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बकरा मंडी को आवासीय क्षेत्र से बाहर ले जाने के बारे में ग़लत तथ्य पेश करने पर बॉम्बे हाईकोर्ट ने एपीएमसी पर लगाया 25 हज़ार रुपए का जुर्माना

LiveLaw News Network
27 Jun 2020 12:59 PM GMT
बकरा मंडी को आवासीय क्षेत्र से बाहर ले जाने के बारे में ग़लत तथ्य पेश करने पर बॉम्बे हाईकोर्ट ने एपीएमसी पर लगाया 25 हज़ार रुपए का जुर्माना
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बॉम्बे हाईकोर्ट ने बुधवार को कृषि उपज बाज़ार समिति (एपीएमसी) पर बकरा मंडी को वथोडा आवासीय क्षेत्र से कलमना बाज़ार ले जाने के बारे में ग़लत तथ्य देने की वजह से 25,000 हज़ार रुपये का जुर्माना लगाया है।

नागपुर पीठ के न्यायमूर्ति आरके देशपांडे और न्यायमूर्ति अमित बोरकर की खंडपीठ ने वथोडा क्षेत्र के पीड़ित निवासियों की जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया।

इन लोगों ने नागपुर के निगम उपायुक्त के आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी जिसके तहत वथोडा में बकरा मंडी बनाने की अनुमति 4 मई 2020 को दी थी।

इससे पहले हुई सुनवाई में 26 मई को एपीएमसी ने याचिककर्ताओं की याचिका का समर्थन किया था और कहा था कि अदालत निगम उपायुक्त के आदेश को निरस्त कर दे।

अदालत ने कहा,

"कलमना बाज़ार के यार्ड में बकरा मंडी बनाने को लेकर समय के किसी दावे की अनुपस्थिति में हमें लगा कि शायद इस तरह के बाज़ार के लिए शायद सभी तरह की सुविधाएं तैयार हैं और बाज़ार को तत्काल शुरू किया जा सकता है।"

इसलिए एपीएमसी को बकरा मंडी की स्थापना करने का आदेश देते हुए हाईकोर्ट ने पीआईएल का निपटारा कर दिया और कहा कि बकरा मंडी के खुल जाने के बाद निगम उपायुक्त का आदेश वापस माना जाएगा।

लेकिन इसके बाद हुई सुनवाई में यह शिकायत की गई कि न तो एपीएमसी ने बकरा मंडी तैयार की है और न ही एनएमसी ने ही बकरा मंडी को वथोदा से कलमना स्थानांतरित किया है।

एपीएमसी के वक़ील ने कहा कि उस क्षेत्र में पूरी व्यवस्था क़ायम करने में कम से कम चार सप्ताह का समय लगेगा।

इसे बहाना बताते हुए अदालत ने कहा,

"हमारे समक्ष 26.05.2020 को जो हुआ उसे देखते हुए हम इस तरह की बात को समझ नहीं पा रहे हैं और हमें यह बताया गया कि एपीएमसी तुरंत ही बकरा मंडी की स्थापना करने को तैयार है या कम से कम आठ दिन के भीतर ऐसा कर देगा और इस तरह हम यह समझते हैं कि हमें एपीएमसी ने ग़लत तथ्यों से अवगत कराया।

इसलिए कोर्ट में ग़लत तथ्य पेश करने के आरोप में हम एपीएमसी को निर्देश देते हैं कि वह एक सप्ताह के भीतर ₹25,000 जमा कराए।"

आदेश की प्रति डाउनलोड करने के लिए यहां क्लिक करें



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