गया था कि उन पर लगे आजीवन प्रतिबंध को, उनके आचरण के अधीन, कुछ समय के लिए स्थगित किया जा सकता है।...
एडहॉक कर्मचारियों की वरिष्ठता की गणना के लिए नियमितीकरण से पहले की सेवाओं को नहीं गिना जा सकता: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने दोहराया है एडहॉक (तदर्थ) कर्मचारियों की वरिष्ठता की गणना के लिए नियमितीकरण से पहले की सेवाओं को नहीं गिना जा सकता है।हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने मौजूदा मामले में कुछ नियमित कर्मचारियों की रिट याचिका (मलूक सिंह बनाम पंजाब राज्य में) को अनुमति देते हुए कहा था कि एक बार सेवाओं में नियमित होने के बाद कर्मचारी अपनी नियुक्ति की प्रारंभिक तारीख से संबंधित होंगे। वरिष्ठता और अन्य लाभ के निर्धारण में एडहॉक सेवा को ध्यान में रखना होगा।डिवीजन बेंच ने लेटर्स पेटेंट अपील को खारिज करते हुए...
एनडीए के बाद अब 2022 के लिए भारतीय सैन्य कॉलेज में लड़कियों को प्रवेश परीक्षा देने की इजाजत दी: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को केंद्र को जून 2022 से शुरू होने वाले सत्र के लिए 18 दिसंबर, 2021 को आगामी परीक्षा में शामिल होने की अनुमति देकर राष्ट्रीय भारतीय सैन्य कॉलेज ( आरआईएमसी) में लड़कियों को शामिल करने की व्यवस्था करने का निर्देश दिया। केंद्र को इस संबंध में नए सिरे से विज्ञापन जारी करने का निर्देश दिया गया।न्यायमूर्ति एसके कौल और न्यायमूर्ति एमएम सुंदरेश की पीठ को अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल ऐश्वर्या भाटी ने सूचित किया कि आगामी 18 दिसंबर, 2021 की परीक्षा की तैयारी पहले से ही एक उन्नत चरण में...
"देखते हैं आप कैसा व्यवहार करते हैं": सूरज इंडिया ट्रस्ट के अध्यक्ष बिना शर्त माफी मांगने के लिए तैयार, सुप्रीम कोर्ट ने अदालत की अवमानना के लिए सजा टाली
सुप्रीम कोर्ट ने यह देखते हुए कि "यह पहली बार है कि अवमाननाकर्ता (सूरज इंडिया ट्रस्ट के अध्यक्ष राजीव दैया) ने बिना शर्त माफी के लिए एक आवेदन दिया" गुरुवार को इस आवेदन पर विचार करने के लिए कुछ समय के लिए सजा टाल दी।अदालत ने 28 सितंबर को दैया को अदालत की अवमानना करने और न्यायाधीशों और अदालत के कर्मचारियों के खिलाफ अपमानजनक आरोपों के साथ बार-बार याचिका दायर करके अपना न्यायिक समय बर्बाद करने के लिए अदालत की अवमानना का दोषी ठहराया था।जस्टिस एसके कौल और जस्टिस एमएम सुंदरेश की बेंच ने गुरुवार को...
सिर्फ इसलिए कि आपराधिक मामलों के बारे में सही घोषणा की गई है, नियोक्ता को किसी उम्मीदवार को नियुक्त करने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि एक नियोक्ता को केवल इसलिए उम्मीदवार को नियुक्त करने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता क्योंकि उम्मीदवार ने आपराधिक मामलों की सही घोषणा की है। अदालत ने कहा कि नियोक्ता के पास उम्मीदवारों के आपराधिक इतिहास पर विचार करने का अधिकार है।जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस जेके माहेश्वरी की पीठ ने हाईकोर्ट के फैसले को रद्द करते हुए उक्त टिप्पणियां की। पीठ ने कहा, यदि नैतिक अधमता से जुड़े अपराध के आरोप से एक व्यक्ति को संदेह का लाभ देते हुए या गवाहों के मुकर जाने के कारण बरी...
नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल में स्वत: संज्ञान लेने की शक्तियां निहित हैं: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा की कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल में पत्रों, अभ्यावेदन और मीडिया रिपोर्टों के आधार पर स्वत: संज्ञान लेने की शक्तियां निहित हैं।जस्टिस एएम खानविलकर, जस्टिस हृषिकेश रॉय और जस्टिस सीटी रविकुमार की पीठ ने याचिकाओं के एक बैच पर फैसला सुनाया, जिसमें यह मुद्दा उठाया गया था कि क्या एनजीटी के पास स्वत: संज्ञान अधिकार क्षेत्र है (ग्रेटर मुंबई बनाम अंकिता सिन्हा और अन्य और जुड़े मामले)।न्यायमूर्ति हृषिकेश रॉय ने आज सुबह फैसला सुनाया।जिन मामलों का निर्णय किया जा रहा है वे हैं:1....
