कोर्ट के आदेश पर निरीक्षण करने पहुंची लोकल कमिश्नर पर कुत्ते छोड़े, दिल्ली हाईकोर्ट ने अवमानना नोटिस जारी किया

  • कोर्ट के आदेश पर निरीक्षण करने पहुंची लोकल कमिश्नर पर कुत्ते छोड़े, दिल्ली हाईकोर्ट ने अवमानना नोटिस जारी किया

    दिल्ली हाईकोर्ट ने कोर्ट द्वारा नियुक्त लोकल कमिश्नर और उनके साथ गए फोटोग्राफर पर कथित तौर पर कुत्ते छोड़ने और कोर्ट के आदेश पर की जा रही कार्रवाई में बाधा डालने के मामले में दो लोगों को अवमानना नोटिस जारी किया।

    जस्टिस अमित बंसल उस याचिका पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें कोर्ट के आदेशों के उल्लंघन और कोर्ट द्वारा नियुक्त कमिशन को पूरा करने में बाधा डालने का आरोप लगाया गया।

    कोर्ट ने 23 जुलाई को नियुक्त की गई लोकल कमिश्नर की रिपोर्ट पर गौर किया। रिपोर्ट में कमिशन की कार्रवाई के दौरान कथित रूप से पैदा की गई बाधा का उल्लेख किया गया।

    रिपोर्ट को देखते हुए हाईकोर्ट ने कहा कि यह गंभीर मामला है, क्योंकि लोकल कमिश्नर के साथ-साथ उनके साथ मौजूद फोटोग्राफर पर भी कथित तौर पर कुत्ते छोड़ दिए गए।

    लोकल कमिश्नर ने दोनों व्यक्तियों प्रवेश लाकड़ा और चंदन शुक्ला की ओर से कथित बाधा डालने से संबंधित तस्वीरें और वीडियो भी रिकॉर्ड पर रखे थे।

    कोर्ट ने कहा कि दोनों को यह जानकारी दिए जाने के बावजूद कि कार्रवाई के दौरान होने वाली किसी भी बाधा को रिकॉर्ड किया जाएगा, उन्होंने कमिशन की कार्रवाई में हस्तक्षेप जारी रखा।

    जस्टिस अमित बंसल ने कहा,

    “लोकल कमिश्नर की रिपोर्ट में सामने आया आचरण गंभीर मुद्दा है और प्रथम दृष्टया यह दिखाता है कि अपीलकर्ताओं ने इस कोर्ट द्वारा नियुक्त कमिशन की कार्रवाई में बाधा डाली है।”

    हाईकोर्ट ने दोनों को अवमानना नोटिस जारी करते हुए पूछा कि उनके खिलाफ कोर्ट की अवमानना अधिनियम के तहत कार्रवाई क्यों न की जाए। कोर्ट ने प्रवेश लाकड़ा और चंदन शुक्ला को चार सप्ताह के भीतर हलफनामा दाखिल कर यह बताने का निर्देश दिया कि कोर्ट के आदेशों के उल्लंघन और जानबूझकर अवज्ञा के लिए उनके खिलाफ कार्रवाई क्यों न शुरू की जाए।

    मामले की अगली सुनवाई 19 नवंबर को होगी। हाईकोर्ट ने दोनों को अगली तारीख पर व्यक्तिगत रूप से अदालत में उपस्थित रहने का निर्देश दिया।

    दरअसल, प्रतिवादी की ओर से आवेदन दाखिल कर अपीलकर्ताओं को विवादित संपत्ति में आगे निर्माण करने या मिट्टी की खुदाई करने से रोकने की मांग की गई। आरोप है कि मार्च 2022 में कोर्ट के आदेश के बावजूद अपीलकर्ता संपत्ति पर निर्माण कार्य जारी रखे हुए।

    इसके बाद हाईकोर्ट ने 23 जुलाई को वकील आकांक्षा बिष्ट को लोकल कमिश्नर नियुक्त किया। उन्हें दक्षिण दिल्ली के महरौली स्थित विवादित संपत्ति का निरीक्षण कर कोर्ट के आदेश के अनुसार कमिशन पूरा करना था।

    कोर्ट ने सभी पक्षों को लोकल कमिश्नर को पूरी सहायता उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। इसी कार्रवाई के दौरान कथित तौर पर बाधा डालने और लोकल कमिश्नर तथा फोटोग्राफर पर कुत्ते छोड़ने की घटना सामने आई, जिसके आधार पर हाईकोर्ट ने अवमानना नोटिस जारी किया।

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