150 ग्राम की जगह 126 ग्राम निकला पारले बिस्किट पैकेट, उपभोक्ता आयोग ने कंपनी पर लगाया जुर्माना

Praveen Mishra

30 July 2026 5:05 PM IST

  • 150 ग्राम की जगह 126 ग्राम निकला पारले बिस्किट पैकेट, उपभोक्ता आयोग ने कंपनी पर लगाया जुर्माना

    जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग, कन्नूर ने घोषित वजन से कम बिस्किट का पैकेट बेचने के मामले में पारले बिस्किट कंपनी और मेट्रो हाइपर मार्केट को जिम्मेदार ठहराया है।

    आयोग ने कहा कि कम वजन वाला उत्पाद बेचना अनुचित व्यापार व्यवहार (Unfair Trade Practice) है और केवल यह कहकर कि दोष निर्माता का है, रिटेलर अपनी जिम्मेदारी से नहीं बच सकता।

    मामले में शिकायतकर्ता आसिक टी.पी. ने 26 जुलाई 2024 को ₹25 में Parle 20-20 Butter Cookies का पैकेट खरीदा था। पैकेट पर 150 ग्राम वजन अंकित था, लेकिन जांच में उसका वजन केवल 126.16 ग्राम पाया गया।

    आयोग ने इस संबंध में विधिक माप विज्ञान विभाग, कन्नूर की रिपोर्ट पर भरोसा किया।

    पारले ने दावा किया कि विवादित पैकेट उसका उत्पाद नहीं था और उसके यहां स्वचालित प्रणाली के कारण कम वजन वाले पैकेट बाजार में नहीं जा सकते।

    वहीं, मेट्रो हाइपर मार्केट ने कहा कि वह केवल विक्रेता है और किसी भी कमी के लिए निर्माता जिम्मेदार है।

    आयोग ने दोनों दलीलों को खारिज करते हुए कहा कि पैकेट पर निर्माता के रूप में पारले का नाम दर्ज है और रिटेलर भी इसे पारले का उत्पाद मानता है।

    आयोग ने कहा कि रिटेलर की भी जिम्मेदारी है कि वह घोषित मानकों के अनुरूप उत्पाद ही बेचे।

    आयोग ने पारले बिस्किट कंपनी को ₹25,000 मुआवजा और ₹10,000 वाद व्यय, जबकि मेट्रो हाइपर मार्केट को ₹10,000 मुआवजा और ₹5,000 वाद व्यय देने का निर्देश दिया।

    एक माह के भीतर भुगतान न होने पर मुआवजे की राशि पर 12% वार्षिक ब्याज देना होगा।

    Praveen Mishra

    Praveen Mishra

    प्रवीण मिश्रा Law Graduate हैं और लाइव लॉ हिंदी से जुड़े हैं। वे सुप्रीम कोर्ट, उच्च न्यायालयों, उपभोक्ता आयोगों और अन्य न्यायिक मंचों के महत्वपूर्ण फैसलों एवं कानूनी घटनाक्रमों पर लेखन करते हैं। उनका उद्देश्य जटिल कानूनी विषयों और न्यायिक निर्णयों को सरल, सटीक और तथ्यपरक भाषा में हिंदी पाठकों तक पहुंचाना है।

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