Top
Begin typing your search above and press return to search.
मुख्य सुर्खियां

COVID के मद्देनजर बिना राशन कार्ड वाले लोगों को तत्काल राशन और खाद्य आपूर्ति करने की मांग, दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका

LiveLaw News Network
22 April 2021 12:15 PM GMT
COVID के मद्देनजर बिना राशन कार्ड वाले लोगों को तत्काल राशन और खाद्य आपूर्ति करने की मांग, दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका
x

दिल्ली रोजी-रोटी अधिकार अभियान ने दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर कर गुहार लगाई है कि दिल्ली सरकार को निर्देश दिया जाए कि सरकार मुख्यमंत्री कोरोना सहायता योजना (एमएमसीएसवाई) या गरीब और जरूरतमंद व्यक्तियों के लिए बनाई किसी अन्य योजना के तहत सूखा राशन प्रदान करने की अपनी योजना को फिर से शुरू कर दे ताकि गरीब लोग राष्ट्रीय राजधानी में जारी किए गए ताजा प्रतिबंधों और कोरोना महामारी के कारण भूखे न रहे और उनको राशन मिल पाए।

दिल्ली सरकार ने सोमवार (19 अप्रैल, 10 बजे) रात से सोमवार (26 अप्रैल, सुबह 6 बजे) सुबह तक, राजधानी में पूर्ण लाॅकडाउन की घोषणा की थी।

अधिवक्ता प्रसन्ना एस द्वारा दायर याचिका में कहा गया है कि दूसरी लहर और दिल्ली सरकार द्वारा जारी किए गए ताजा प्रतिबंधों को देखते हुए याचिकाकर्ता ने जीएनसीटीडी को एक पत्र लिखा था कि वह जरूरतमंदों को बेघर आश्रय और राहत केंद्रों के माध्यम से मुफ्त गर्म पका भोजन मुहैया कराए और पीडीएस प्रणाली को सार्वभौमिक बनाते हुए उन सभी को राशन प्रदान किया जाए,जिनको खाद्य सुरक्षा की आवश्यकता है,भले ही उनके पास राशन कोर्ड हो या ना हो।

इसके अलावा, यह आग्रह किया गया था कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत खाद्य सुरक्षा के प्रावधानों को इस संकट के समय बिना किसी व्यवधान के लागू रखा जाए,जिनमें मध्याह्न भोजन योजना (एमडीएम), एकीकृत बाल विकास सेवा (आईसीडीएस) और आंगनवाड़ी के जरिए गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाओं के लिए गर्म पका भोजन उपलब्ध करवाना शामिल है।

यह देखते हुए कि दिल्ली सरकार ने 19 अप्रैल को कड़े प्रतिबंध लगाए थे,याचिका में कहा गया है किः

''कड़े प्रतिबंधों, लॉकडाउन और कर्फ्यू को देखते हुए यह जरूरी हो गया है कि अल्पावधि और मध्यम अवधि के दौरान आने वाली परेशानियों को दूर करने के लिए तत्काल निर्देश दिए जाएं क्योंकि महामारी और आपदा प्रबंधन अधिनियम के प्रावधानों के तहत आपदा की घोषणा अभी अपने अंत के करीब नहीं है।''

याचिका में निम्नलिखित प्रार्थनाएं की गई हैंः

- प्रतिवादी नंबर दो को निर्देश दिया जाए कि वह मुख्यमंत्री कोरोना सहायता योजना (एमएमसीएसवाई) योजना के तहत सूखा राशन प्रदान करने की अपनी योजना को फिर से शुरू करे या इस उद्देश्य के लिए बनाई गई कोई अन्य योजना जिसके तहत वह सभी लोग ई-कूपन के जरिए राशन पा सकें,ताकि यह सुनिश्चित हो सकें कि इस माननीय न्यायालय के अगले आदेश तक वह गरीब और जरूरतमंद व्यक्ति भूखे न रह पाएं,जिनको राशन की जरूरत है।

- ई-कूपन आवेदन स्वीकार करने और इसकी सुविधा के लिए कियोस्क व हेल्पडेस्क का संचालन फिर से शुरू करने के लिए प्रतिवादी नंबर को निर्देश दिया जाए,ताकि इस माननीय न्यायालय के अगले आदेश तक उन सभी निवासियों को भी लाभ मिल सकें,जो राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 के तहत शुरू की गई नियमित पीडीएस योजना के तहत कवर नहीं हैं।

- प्रतिवादी नंबर 2 को निर्देश दिया जाए कि वह जरूरतमंद लोगों को मुफ्त गर्म पका भोजन उपलब्ध कराने के लिए हंगर रिलीफ सेंटर को फिर से शुरू करें।

- एक निर्देश दिया जाए कि सी.एम आवेदन नंबर 15238/2020 को पहले तय की गई तारीख यानी 26.04.2021 को सुना जाए ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि इस न्यायालय के अगले आदेश तक जो उपाय अप्रैल - जून 2020 में किए गए थे और जो उपाय अब किए जा रहे हैं,वह लागू रहें।

Next Story