दिल्ली हाईकोर्ट की वर्चुअल सुनवाई में अश्लील सामग्री प्रसारित, चीफ जस्टिस की अदालत की कार्यवाही बाधित
Amir Ahmad
29 April 2026 3:31 PM IST

दिल्ली हाइकोर्ट की वर्चुअल सुनवाई के दौरान बुधवार को उस समय कार्यवाही बाधित हो गई, जब अज्ञात यूजर ने ऑनलाइन मंच पर अश्लील सामग्री प्रसारित कर दी।
यह घटना चीफ जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस तेजस कारिया की खंडपीठ के समक्ष हुई।
जानकारी के अनुसार अदालत पूरक सूची के मामलों पर सुनवाई कर रही थी तभी एक अज्ञात व्यक्ति वर्चुअल कॉन्फ्रेंसिंग मंच से जुड़ा और अपनी स्क्रीन शेयर कर अश्लील वीडियो चलाने लगा। अदालत के कर्मचारियों ने तत्काल वर्चुअल मंच बंद कर दिया।
हालांकि, कुछ देर बाद जब सुनवाई दोबारा शुरू की गई, तो वही यूजर फिर से प्लेटफार्म पर जुड़ गया और पुनः अश्लील सामग्री प्रसारित की। इसके बाद मंच दूसरी बार बंद करना पड़ा। बाद में तीसरी बार भी इसी प्रकार की घटना दोहराई गई।
घटना के दौरान पृष्ठभूमि में एक आवाज सुनाई दी, जिसमें कहा गया, “यह संयुक्त राज्य अमेरिका से हैक है। मीटिंग तुरंत बंद करें।”
इसके बाद वर्चुअल मंच को पुनः प्रारंभ तो किया गया, लेकिन सभी प्रतिभागियों को तुरंत लॉक कर दिया गया तथा अदालत की वीडियो और ऑडियो व्यवस्था अस्थायी रूप से बंद रखी गई।
दिल्ली हाईकोर्ट प्रशासन ने इस घटना को गंभीर सुरक्षा उल्लंघन मानते हुए दिल्ली पुलिस की विशेष इकाई के समक्ष औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। मामले में प्रारंभिक जांच शुरू की जा रही है।
दोपहर बाद की कार्यवाही में एडिशनल सॉलिसिटर जनरल चेतन शर्मा ने इस मुद्दे को चीफ जस्टिस के समक्ष उठाते हुए कहा कि पूर्वाह्न सत्र में केवल एक ही नहीं बल्कि कई अदालतों की वर्चुअल कार्यवाही के दौरान ऐसी चिंताजनक घटनाएं हुईं। उन्होंने कहा कि इससे न्यायिक संस्थान की गरिमा और पवित्रता प्रभावित होती है।
इस पर चीफ जस्टिस ने कहा कि प्रशासनिक स्तर पर रजिस्ट्रार जनरल को आवश्यक निर्देश दिए गए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अदालत की कार्यवाही का रिकॉर्ड करना नियमों के विरुद्ध है और यदि किसी ने रिकॉर्डिंग की है तो संबंधित प्राधिकारी नियमानुसार कार्रवाई करेंगे।

