RJS सिविल जज 2024 प्रारंभिक परीक्षा की आंसर की को चुनौती देने वाली याचिका खारिज: राजस्थान हाईकोर्ट
Praveen Mishra
20 March 2026 3:04 PM IST

राजस्थान हाईकोर्ट ने राजस्थान न्यायिक सेवा (RJS) परीक्षा 2024 की आंसर की को रद्द कर संशोधित परिणाम जारी करने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया। कोर्ट ने कहा कि शैक्षणिक मूल्यांकन या प्रतियोगी परीक्षा में सही उत्तर निर्धारित करने के मामलों में न्यायालय, विशेषज्ञ समिति के निर्णय पर अपीलीय प्राधिकरण के रूप में कार्य नहीं कर सकता।
जस्टिस अरुण मोंगा और जस्टिस सुनील बेनीवाल की खंडपीठ ने कहा कि विशेषज्ञ समिति संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों से बनी होती है और उसकी शैक्षणिक राय को उचित सम्मान दिया जाना चाहिए।
यह याचिका एक असफल अभ्यर्थी द्वारा दायर की गई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि मॉडल आंसर की पर उठाई गई आपत्तियों पर उचित विचार नहीं किया गया। वहीं, राज्य पक्ष ने तर्क दिया कि आपत्तियों के निपटारे के लिए विशेषज्ञ समिति गठित की गई थी और सभी आपत्तियों पर विचार किया गया।
कोर्ट ने प्रत्येक विवादित प्रश्न पर सुनवाई के बाद कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की आंसर की के संबंध में विशेषज्ञ समिति की राय में सामान्यतः हस्तक्षेप नहीं किया जाना चाहिए। अदालत ने स्पष्ट किया कि केवल इसलिए कि किसी प्रश्न पर दो संभावित व्याख्याएं हो सकती हैं, यह हस्तक्षेप का आधार नहीं बनता; ऐसी स्थिति में विशेषज्ञ समिति की राय को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
अदालत ने यह भी कहा कि जब कोई अभ्यर्थी चयन प्रक्रिया में भाग लेता है, तो वह केवल परिणाम प्रतिकूल आने पर उसे चुनौती नहीं दे सकता। बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों से जुड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं में अंतिमता और निश्चितता आवश्यक है, और चयन प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद ऐसे विवाद उठाने से पूरी भर्ती प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है।
इन परिस्थितियों में कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी, हालांकि याचिकाकर्ता द्वारा अपने तर्क प्रस्तुत करने में दिखाई गई मेहनत और स्पष्टता की सराहना भी की।

