एक्टर व उद्यमी विवेक ओबेरॉय ने पर्सनेलिटी राइट्स की सुरक्षा के लिए दिल्ली हाइकोर्ट का रुख किया
Amir Ahmad
4 Feb 2026 1:41 PM IST

एक्टर और उद्यमी विवेक ओबेरॉय ने अपने व्यक्तित्व अधिकारों की रक्षा के लिए दिल्ली हाइकोर्ट में वाद दायर किया। उन्होंने आरोप लगाया कि विभिन्न अज्ञात और ज्ञात व्यक्ति उनकी पहचान, नाम, छवि और आवाज़ का बिना अनुमति दुरुपयोग कर रहे हैं।
एडवोकेट सना रईस खान और प्रणय चिताले के माध्यम से दायर इस वाद में विवेक ओबेरॉय ने हाइकोर्ट से आग्रह किया कि उनके व्यक्तित्व अधिकारों के उल्लंघन पर रोक लगाई जाए। याचिका में अज्ञात व्यक्तियों (जॉन डो) सहित कई प्रतिवादियों को पक्षकार बनाया गया।
याचिका में कहा गया कि सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म पर विवेक ओबेरॉय के नाम और तस्वीरों का इस्तेमाल कर फर्जी खाते बनाए जा रहे हैं। इन अकाउंट्स के माध्यम से बिना अनुमति वस्तुओं की बिक्री की जा रही है, कृत्रिम बुद्धिमत्ता की सहायता से वीडियो और चित्र तैयार किए जा रहे हैं तथा डीपफेक तकनीक का उपयोग कर उनके चेहरे को आपत्तिजनक और भ्रामक सामग्री में जोड़ा जा रहा है।
विवेक ओबेरॉय ने दावा किया कि कुछ मामलों में यह सामग्री आपत्तिजनक, अभद्र और मानहानिकारक है, जबकि कुछ मामलों में इसका उद्देश्य उनकी लोकप्रियता और बाज़ार मूल्य का अनुचित लाभ उठाना है। उन्होंने पोस्टकार्ड, पोस्टर, वीडियो और सोशल मीडिया सामग्री को हटाने की भी मांग की।
याचिका में कहा गया कि अपने नाम, छवि, पहचान और व्यक्तित्व के व्यावसायिक उपयोग पर केवल याचिकाकर्ता का अधिकार है और उसकी स्पष्ट अनुमति के बिना कोई भी व्यक्ति उनके व्यक्तित्व के किसी भी पहलू का व्यावसायिक या अन्य किसी रूप में उपयोग नहीं कर सकता।
उल्लेखनीय है कि दिल्ली हाइकोर्ट की समन्वय पीठ पूर्व में कई चर्चित हस्तियों के व्यक्तित्व अधिकारों की रक्षा कर चुकी हैं। इनमें आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण, पूर्व क्रिकेटर सुनील गावस्कर, अभिनेता आर. माधवन और एनटीआर जूनियर शामिल हैं। एक्टर सलमान खान ने भी इसी प्रकार का वाद दायर किया।
इसके अतिरिक्त, 'आर्ट ऑफ लिविंग' के संस्थापक श्री श्री रवि शंकर, एक्टर नागार्जुन, ऐश्वर्या राय बच्चन, अभिषेक बच्चन और फिल्म निर्माता करण जौहर के व्यक्तित्व अधिकारों की भी हाइकोर्ट द्वारा सुरक्षा की जा चुकी है।
हाल ही में दिल्ली हाइकोर्ट ने पत्रकार सुधीर चौधरी के व्यक्तित्व अधिकारों की भी रक्षा की थी, जिनकी शिकायत थी कि उनके विरुद्ध भ्रामक और कृत्रिम रूप से तैयार वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जा रहे हैं।
इसके अलावा, हाइकोर्ट ने प्रसिद्ध पॉडकास्टर राज शमानी के मामले में भी जॉन डो आदेश पारित करते हुए कहा कि वह देश में एक जाना-पहचाना चेहरा हैं और उनकी पहचान का दुरुपयोग रोका जाना आवश्यक है।
विवेक ओबेरॉय द्वारा दायर इस याचिका पर दिल्ली हाइकोर्ट में सुनवाई अपेक्षित है।

