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मद्रास हाईकोर्ट ने पिता द्वारा ज़बरदस्ती अलग की गई महिला और उसके पार्टनर ट्रांसमैन को फिर से साथ रहने की अनुमति दी
मद्रास हाईकोर्ट ने पिता द्वारा ज़बरदस्ती अलग की गई महिला और उसके पार्टनर ट्रांसमैन को फिर से साथ रहने की अनुमति दी

मद्रास हाईकोर्ट की मदुरै पीठ ने पिछले हफ्ते अपने 23 वर्षीय प्रेमी रेवती को उसके पिता की गैरकानूनी अधिरक्षा से रिहा करने का निर्देश देकर ट्रांसमैन और उसके प्रेमी को फिर से मिला दिया।अदालत याचिकाकर्ता ट्रांसमैन द्वारा दायर एक बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर फैसला सुना रही थी।इस याचिका में उसके प्रेमी ने रेवती के पिता पर उसे अवैध रूप से अधिरक्षा में रखने का आरोप लगाया गया था। तदनुसार, उसने अपने प्रेमी को आज़ाद कराने के लिए अदालत की अनुमति मांगी थी।न्यायमूर्ति वी. भारतीदासन और न्यायमूर्ति जे. निशा बानो...

कोर्ट का हर एक मिनट कीमती है: मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के समक्ष लंबित अपील के बारे में सूचित करने में विफलता के लिए पचास हजार रूपये का जुर्माना लगाया
'कोर्ट का हर एक मिनट कीमती है': मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के समक्ष लंबित अपील के बारे में सूचित करने में विफलता के लिए पचास हजार रूपये का जुर्माना लगाया

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर पीठ ने हाल ही में एक मामले में याचिकाकर्ता पर 50,000 रुपये का जुर्माना लगाया है। दरअसल, याचिकाकर्ता ने याचिका को वापस लेने के लिए कोर्ट से मांग की थी। कोर्ट ने यह कहते हुए याचिकाकर्ता की याचिका खारिज कर दिया कि याचिकाकर्ता ने सुप्रीम कोर्ट के समक्ष लंबित अपील के बारे में कोर्ट को सूचित नहीं किया था।न्यायमूर्ति सुजॉय पॉल और न्यायमूर्ति अनिल वर्मा की खंडपीठ ने सुप्रीम कोर्ट में समानांतर कार्यवाही के बारे में अदालत को सूचित करने में याचिकाकर्ता की विफलता की निंदा की...

15 साल की लड़की के साथ छेड़छाड़ का मामला लापरवाही और असंवेदनशील तरीके से निपटाया गया: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया
"15 साल की लड़की के साथ छेड़छाड़ का मामला लापरवाही और असंवेदनशील तरीके से निपटाया गया": इलाहाबाद हाईकोर्ट ने दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 15 साल की लड़की के साथ छेड़छाड़ के मामले में लापरवाही और संवेदनहीनता बरतने पर पुलिस विभाग को जमकर फटकार लगाई है। जस्टिस राजबीर सिंह की खंडपीठ ने चित्रकूट जिले के पुलिस अधीक्षक को दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और एक महीने के भीतर इलाहाबाद हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल के समक्ष कार्रवाई रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया।अदालत आवेदक द्वारा धारा 305, 341, 376D IPC और धारा 4 POCSO अधिनियम और 3 (2) (V) SC/ST अधिनियम के तहत दर्ज आपराधिक मामले में दायर जमानत...

आरोपी यह दावा नहीं कर सकता कि उसके इकबालिया बयान को केवल कुछ अपराधों के लिए माना जाए और दूसरों के लिए नहीं: इलाहाबाद हाईकोर्ट
आरोपी यह दावा नहीं कर सकता कि उसके इकबालिया बयान को केवल कुछ अपराधों के लिए माना जाए और दूसरों के लिए नहीं: इलाहाबाद हाईकोर्ट

एक महत्वपूर्ण अवलोकन में, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाल ही में यह माना कि जब किसी घटना या घटनाओं के सेट के संबंध में समग्र रूप से दोषसिद्ध किया जाता है तो आरोपी बाद में यह दावा नहीं कर सकता है कि उसके द्वारा दिए गए इकबालिया बयान पर केवल कुछ अपराधों के संबंध में विचार किया जाना चाहिए और दूसरों के लिए नहीं।जस्टिस अजय त्यागी की खंडपीठ अपीलकर्ता-आरोपी की एक दलील पर विचार कर रही थी कि उसे उसकी स्वीकारोक्ति के आधार पर धारा 413 IPC के तहत दोषी नहीं ठहराया जा सकता क्योंकि निचली अदालत ने धारा 411 IPC के तहत...

