गुमनाम यौन उत्पीड़न के आरोप: पत्रकार उमर राशिद ने दिल्ली हाईकोर्ट में दायर किया मानहानि का मुकदमा
Shahadat
8 Sept 2026 8:19 PM IST

पत्रकार उमर राशिद ने दिल्ली हाईकोर्ट में एक गुमनाम महिला वकील के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया। इस महिला ने पिछले साल सोशल मीडिया पर उन पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए।
इस मामले की सुनवाई कल (बुधवार) जस्टिस सचिन दत्ता के सामने होनी है।
यह मामला सोशल मीडिया पर एक महिला द्वारा किए गए गुमनाम पोस्ट से जुड़ा है, जिसमें राशिद पर गंभीर आरोप लगाए गए, जिनमें कथित बलात्कार और "ज़बरदस्ती बीफ़ खिलाना" शामिल है।
इन आरोपों के बाद राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने मई 2025 में राशिद के खिलाफ मामला शुरू किया।
300 से ज़्यादा दिनों तक चली जांच के बाद आयोग ने पत्रकार राशिद के खिलाफ मामला बंद किया, क्योंकि दिल्ली पुलिस को जांच आगे बढ़ाने का कोई आधार नहीं मिला। पुलिस जांच में यह निष्कर्ष निकला कि इस मामले में किसी कार्रवाई की ज़रूरत नहीं है।
'सह्याद्रि राइट्स फोरम' के संयोजक तन्मय एन. ने सोशल मीडिया पर लगे गुमनाम आरोपों के आधार पर पत्रकार के खिलाफ जांच की मांग करते हुए NHRC से संपर्क किया।
इसके बाद NHRC ने 23 मई 2025 को एक मामला दर्ज किया, जिसमें उमर राशिद और न्यूज़ पोर्टल 'द वायर' (जहां उमर राशिद उस समय काम कर रहे थे) दोनों का नाम शामिल है, और दिल्ली पुलिस कमिश्नर को आरोपों की जांच करने का निर्देश दिया।
6 अक्टूबर 2025 को दिल्ली पुलिस कमिश्नर ने NHRC के सामने रिपोर्ट पेश की, जिसमें कहा गया कि मामले में आगे किसी कार्रवाई की ज़रूरत नहीं है, क्योंकि पीड़िता ने अपनी पहचान और पता बताने से इनकार कर दिया और मामले को आगे बढ़ाने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखाई।
NHRC ने 13 मार्च की अपनी कार्यवाही में कहा कि दिल्ली पुलिस की रिपोर्ट के संबंध में शिकायतकर्ता से कोई जवाब नहीं मिला।
इसके बाद NHRC ने निष्कर्ष निकाला कि मामले में आगे किसी हस्तक्षेप की ज़रूरत नहीं है।
NHRC ने अपने अंतिम आदेश में कहा,
"ऊपर बताए गए तथ्यों और परिस्थितियों को देखते हुए आयोग का मानना है कि मामले में आगे किसी हस्तक्षेप की ज़रूरत नहीं है। मामला बंद किया जाता है।"
Title: Omar Rashid v. X & Ors


