NEET-UG Paper Leak: आरोपी की गिरफ्तारी को चुनौती खारिज, दिल्ली हाईकोर्ट ने लगाया 25 हजार का जुर्माना
Amir Ahmad
8 Sept 2026 12:47 PM IST

NEET-UG पेपर लीक मामले में आरोपी धनंजय निवृत्ति लोखंडे को दिल्ली हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली। हाईकोर्ट ने उसकी गिरफ्तारी को चुनौती देने वाली याचिका खारिज करते हुए उस पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया।
जस्टिस नवीन चावला और जस्टिस रविंदर डुडेजा की खंडपीठ ने याचिका को बिल्कुल निराधार बताते हुए कहा कि यह कानून की प्रक्रिया के दुरुपयोग के समान है। अदालत ने 25 हजार रुपये की राशि अधिवक्ता कल्याण कोष में जमा कराने का निर्देश दिया।
लोखंडे को 13 मई को गिरफ्तार किया गया। उसने अपनी तत्काल रिहाई की मांग करते हुए दलील दी कि उसे गिरफ्तारी ज्ञापन की प्रति उपलब्ध नहीं कराई गई। उसका कहना था कि गिरफ्तारी से संबंधित आरोपपत्र के पूरे रिकॉर्ड में केवल 13 मई का दो पन्नों का व्यक्तिगत तलाशी ज्ञापन मौजूद है।
उसने 22 अगस्त को निचली अदालत द्वारा गिरफ्तारी ज्ञापन की प्रति उपलब्ध कराने की मांग खारिज किए जाने के आदेश को भी हाईकोर्ट में चुनौती दी। आरोपी का दावा था कि गिरफ्तारी ज्ञापन नहीं होने के कारण उसकी गिरफ्तारी गैरकानूनी है।
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने अदालत को बताया कि लोखंडे को गिरफ्तारी के आधार की जानकारी दी गई और यह जानकारी फोन के जरिए भी उसे बताई गई।
हाईकोर्ट ने इन दलीलों पर विचार करने के बाद आरोपी की याचिका खारिज की और लागत के रूप में 25 हजार रुपये जमा कराने का आदेश दिया।
इस मामले की सुनवाई उन मामलों के लिए गठित विशेष त्वरित अदालत में चल रही है, जो सार्वजनिक परीक्षाओं में प्रश्नपत्र लीक और अन्य अनुचित साधनों के इस्तेमाल से जुड़े आपराधिक मामलों की सुनवाई करती है। स्पेशल जज अजय गुप्ता ने 12 अगस्त को CBI की 13 आरोपियों के खिलाफ दाखिल फाइनल रिपोर्ट का संज्ञान लिया था।
NEET-UG का आयोजन राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी की ओर से मेडिकल कोर्स में एडमिशन के लिए किया जाता है। पेपर लीक के आरोपों के बीच एजेंसी ने 3 मई को आयोजित NEET-UG परीक्षा रद्द की और 21 जून को दोबारा परीक्षा कराई गई।
NEET-UG पेपर लीक विवाद को लेकर देशभर में हुए विरोध प्रदर्शनों के बीच तत्कालीन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बाद में पद से इस्तीफा दे दिया था।