एनजीटी ने ओडिशा सरकार को दो महीने के भीतर एलीफेंट कॉरीडोर के संबंध में अधिसूचना जारी करने का निर्देश दिया
एनजीटी ने ओडिशा सरकार को दो महीने के भीतर एलीफेंट कॉरीडोर के संबंध में अधिसूचना जारी करने का निर्देश दिया

नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल, ईस्ट ज़ोन बेंच, कोलकाता ने ओडिशा राज्य सरकार को एशियन नेचर कंजर्वेशन फाउंडेशन (एएनसीएफ) द्वारा पहचाने गए एलीफेंट कॉरीडोर के संदर्भ में एक अधिसूचना जारी करने का निर्देश दिया।ट्रिब्यूनल ने अपने निर्देश में एलीफेंट कॉरीडोर के कार्यान्वयन के लिए समय-रेखा पर कार्य योजना को सूचित करने को कहा।यह कार्य योजना दो महीने की अवधि के भीतर एएनसीएफ द्वारा की गई सिफारिशों के अनुसार लागू होनी।न्यायमूर्ति बी. अमित स्टालेकर और विशेषज्ञ सदस्य सैबल दासगुप्ता ने यह निर्देश वाइल्डलाइफ सोसाइटी ऑफ...

कोर्ट में मौजूद वकील ने स्थगन की मांग करते हुए बीमारी की पर्ची भेजी: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बार एसोसिएशन को सदस्यों के अनुचित व्यवहार के बारे में सूचित करने के निर्देश दिए
कोर्ट में मौजूद वकील ने स्थगन की मांग करते हुए बीमारी की पर्ची भेजी: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बार एसोसिएशन को सदस्यों के 'अनुचित व्यवहार' के बारे में सूचित करने के निर्देश दिए

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाल ही में एक वकील (याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील) के व्यवहार की निंदा की, जिसने अदालत परिसर के भीतर मौजूद होने के बावजूद एक मामले में स्थगन की मांग करते हुए अदालत में अपनी बीमारी की पर्ची भेजी।जिन परिस्थितियों में बीमारी की पर्ची भेजी गई थी, उसे देखते हुए न्यायमूर्ति जसप्रीत सिंह की पीठ ने उन्हें अदालत के समक्ष बुलाया और उनसे प्रश्न पूछा गया कि क्या वह इस मामले में अदालत के समक्ष पेश हो रहे हैं।वकील ने इसके जवाब में कहा कि वह इस मामले में पेश होता और आगे कहा कि वह अदालत...

दिल्ली हाईकोर्ट
COVID-19: दिल्ली हाईकोर्ट 31 अगस्त से और जिला न्यायालय 24 अगस्त से सीमित फीजिकल हियरिंग फिर से शुरू करेगा

दिल्ली हाईकोर्ट के फुल कोर्ट ने अपने पहले के कार्यक्रम को स्थगित करते हुए क्रमशः 31 अगस्त और 24 अगस्त से हाईकोर्ट के साथ-साथ जिला न्यायालयों में सीमित फिजिकल सुनवाई फिर से शुरू करने का प्रस्ताव पास लिया है।गुरुवार को जारी कार्यालय आदेश न्यायालय द्वारा जारी पहले के आदेश को संशोधित करता है। पहले के आदेश में कहा गया था कि दिल्ली हाईकोर्ट के साथ-साथ जिला न्यायालयों में शारीरिक सुनवाई क्रमशः 6 सितंबर और 31 अगस्त से प्रतिबंधित तरीके से फिर से शुरू की जाएगी।कार्यालय द्वारा जारी आदेश में हाईकोर्ट के...

