Allied Healthcare Act लागू न होने पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, अधिकारी को तलब किया

Update: 2026-04-07 16:37 GMT

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को नेशनल कमीशन फॉर एलाइड एंड हेल्थकेयर प्रोफेशन्स एक्ट, 2021 के लागू न होने पर गंभीर चिंता जताई। कोर्ट ने कहा कि कानून बनने के पांच साल बाद भी इसके तहत पैरामेडिकल कोर्सेज के लिए नियम (regulations) तक नहीं बनाए गए हैं।

कोर्ट की कड़ी टिप्पणी

जस्टिस पी. एस. नरसिम्हा और जस्टिस आलोक आराधे की खंडपीठ ने साफ कहा:

“सिर्फ इसलिए कि नियम नहीं बने हैं, किसी कानून को लागू होने से नहीं रोका जा सकता।”

जस्टिस नरसिम्हा ने नाराजगी जताते हुए कहा:

“यह 2021 का कानून है और हम 2026 में हैं। इसे लागू होना ही चाहिए… संबंधित अधिकारी को कल कोर्ट में पेश होने के लिए कहिए, हम जानना चाहते हैं कि देरी क्यों हो रही है।”

नियमों की कमी से 'रेगुलेटरी वैक्यूम'

कोर्ट ने कहा कि नियम न बनने से एक तरह का रेगुलेटरी वैक्यूम बन गया है।

केंद्र का कानून लागू होने के बाद राज्यों के कानून प्रभावी नहीं रह गए

लेकिन नए नियम न होने से पूरा सिस्टम ठप हो गया है

जस्टिस नरसिम्हा ने कहा:

“एक तरफ आपने राज्य कानूनों को रोक दिया, दूसरी तरफ केंद्र का कानून भी लागू नहीं हो रहा—यह कैसे स्वीकार्य है?”

अगली सुनवाई और आदेश

कोर्ट ने निर्देश दिया कि:

मामले की अगली सुनवाई 9 अप्रैल 2026 को होगी

नेशनल कमीशन के जिम्मेदार अधिकारी को कोर्ट में उपस्थित होना होगा और बताना होगा कि कानून के लागू होने में देरी क्यों हो रही है

पहले भी दे चुका है निर्देश

2024 में कोर्ट ने इस कानून को लागू करने का निर्देश दिया था

फरवरी 2026 में जस्टिस विक्रम नाथ की पीठ ने केंद्र और राज्यों को अवमानना नोटिस भी जारी किया था

Tags:    

Similar News