सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद समय रैना सहित 5 कॉमेडियनों ने स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी से पीड़ित लोगों के लिए फंड जुटाने को शो आयोजित किए
Praveen Mishra
5 Feb 2026 3:03 PM IST

सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के पालन में कॉमेडियन समय रैना सहित अन्य कलाकारों ने अदालत में हलफनामे दाख़िल कर बताया है कि उन्होंने स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी (SMA) से पीड़ित लोगों के प्रति जन-जागरूकता फैलाने और उनके उपचार के लिए धन जुटाने हेतु मुंबई में कार्यक्रम आयोजित किए।
गौरतलब है कि Cure SMA Foundation की याचिका पर सुनवाई के दौरान, चीफ़ जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की खंडपीठ ने पिछले वर्ष कुछ कॉमेडियनों द्वारा दिव्यांग व्यक्तियों पर की गई असंवेदनशील टिप्पणियों को गंभीरता से लेते हुए निर्देश दिया था कि समय रैना, विपुल गोयल, बलराज परमजीत सिंह घई, सोनाली ठाक्कर और निशांत जगदीश तनवर अपने शो में दिव्यांग व्यक्तियों की सफलता की कहानियों का प्रसारण करें और दुर्लभ बीमारियों, विशेषकर SMA, के उपचार हेतु फंड जुटाने के कार्यक्रम आयोजित करें।
कोर्ट ने यह भी निर्देश दिया था कि ऐसे कार्यक्रम कम से कम महीने में दो बार आयोजित किए जाएं और कॉमेडियन अपने मंचों पर दिव्यांग व्यक्तियों को आमंत्रित कर उन्हें अपनी बात रखने और प्रस्तुति देने का अवसर दें। यह कदम दिव्यांगों के प्रति की गई असंवेदनशील टिप्पणियों के प्रायश्चित (reparation) के रूप में उठाया गया था।
इन निर्देशों के अनुपालन में, कॉमेडियनों ने अपने हलफनामों में बताया है कि उन्होंने दिसंबर 2025 और जनवरी 2026 के दौरान मुंबई में चार शो आयोजित किए, जिनका उद्देश्य SMA से पीड़ित व्यक्तियों के प्रति जागरूकता फैलाना और उनके इलाज के लिए धन जुटाना था।
हलफनामों के अनुसार, इन कार्यक्रमों में दिव्यांग व्यक्तियों को न केवल आमंत्रित किया गया, बल्कि उन्हें **मंच पर आकर अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा करने और कॉमेडियनों के साथ प्रस्तुति देने के लिए प्रोत्साहित किया गया। ऑडिटोरियम की पहली पंक्ति दिव्यांग व्यक्तियों के लिए आरक्षित रखी गई थी और उन्हें निःशुल्क टिकट उपलब्ध कराए गए। कुछ उपस्थित लोग स्वयं SMA से प्रभावित थे।
कॉमेडियनों ने यह भी कहा है कि इन शो से प्राप्त **आय को सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार स्थानांतरित किया जाएगा।