गुजरात धार्मिक स्वतंत्रता (संशोधन) अधिनियम, 2021 बल, लालच या धोखाधड़ी के बिना किए गए अंतर-धार्मिक विवाहों पर लागू नहीं होगा: गुजरात उच्च न्यायालय
गुजरात धार्मिक स्वतंत्रता (संशोधन) अधिनियम, 2021 बल, लालच या धोखाधड़ी के बिना किए गए अंतर-धार्मिक विवाहों पर लागू नहीं होगा: गुजरात उच्च न्यायालय

गुजरात उच्च न्यायालय ने गुरुवार को एक अंतरिम आदेश पारित करते हुए कहा कि गुजरात धार्मिक स्वतंत्रता (संशोधन) अधिनियम, 2021 के प्रावधान उन अंतर-धार्मिक विवाहों पर लागू नहीं होंगे, जो बिना बल, प्रलोभन या कपटपूर्ण तरीके से होते हैं।चीफ जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस बीरेन वैष्णव ने उन अंतर-धार्मिक विवाह के पक्षों की रक्षा के लिए यह अंतरिम आदेश पारित किया, जिन्हें अनावश्यक रूप से परेशान किया जा रहा।"प्रारंभिक प्रस्तुतियां और दलीलें दर्ज करने के बाद, हमने निम्नानुसार निर्देश दिया है। इसलिए हमारी राय है कि...

भविष्य में बच्‍ची को स्वस्थ पारस्परिक संबंधों को विकसित करने से रोक सकता है: दिल्ली हाईकोर्ट ने बास्केटबॉल कोच को कथित यौन उत्पीड़न के मामले में जमानत से इनकार किया
"भविष्य में बच्‍ची को स्वस्थ पारस्परिक संबंधों को विकसित करने से रोक सकता है": दिल्ली हाईकोर्ट ने बास्केटबॉल कोच को कथित यौन उत्पीड़न के मामले में जमानत से इनकार किया

दिल्ली हाईकोर्ट ने एक 57 वर्षीय बास्केटबॉल कोच को जमानत देने से इनकार कर दिया, जिस पर 13 वर्षीय लड़की के साथ कथित यौन उत्पीड़न का आरोप है। कोर्ट ने कहा कि जीवन के शुरुआती चरण में विश्वासघात बच्चे को भविष्य में स्वस्थ पारस्परिक संबंध विकसित करने से रोक सकता है।जस्टिस सुब्रमण्यम प्रसाद ने कहा, "बच्ची की भलाई पर सबसे ज्यादा ध्यान दिया जाना चाहिए, जिसका मानसिक स्थिति कमजोर, संवेदनशील और विकासशील अवस्था में है। बचपन के यौन शोषण के दीर्घकालिक प्रभाव होते हैं, कई बार दुर्गम होते हैं।""इसलिए, यौन हमला...

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अनुसूचित जनजाति श्रेणी के तहत गोंड उप-जातियों को नामित करने के उत्तर प्रदेश सरकार के आदेश को रद्द किया
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अनुसूचित जनजाति श्रेणी के तहत गोंड उप-जातियों को नामित करने के उत्तर प्रदेश सरकार के आदेश को रद्द किया

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार के उस आदेश को रद्द किया, जिसके तहत दो गोंड उप-जातियों - नायक और ओझा को अनुसूचित जनजाति (एसटी) की श्रेणी में नामित किया गया था।कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश मुनीश्वर नाथ भंडारी और न्यायमूर्ति राजेंद्र कुमार-चतुर्थ की खंडपीठ ने कहा कि यूपी सरकार को गोंड जाति या उसके पर्यायवाची / उपजाति नायक और ओझा को अनुसूचित जनजाति की श्रेणी में नामित करने की अनुमति नहीं है।संक्षेप में मामलाजाति को अनुसूचित जनजातियों की श्रेणी में आने की अधिसूचना जारी करने की शक्ति भारत के...

भारत कन्या की पूजा करता है, फिर भी पीडोफिलिया के मामले बढ़ रहे हैं: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 13 साल की बच्ची के दुष्कर्म आरोपी को जमानत देने से इनकार किया
भारत कन्या की पूजा करता है, फिर भी पीडोफिलिया के मामले बढ़ रहे हैं: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 13 साल की बच्ची के दुष्कर्म आरोपी को जमानत देने से इनकार किया

इस बात पर जोर देते हुए कि भारत कन्या की पूजा करता है, हालांकि साथ ही, देश में पीडोफिलिया के मामले बढ़ रहे हैं , इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उस व्यक्ति को जमानत देने से इनकार कर दिया, जिस पर 13 वर्षीय लड़की के साथ बलात्कार का मामला दर्ज किया गया है।जस्टिस संजय कुमार सिंह की खंडपीठ ने कहा, "ऐसी स्थिति में, अगर सही समय पर न्यायालय से सही निर्णय नहीं लिया जाता है, तो पीड़ित/आम आदमी का विश्वास न्याय व्यवस्था में नहीं रह जाएगा। इस प्रकार के अपराध को रोकने यह समय है।"मामलाअदालत एक ऐसे व्यक्ति की याचिका पर...

