बार-बार सर्विस के बावजूद खराब बाइक ठीक न करने पर डीलर पर ₹30,000 का मुआवजा: उपभोक्ता आयोग
जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग, त्रिशूर ने एक मामले में डीलर को सेवा में कमी का दोषी ठहराते हुए मुआवजा देने का आदेश दिया, क्योंकि वह कई बार सर्विस के बावजूद मोटरसाइकिल की खामियां दूर करने में असफल रहा।
शिकायतकर्ता, जो एक दिहाड़ी मजदूर है, ने 6 जनवरी 2021 को ₹87,000 में Hero Passion Pro 110 मोटरसाइकिल खरीदी थी, लेकिन जल्द ही उसमें मीटर और फ्यूल गेज की खराबी, पेट्रोल भरने में दिक्कत, ओवरहीटिंग और लगभग 60 किमी/घंटा की रफ्तार पर नियंत्रण में समस्या जैसी दिक्कतें आने लगीं।
कई बार सर्विस कराने के बावजूद समस्याएं बनी रहीं, जिसके बाद उसने उपभोक्ता आयोग का रुख किया।
सुनवाई के दौरान विशेषज्ञ जांच में वाहन में तकनीकी खामियां पाई गईं, जबकि डीलर और निर्माता आयोग के समक्ष पेश नहीं हुए और मामला एकतरफा चला।
आयोग ने माना कि डीलर द्वारा खामियां दूर न करना सेवा में कमी है, जबकि निर्माता के खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं मिला।
इसके बाद आयोग ने डीलर को ₹20,000 मुआवजा, ₹10,000 मुकदमे का खर्च और शिकायत की तारीख से 9% ब्याज देने का निर्देश दिया।