Top
Begin typing your search above and press return to search.
ताजा खबरें

कार्ति चिदंबरम को दिल्ली हाईकोर्ट के अंतरिम सरंक्षण को ED ने SC में दी चुनौती, कहा इसका असर नीरव मोदी केस पर भी

LiveLaw News Network
13 March 2018 4:08 PM GMT
कार्ति चिदंबरम को दिल्ली हाईकोर्ट के अंतरिम सरंक्षण को ED ने SC में दी चुनौती, कहा इसका असर नीरव मोदी केस पर भी
x

INX मीडिया मनी लांडरिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय ( ED) ने  कार्ति चिदंबरम को दिल्ली हाईकोर्ट के अंतरिम सरंक्षण देने के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दे दी है।

मंगलवार को एजेंसी की ओर से चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा से जल्द सुनवाई का आग्रह किया गया और चीफ जस्टिस 15 मार्च को याचिका पर सुनवाई को तैयार हो गए।

सुप्रीम कोर्ट में दाखिल याचिका में ED ने कहा है कि दिल्ली हाईकोर्ट को कार्ति को अपने क्षेत्राधिकार का इस्तेमाल कर इस तरह अग्रिम जमानत नहीं देनी चाहिए थी। हाईकोर्ट का ये आदेश नीरव मोदी जैसे आरोपियों के लिए बिना पूछताछ और जांच के ही राहत का कानूनी उपकरण बन जाएगा। ED के पास 1003 ऐसे केस लंबित हैं और इस फैसले के बाद ये आशंका है कि इन सभी केसों में हाईकोर्ट के कार्ति को सरंक्षण देने के आदेश का असर पडेगा। इसलिए इस आदेश पर रोक लगाई जानी चाहिए।

इससे पहले दिल्ली हाईकोर्ट में जस्टिस एस मुरलीधर की बेंच ने 20 मार्च तक कार्ति की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी थी। बेंच ने कहा था कि पहले एजेंसी को अदालत को संतुष्ट करना पड़ेगा कि कार्ति को गिरफ्तार करने की जरूरत क्या है।

इसके बाद कार्ति चिदंबरम ने  सुप्रीम कोर्ट में केवियट याचिका  दाखिल कर कहा था कि  सुप्रीम कोर्ट बिना उनके पक्ष सुने कोई आदेश जारी ना करे।

वहीं INX मीडिया मामले में ED के कड़े विरोध के बीच गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट ने कार्ति चिदंबरम को दिल्ली हाईकोर्ट में अंतरिम सरंक्षण की अर्जी दाखिल करने की इजाजत दे दी थी और हाईकोर्ट को अगले ही दिन सुनवाई करने के लिए कहा था।

कार्ति को सीबीआई ने चेन्नई एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया था। फिलहाल वो न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल में हैं।

ईडी के अधिकार पर सवाल करते हुए कार्ति ने कहा है कि सीबीआई पहले ही 15 मई, 2017 को पंजीकृत मामले की जांच कर रही है और ईडी के पास इस मामले के लिए उन्हें बुलाने का अधिकार नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि ईडी का मकसद उन्हें परेशान करना है और पूरे परिवार का अपमान करना है।

Next Story