कर्नाटक हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को एक स्कूली बच्चे के माता-पिता को मुआवजा देने पर विचार करने का निर्देश दिया
कर्नाटक हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को एक स्कूली बच्चे के माता-पिता को मुआवजा देने पर विचार करने का निर्देश दिया

कर्नाटक हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिया कि वह 15 साल के उस लड़के के माता-पिता को मुआवजे की पेशकश करने पर तुरंत विचार करे, जिसकी बिजली का करंट लगने से मौत हो गई थी।लड़के को बिजली का करंट उस वक्त लगा था जब वह एक लोहे के खंभा पर चढ़कर स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने की तैयारी कर रहा था। उसी खंभे पर वह एक बिजली के तार से छू गया था।तुमकुर के करिकेरे में सरकारी प्राथमिक विद्यालय के परिसर में ओवरहेड तारों के संपर्क में आने से लड़के की मौत हो गई थी।स्वत: संज्ञान याचिका में एमिकस क्यूरी...

जूनियर वकीलों का न्यायालय के समक्ष व्यवहार कैसा हो, इस संबंध में उन्हें प्रशिक्षित करें: इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने बार एसोसिएशन्स से कहा
जूनियर वकीलों का न्यायालय के समक्ष व्यवहार कैसा हो, इस संबंध में उन्हें प्रशिक्षित करें: इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने बार एसोसिएशन्स से कहा

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाल ही में एक वकील के रवैये पर 'नाराजगी' जाहिर की। वकील ने यह देखने के बाद कोर्ट उसके मामले की योग्यता पर आश्वस्त नहीं है, अन्य बेंच के समक्ष बहस करने की अनुमति मांगी थी।जस्टिस विवेक अग्रवाल की खंडपीठ ने उसके आचरण को तिरस्कारपूर्ण माना, हालांकि उसके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। कोर्ट ने इस तथ्य को ध्यान में रखा कि वकील की प्रैक्टिस अभी चार साल पुरानी ही है। बेंच ने उसके रवैये पर कहा, "मैं 'नाराजगी' शब्द के कठोरातम अर्थों में वकीलों द्वारा अपनाई जा रही इस प्रकार की प्रैक्टिस...

COVID-19 के कारण अनाथ बच्चों की सुरक्षा के लिए सुप्रीम कोर्ट का निर्देश हाईकोर्ट को अपने अधिकार क्षेत्र में स्थिति की समीक्षा करने से नहीं रोकता है: याचिकाकर्ता ने दिल्ली हाईकोर्ट में कहा
'COVID-19 के कारण अनाथ बच्चों की सुरक्षा के लिए सुप्रीम कोर्ट का निर्देश हाईकोर्ट को अपने अधिकार क्षेत्र में स्थिति की समीक्षा करने से नहीं रोकता है': याचिकाकर्ता ने दिल्ली हाईकोर्ट में कहा

दिल्ली हाईकोर्ट ने गुरूवार को उस जनहित याचिका पर सुनवाई जारी रखी, जिसमें केंद्र और दिल्ली सरकार को उन बच्चों के हितों की रक्षा करने का निर्देश देने की मांग की गई थी, जिन्होंने COVID-19 के कारण अपने माता-पिता को खो दिया है और जिनके पास उनकी देखभाल करने के लिए कोई और नहीं है और तस्करी होने के जोखिम का सामना करना पड़ता है।याचिकाकर्ता, अधिवक्ता जितेंद्र गुप्ता ने व्यक्तिगत रूप से पेश होते हुए उच्च न्यायालय को बताया कि केवल इसलिए कि सर्वोच्च न्यायालय ने इस विषय पर एक सामान्य निर्देश जारी किया है, यह...

