अतिक्रमण नहीं हटाया तो फूटा हाईकोर्ट का गुस्सा, दिया तहसीलदार और पटवारी के निलंबन का आदेश

Amir Ahmad

4 July 2026 3:28 PM IST

  • अतिक्रमण नहीं हटाया तो फूटा हाईकोर्ट का गुस्सा, दिया तहसीलदार और पटवारी के निलंबन का आदेश

    राजस्थान हाईकोर्ट ने अदालत के बार-बार आदेशों के बावजूद अतिक्रमण नहीं हटाने और अपने कर्तव्यों के प्रति लापरवाही बरतने पर करौली जिले के खेड़ली गांव के तहसीलदार और पटवारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। अदालत ने राजस्व सचिव को दोनों अधिकारियों के विरुद्ध विभागीय कार्यवाही शुरू करने और कार्यवाही पूरी होने तक उन्हें निलंबित रखने का आदेश दिया।

    एक्टिंग चीफ जस्टिस संजीव प्रकाश शर्मा और जस्टिस मनीष शर्मा की खंडपीठ ने सुनवाई के दौरान अधिकारियों के रवैये पर नाराजगी जताई। अदालत ने कहा कि दोनों अधिकारी स्वयं स्वीकार कर रहे हैं कि अतिक्रमण मौजूद है, लेकिन उसे हटाने के लिए फिर सात दिन का समय मांग रहे हैं। इस पर अदालत ने टिप्पणी की कि ऐसा प्रतीत होता है कि उन्हें अदालत के आदेशों का कोई सम्मान नहीं है और वे अपने वैधानिक दायित्वों का निर्वहन करने में भी विफल रहे हैं।

    खंडपीठ ने कहा,

    "दोनों अधिकारी यह स्वीकार कर रहे हैं कि अतिक्रमण है फिर भी उसे हटाने के लिए सात दिन का और समय मांग रहे हैं। इससे स्पष्ट है कि उन्हें अदालत के आदेशों का कोई सम्मान नहीं है और वे अपने कर्तव्यों का पालन नहीं कर रहे हैं।"

    दरअसल, अदालत एक याचिका पर सुनवाई कर रही थी जिसमें संबंधित स्थान से अतिक्रमण हटाने के लिए पहले भी कई बार आदेश दिए जा चुके थे। इसके बावजूद जब कोई कार्रवाई नहीं हुई तो अदालत ने संबंधित अधिकारियों से जवाब तलब किया।

    हालांकि, अधिकारियों ने अपने निष्क्रिय रवैये का कोई संतोषजनक स्पष्टीकरण देने के बजाय अतिक्रमण हटाने के लिए और समय मांग लिया। इस पर अदालत ने इसे गंभीरता से लेते हुए विभागीय कार्यवाही और निलंबन के आदेश जारी किए।

    साथ ही अदालत ने अतिरिक्त महाधिवक्ता को निर्देश दिया कि संबंधित थाना प्रभारी और अन्य राजस्व अधिकारियों को तत्काल अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए जाएं तथा की गई कार्रवाई की रिपोर्ट अगली सुनवाई पर अदालत के समक्ष प्रस्तुत की जाए।

    मामले की अगली सुनवाई 8 जुलाई, 2026 को होगी।

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