दिल्ली हाईकोर्ट ने प्रथम दृष्टया कहा है कि 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके NEET-UG उम्मीदवारों से एनआरआई कोटे के तहत प्रवेश के लिए Guardians and Wards Act, 1890 के तहत कानूनी अभिभावक प्रमाणपत्र मांगना लागू नहीं होता।

जस्टिस जस्मीत सिंह ने कहा कि Guardians and Wards Act मुख्य रूप से नाबालिगों और उनकी देखभाल करने वाले अभिभावकों से संबंधित है। इसलिए इसके प्रावधान 18 वर्ष या उससे अधिक उम्र के व्यक्तियों पर लागू होते नहीं दिखते।

क्या है मामला?

मामला NEET-UG 2026 में सफल एक उम्मीदवार से जुड़ा है, जिसने 15% एनआरआई कोटे के तहत मेडिकल पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए आवेदन किया था।

उम्मीदवार को उसके मामाजी प्रायोजित कर रहे थे, जो ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया/एनआरआई हैं और ऑस्ट्रेलिया में रहते हैं।

उम्मीदवार के अनुसार, 2023 में उसके पिता की मृत्यु के बाद उसके मामाजी ने उसकी आर्थिक और अन्य जरूरतों में महत्वपूर्ण सहयोग किया और हमेशा उसे अपनी वार्ड की तरह माना।

दस्तावेज क्यों हुए खारिज?

मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (MCC) के ऑनलाइन पोर्टल पर उम्मीदवार के दस्तावेज इस आधार पर स्वीकार नहीं किए गए कि उसने ऐसा अदालत का आदेश प्रस्तुत नहीं किया था, जिससे यह साबित हो कि उसका प्रायोजक उसका कानूनी अभिभावक है।

यह शर्त MCC द्वारा 27 मई 2026 को जारी अधिसूचना में रखी गई थी।

अधिसूचना के अनुसार, एनआरआई कोटे के उम्मीदवारों को यह प्रमाण देना था कि उनका प्रायोजक उनके अभिभावक के रूप में कार्य करता रहा है। इसके साथ संबंधित शपथपत्र और कानूनी दस्तावेज भी मांगे गए थे।

हाईकोर्ट ने क्या कहा?

अदालत ने उम्मीदवार की जन्मतिथि 21 दिसंबर 2007 दर्ज करते हुए कहा कि वह 18 वर्ष की आयु पार कर चुकी है।

कोर्ट ने प्रथम दृष्टया कहा कि 27 मई की अधिसूचना का संबंधित हिस्सा इस उम्मीदवार पर लागू नहीं होता, क्योंकि वह बालिग हो चुकी है और उसे Guardians and Wards Act के तहत मांगा गया प्रमाणपत्र लेने की आवश्यकता नहीं है।

हाईकोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई तक उम्मीदवार पर अधिसूचना के इस हिस्से के लागू होने पर रोक लगा दी।

दस्तावेज अपलोड करने की अनुमति

कोर्ट ने निर्देश दिया कि उम्मीदवार को अपने दस्तावेज तुरंत ऑनलाइन अपलोड करने की अनुमति दी जाए। यदि ऑनलाइन अपलोड करना संभव न हो, तो वह दस्तावेज भौतिक रूप से भी जमा कर सकती है।

मामले की अगली सुनवाई 12 अक्टूबर को होगी।

इस खबर को अंग्रेज़ी में पढ़ने के लिए क्लिक करें 

Tags: