क्या विशेष शिक्षकों के लिए TET अनिवार्य है? सुप्रीम कोर्ट ने बिहार सरकार से मांगा जवाब
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को बिहार में विशेष शिक्षकों (Special Educators) की नियुक्ति से जुड़े मामले में पूछा कि क्या TET विशेष शिक्षकों के लिए अनिवार्य योग्यता है? अदालत ने बिहार सरकार को हलफनामा दाखिल कर यह स्पष्ट करने का निर्देश दिया कि भर्ती विज्ञापन जारी करने से पहले RCI और TET संबंधी नियमों में कोई संशोधन किया गया था या नहीं।
जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस शील नागू की खंडपीठ ने सुनवाई के दौरान अमिकस क्यूरी के इस तर्क पर सवाल उठाया कि TET अनिवार्य है। पीठ ने कहा कि बिहार के नियमों में TET की शर्त सामान्य स्कूल शिक्षकों पर लागू होती है, विशेष विद्यालयों के शिक्षकों पर नहीं। अदालत ने कहा कि विशेष शिक्षकों के लिए केवल RCI द्वारा निर्धारित योग्यता ही लागू होगी।
याचिकाकर्ताओं ने बताया कि RCI ने भी अपने हलफनामे में कहा है कि विशेष शिक्षकों के लिए TET अनिवार्य नहीं है। यदि TET लागू किया भी जाता है तो वह विशेष बच्चों के लिए अलग TET होना चाहिए।
मामले में बताया गया कि 7,279 स्वीकृत पदों में से दस्तावेज सत्यापन के बाद 788 अभ्यर्थियों की जांच हुई, जिनमें केवल 139 के पास RCI और TET दोनों योग्यताएं थीं। शेष 649 अभ्यर्थियों को TET न होने के कारण नियुक्ति की सिफारिश नहीं मिली।
सुप्रीम कोर्ट ने बिहार सरकार को इस मुद्दे पर विस्तृत हलफनामा दाखिल करने का निर्देश देते हुए मामले की अगली सुनवाई 4 अगस्त 2026 तय की। उस दिन दिल्ली, झारखंड, उत्तराखंड और मध्य प्रदेश से जुड़े मामलों पर भी सुनवाई होगी।