गंभीर बीमारी से पीड़ित महिला ने मुफ्त इलाज की मांग की: हाईकोर्ट ने दिल्ली सरकार से मांगा जवाब
गंभीर बीमारी से पीड़ित महिला ने मुफ्त इलाज की मांग की: हाईकोर्ट ने दिल्ली सरकार से मांगा जवाब

दिल्ली हाईकोर्ट ने गंभीर बीमारी से पीड़ित एक महिला द्वारा अपनाई जाने वाली प्रक्रिया के बारे में दिल्ली सरकार से जवाब मांगा है।अपने पति और ससुराल वालों द्वारा कथित रूप से परित्यक्त होने के बाद महिला ने मुफ्त मेडिकल इलाज के लिए राज्य को निर्देश देने की मांग की है।न्यायमूर्ति रेखा पल्ली ने दिल्ली सरकार को एक हलफनामा दाखिल करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया।इसमें संबंधित अस्पतालों के नाम बताए गए हो, जहां मुफ्त इलाज का लाभ उठाया जा सकता है और इस मामले में उनके द्वारा अपनाई जाने वाली प्रक्रिया...

दिल्ली दंगा: दिल्ली हाईकोर्ट आप के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन की जमानत याचिका पर एक अक्टूबर को सुनवाई करेगा
दिल्ली दंगा: दिल्ली हाईकोर्ट आप के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन की जमानत याचिका पर एक अक्टूबर को सुनवाई करेगा

दिल्ली हाईकोर्ट पूर्वोत्तर दिल्ली दंगों के मामलों में आम आदमी पार्टी के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन द्वारा दायर जमानत याचिकाओं पर एक अक्टूबर को सुनवाई करेगा।आम आदमी पार्टी के पूर्व पार्षद ताहिर हुसैन के खिलाफ दंगों मामले कई एफआईआर दर्ज हैं।न्यायमूर्ति योगेश खन्ना को हुसैन की ओर से पेश हुए वकील रिजवान ने अवगत कराया कि मामले में अभियोजन द्वारा दायर की गई स्टेट्स रिपोर्ट बुधवार की रात उन्हें मिली थी।इसके बाद न्यायमूर्ति योगेश खन्ना ने मामले को स्थगित कर दिया।अदालत ने कहा,"याचिकाकर्ता के वकील को बुधवार...

दिल्ली हाईकोर्ट ने कैदी अंकित गुर्जर की मौत पर तिहाड़ जेल अधिकारियों, पुलिस से स्टेटस रिपोर्ट मांगी
दिल्ली हाईकोर्ट ने कैदी अंकित गुर्जर की मौत पर तिहाड़ जेल अधिकारियों, पुलिस से स्टेटस रिपोर्ट मांगी

दिल्ली हाईकोर्ट ने इस महीने की शुरुआत में तिहाड़ जेल के अंदर 29 वर्षीय गैंगस्टर, कैदी अंकित गुर्जर की कथित हत्या के संबंध में दायर याचिका में तिहाड़ जेल अधिकारियों के साथ-साथ दिल्ली पुलिस से स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। याचिका में दिल्ली पुलिस से केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) को जांच स्थानांतरित करने की मांग की गई है।न्यायमूर्ति मुक्ता गुप्ता ने महानिदेशक (कारागार) को घटना से संबंधित सभी सीसीटीवी फुटेज, यानी घटना से पहले, घटना के समय और उसके बाद के सभी सीसीटीवी फुटेज को सुरक्षित रखने का भी...

पश्चिम बंगाल में चुनाव के बाद हिंसा: कलकत्ता हाईकोर्ट ने हत्या और बलात्कार के मामलों में सीबीआई जांच के आदेश दिए
पश्चिम बंगाल में चुनाव के बाद हिंसा: कलकत्ता हाईकोर्ट ने हत्या और बलात्कार के मामलों में सीबीआई जांच के आदेश दिए

कलकत्ता हाईकोर्ट ने गुरुवार को विधानसभा परिणामों की घोषणा के बाद मई में पश्चिम बंगाल में हुई महिलाओं और बच्चों की हत्या और बलात्कार से संबंधित मामलों की जांच सीबीआई को सौंप दी।कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश राजेश बिंदल, न्यायमूर्ति आईपी मुखर्जी, न्यायमूर्ति हरीश टंडन, न्यायमूर्ति सौमेन सेन और न्यायमूर्ति सुब्रत तालुकदार की पांच सदस्यीय पीठ ने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस पार्टी के सदस्यों द्वारा चुनाव के दौरान भाजपा का समर्थन करने वालों पर हिंसा के कथित कृत्यों के खिलाफ राज्य की निष्क्रियता का आरोप...