लखीमपुर खीरी हिंसा: सुप्रीम कोर्ट ने यूपी सरकार से कल तक जांच की स्टेटस रिपोर्ट मांगी
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को उत्तर प्रदेश सरकार को लखीमपुर खीरी हिंसा की जांच के संबंध में कल तक एक स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया, जिसमें 8 लोगों की जान चली गई। इनमें से चार किसान प्रदर्शनकारी थे, जिन्हें कथित तौर पर केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद अजय कुमार मिश्रा के बेटे द्वारा चलाए जा रहे वाहन द्वारा कुचल दिया गया था।कोर्ट ने कहा कि स्टेटस रिपोर्ट में आरोपियों का ब्योरा होना चाहिए और यह उल्लेख करना चाहिए कि क्या उन्हें गिरफ्तार किया गया है। पीठ ने यूपी सरकार से कहा कि वह मृतक...
सुप्रीम कोर्ट ने बढ़ते एनपीए से निपटने के लिए दिशा-निर्देश तैयार करने की मांग वाली सुब्रमण्यम स्वामी की याचिका पर विचार करने के इनकार किया
सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को बीजेपी सांसद सुब्रमण्यम स्वामी की याचिका पर विचार करने से इनकार किया। याचिका में कोर्ट से बढ़ती गैर-निष्पादित संपत्तियों से संबंधित मुद्दे को हल करने के लिए दिशानिर्देश निर्धारित करने के लिए एक विशेषज्ञ समिति का गठन करने की मांग की गई थी।न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़, न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति बीवी नागरत्न की पीठ ने कहा कि यह नीति का विषय है और इसलिए न्यायालय इस संबंध में दिशानिर्देश नहीं बना सकता।पीठ ने अनुच्छेद 32 के तहत अधिकार क्षेत्र का प्रयोग करने से...
राजस्व रिकॉर्ड टाइटिल दस्तावेज नहीं है: सुप्रीम कोर्ट
सुप्रीम कोर्ट ने एक फैसले में कहा है कि राजस्व रिकॉर्ड स्वत्वाधिकार का दस्तावेज नहीं है। कोर्ट ने आगे कहा कि केवल राजस्व रिकॉर्ड में एक प्रविष्टि के आधार पर एक पट्टेदार भूमि पर किसी भी अधिकार का हकदार नहीं होगा।न्यायमूर्ति हेमंत गुप्ता और न्यायमूर्ति वी रामसुब्रमण्यम की पीठ हाईकोर्ट के उस आदेश के खिलाफ एक अपील पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें न्यायालय ने चकबंदी उप निदेशक, लखनऊ द्वारा पारित 8 जुलाई 2004 के आदेश को रद्द कर दिया था, जिसमें खसरा संख्या 1576 और 1738 के राजस्व प्रविष्टि को वन विभाग के नाम...
मानव श्रम द्वारा 'वन उपज' से तैयार उत्पाद भी 'वन उपज' हो सकते हैं: सुप्रीम कोर्ट पहले के फैसले से असहमत
सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि केरल वन अधिनियम के तहत चंदन का तेल एक 'वन उपज' है। अदालत पहले के एक फैसले पर असहमत व्यक्त की, जिसमें कहा गया था कि मानव श्रम द्वारा बनाई गई वस्तुएं या उत्पाद वन उत्पाद नहीं हैं।जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस एस रवींद्र भट की पीठ ने कहा, अंतर किए जाने की मांग अधिनियम के उद्देश्य को विफल करती है, क्योंकि अवैध रूप से प्राप्त वन उत्पादों जैसे चंदन, शीशम, या अन्य दुर्लभ प्रजातियां, और उन पर काम करना, उन्हें एक उत्पाद बनाना, जो कि मुख्य रूप से आवश्यक वन उपज पर आधारित है,...
सजा काटने का 50 प्रतिशत का व्यापक मानदंड अपील के लंबित रहने पर दोषी को जमानत का आधार हो सकता है: सुप्रीम कोर्ट
इलाहाबाद उच्च न्यायालय में लंबे समय से लंबित आपराधिक अपीलों के मुद्दे पर विचार करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि उच्च न्यायालय को उन दोषियों को जमानत देने का विकल्प तलाशना चाहिए जो आठ साल की सजा काट चुके हैं।अदालत ने कहा कि जमानत वह नियम है जहां दोषी पहले ही आठ साल की वास्तविक सजा काट चुका है। अपील में दोषियों को जमानत देने के लिए आजीवन कारावास के अलावा अन्य मामलों में सजा के 50 प्रतिशत का व्यापक मानदंड लागू होता है।न्यायमूर्ति संजय किशन कौल और न्यायमूर्ति एम एम सुंदरेश की पीठ ने कहा, "उच्च...
यूपी सरकार ने लखीमपुर खीरी हिंसा की जांच के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश की नियुक्ति की
उत्तर प्रदेश सरकार ने लखीमपुर खीरी हिंसा की जांच के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश प्रदीप कुमार श्रीवास्तव को नियुक्त किया है।यूपी सरकार ने प्रस्तुत किया,"आयोग जांच पूरी करेगा और दो महीने की अवधि के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करेगा।"गौरतलब है कि हाल ही में लखीमपुर खीरी की हिंसक घटना में 8 लोग मारे गए थे, जिनमें से चार को कथित रूप से एक वाहन से कुचल दिया गया था, जिसे केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद अजय कुमार मिश्र का बेटा चला रहा था।सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को ने इस हिंसा मामले में भारत...

















